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Class 11th Chemistry | Classification of Elements | Periodicity in Properties One shot by Ashu Sir — Transcript

by Ashu Ghai 11th & 12th · 39,504 words · 5,085 segments · language en · Watch on YouTube

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  1. 0:00इमेजिन करते हैं कि आपके एरिया में दो
  2. 0:02शॉपिंग मॉल्स हैं। एक शॉपिंग मॉल में आप
  3. 0:05एंटर करते हो और वहां पे एंटर करते ही एक
  4. 0:07सेक्शन आपको कोल्ड ड्रिंक्स का मिलता है।
  5. 0:09एक सेक्शन आपको टूथब्रश और टूथपेस्ट का
  6. 0:12मिलता है। एक सेक्शन आपको मिलता है
  7. 0:14बिस्किट नमकीन का। एक सेक्शन आपको मिलता
  8. 0:16है सब्जियों का। अब अगर आप लेट अस सपोज
  9. 0:19टूथपेस्ट वाले सेक्शन में जाते हैं तो
  10. 0:21वहां पे भी आपको अलग-अलग ब्रांड्स मिलते
  11. 0:24हैं। एक्स वाई जेड और वाई ब्रांड में भी
  12. 0:26आपको अलग-अलग ऑप्शंस मिलते हैं। एक में
  13. 0:28भैया नमक है, एक में लौंग है, एक में
  14. 0:31लहसुन है, एक में अदरक है, एक में पुदीना
  15. 0:33है। एक में पता नहीं क्या-क्या है। और आप
  16. 0:35अपनी मनचाही टूथपेस्ट वहां से उठा के आते
  17. 0:37हो। कितना आसान है सब कुछ। लेकिन इमेजिन
  18. 0:39करो एक दूसरा शॉपिंग मॉल जहां पे एक बहुत
  19. 0:43बड़े कमरे में सब कुछ एक ढेर लगा के रखा
  20. 0:46गया है। एक पूरा इजिप्ट का पिरामिड टाइप
  21. 0:48बना के सारा सामान एक एरिया में मिक्स
  22. 0:50करके रखा हुआ है। कौन से शॉपिंग मॉल से
  23. 0:52शॉपिंग करना बहुत मुश्किल होगा। ऑब्वियस
  24. 0:55सी बात है सेकंड वाले शॉपिंग मॉल से
  25. 0:57क्योंकि सेकंड वाला शॉपिंग मॉल में कोई भी
  26. 1:00चीज क्लासिफाई नहीं हो रखी है और यह बात
  27. 1:02शॉपिंग मॉल के लिए मैंने नहीं बोली है।
  28. 1:04स्वागत है आप सभी का आशु 11 12th पे जहां
  29. 1:07पे मैं आशु भाई आपको दिल और दिमाग दोनों
  30. 1:10से पढ़ाता हूं। आई होप आप सभी लोग फिट एंड
  31. 1:12फाइन हैं। और आज हम लोग मिले हैं बहुत ही
  32. 1:15बेहतरीन प्रॉपर थ्योरी बेस्ड चैप्टर यानी
  33. 1:19कि पीरियडिक क्लासिफिकेशन ऑफ एलिमेंट्स
  34. 1:22एंड पीरियडिसिटी इन प्रॉपर्टीज जिसको हम
  35. 1:24प्यार से क्लासिफिकेशन ऑफ एलिमेंट्स बोलने
  36. 1:27वाले हैं। तो इस चैप्टर के अंदर हम लोग
  37. 1:30दुनिया में जितने भी एलिमेंट्स आज तक
  38. 1:32डिस्कवर हुए हैं, सबको एक क्लासिफिकेशन
  39. 1:36में यानी उनको एक क्लासिफाई करना चाहते
  40. 1:38हैं। उनको अलग-अलग झुंड में बांटना चाहते
  41. 1:40हैं। बट ऐसा क्यों? इसके बारे में बात
  42. 1:43करेंगे। फिर क्लासिफिकेशन पढ़ेंगे कि आज
  43. 1:45की डेट में हमारे पास ऐसी कौन सी टेबल है
  44. 1:49जिसमें हम लोग चीजों को क्लासिफाई करते
  45. 1:51हैं। जो कि मॉडर्न पीरियडिक टेबल है रंग
  46. 1:54बिरंगी। लेकिन इस मॉडर्न पीरियडिक टेबल से
  47. 1:57पहले हमारे पास कौन-कौन सी टेबल्स आई उनको
  48. 2:00पढ़ना भी बहुत जरूरी है। तो भैया पूरे वन
  49. 2:03शॉट को दिल और दिमाग से देखेंगे और वन शॉट
  50. 2:05को शुरू करने से पहले नीचे यहां पे एक
  51. 2:07लाइक का बटन दबा देंगे और आप सबको तो पता
  52. 2:10ही है कि ये वन शॉट आपको अच्छा लगने वाला
  53. 2:12है। तो पहले से प्यारा कमेंट छोड़ दो। अभी
  54. 2:14एक कमेंट ये छोड़ो कि वन शॉट आया तो कैसा
  55. 2:16लग रहा है आपको। फिर देखने के बाद भी ये
  56. 2:18कमेंट छोड़ना बिकॉज़ कमेंट करने से और लाइक
  57. 2:20करने से ये वन शॉट ज्यादातर बच्चों तक
  58. 2:23पहुंचेगा। तो लव यू। शुरू करते हैं
  59. 2:25पीरियडिक क्लासिफिकेशन ऑफ एलिमेंट्स।
  60. 2:28बच्चों वीडियो में आगे बढ़ने से पहले एक
  61. 2:30छोटी सी लेकिन बहुत इंपॉर्टेंट बात करने
  62. 2:32जा रहा हूं। हमारा बैच 2.0 ल्च हो चुका है
  63. 2:36जिसमें हम लोग रोज आके आपको लाइव पढ़ाने
  64. 2:40वाले हैं हर एक सब्जेक्ट। इसमें नाइंथ से
  65. 2:43लेके 12थ तक सारे बैचेस आपको हमारे ऐप पे
  66. 2:45मिलेंगे। साइंस के साथ-साथ कॉमर्स, एमडीए
  67. 2:48और सीयूईटी के भी बैचेस अवेलेबल हैं। तो
  68. 2:51फिर देर किस बात की? डिस्क्रिप्शन में दिए
  69. 2:53गए और फर्स्ट पिन कमेंट में दिए गए लिंक
  70. 2:55को क्लिक करो और बनो साइंस एंड फन के पेड
  71. 2:59बैच का हिस्सा। याद रहे जो डिस्काउंट है
  72. 3:01सारे पेड बैचेस में वो लिमिटेड टाइम के
  73. 3:04लिए ही वैलिड है। अब वीडियो में आगे बढ़ते
