Meesho Course Class 4 Advanced Keyword Research & Ecommerce SEO | Meesho Order Growth Course — Transcript
Full transcript
- 0:00हेलो दोस्तों, वेलकम बैक। मेरा नाम है
- 0:01विक्रम। उम्मीद है आप सब बहुत बढ़िया
- 0:02होंगे। लास्ट वीडियो में हमने पढ़ा था की
- 0:04वर्ड्स के बारे में, सर्च क्वेरीज़ के बारे
- 0:07में, उससे पहले हमने पढ़ा था एट्रिब्यूट्स
- 0:08के बारे में। उससे पहले हमने पढ़ा था
- 0:10एल्गोरिदम के बारे में, है ना? ये सीरीज़
- 0:12आप लोग कंटिन्यू रख रहे हो बहुत ही अच्छी
- 0:14बात है। जो लोग सीखना चाहते हैं, मन लगा
- 0:16के सीख रहे हैं, बहुत अच्छा है मुझे नोट्स
- 0:18बना के भेज रहे हैं। मैंने लास्ट वीडियो
- 0:20में बताया था कि मेरे को नोट्स बना के
- 0:21दिया करो। अगर आपके नोट्स में कहीं गड़बड़
- 0:23होती है तो मैं आपको बता देता हूं, है ना?
- 0:24बहुत बढ़िया। अच्छा लग रहा है आप लोगों को
- 0:26देख के कि आप लोग सीखने में बहुत अच्छा
- 0:28इंटरेस्टेड हो। ऐसा अकाउंट मैनेजमेंट
- 0:30वगैरह इन सब से आपको पता है कि कुछ होता
- 0:32है नहीं। ये सब फालतू-फालतू की चीजें हैं।
- 0:34बहुत बढ़िया। इस वीडियो में हम बात करेंगे
- 0:36टाइटल के बारे में। इंडेक्सर किस तरीके से
- 0:38आपके लिस्टिंग पे विजिट करता है और किस
- 0:40तरीके से आपकी लिस्टिंग रैंक होती है। है
- 0:42ना? इन सब टॉपिक्स पे हम इस वीडियो में
- 0:43बात करेंगे। वीडियो में आगे बढ़ने से पहले
- 0:45अगर आप हमारे चैनल मेंबर अभी तक नहीं बने
- 0:47हैं, तो जॉइन पे दबा के आप हमारे चैनल
- 0:49मेंबर बन सकते हैं। और जितने भी हमारे
- 0:51चैनल मेंबर हैं, आप सब लोग प्रियंका को एक
- 0:53बार बता देना, मैसेज कर देना कि आप लोग
- 0:55चैनल मेंबर बन चुके हो। जिससे कि जब भी
- 0:57मैं Google मीट पे डाउट क्लियर करूंगा जो
- 0:59कि मैं सिर्फ चैनल मेंबर्स के लिए ही रखता
- 1:01हूं। उस समय पे मैं आपको Google मीट का
- 1:03लिंक भेज दूंगा। शेयर कर दूंगा लिंक आपके
- 1:06साथ और आप Google मीट जॉइ करके अपने
- 1:07डाउट्स को क्लियर कर सकते हो। और हम लोगों
- 1:09के रिकॉर्डेड कोर्स भी अब लॉन्च हो चुके
- 1:11हैं। और लाइव अगर आप पढ़ना चाहते हो,
- 1:13सीखना चाहते हो, कुछ ऐसा सीखना चाहते हो
- 1:15ना अगर आप कि आपने आज से पहले वह कहीं
- 1:18सुना ही ना हो। किसी के कान से भी आपको वह
- 1:20बात पता ना चला हो तो वह आपको सीखने के
- 1:23लिए मिलेगा। हमारे जो कोर्सर्सेस हैं
- 1:24उसमें कोई भी ऐसा कंटेंट आपको नहीं मिलता
- 1:26है जो कि पहले से YouTube पे पड़ा हुआ हो
- 1:28या कोई बेसिक लेवल का कंटेंट लिस्टिंग
- 1:30कैसे करते हैं ये सब चीज़ ये सब चीजें हम
- 1:32सिखाते ही नहीं है। हमारे जो कोर्सर्सेस
- 1:34बने हुए हैं वो मेनली ग्रोथ के बने हुए
- 1:36हैं। भले ही रिकॉर्डेड कोर्स में आप जॉइ
- 1:37करोगे तब भी ग्रोथ के कोर्सर्सेस मिलेंगे
- 1:39और लाइव में भी। बस फर्क इतना होगा कि
- 1:42लाइव कोर्स के दौरान आप मेरे से बात कर
- 1:44सकते हो। रिकॉर्डेड में आप मेरे से बात
- 1:46नहीं कर सकते। बस इतना ही फर्क है। ठीक
- 1:48है? चलो वीडियो में आगे बढ़ते हैं और अब
- 1:50बात करते हैं टाइटल के बारे में। देखो
- 1:52होता क्या है कि मैंने आपको याद होगा
- 1:54वीडियो में बताया था कि इंडेक्सर आपके
- 1:55लिस्टिंग को इंडेक्स करने में हेल्प कराता
- 1:57है। जब भी आप एक नई लिस्टिंग करते हो सही
- 1:59एट्रिब्यूट्स फिल करके और जो कीवर्ड की
- 2:01क्लास मैंने आपको दी थी लास्ट वाली उस
- 2:03कीवर्ड के हिसाब से अगर आप लिस्टिंग करते
- 2:05हो लॉन्ग टेल कीवर्ड पे शॉर्ट टेल कीवर्ड
- 2:07पे किसी भी तरीके के कीवर्ड्स पे तो आपकी
- 2:09लिस्टिंग सबसे पहले सबमिट कसी पास में
- 2:10जाती है और क्यूसी पास होने के बाद आपकी
- 2:12जो लिस्टिंग है वो जाती है Meesho के
- 2:14कस्टमर पैनल पे Meesho ऐप पे अब वो कहां
- 2:17पे है? किस कीवर्ड पे रैंक कर रही है?