  74. 3:06हैं। तो चैप्टर की शुरुआत होती है सबसे
  75. 3:09पहले यहां से कि भैया हम लोगों को
  76. 3:11क्लासिफिकेशन करना क्यों है? क्लासिफिकेशन
  77. 3:14से फायदा क्या होगा? देखो अगर मैं आपको
  78. 3:17ऐसा बोलूं कि आपने 10थ क्लास में एक
  79. 3:19चैप्टर पढ़ा कार्बन एंड इट्स कंपाउंड्स।
  80. 3:21तो आपको क्या लगता है आपने कार्बन के बारे
  81. 3:23में कितनी पढ़ाई करी है? तो आंसर है आपने
  82. 3:25कार्बन के बारे में 1% यानी 1% पढ़ाई भी
  83. 3:28अभी नहीं की है। यानी 99% से भी ज्यादा
  84. 3:31पढ़ाई कार्बन की बची है। जिसका सीधा-सीधा
  85. 3:34मतलब ये है कि एक एलिमेंट के बारे में अगर
  86. 3:36पढ़ने में हमें इतना समय लगने वाला है तो
  87. 3:39दुनिया के सारे एलिमेंट्स को हम लोग पूरे
  88. 3:42जीवन में तो नहीं पढ़ सकते। तो क्यों ना
  89. 3:44उनको क्लासिफाई करा जाए। एग्जांपल के तौर
  90. 3:47पे अगर मैं आपको शायद सबको बायोलॉजी का
  91. 3:49अगर एग्जांपल दूं तो आप समझ पाओ कि मैमल्स
  92. 3:52क्या होते हैं? अब आप सबको पता है कि हम
  93. 3:55यानी ह्यूमंस भी मैमल है। डॉग कैट्स ये भी
  94. 3:59मैमल है और हम सब में कुछ प्रॉपर्टीज कॉमन
  95. 4:02है। क्या हम में बहुत सारी चीजें अलग भी
  96. 4:04है। यस। हम शेयर के बारे में अलग भी पढ़
  97. 4:07सकते हैं। हम डॉग के बारे में अलग भी पढ़
  98. 4:09सकते हैं। डॉग में भी अलग-अलग आपको पता है
  99. 4:10ब्रीड्स हैं। हम इंसानों के बारे में भी
  100. 4:12अलग पढ़ सकते हैं। लेकिन अगर आप मैमल्स के
  101. 4:16बारे में पढ़ते हो तो इन सबके बारे में
  102. 4:17बहुत कुछ कॉमन आ जाएगा। बिल्कुल ऐसे ही हम
  103. 4:20इस चैप्टर में देखेंगे कि अगर आपने लिथियम
  104. 4:23के बारे में पढ़ा तो सोडियम, पोटशियम,
  105. 4:25रूबिडियम, सीज़ियम, फ्रांशियम अभी आपको
  106. 4:27शायद ना समझ में आए लेकिन ये सारे
  107. 4:29एलिमेंट्स की प्रॉपर्टी सेम होने वाली है।
  108. 4:31क्या इनमें कुछ अलग नहीं होने वाला? क्या
  109. 4:33कुत्ते और क्या बिल्ली में कुछ अलग नहीं
  110. 4:35है? बट बहुत कुछ सेम भी है। तो ऐसे इन
  111. 4:38सारे एलिमेंट्स में बहुत कुछ चीजें अलग
  112. 4:40हैं। लेकिन बहुत सारी चीजें सेम भी हैं।
  113. 4:41तो क्लासिफिकेशन से होता क्या है? जब हम
  114. 4:43उनको क्लासिफाई करते हैं अलग-अलग झुंड
  115. 4:45में, अलग-अलग ग्रुप्स में तो हम एक
  116. 4:48एलिमेंट के बारे में पढ़ते हैं और बहुतों
  117. 4:50के बारे में जानकारी इकट्ठी कर लेते हैं।
  118. 4:52पहली बात यानी इससे पढ़ाई करना आसान तो
  119. 4:55होता ही है। सेकंड इससे कंपैरिजन हो पाता
  120. 4:57है। ये मैंने आपको शॉपिंग मॉल वाला
  121. 4:59एग्जांपल दिया। आप जब एक शॉपिंग मॉल में
  122. 5:01जाते हो एज कंपेयर टू जब आप एक शॉप में
  123. 5:03जाके शॉप करते हो, कुछ खरीदते हो तो क्या
  124. 5:05फर्क होता है? जब आप एक शॉपिंग मॉल में
  125. 5:07जाते हो तो सारी चीजें आपके सामने लगी
  126. 5:09होती है जिससे आप कंपेयर कर पाते हो कि
  127. 5:12यार इसका 100 ग्राम का टूथपेस्ट इतना रुपए
  128. 5:14का है और इसका 100 ग्राम इतने रुपए का।
  129. 5:17अच्छा यार इस ब्रांड में तो ये ये वैरायटी
  130. 5:19ये फ्लेवर आ रहे हैं। इसमें तो नहीं आ
  131. 5:20रहे। बिल्कुल ऐसे जब आपके सामने सारे
  132. 5:23एलिमेंट्स लगे होते हैं एक टेबल की फॉर्म
  133. 5:26में तो आप चीजों को कंपेयर कर पाते हो।
  134. 5:29जैसे हम आपको इस पूरे वन शॉट के एंड तक ये
  135. 5:31बताएंगे कि अगर ये हमारी मॉडर्न पीरियोडिक
  136. 5:34टेबल है जो कि मैंने अभी आपको दिखाई थी।
  137. 5:36तो उसके इस तरफ सारे मेटल्स आते हैं और इस
  138. 5:39तरफ नॉन मेटल्स आते हैं। तो अगर मुझे मेटल
  139. 5:42लेना है तो मैं इधर जाऊंगा। नॉन मेटल लेना
  140. 5:44है इधर जाऊंगा। और आपको ये भी पता चलेगा
  141. 5:46धीरे-धीरे कि जितना इधर रहोगे उतने अच्छे
  142. 5:49मेटल्स हैं। तो अच्छे मेटल्स के लिए मुझे
  143. 5:51कहां जाना है। ये सारी बातें जानने के बाद
  144. 5:53हम कंपैरिजन कर पाएंगे कि कहां कौन अच्छा
  145. 5:56मेटल है, कौन बुरा मेटल है, कौन अच्छा नॉन
  146. 5:59मेटल है, कौन अच्छा नॉन मेटल नहीं है। ये
  147. 6:01कंपैरिजन हो पाएगा अगर हमने एलिमेंट्स को
  148. 6:03क्लासिफाई किया होगा तो। एंड थर्ड जिसका
  149. 6:06अपना एक फायदा है कि हमें सिंगल ग्लांस
  150. 6:08में व्यू मिलता है। अब इसका क्या मतलब है?