- 2:20इसका कोई भी डाटा अभी नहीं होता है।
- 2:22क्यों? उसके पीछे के कुछ रीज़न है। सपोज़
- 2:24करो अभी आपने एक नया प्रोडक्ट ल्च किया
- 2:26है। अभी Meesho को खुद नहीं पता है उस
- 2:28प्रोडक्ट को कहां रैंक कराना है। मेरी बात
- 2:30समझ पा रहे हो? ऐसे मान के चलो आप इसको कि
- 2:32आप किसी व्यक्ति से मिले। पहली बार मिले।
- 2:34अब आपको पता ही नहीं है उस व्यक्ति के
- 2:36बारे में। उसका नाम क्या है? कहां से है?
- 2:38क्या स्वभाव है उस व्यक्ति का? कितना
- 2:40फाइनेंशियली स्ट्रांग है वो? कितना
- 2:42पावरफुल आदमी है? नशेबाज कितना है? कुछ
- 2:44नहीं पता ना आपको उसके बारे में। उसी
- 2:46तरीके से जब आप एक प्रोडक्ट लिस्ट करते हो
- 2:48तो एल्गोरििदम को और इंडेक्सर को कुछ पता
- 2:50नहीं होता है। तो इंडेक्सर क्या काम करता
- 2:52है? आपके एट्रिब्यूट्स जो होते हैं कुछ
- 2:54इंफॉर्मेशनेशन वहां से उठाने की कोशिश
- 2:56करता है। बट इंडेक्सर जो एट्रिब्यूट से
- 2:58इनेशन उठाता है वो वहां पे उसको रैंक नहीं
- 3:00करा पाएगा। क्योंकि वहां पे जो लिस्टिंग
- 3:02ऑलरेडी बैठी हुई है उसका कन्वर्ज़ ऑलरेडी
- 3:04चल रहा होगा। तो वो डायरेक्ट लिस्टिंग को
- 3:06वहां पे ऐसे रैंक नहीं कराता। इसलिए वो उस
- 3:08लिस्टिंग को भेजता है सबसे पहले न्यू
- 3:10अराइवल में। न्यू अराइवल में वो लिस्टिंग
- 3:12जाती है। न्यू अराइवल में वो लिस्टिंग
- 3:13जाने के बाद एल्गोरििदम वेट करता है उसके
- 3:16सीटीआर का। सीटीआर का मतलब होता है क्लिक
- 3:18थ्रू रेट। कितने कस्टमर उस लिस्टिंग पे
- 3:21देख रहे हैं और और कितने कस्टमर उस
- 3:23लिस्टिंग पे क्लिक कर रहे हैं। अगर कस्टमर
- 3:25सिर्फ उस लिस्टिंग को देख रहा है और क्लिक
- 3:27नहीं कर रहा है तो उसका क्लिक थ्रू रेट
- 3:29गिर जाएगा और वो जो लिस्टिंग है वो डेड हो
- 3:31[गला साफ़ करने की आवाज़] जाएगी। सेलर
- 3:32क्या काम करता है? सेलर सोचता है कि मैं
- 3:33एडवरटाइजमेंट में स्पेंड करना स्टार्ट कर
- 3:35दूंगा जिससे मेरे को ऑर्डर में ग्रोथ मिल
- 3:37जाएगी। भाई जब तेरी लिस्टिंग पे पहले
- 3:39कस्टमर ने देखा था व्यूज आए थे क्लिक आए
- 3:42नहीं उस पे तू एडवर्टाइजमेंट में जो
- 3:44स्पेंड करेगा वहां से ही तेरे पास कौन सी
- 3:45ऐसी गारंटी है कि वहां पे कस्टमर तेरे को
- 3:47क्लिक करेगा। अब तू मरे हुए इंसान को घी
- 3:50खिला या चमनप्राश खिला क्या मतलब निकलता
- 3:52है उस बात से कोई फायदा नहीं होगा ना तो
- 3:54लिस्टिंग जो बनती है वो हमारी दो चीजें
- 3:56उसमें बहुत इंपॉर्टेंट होती हैं। एक
- 3:58इंडेक्सर को ये बताने के लिए कि भ मेरे को
- 4:01ऐसे हर किसी कीवर्ड पे रैंक नहीं करना।
- 4:03मेरे कुछ पर्टिकुलर कीवर्ड्स हैं। उस पे
- 4:05मेरे को रैंक कराना है। उसमें आपके
- 4:07एट्रिब्यूट्स [गला साफ़ करने की आवाज़] और
- 4:08टाइटल सबसे ज्यादा जरूरी होता है। जो आपके
- 4:10प्राइमरी कीवर्ड्स होते हैं वो आपके टाइटल
- 4:13में लगाने चाहिए आपको। ठीक है? टाइटल
- 4:15उन्हीं प्राइमरी कीवर्ड से बनाना चाहिए।
- 4:17और दूसरा होता है आपके एट्रिब्यूट्स। जहां
- 4:19से वो इंडेक्सर इनिशियल लेवल पे एक इनेशन
- 4:22फैच करता है लिस्टिंग की। कॉपी उसकी भेजता
- 4:24है। अपने पास स्टोर करता है और आगे कस्टमर
- 4:26को दिखाता है। तो अब यहां पे दो चीजें आ
- 4:28जाती हैं। एक होती है इंडेक्सिंग एक होती
- 4:30है रैंकिंग। तो इंडेक्सिंग अगर आपकी
- 4:32लिस्टिंग की सही जगह पे हुई तो रैंकिंग भी
- 4:36आपकी उस पर्टिकुलर सही कीवर्ड पे होगी।
- 4:38अगर आपकी इंडेक्सिंग ही सही जगह पे नहीं
- 4:39हुई तो उसकी रैंकिंग कहां से सही जगह पे
- 4:41हो जाएगी? फिर आप एडवरटाइजमेंट में स्पेंड
- 4:43करते चले जाना। कितना भी पैसा लगा लेना
- 4:45उसका तो कोई रिजल्ट निकलता ही नहीं है।
- 4:47ऐसे-ऐसे सेलर हमारे कोर्सेज में पढ़ रहे
- 4:48हैं जो लोग 10 ₹1 लाख ऐड में लगा चुके
- 4:51हैं। अब जाके उनके अकाउंट ग्रो हो रहे
- 4:53हैं। जब से वो क्लासेस में आए हैं उन्हें
- 4:55पढ़ा। उन्हें पढ़ने में 6 महीना लग गया।
- 4:57भाई उनको सीखने में 6 महीना लग गया।
- 4:59ऑलरेडी बंदा Meesho पे बिज़नेस कर रहा था।
- 5:015 साल से काम कर रहे थे। ऐसे-ऐसे सेलर आते
- 5:03हैं हमारे पास जो 5- 5 4 साल से काम कर
- 5:06रहे हैं। और उनको लगता है उनको सब कुछ आता
- 5:08है। और जब वो हमारी क्लासेस में आते हैं
- 5:10तब उनको पता लगता है कि मैं तो ज़ीरो हूं।
- 5:12मुझे तो कुछ आता ही नहीं है। अब जो मैं
- 5:14आपको इंफॉर्मेशन बता रहा हूं जो हमारी
- 5:15लास्ट वीडियोज़ भी आपने देखी होंगी। वो सब
- 5:17इंफॉर्मेशन अब आपके पास थी थोड़ी ना। आपको
- 5:19मालूम थोड़ी ना था कि ये सब एल्गोरिदम इस
- 5:21तरीके से काम करता है। ई-कॉमर्स है भाई।
- 5:24ये किसी की बनिए की दुकान नहीं है ना। ने
- 5:25जाके शटर का ताला लगा दिया और शटर का ताला
- 5:27उठा लिया और कस्टमर का इंतजार कर रहे हो
- 5:29आने का। ऐसे नहीं होता।
- 5:32तो इंडेक्सर आपकी लिस्टिंग को इंडेक्स
- 5:35करेगा। उसको रैंक कराएगा। कहां से कराएगा?
- 5:37आपके एट्रिब्यूट से और टाइटल से। तो
- 5:39इसीलिए आज हम इस वीडियो में बात करेंगे
- 5:41टाइटल की। क्योंकि टाइटल जो है वो
- 5:42लिस्टिंग बनाते समय पे होता है। टाइटल
- 5:45यानी कि आपका प्रोडक्ट नेम। टाइटल वो चीज
- 5:47है जो सबसे पहले डिसाइड करता है कि आपका
- 5:49प्रोडक्ट किस कीवर्ड पे रैंक कराना है,
- 5:51कहां दिखाना है, उसको कहां नहीं दिखाना।
- 5:52अगर आपका टाइटल ही गलत होगा तो आपकी पूरी
- 5:55इंडेक्सिंग और रैंकिंग दोनों ही चीजें गलत
- 5:57होंगी। जहां से ना ही आपका सीटीआर बढ़ेगा
- 5:59और ना ही आपका सीवीआर बढ़ेगा। यानी कि
- 6:01कन्वर्ज़ रेशियो आपका बढ़ेगा। तो टाइटल
- 6:03सबसे ज्यादा जरूरी होता है। टाइटल में
- 6:05नॉर्मली हम लोग प्राइमरी कीवर्ड्स को
- 6:07टारगेट करते हैं। ज्यादा बड़ा टाइटल नहीं
- 6:09बनाया जाता और ज्यादा स्पैमी टाइटल नहीं
- 6:11बनाना चाहिए। सिंपल टाइटल बनाना चाहिए।
- 6:13टाइटल का एक फ़ूला है। मेन कीवर्ड करोगे।
- 6:16मेन कीवर्ड के साथ एट्रिब्यूट्स के कीवर्ड
- 6:18लगाओगे। उसके बाद कोई ओकेशन है या किस
- 6:20पर्पस के लिए वह यूजर है वह करोगे और उसके
- 6:23साथ में किस जेंडर के लिए है या फिर किस
- 6:25कस्टमर मेल के लिए है फीमेल के लिए है
- 6:28वुमस के लिए है गर्ल्स के लिए है बॉयज के
- 6:30लिए है या मैनस के लिए है किसके लिए है
- 6:33स्क्रीन पे आपको टाइटल लिखा दिख रहा होगा
- 6:35वुमेन कॉटन प्रिंटेड ए लाइन ऑफिस वियर तो