  151. 6:10सिंगल ग्लांस व्यू का मतलब क्या है? आप
  152. 6:12समझे। अ जैसे कि ये बात मेरी गर्ल्स
  153. 6:16ज्यादा रिलेट कर पाएंगी। बॉयज हम लड़कों
  154. 6:18के पास सिर्फ एक ही जोड़ी कपड़ा होता है।
  155. 6:20आप सबको पता है ये शर्ट इस टीशर्ट के अंदर
  156. 6:23मैंने कितने सारे वन शॉट रिकॉर्ड किए।
  157. 6:25लेकिन ये जो मैं बोलने जा रहा हूं ये
  158. 6:27गर्ल्स ज्यादा रिलेट कर पाएंगी कि क्योंकि
  159. 6:30मैं मेरे घर में बहुत सारी फीमेल हैं। तो
  160. 6:32मैं जानता हूं इस बात को। कि जब कोई
  161. 6:35पार्टी होती है तो वो यह सोचती है कि यार
  162. 6:38कौन सी ड्रेस पहने और फिर जब उनको समझ में
  163. 6:40नहीं आता है वो कौन सी ड्रेस पहने तो वो
  164. 6:42अपनी अलमारी अपने कबर्ड खोल के सामने बैठ
  165. 6:45जाती हैं और सारी ड्रेसेस को एक नजर में
  166. 6:48देखती हैं और फिर उनको याद आता है अरे यह
  167. 6:50भी तो है अरे यह भी तो है लेकिन जब उनको
  168. 6:52कबर्ड ना खोल के दो और उनको सोचने के लिए
  169. 6:54बोलो तो उनके पास इतने सारे ड्रेसेस होते
  170. 6:56हैं कि वो सोच नहीं पाते कि कौन सी कौन सी
  171. 6:58है मैं कौन सी पहन सकती हूं लेकिन अलमारी
  172. 7:00खोलने के बाद या Instagram प्रोफाइल खोलने
  173. 7:03के बाद एक सिंगल ग्लांस व्यू मिलता है कि
  174. 7:05हां भाई यह यह ड्रेसेस है और यह पहन सकते
  175. 7:07हैं। तो इसके अपने फायदे हैं। जब आपके
  176. 7:09सामने अगर मैं आपको भी बोलूं अपने
  177. 7:11क्लासरूम के सारे बच्चों के नाम याद करो
  178. 7:14तो आप कुछ के करोगे कुछ के भूल भी जाओगे।
  179. 7:16कुछ के बड़े मुश्किल से याद आएंगे। लेकिन
  180. 7:17अगर मैं आपको क्लास की एक फोटो एक क्लास
  181. 7:19की एक फोटोग्राफ दिखा दूंगा। एक फोटो दिखा
  182. 7:21दूंगा तो आप अच्छा आप कहोगे अरे हां ये
  183. 7:23अरे रमेश रह गया था। अरे सुरेश रह गया था।
  184. 7:25अरे कुंती रह गई थी। अरे गुप्ता जी रह गए
  185. 7:27थे। ऐसे हो जाएगा आपके साथ। तो बिल्कुल
  186. 7:29सिंगल ग्लांस में व्यू मिलता है आपको जब
  187. 7:32आपके सामने सारे एलिमेंट्स लगे होते हैं।
  188. 7:34तो फायदे क्या हैं? पहला फायदा ऑब्वियस सी
  189. 7:36बात है कि इससे पढ़ाई जो है वो काफी आसान
  190. 7:38हो जाती है। हम दो एलिमेंट्स में कंपैरिजन
  191. 7:41कर पाते हैं जिसके अपने फायदे हैं। आपको
  192. 7:43सिंगल ग्लांस व्यू मिलता है। आप एक ही
  193. 7:45बारे में सारे एलिमेंट्स को देखते हो और
  194. 7:47आप उसके बाद क्या करना है उसका वो अलग बात
  195. 7:50है। लेकिन सिंगल ग्लांस व्यू देने में
  196. 7:52आपको ये हेल्प करता है जो कि अपने आप में
  197. 7:54एक बहुत इंपॉर्टेंट फायदा है। ठीक है?
  198. 7:56इसके बाद बात करें। मैंने आपको क्या कहा
  199. 7:58था कि हम मॉडर्न टेबल को पढ़ने से पहले ये
  200. 8:01पढ़ेंगे कि क्या-क्या हमारे पास अ पिछली
  201. 8:04कुछ क्लासिफिकेशंस आई जो फेल हो गई। जैसे
  202. 8:08हमने नील्स बोर जी के मॉडल को पढ़ने से
  203. 8:11पहले जे जे थॉमसन और रदरफोर्ड जी का मॉडल
  204. 8:14पढ़ा। इनको पढ़ने से एक तो थॉट प्रोसेस
  205. 8:16क्रिएट होता है और यह भी जानना जरूरी है
  206. 8:18कि हमारे पास्ट में क्या हुआ था ताकि हम
  207. 8:20उनकी गलतियों से कुछ सीखें। तो सबसे पहले
  208. 8:23डोबर्नर जी के ट्रायड्स आए। इनसे क्या
  209. 8:26सीखने को मिलेगा? पहली बात तो ये दुनिया
  210. 8:28के इनिशियल क्लासिफिकेशन में से एक था या
  211. 8:31कह सकते हो सबसे पहला पब्लिश्ड
  212. 8:33क्लासिफिकेशन भी था। अब डोबर्नर जिन का
  213. 8:36पूरा नाम डोबर्नर जी का पूरा नाम जॉन व्फ
  214. 8:39गैंग डोबर्नर था। इन्होंने क्या कहा?
  215. 8:42इन्होंने कहा कि मैं ऐसा करता हूं।
  216. 8:43एलिमेंट्स को तीन-तीन के ग्रुप्स में
  217. 8:45बांटता हूं। तभी इसका नाम पड़ा ट्रायड्स।
  218. 8:49तो इन्होंने हर एक एलिमेंट को कुछ इस
  219. 8:51प्रकार से तीन-तीन के ग्रुप्स में बांटा।
  220. 8:54ये हमारे जो ऑफलाइन के नोट्स हैं उसका
  221. 8:56स्क्रीनशॉट है। इसीलिए पीछे आपको यहां पे
  222. 8:59दिख रहा होगा कुछ। एक्चुअली हमारे ऑफलाइन
  223. 9:00सेंटर का नाम ओएसआर एकेडमी है। तो ये ओ है
  224. 9:04ये आर है या कुछ तो है ये। है ना? एस और
  225. 9:06आर का पार्ट है। खैर मैं क्या कह रहा था
  226. 9:09कि डोबर्नर जी ने क्या किया? दुनिया के
  227. 9:11जितने भी एलिमेंट्स थे उस वक्त उनको कोशिश
  228. 9:14किया कि वो तीन-तीन के झुंड में बांटे।
  229. 9:16तभी उसको बोला गया ट्रायड्स। और उन्होंने
  230. 9:19ये भी कहा कि जो ट्रायड्स में मैं बांट
  231. 9:21रहा हूं उसमें जो बीच वाला एलिमेंट है
  232. 9:24उसका जो मास होगा वो पहले और लास्ट वाले
  233. 9:27के एवरेज के लगभग बराबर होगा। जैसे
  234. 9:30एग्जांपल ये पढ़ लेंगे हम लेकिन जैसे
  235. 9:32इन्होंने पहला जो झुंड दिया पहला जो
  236. 9:34ट्रायड दिया वो था लिथियम सोडियम और
  237. 9:37पोटैशियम। अगर आप 39 और से को ऐड करोगे तो
  238. 9:41आपको मिलेगा 46। 46 का आधा करोगे तो 23।
  239. 9:45यहां तो एग्जैक्ट आ गया। लेकिन कई जगहों
  240. 9:47पर इन्होंने ये नहीं बोला एग्जैक्टली
  241. 9:49आएगा। उन्होंने कहा था लगभग आएगा। जैसे
  242. 9:51137 और 40 को ऐड करके डिवाइड बाय टू करोगे
  243. 9:53तो 87.5 के करीब आएगा। सिमिलरली 80 के
  244. 9:56करीब आएगा। तो इन्होंने अपने क्लासिफिकेशन
  245. 9:59के दौरान क्या बोला? डॉबरर्नर स्ट्रायट ने
  246. 10:02इतना बोला कि इन द कॉन्टेस्ट ऑफ़
  247. 10:03केमिस्ट्री रेफर्स टू द मेथड ऑफ
  248. 10:06क्लासिफिकेशन प्रोप प्रपोज्ड बाय जॉन वालफ
  249. 10:09डॉबर्नर जी इन अर्ली 19 सेंचुरी में
  250. 10:12इन्होंने दिया। ही ऑब्जर्व दैट सर्टेन
  251. 10:15ग्रुप्स ऑफ थ्री केमिकली सिमिलर एलिमेंट्स
  252. 10:17कॉल्ड ट्रायड्स। यानी कि तीन एलिमेंट्स के
  253. 10:20ग्रुप को उन्होंने ट्रायोड्स कहा जिनकी
  254. 10:21प्रॉपर्टी सिमिलर थी। हैड द प्रॉपर्टी दैट
  255. 10:24द एटॉमिक मास ऑफ द मिडिल एलिमेंट जो मिडिल
  256. 10:27एलिमेंट का एटॉमिक मास है वो
  257. 10:29एप्रोक्सीमेटली एवरेज होगा। एवरेज होगा
  258. 10:32एटॉमिक मास ऑफ दी अदर टू। है ना? ऑफ द अदर
  259. 10:36टू। एग्जांपल के तौर पे जो यहां पे लिथियम
  260. 10:40का मास है और यहां पे जो पोटैशियम का मास
  261. 10:43है उसको ऐड करेंगे और डिवाइड बाय टू
  262. 10:46करेंगे तो वो 23 आ गया जो कि इसके
  263. 10:49एग्जैक्टली या फिर एप्रोक्सीमेटली बराबर
  264. 10:52होगा। अब बड़ी प्रॉब्लम क्या है? इस पूरी
  265. 10:55क्लासिफिकेशन की क्या लिमिटेशंस हैं? उस
  266. 10:57पे भी आएंगे। बिकॉज़ लिमिटेशंस पढ़ना जरूरी
  267. 11:00है कि इनसे क्या गलतियां हुई? जो गलतियां
  268. 11:02हमसे नहीं होनी चाहिए। उस पे भी आएंगे।
  269. 11:05लेकिन पहले जिन्होंने तीन ट्रायोहेड्स दिए
  270. 11:08इनके बारे में कुछ खास बात करते हैं। पहले
  271. 11:10वाले को जिसको लिथियम, सोडियम, पोटैशियम
  272. 11:12बोला गया, ग्रुप वन बोला गया। उसमें
  273. 11:14क्या-क्या प्रॉपर्टीज कॉमन थी? जिसको
  274. 11:16ग्रुप ए भी बोला गया। सारे के सारे इसमें
  275. 11:18मेटल्स थे। सबकी वैलेंसी +1 थी और सबको
  276. 11:21बोला गया अल्कली मेटल्स। सबको बोला गया
  277. 11:24अल्कली मेटल्स। अब ये अल्कली मेटल्स क्या
  278. 11:27होता है? अल्कली तो आपको पता है। ये तो
  279. 11:29हमने 10थ में पढ़ा हुआ है। ऐसे बेस जो पानी
  280. 11:31में घुल जाते हैं उनको क्या कहते हैं?
  281. 11:33अल्कली। और ये अल्कली मेटल्स कौन होते
  282. 11:36हैं? जिनको ना पता हो। अल्कली मेटल्स कौन?