- 6:38यहां पे हमने जो कुर्ती थी वो वूमेन के
- 6:39लिए थी फैब्रिक जो था वो कॉटन था प्रिंटेड
- 6:41थी ए लाइन था ठीक है ये सब इनेशन हमने
- 6:43उसको बताई और यह भी बताया कि ये जो कुर्ती
- 6:45है ये ऑफिस वियर के लिए है अब कस्टमर अगर
- 6:47आके सर्च करता है कि उसको ऑफिस वियर
- 6:49कुर्ती चाहिए तो हमारा प्रोडक्ट
- 6:50एल्गोरििदम कोशिश करेगा कि कस्टमर को
- 6:52दिखाने की। समझ रहे हो? इस तरीके से
- 6:54टाइटल्स को बनाया जाता है। कॉम्बिनेशंस
- 6:56बनाए जाते हैं। एक टाइटल के अंदर आपके
- 6:58मल्टीपल कीवर्ड्स लगते हैं। कम से कम अगर
- 7:00आप एडवांस लेवल के टाइटल की बात करोगे तो
- 7:02एडवांस लेवल के टाइटल के अंदर लगभग 25 से
- 7:0530 कीवर्ड आपके 35 कीवर्ड आपके
- 7:07[गला साफ़ करने की आवाज़] टाइटल के अंदर
- 7:07ही आ जाते हैं। और वो भी स्टफिंग नहीं
- 7:09होती है। देखो टाइटल के अंदर आप एक ही
- 7:11वर्ड को मल्टीपल टाइम्स नहीं लिख सकते।
- 7:13नॉर्मली Amazon में अगर आप टाइटल बना रहे
- 7:15हो, Amazon का प्रोडक्ट नेम बना रहे हो तो
- 7:17वहां पे आप किसी भी सिंगल वर्ड को तीन बार
- 7:19लिख सकते हो। तीन से ज्यादा बार आप नहीं
- 7:21लिख सकते। और तीन ही बार हम Meesho में
- 7:22लिखने के लिए बोलते हैं कि किसी भी वर्ड
- 7:24को आप तीन बार लिखो या दो ही बार लिखो।
- 7:26अगर किसी भी वर्ड को आप उससे ज्यादा बार
- 7:28लिखोगे तो वो आ जाएगा ओवरस्टफिंग। और आपकी
- 7:30जो लिस्टिंग है वो एल्गोरिदम खुद से उसकी
- 7:32विज़िबिलिटी कम करना स्टार्ट कर देगा। तो
- 7:34आपका टाइटल ऐसा होना चाहिए जो स्क्रीन पे
- 7:36आपको टाइटल दिख रहा होगा। ये बहुत ही
- 7:37बेसिक लेवल का टाइटल है। मगर इसके अंदर भी
- 7:39आप नोटिस करोगे तो प्रिंटेड वुमेन कॉटन, ए
- 7:42लाइन और ऑफिस वियर अलग-अलग कीवर्ड्स इसके
- 7:44अंदर लगे हैं। अब ये जो कीवर्ड्स हैं ये
- 7:46अपने कॉम्बिनेशंस भी क्रिएट करेंगे आने
- 7:48वाले टाइम में। जैसे-जैसे लिस्टिंग पुरानी
- 7:49होगी उसकी ऑथॉरिटी बिल्ड होगी। एल्गोरिदम
- 7:51समझ जाएगा कि उसको इस प्रोडक्ट को किस
- 7:53कस्टमर को दिखाना है, कहां पे दिखाना है,
- 7:55कौन से एरिया में दिखाना है। याद है मैंने
- 7:57पहली वीडियो में बताया था कि एरिया पे भी
- 7:58बहुत मैटर करता है। पिन कोड्स भी मैटर
- 8:00करते हैं। ऐसा नहीं कि हर पिन कोड पे आपकी
- 8:02लिस्टिंग दिखती है। जिस पिन कोड से ज्यादा
- 8:03ऑर्डर आने के चांसेस दिख लगते हैं वो उसी
- 8:05पिन कोड पे आपकी लिस्टिंग को दिखाता है।
- 8:07इसीलिए किसी के अकाउंट में साउथ इंडिया से
- 8:09ज्यादा ऑर्डर आता है। किसी के अकाउंट में
- 8:10यूपी से ज्यादा ऑर्डर आता है। किसी के में
- 8:12पंजाब से ऑर्डर आता होगा। आपने ये चीज़
- 8:14नोटिस करी होगी वैसे। है ना? बट रुको यहां
- 8:16पे भी एक ट्रैप है टाइटल लिखने में। ये तो
- 8:18मतलब बहुत बेसिक से भी बेसिक लेवल का
- 8:20टाइटल है। ये मतलब एक मैंने आपको बताने के
- 8:22लिए एक आईडिया के लिए बनाया है। शब्दों का
- 8:24चुनाव जो होता है ना टाइटल लिखते समय पे
- 8:26वो बहुत इंपॉर्टेंट होता है कि कौन सा
- 8:28शब्द पहले आएगा? कौन सा शब्द बाद में
- 8:29आएगा। कॉटन को पहले लगाना है या बाद में
- 8:31लगाना है। कलर को कहां पे लगाना है?
- 8:33फैब्रिक कहां पे लगेगा? ये भी बहुत मैटर
- 8:35करता है। जब भी आप टाइटल लिखने की कोशिश
- 8:37करोगे तो सबसे पहले आप कलर और फैब्रिक से
- 8:40ही शुरुआत करोगे। ऐसे पिंक, कॉटन, कुर्ती।
- 8:43समझ गए? इस तरीके से आपके टाइटल होना
- 8:46चाहिए। अगर इस तरीके से आपका टाइटल नहीं
- 8:48होगा तो चांसेस लो होंगे कि आपका जो
- 8:50प्रोडक्ट है वो मल्टीपल कीवर्ड्स पे रैंक
- 8:52करे। अगर पिंक आप बताओगे तो पिंक कलर के
- 8:54टाइटल में आपकी लिस्टिंग तुरंत जाके रैंक
- 8:55करेगी। भले ही वो चौथे पेज पे रैंक करे या
- 8:58पांचवें पे रैंक करे। रैंकिंग जरूर आएगी।
- 9:00कॉटन बताओगे तो कॉटन एक बड़ा कीवर्ड है
- 9:02जहां पे लिस्टिंग का रैंक करना पॉसिबल
- 9:03नहीं है। एकदम हो सकता है आपकी लिस्टिंग
- 9:05वहां पे रैंक ना करे। बट जैसे ही आप बता
- 9:07दोगे पिंक या फिर ऑफिस वियर या फिर ए
- 9:09लाइन। यह एक ऐसी छोटी टर्म है जो हमने
- 9:11पिछली वीडियो में बात करी थी कि पैरेंट
- 9:13कीवर्ड के बाद यह उसके चाइल्ड कीवर्ड हैं
- 9:14और यह चाइल्ड कीवर्ड जो हैं यह भी लो
- 9:16वॉल्यूम के कीवर्ड हैं। अगर आप इसी कीवर्ड
- 9:18को लॉन्ग टेल में बना दोगे तो आपकी
- 9:20लिस्टिंग उस पेज पे फर्स्ट पेज पे रैंक कर
- 9:22रही होगी। यही पावर है एक अच्छे टाइटल
- 9:25लिखने की। जब मैं YouTube लाइव में अकाउंट
- 9:27चेक करता हूं तब मैं देखता हूं कुछ बंदे
- 9:28हैशटैग लगा के टाइटल में कीवर्ड डालने की
- 9:31कोशिश करते हैं या फिर कुछ ऐसे लिख देते
- 9:32हैं। कुर्ती, कॉटन कुर्ती, ब्यूटीफुल
- 9:35कुर्ती, न्यू कुर्ती। ये सब आलतू-फालतू
- 9:37चीजें हैं। एल्गोरिदम इतना स्मार्ट है।
- 9:39आपके दिमाग से ज्यादा स्मार्ट है यार वो
- 9:41चीज। आप मशीन को पागल नहीं बना सकते हो।
- 9:43इंसान को पागल बना सकते हो। ठीक है?
- 9:45कुछ-कुछ एजेंसीज वाले भी इस तरीके से काम
- 9:47करते हैं। तो आप लोग भी इस तरीके से काम
- 9:49मत करो। टाइटल लिखने का एक सही तरीका होता
- 9:51है कि किसी भी कीवर्ड को दो या तीन बार से
- 9:53ज्यादा रिपीट नहीं करोगे। कोई भी वर्ड
- 9:56फ्लो में चलेगा। ऐसे नहीं होगा कि बीच में
- 9:58से उठा के कुछ भी कहीं पे भी आपने विद डाल
- 10:00दिया, कहीं पे भी टू डाल दिया। आपका एक
- 10:03कीवर्ड दूसरे कीवर्ड को कनेक्ट करता हुआ
- 10:05चलना चाहिए। उस केस में आप मल्टीपल
- 10:07कीवर्ड्स उस लिस्टिंग के अंदर उस प्रोडक्ट
- 10:08टाइटल के अंदर लगा सकते हो। अब यह तो बात
- 10:11हो गई अब इंडेक्सिंग और रैंकिंग की। अब
- 10:13बात आ जाती है सीटीआर की क्लिक थ्रू रेट।
- 10:15क्लिक थ्रू रेट के लिए आपकी लिस्टिंग के
- 10:17अंदर सबसे अच्छी फोटोग्राफी आपकी होनी
- 10:18चाहिए। अगर आपकी इमेज बहुत अच्छी है। अगर
- 10:21आपकी इमेज कस्टमर का थंब रोक पा रही है,
- 10:23तभी आप इस तरीके की ऑप्टिमाइज लिस्टिंग पे
- 10:26काम करना। अगर आप ये सोच रहे हो कि आपने
- 10:28अपनी लिस्टिंग को ऑप्टिमाइज कर दिया और
- 10:29जिससे आपको ऑर्डर आ जाएगा तो ये संभव नहीं
- 10:31है। ऐसा एक्चुअल में नहीं होता है।
- 10:33प्रैक्टिकली सोच के देखो। मैं एक लिस्टिंग
- 10:36ऑप्टिमाइज कर दी मैंने तो मैं अपनी
- 10:37लिस्टिंग सिर्फ कस्टमर को दिखा सकता हूं।
- 10:39बट उस पे क्लिक नहीं करा सकता। क्लिक करने
- 10:41की जो पावर होती है वो होती है कस्टमर के
- 10:43हाथ में। और क्लिक अगर कस्टमर करता है तो
- 10:46वो किस चीज से देख के करता है? वो देख के
- 10:48करता है वो इमेज। जैसे YouTube की वीडियो
- 10:50में अंदर क्या है? यह आपको थोड़ी ना पता
- 10:51होता है। आप एक थंबनेल देखते हो YouTube
- 10:53का और उस थंबनेल को देख के क्लिक करते हो।