  283. 11:39मेटल्स
  284. 11:42मेटल्स व्हिच
  285. 11:45फॉर्म्स
  286. 11:49मेटल्स व्हिच फॉर्म वाटर सॉलुबल बेससेस।
  287. 11:57वाटर सॉलुबल बेससेस। यानी ऐसे मेटल्स जो
  288. 12:01बेस तो बनाएंगे और वह ऐसे बेस होंगे जो
  289. 12:03पानी में घुलते होंगे। जैसे कि सोडियम के
  290. 12:06बारे में सबको पता ही है NaOH बनाता है और
  291. 12:08ये पानी में घुलता है। ये KOH बनाता है और
  292. 12:11ये पानी में घुलता है। तो ऐसे मेटल्स
  293. 12:13जिनके बेस पानी में घुल जाए यानी कि जिनके
  294. 12:15बेस स्ट्रांग हो उनको अल्कली मेटल्स कहते
  295. 12:17थे। तो इनके अंदर क्या कॉमन? सब के सब
  296. 12:19मेटल्स थे। सबकी वैलेंसी +1 थी। सब अल्कली
  297. 12:22मेटल बोले गए। तो जो सेकंड ग्रुप दिया गया
  298. 12:24कैल्शियम, स्ट्रोंशियम और बेरियम इनमें भी
  299. 12:27सब के सब मेटल्स लेकिन इनकी वैलेंसी +2 थी
  300. 12:30और इनको अल्कलाइन अर्थ मेटल बोला गया।
  301. 12:33अगेन अल्कलाइन मेटल तो रीज़न सेम लेकिन
  302. 12:36अर्थ क्यों? क्योंकि ये अर्थ क्रस्ट से
  303. 12:38मिलते थे। है ना? इनके नाम में अर्थ इसलिए
  304. 12:41था क्योंकि ये अर्थ क्रस्ट से मिलते हैं।
  305. 12:43अभी भी अभी हम जब मॉडर्न टेबल पढ़ेंगे तो
  306. 12:46भी हम इनका नाम अल्कलाइन अर्थ मेटल और
  307. 12:48पीछे वालों को अल्कली मेटल ही बोलेंगे। बट
  308. 12:50ठीक है? इनका नाम अल्कलाइन अर्थ मेटल पड़ा।
  309. 12:53इनकी सबकी वैलेंसी +2 थी और ये सारे के
  310. 12:55सारे मेटल थे। लेकिन जो इन्होंने तीसरा
  311. 12:57ट्रायड दिया क्लोरीन, ब्रोमीन और आयोडीन।
  312. 13:00आई होप आपको पता है ये मेटल्स नहीं बल्कि
  313. 13:03नॉन मेटल्स थे। और इनकी जो वैलेंसी थी वो
  314. 13:07-1 थी और इन सबको बोला गया हैलोजंस। अब ये
  315. 13:11हैलोजंस का मतलब क्या होता है? हैलो का
  316. 13:14मतलब होता है सॉल्ट्स। ये मैंने आपको
  317. 13:16कार्बन एंड इट्स कंपाउंड में 10थ में
  318. 13:19थोड़ा बहुत बताया था। हैलो का मतलब होता
  319. 13:22है सॉल्ट्स।
  320. 13:25और जेनस का मतलब होता है प्रोड्यूसर।
  321. 13:28जेनस का मतलब होता है प्रोड्यूसर्स।
  322. 13:31तो हैलोजंस नाम कैसे पड़ा? क्योंकि ये लोग
  323. 13:35थे सॉल्ट प्रोड्यूसर्स। अब आप कहोगे सॉल्ट
  324. 13:38प्रोड्यूसर का मतलब उस जमाने में जितने भी
  325. 13:41सॉल्ट्स थे ज्यादातर के अंदर मैं कह रहा
  326. 13:43हूं सब के अंदर नहीं। ज्यादातर के अंदर ये
  327. 13:47लोग पाए जाते थे। इसीलिए इनका नाम हैलोजंस
  328. 13:50रखा गया था। सॉल्ट प्रोड्यूसर रखा गया था।
  329. 13:52हेलोजंस में हेलो का मतलब साल्ट्स होता
  330. 13:54है। जेन वर्ड आया जेनस से जिसका मतलब
  331. 13:56प्रोड्यूसर। तो इनका नाम हैलोजंस क्यों
  332. 13:58रखा गया? बिकॉज़ उस जमाने में ये लोग
  333. 14:01एक्चुअली में साल्ट्स बनाने में मेजॉरिटी
  334. 14:05साल्ट्स में ये लोग प्रेजेंट थे। अब आप
  335. 14:07सबको पता है सॉल्ट सल्फेट के भी हो सकते
  336. 14:09हैं। कार्बोनेट के भी हो सकते हैं। ऐसा
  337. 14:10कोई बात नहीं है। बट ये इनकी फैमिली बड़े
  338. 14:13अच्छे सॉल्ट बनाती थी। तो भैया ग्रुप सी
  339. 14:15में सारे के सारे नॉन मेटल आए। सबकी
  340. 14:17वैलेंसी -1 थी और सब हैलोज बोले गए। तो
  341. 14:20फिर क्या बुरा है? अरे सब कुछ तो बुरा है।
  342. 14:22कैसे? क्लासिफिकेशन का काम था सारे
  343. 14:25एलिमेंट्स को लगाना। लेकिन ये सिर्फ कितने
  344. 14:27ट्रायड्स ही दे पाए? तीन ट्रायड्स दे पाए।
  345. 14:29और हर एक में कितने एलिमेंट? तीन। तो 3 *
  346. 14:323 कितने एलिमेंट्स को क्लासिफाई किया? नौ।
  347. 14:35ठीक है? कोशिश के लिए इनको ताली। लेकिन
  348. 14:38घटिया क्लासिफिकेशन बिकॉज़ सिर्फ नौ
  349. 14:40एलिमेंट्स जो है वो क्लासिफाई कर पाए। मान
  350. 14:43लेते हैं ये सारे एलिमेंट्स को भी
  351. 14:44क्लासिफाई कर लेते हैं। ठीक है? और थोड़ी
  352. 14:46देर के लिए अभी राउंड ऑफ करके मान लेते
  353. 14:49हैं प्लीज कि 120 एलिमेंट हैं दुनिया में।
  354. 14:51ठीक है? अब अगर मान लेते आज की डेट तक
  355. 14:54इनका क्लासिफिकेशन सही भी चल रहा होता और