- 10:55अपने माइंड में सोचते हो कि यार यह वीडियो
- 10:57इस टॉपिक पे होगी। कहीं से आप हल्का सा
- 10:59टाइटल पढ़ लेते हो उसका। नॉर्मली बंदे
- 11:01टाइटल कम पढ़ते हैं। इमेजज़ ग्राफिक्स पे
- 11:03ही आदमी की निगाह ज्यादा जाती है। तो जब
- 11:05ग्राफिक्स पे आदमी की निगाह आ जाती है तो
- 11:07आपकी जो इमेज है, जिस भी कीवर्ड को आप
- 11:09टारगेट करने वाले हो, उसमें एबी इमेज की
- 11:12टेस्टिंग जरूर करें। मतलब मल्टीपल इमेजज़
- 11:14बना के रखो। कौन सी इमेज आपके लिए अच्छा
- 11:16परफॉर्म कर रही है उस इमेज को कंटिन्यू
- 11:18रखो। कई बार ऐसा हो जाता है कि वो इमेज
- 11:20आपको तो बहुत अच्छी लग रही है। आपके
- 11:22दोस्तों को भी बहुत अच्छी लग रही है। बट
- 11:23उस इमेज पे कन्वर्ज़ नहीं निकलता। और वो
- 11:25इमेज एक्चुअल में अच्छी होती है बट
- 11:27कन्वर्ज़ नहीं निकालती। तो उस उस केस में
- 11:29आप ये सोचते हो कि यार मेरी तो
- 11:30ऑप्टिमाइजेशन काम नहीं कर रही। एल्गोरििदम
- 11:32ने आपको मौका दिया था। आप कि आपकी
- 11:34लिस्टिंग को उसने रैंक कराया था। बट क्लिक
- 11:36थ्रू डेट सीटीआर आपका कम रहा। कस्टमर ने
- 11:38क्लिक ही नहीं किया। तो एल्गोरिदम आपको
- 11:39बिठा नहीं सकता ना ज्यादा लंबे समय तक। ये
- 11:41तो आप भी सोचो।
- 11:43भाई Meesho को तो सबको मौका देना है ना या
- 11:45Amazon या Flipkart उनको तो सबको मौका
- 11:46देना है। तो आपकी इमेज बहुत मैटर करती है।
- 11:49कोशिश करो कि मल्टीपल इमेजज़ अपनी बनाओ और
- 11:52टाइम के साथ इमेजज़ चेंज करके देखो कि कौन
- 11:55सी इमेज आपके लिए बेहतर काम कर रही है। कई
- 11:58बार एक बेकार सी फोटो भी बहुत अच्छा काम
- 12:00कर जाती है जो प्लेन वाइट बैकग्राउंड होती
- 12:02है और कई बार एक बहुत अच्छी लाइफस्टाइल
- 12:04फोटो भी अच्छा रिजल्ट नहीं निकाल पाती।
- 12:06अगर आप एआई से फोटो बना रहे हो, जेमिनाई
- 12:08वगैरह से फोटो बना रहे हो तो कोशिश करो
- 12:09जिस तरीके का आपका प्रोडक्ट है अगर आप
- 12:11कुर्ता पजामा सेल कर रहे हो तो इंडियन
- 12:13आदमी को पकड़ो ना। आपका कस्टमर कौन है?
- 12:15इंडियन है। अगर आपके अकाउंट में ऑर्डर आ
- 12:18रहा है साउथ इंडिया से ज्यादा। तो कोशिश
- 12:20करो डस्की टोन डार्क स्किन टोन वाले
- 12:22मॉडल्स का यूज़ करो। गोरी चमड़ी दिखा के
- 12:25ब्रो कुछ नहीं होगा। समझो बात। बहुत
- 12:27फ्रैंक बोल रहा हूं। जो बड़ी ब्रांड्स
- 12:29होती हैं। आप किसी भी ब्रांड का नाम ले
- 12:32लेना। HNM ले लो, डीकैथोलॉन ले लो। कोई भी
- 12:34ब्रांड आप देख लो उनके स्टोर्स आप जाके एक
- 12:37बार विजिट करना। वहां पे आपको डस्की डार्क
- 12:39स्किन टोन वाले मॉडल्स भी मिलते हैं।
- 12:41कलेक्शन पे मैटर करता है। कौन सा कलेक्शन
- 12:44डस्की डार्क स्किन टोन पे अच्छा चलता है
- 12:46और कौन सा कलेक्शन फेयर स्किन टोन पे मैटर
- 12:48करता है। मगर इंडिया में जो मेंटालिटी है
- 12:50लोगों की वो यह है कि अगर सुंदर गोरी
- 12:53स्किन है तो बस सब कुछ वहीं चलता है। बट
- 12:55एक्चुअली में कस्टमर का माइंडसेट उस तरीके
- 12:57का नहीं है। अगर कस्टमर खुद सांवला है जो
- 13:00कि साउथ इंडिया में लोग थोड़े से सांवले
- 13:02हैं। हो सकते हैं। मैं ये भी नहीं कहूंगा
- 13:04भाई कह ही नहीं सकता। ठीक है? अगर है इस
- 13:07तरीके का कुछ भी तो आप उसी तरीके की इमेज
- 13:10बनाओ ना। आप क्यों उसमें बना के दिखा रहे
- 13:12हो एकदम फेयर स्किन टोन जो कस्टमर है आपकी
- 13:14उसकी है ही नहीं स्किन टोन फेयर उतनी
- 13:16ज्यादा। तो जिस तरीके की उसकी स्किन टोन
- 13:18है उसी तरीके से आप कनेक्ट करने की कोशिश
- 13:20करोगे तो ट्रस्ट मी कस्टमर आपकी लिस्टिंग