  356. 14:57ये तीन-तीन के झुंड में बांटते तो ये तो
  357. 14:5940 झुंड बनाते। तो क्या 40 झुंड के बारे
  358. 15:02में भी पढ़ना पॉसिबल है क्या? क्या 40
  359. 15:05झुंड के बारे में भी पढ़ाई करना क्या ये
  360. 15:08प्रैक्टिकली पॉसिबल है? नहीं है? तो
  361. 15:10इसीलिए अगर इन पहली बात तो ये दे ही तीन
  362. 15:12ट्रायड पाए। अगर ये ज्यादा ट्रायड देते तो
  363. 15:15भी पढ़ाई करना इंपॉसिबल सा ही होता किसी
  364. 15:17के लिए। इसीलिए ये क्लासिफिकेशन अच्छा
  365. 15:20नहीं था। डॉबरनर कुडंट फाइंड कुड फाइंड
  366. 15:23ओनली थ्री सच ट्रायड्स आगे नहीं दे पाए।
  367. 15:26इसीलिए ये अच्छी बात नहीं थी। सेकंडली
  368. 15:29इन्होंने जो बोला था कि भैया जो मेरा पहला
  369. 15:32और आखिरी एलिमेंट का एवरेज होगा बीच के
  370. 15:34बराबर होगा। वो बहुत लाइट एलिमेंट जैसे
  371. 15:37हाइड्रोजन और बहुत हैवी एलिमेंट जैसे
  372. 15:40फ्रांशियम इनके लिए वैलिड नहीं था। इसीलिए
  373. 15:44इन्होंने बहुत लाइट और बहुत हैवी
  374. 15:45एलिमेंट्स को इग्नोर किया। जैसे क्लोरीन
  375. 15:48से पहले फ्लोरीन भी होता है जो इस ग्रुप
  376. 15:51में आना चाहिए था। बट उन्होंने नहीं डाला
  377. 15:52क्योंकि उनका मास मैच नहीं कर रहा था
  378. 15:55एवरेज। तो इन्होंने बड़ी चालाकी करी।
  379. 15:57इन्होंने वही एलिमेंट्स टायर्ड्स में डाले
  380. 15:59जिनका मास एवरेज में आ रहा था। बट जो बहुत
  381. 16:01हल्के एलिमेंट्स होते हैं और जो बहुत भारी
  382. 16:03होते हैं उनको इन्होंने इग्नोर किया। द
  383. 16:05रूल्स ऑफ डबर्नर ट्रायड कुड नॉट बी अप्लाई
  384. 16:08टू द एलिमेंट जिनका बहुत ज्यादा लो या फिर
  385. 16:11बहुत ज्यादा हाई मास था। जैसे कि फ्लोरीन
  386. 16:14को इन्होंने छोड़ दिया। ऑलदो इसे क्लोरीन
  387. 16:16से पहले आना चाहिए था। बिल्कुल ऐसे और भी
  388. 16:19लोगों को इन्होंने छोड़ा। ठीक है? प्लस
  389. 16:21मैंने बताया अगर आज के डेट में भी इनका
  390. 16:23क्लासिफिकेशन सही में चल रहा होता तो एक
  391. 16:25में सिर्फ तीन ही एलिमेंट्स हैं जो कि
  392. 16:27अच्छी बात नहीं है। इसके बाद एक और महान
  393. 16:30योद्धा आए जिनका नाम है न्यूलैंड्स लॉ ऑफ़
  394. 16:32ऑक्टव्स। मैं आपको शुरू करने से पहले बता
  395. 16:35दूं ये क्लासिफिकेशन भी घटिया था। क्यों
  396. 16:38पढ़ रहे हैं? बिकॉज़ ये पहला क्लासिफिकेशन
  397. 16:40था जिसने यह बोला कि अगर हम एलिमेंट्स को
  398. 16:46इंक्रीजिंग ऑर्डर ऑफ मास लगाएं।
  399. 16:51अगर हम एलिमेंट्स को इंक्रीजिंग ऑर्डर ऑफ
  400. 16:55मास लगाएं तो वो अपनी प्रॉपर्टीज को रिपीट
  401. 16:58करते हैं। और ये एक इतना इंपॉर्टेंट पॉइंट
  402. 17:02साबित हुआ। जाहिर ये इनका क्लासिफिकेशन
  403. 17:05पढ़ रहे हैं। आप खुद कहोगे अच्छा
  404. 17:06क्लासिफिकेशन नहीं है। लेकिन क्यों इस
  405. 17:09इंसान के लिए तालियां फिर से बजनी चाहिए?
  406. 17:11क्योंकि इन्होंने पहली बार ऐसा किसी ने
  407. 17:15बोला कि क्या करो? जितने भी एलिमेंट्स हैं
  408. 17:17उनको इंक्रीजिंग ऑर्डर ऑफ़ मास में लगाओ।
  409. 17:19और इससे क्या होगा? प्रॉपर्टीज रिपीट
  410. 17:21होंगी। और इन्होंने कहा पहले एलिमेंट की
  411. 17:24प्रॉपर्टी आठवें से मैच होंगी। आठवें से
  412. 17:26मैच होंगी। और इनके ये बोलने के बाद बहुत
  413. 17:30सारे लोगों को इंस्पिरेशन मिली। और अभी
  414. 17:32मैं आपको समझाऊंगा। आप खुद समझ जाओगे कि
  415. 17:34हमारी मॉडर्न टेबल जो बनी है, उसकी भी
  416. 17:37इंस्पिरेशन एक्चुअली कहीं ना कहीं
  417. 17:39न्यूलैंड्स ही थे। तो न्यूलैंड्स लॉ ऑफ़
  418. 17:42ऑक्टव क्यों? जो म्यूजिक सीखता है, जो
  419. 17:44म्यूजिक में इंटरेस्ट रखता है, उसको पता
  420. 17:46होगा कि हमारे पास सात सुर होते हैं। सा
  421. 17:49रे। प्लीज डोंट जज। सा रे गा मा पा धा नी
  422. 17:55सा।
  423. 17:57तो सा रे गा मा पा धा नी सात शुरू हुए।
  424. 18:01उसके बाद दोबारा से सा आता है। तो रिपीट
  425. 18:03होता है ना आठवां। सा रे गा मा पा धा नी
  426. 18:06सा रिपीट होता है। रिपीट होता है। अब यहां
  427. 18:10पे भी इन्होंने ये बोला कि जैसे ऑक्टव
  428. 18:12यानी कि जैसे सात सुर के बाद आठवां रिपीट
  429. 18:15होता है। बिल्कुल ऐसे ही अगर आप दुनिया के
  430. 18:18सारे एलिमेंट्स को इंक्रीजिंग ऑर्डर ऑफ़
  431. 18:20मास में लगा दोगे तो पहले वाले की
  432. 18:22प्रॉपर्टी आठवें से मैच होगी। एग्जांपल
  433. 18:25अगर ये लिथियम है तो पहला ये हो गया।
  434. 18:28दूसरा, तीसरा, चौथा, पांचवा, छठा, सातवां,
  435. 18:32आठवां। तो लिथियम की सोडियम से प्रॉपर्टीज
  436. 18:34मैच होनी चाहिए। कोई भी एक जैसे मान लो
  437. 18:36बोरोन है तो इसका आठवां एलुमिनियम आएगा।
  438. 18:38तो इन्होंने ऐसा कहा प्रॉपर्टीज मैच हुई
  439. 18:41कि नहीं हुई वो मैं अभी बात करूंगा। जैसे
  440. 18:43लिथियम की तो चलो सोडियम से हो रही है।
  441. 18:45बोरोन की एलुमिनियम से हो रही है लेकिन
  442. 18:46आगे हुई कि नहीं हुई ये बाद की बात है।
  443. 18:48लेकिन ऐसा इन्होंने कहा कि होनी चाहिए। तो
  444. 18:50एनी गिवन एलिमेंट विल एग्बिट एनालॉग मतलब
  445. 18:54कि सिमिलर बिहेवियर टू दी एट्थ एलिमेंट टू
  446. 18:58दी एट्थ एलिमेंट फॉलोइंग इट इन टेबल। जस्ट
  447. 19:02लाइक ऑक्टव इन म्यूजिक सा रे गा मा पा धा
  448. 19:05नी एंड अगेन सा तो एक्चुअली में ही
  449. 19:08अरेंज्ड
  450. 19:10ही अरेंज्ड
  451. 19:15एलिमेंट्स
  452. 19:17इन
  453. 19:21इंक्रीजिंग
  454. 19:24ऑर्डर ऑफ़ एटॉमिक मास। ठीक है ना? उसके बाद
  455. 19:28पहले अरेंज किया। फिर कहा जो पहला मेंबर
  456. 19:30है उसकी आठ में से प्रॉपर्टीज मैच होंगी।
  457. 19:33तो फिर गड़बड़ क्या है? सब कुछ ठीक तो है?
  458. 19:34नहीं है बिल्कुल भी नहीं है। उस वक्त
  459. 19:37जितने भी एलिमेंट थे शायद 56 एलिमेंट्स
  460. 19:39थे। पता नहीं कितने थे उस वक्त जितने भी
  461. 19:41थे 56 मान लो 50 थे। तो इन्होंने सारे के
  462. 19:44सारे एलिमेंट्स को इंक्रीजिंग ऑर्डर ऑफ़
  463. 19:45मास में लगाया और अरेंज करना शुरू कर
  464. 19:47दिया। सही? अब यहां से गेम हुई शुरू। इनकी
  465. 19:51प्रॉपर्टीज मैच हुई। मजा आया। लेकिन आपको
  466. 19:53पता है कैल्शियम कहां है? ढूंढो कैल्शियम
  467. 19:55कहां है? ये रहा। कैल्शियम के बाद
  468. 19:57प्रॉपर्टीज मैच होना बंद हो गई। यानी कि
  469. 20:00भाई साहब ने अंधाधुंध एलिमेंट को तो लगाया
  470. 20:04लेकिन ये देखा ही नहीं। पता नहीं ये कैसे
  471. 20:06कर दिया ऐसे महान इंसान ने कि कैल्शियम के
  472. 20:08बाद प्रॉपर्टीज मैच होना बंद हो गई। आफ्टर
  473. 20:12कैल्शियम प्रॉपर्टीज मैच ही नहीं हुई।
  474. 20:15क्या बात कर रहे हो आप? कितनी घटिया बात
  475. 20:17है ये कि आफ्टर कैल्शियम प्रॉपर्टीज मैच
  476. 20:19नहीं हुई। पहली लिमिटेशन। दूसरी लिमिटेशन
  477. 20:21इनसे पूछा गया आपको क्या लगता है भविष्य
  478. 20:24में कोई और एलिमेंट्स आएंगे फ्यूचर में
  479. 20:26कोई और एलिमेंट्स आएंगे तो इन्होंने
  480. 20:28फ्यूचर में आने वाले एलिमेंट्स की
  481. 20:30प्रेडिक्शन के लिए मना कर दिया मतलब इनके
  482. 20:32हिसाब से फ्यूचर में इनके बीच में कोई और
  483. 20:35एलिमेंट नहीं आएगा जो कि अगेन गलत साबित
  484. 20:38हुआ। तीसरी लिमिटेशन इन्होंने बहुत सारे
  485. 20:41ऐसे एलिमेंट्स को एक दूसरे के साथ बैठाया
  486. 20:44जो जमीन और आसमान का फर्क रखते हैं। आप
  487. 20:47सबको पता है फ्लोरीन और क्लोरीन की
  488. 20:49प्रॉपर्टीज तो मैच होते हैं लेकिन क्लोरीन
  489. 20:51जो कि एक नोबल गैस ओ जो कि एक नॉन मेटल
  490. 20:54है। दुनिया के वन ऑफ दी बेस्ट नॉन मेटल्स
  491. 20:57में से एक है क्लोरीन। उसको रखा गया है
  492. 21:00कोबाल्ट और निकल के साथ जो कि बड़े अच्छे
  493. 21:02मेटल्स हैं। बड़े हार्ड मेटल्स हैं। सॉलिड
  494. 21:05है। वहीं पे क्लोरीन हम सबको पता है। नेचर
  495. 21:07में डाई एटॉमिक फॉर्म में बैठती है। गैस
  496. 21:09है। क्लोरीन इलेक्ट्रॉन लेना मतलब आप सबको
  497. 21:11पता है यार दोनों में जमीन और आसमान का
  498. 21:12फर्क है। और वहीं पे देखो आप आयरन को
  499. 21:15सल्फर के साथ बैठाया गया है। सल्फर एक नॉन
  500. 21:18मेटल है। आयरन एक मेटल है। कोई कंपैरिजन
  501. 21:20नहीं है। तो कुछ जोड़े इतने अजीब थे कि