- 13:22पे ज्यादा क्लिक करेगा। यकीन मानना अगर आप
- 13:25बेडशीट वगैरह सेल कर रहे हो तो इतना
- 13:27हाई-फाई रूम दिखा रहे हो आप। कस्टमर के घर
- 13:28में वैसा रूम ही नहीं है ना। कोशिश करो
- 13:31कस्टमर के नजदीक पहुंचने की यार। इमोशनली
- 13:34कनेक्ट करना होता है चीजों से। जैसे अगर
- 13:36आप कोई पूजा पाठ से चीजें रिलेटेड कर रहे
- 13:38हो या कोई आप जैसे बुर्खा या कुछ इस तरीके
- 13:43के प्रोडक्ट सेल कर रहे हो तो आपकी जो
- 13:44इमेज है ना वो कस्टमर से इमोशनली कनेक्ट
- 13:47हो। आपका सीटीआर बढ़ेगा और प्रोडक्ट पे जब
- 13:50आप कस्टमर आपके आएगा और बाकी की इमेजज़
- 13:53देखेगा। वहां से आपका कन्वर्ज़ बढ़ेगा।
- 13:55प्रोडक्ट नेम पढ़ेगा। अगर पीसी वगैरह पे
- 13:57होगा तो प्रोडक्ट नेम पढ़ेगा। बाकी सब
- 13:59चीजें पढ़ेगा। तो वहां से आपका कन्वर्ज़ हाई
- 14:01आएगा। ये गलती आप बहुत ज्यादा लोग कर रहे
- 14:03हो कि आप अपनी मर्जी से कुछ भी फोटो बना
- 14:05दे रहे हो। यह 90 क्या मैं बोलूंगा 99%
- 14:08सेलर यही गलती करता है। आजकल सबके हाथ में
- 14:11फोटो बनाने की पावर है। हर कोई अपने आप को
- 14:14फोटोग्राफर समझ रहा है। बट एक्चुअली में
- 14:16ऐसा नहीं होना चाहिए। अब आपको समझ में आ
- 14:18गया होगा कि आपका जो कस्टमर है आपको उसके
- 14:19हिसाब से फोटो बनानी है। प्रोडक्ट आपको
- 14:22नहीं खरीद। प्रोडक्ट आपको बेचना है और जो
- 14:24आपका कस्टमर खरीदने वाला है उसके हिसाब से
- 14:26फोटो बनाओ कि वो कस्टमर के साथ कनेक्ट कर
- 14:28पाए। यह चीज हम ऑलरेडी ट्राई करके देख
- 14:31चुके हैं और काफी साल से ट्राई कर रहे
- 14:33हैं। तभी मैं यह बात आपको बता रहा हूं।
- 14:35कुछ बंदों को ऑलरेडी मालूम भी होगा कि मैं
- 14:37पहले फैशन फोटोग्राफर था ई-कॉमर्स कंपनीज़
- 14:40के अंदर ही। तो मेरे को इन सब चीजों की
- 14:42बहुत स्ट्रांग नॉलेज है। ई-कॉमर्स कंपनी
- 14:44भी कई बार डस्की टोन, डार्क स्किन टोन
- 14:46मॉडल्स पे काम करती है। कलेक्शन पे मैटर
- 14:48करता है। अगर आप सेल कर रहे हो कुछ इस
- 14:50तरीके का प्रोडक्ट जो डार्क स्किन टोन पे
- 14:52अच्छा चलेगा तो उसको डार्क स्किन टोन पे
- 14:54ही करो और फेयर वाला फेयर। बाकी टाइटल को
- 14:56अपने ठीक करो। जैसे मैंने आपको बताया है
- 14:58बेसिक लेवल में आप अगर ऐसा भी लिख सकते हो
- 15:00तो ऐसा टाइटल भी लिख लो। अगर इससे ज्यादा
- 15:02आपको एडवांस लेवल में सीखना है और अच्छे
- 15:04तरीके से सीखना है तो आप हमारे बेसिक के
- 15:06कोर्सर्सेस या एडवांस के कोर्सेज ले सकते
- 15:08हो। लाइव और रिकॉर्डेड दोनों अवेलेबल है।
- 15:11दोनों आपको मिल जाएंगे। अब आप सोच रहे
- 15:12होंगे मैं यहां पे वो सब चीजें क्यों नहीं
- 15:14सिखा सकता? भाई बंदर के हाथ में माचिस की
- 15:16तिल्ली नहीं दी जाती। वो दुनिया जला देगा।
- 15:18आप समझ रहे हो? जो लोग पढ़ेंगे नहीं, उसको
- 15:20इंप्लीमेंट नहीं करेंगे ना अपने अकाउंट
- 15:22में भी, वो मैनेजमेंट में जब जाएंगे, तो
- 15:25वह वहां पे अलग ही दुनिया में आलतू-फालतू
- 15:27बातें गा रहे होंगे। तो, बहुत सारी चीजें
- 15:29ऐसी है जो एक अलग ऑडियंस को दी जाती हैं।
- 15:32समझ रहे हो? हर किसी के लिए सब कुछ नहीं।
- 15:34अगर अमृत पान वाले की दुकान पे बिकने
- 15:36लगेगा, तो अमृत की वैल्यू पान जितनी ही हो
- 15:38जाएगी, वो अमृत नहीं बचेगा। ठीक है? और
- 15:41अगर आपके माइंड में ऐसा कोई शक है कि
- 15:42हमारी जो क्लासेस होंगी वो बाकी आपने पहले
- 15:45पता नहीं किसी भी क्रिएटर की क्लासेस जॉइ
- 15:47करी हो कोई कोर्स ज्वाइन करा हो और
- 15:49उन्होंने अगर आपको वही कंटेंट उठा के
- 15:51चिपका दिया जो कॉनेंट वो YouTube में पढ़ा
- 15:53रहे थे या जो अकाउंट कैसे बनाते हैं
- 15:56लिस्टिंग कैसे करते हैं वो सब कंटेंट
- 15:58हमारे पास होता ही नहीं है। उस कंटेंट पे
- 16:00तो मैंने आज तक वीडियो भी नहीं बनाई। तो
- 16:03मैं क्लासेस में तो कहां पढ़ाऊंगा उसको।
- 16:04हमारी क्लासेस बहुत एडवांस लेवल की होती
- 16:07हैं। हमारी क्लासेस सीखने के लिए कम से कम
- 16:09आपको हमारे ही कोर्स को दो बार पढ़ना
- 16:12पड़ेगा।
- 16:14दो बार अगर आप हमारे ही कोर्स को नहीं
- 16:16पढ़ोगे ना तो आप वो चीजें सीख ही नहीं
- 16:19पाओगे। लाइव क्लास में भी बंदे को कम से
- 16:21कम दो बार तीन-तीन बार पढ़ना पड़ता है
- 16:24हमारे कोर्स को सीखने के बाद। बट जब एक
- 16:26स्टूडेंट हमारे कोर्स को सही से पढ़ के
- 16:28सीख के ट्रेंड हो जाता है ना तो उसकी
- 16:30टक्कर का दूसरा बंदा होता नहीं है उसके
- 16:31एरिया में। मतलब उससे आप ई कॉमर्स से
- 16:34रिलेटेड कोई भी सवाल पूछो अलग लेवल का
- 16:37जवाब मिलेगा। अलग लेवल की स्ट्रेटजी
- 16:39मिलेंग उसके माइंड में तो यह फर्क है एक
- 16:42अच्छी लर्निंग में और एक चेपाचापी वाले
- 16:45उसमें। ठीक है? बाकी जो भी बंदे वीडियो को
- 16:47देख रहे हो आप लोग हमारे चैनल मेंबर बनना
- 16:49है। जॉइन पे क्लिक करके बहुत ईज़ली आप एक
- 16:51रिटर्न की कॉस्ट से भी कम में हमारे चैनल
- 16:53मेंबर बन सकते हो और मैं आपसे Google मीट
- 16:56पे मिलूंगा। Google मीट के लिए आप
- 16:57प्रियंका का नंबर आपको स्क्रीन पे दिख रहा
- 16:59होगा। इस नंबर पे आप मैसेज करना कि आप
- 17:01चैनल मेंबर बन चुके हो। टीम उसको वेरीफाई
- 17:03करेगी और उसके बाद आपको Google मीट का
- 17:04लिंक मिल जाएगा। जब भी मैं Google मीट
- 17:06करूंगा तब आपके पास लिंक जाएगा। ठीक है?
- 17:09और वीडियो आपको अच्छी लगी वीडियो को लाइक
- 17:11करना। न्यू हो तो चैनल को सब्सक्राइब जरूर
- 17:12करना और कोर्सर्सेस की इनेशन आपको लिंक्स
- 17:15यहां पे मिल जाएंगे या अर्जुन के पास आकाश
- 17:17के पास प्रियंका मैम के पास विवेक जो भी
- 17:20आपके कांटेक्ट में बंदा है हमारी टीम में
- 17:22से आप किसी के पास भी मैसेज करोगे तो आपको
- 17:24रिकॉर्डेड कोर्सर्सेस का और लाइव कोर्सेस
- 17:27के दोनों की इंफॉर्मेशनेशन कंप्लीट मिल
- 17:28जाएगी। चलो ठीक है मिलते हैं अगली वीडियो
- 17:30में। अगली वीडियो बहुत धमाकेदार होने वाली
- 17:32है और बहुत जल्दी आएगी। ठीक है? चलो बाय-ब
- 17:34ध्यान रखो सब अपना।
About this transcript
This page contains the full transcript of Meesho Course Class 4 Advanced Keyword Research & Ecommerce SEO | Meesho Order Growth Course by Vikram Singh Ecommerce Trainer, generated from the public captions YouTube serves with the video. The transcript has 4,183 words across 511 segments, with the original timestamps preserved so you can click any line to jump to that moment in the embedded player.
What you can do with it
Use the transcript to take notes, quote the speaker, build a study guide, generate a summary with ChatGPT or Claude via the YouTube Summary tool, or export it as a timed subtitle file with YouTube to SRT. You can also re-open it in the transcriber to choose a caption track available on the video.
Free YouTube transcript tool
YouTube2Text is a free YouTube transcript generator — no signup, no daily limit. Paste any YouTube link and get the full transcript instantly, with timestamps, click-to-jump, caption language selection, AI prompts for ChatGPT, Claude, and Gemini, and exports to TXT, SRT, VTT, or Markdown.