  502. 21:22भाई साहब यकीन नहीं हुआ कि क्या किया भाई
  503. 21:24साहब ने। और हां कुछ-कुछ जगहों पे तो
  504. 21:26दो-दो एलिमेंट्स को भी एक साथ रखा गया। आओ
  505. 21:28भाई अब इनकी क्या लिमिटेशन थी? पहली
  506. 21:30लिमिटेशन मैंने आपको बता दिया। प्रॉपर्टीज
  507. 21:33कैल्शियम के बाद मैच होना बंद हो गई। मतलब
  508. 21:36मैं तो कह रहा हूं इसी प्रॉपर्टी के बाद
  509. 21:38ही इस टेबल को पढ़ना बंद कर देना चाहिए
  510. 21:40था। है ना? हां बिल्कुल। ठीक है। इसके बाद
  511. 21:42इन्होंने ये भी कहा कि उस वक्त तक जो 56
  512. 21:45एलिमेंट्स हैं जो डिस्कवर हुए हैं सिर्फ
  513. 21:47वही होंगे और फ्यूचर में नहीं आएंगे। ऐसा
  514. 21:50इनका मानना था। ठीक है ना? ऐसा इनका मानना
  515. 21:52था। ठीक है? अ आयरन जिसकी बहुत सारी
  516. 21:56प्रॉपर्टीज सिमिलर होती है कोबाल्ट और निक
  517. 21:58से उनको एक दूसरे से बहुत दूर रखा गया। ये
  518. 22:00रहा आयरन और कोबाल्ट और निक को बहुत दूर
  519. 22:02रखा गया। इनके नीचे कहीं ना कहीं रखना
  520. 22:04चाहिए था। एंड अगेन कोबाल्ट और निक को
  521. 22:07किसके साथ रखा हुआ है? क्लोरीन के साथ जो
  522. 22:09कि अगेन बहुत अजीब बात है। लेकिन मैंने
  523. 22:11आपको बताया नोट का पॉइंट कि इन सब
  524. 22:14लिमिटेशंस के बावजूद भी ये बहुत फेमस हुई।
  525. 22:18मैं तो कह रहा हूं इनको शायद अच्छे-अच्छे
  526. 22:20प्राइज भी मिले होंगे। बिकॉज़ देखो यार आप
  527. 22:22सबको पता है राइट ब्रदर्स ने हवाई जहाज
  528. 22:24बनाया। लेकिन क्या वो हवाई जहाज इतना सेफ
  529. 22:27था? मतलब हवाई जहाज तो नहीं कहेंगे एक
  530. 22:29छोटा सा प्लेन बनाया। बट आपको क्या लगता
  531. 22:31है क्या वो हवाई जहाज इतना सेफ था कि
  532. 22:33उसमें भैया बड़े अच्छे स्केल पे लोग उड़ पाए
  533. 22:36नहीं ना। बट क्रेडिट तो उनको मिलना चाहिए
  534. 22:38क्योंकि वो एक ऐसे पहले इंसान थे
  535. 22:40जिन्होंने दोनों ने मिलके भाइयों ने एक
  536. 22:43इंस्पिरेशन दी लोगों को कि देखो यार ये बन
  537. 22:47सकता है अब हमने आपको इंस्पिरेशन दे दी
  538. 22:50है। अब आप इसको और बेहतर करो और आज की डेट
  539. 22:52में आपको पता है कैसे-कैसे प्लेन आ गए भाई
  540. 22:54साहब एक देश से दूसरे देश कुछ मिनटों में
  541. 22:57पहुंच जाए। द ओनली पॉइंट इज बेटा कि यहां
  542. 23:00से शुरुआत हुई एक जर्नी की कि इन्होंने एक
  543. 23:03इंस्पिरेशन दी लोगों को कि यार देखो अगर
  544. 23:05हम इंक्रीजिंग ऑर्डर में लगा रहे हैं तो
  545. 23:07प्रॉपर्टीज मैच हो रही हैं। है ना? चाहे
  546. 23:10कैल्शियम तक क्यों हुई क्या पता ना कुछ
  547. 23:11गलती की हो लेकिन एक इंस्पिरेशन मिली। एंड
  548. 23:14दैट इज़ व्हाई ये काफी फेमस हुए। तो
  549. 23:16डिस्पाइट अबव लिमिटेशन न्यूलैंड वाज़ द
  550. 23:18फर्स्ट साइंटिस्ट जिन्होंने एलिमेंट्स को
  551. 23:20अरेंज किया था इन इंक्रीजिंग ऑर्डर ऑफ़
  552. 23:23देयर एटॉमिक मासेस। इसके बाद आए। इसके बाद
  553. 23:27आए एक और महान योद्धा जिनका नाम था
  554. 23:30मेंडलीफ
  555. 23:32और मेंडलीफ जी ने भी अपनी पीरियडिक टेबल
  556. 23:34दी। अगर मॉडर्न टेबल को छोड़ दें जो कि
  557. 23:37हमें पढ़नी है। तो मेंडलीफ जी की टेबल
  558. 23:40सबसे बेहतरीन टेबल थी। अगर हम मॉडर्न
  559. 23:43पीरियडिक टेबल की बात ना करें तो मेंडलीफ
  560. 23:45जी के द्वारा दी गई टेबल सबसे बेहतरीन
  561. 23:49टेबल थी। कैसे? इन्होंने अब अरे कहीं आपके
  562. 23:52मन में आ रहा हो क्या हमें टेबल याद करनी
  563. 23:54है। कैसी बातें कर रहे हो बेटा आप? कैसी
  564. 23:56बातें कर रहे हो? टेबल याद थोड़ी ना करनी
  565. 23:58है। बिल्कुल नहीं करनी। लेकिन हां
  566. 23:59बेसिक-बेसिक बातें पता होनी चाहिए कि
  567. 24:02मेंडलीफ जी पहले ऐसे इंसान थे जिन्होंने
  568. 24:05अपने क्लासिफिकेशन अपने टेबल के दौरान
  569. 24:08अपने टेबल में ग्रुप्स और पीरियड्स दिए।
  570. 24:11इन्होंने कहा कि ये जो है मेरे लिए
  571. 24:13फर्स्ट, सेकंड, थर्ड, फोर्थ, फिफ्थ,
  572. 24:15सिक्स्थ, सेवंथ, ए्थ ये ग्रुप्स हैं। और
  573. 24:18यहां पे इन्होंने फर्स्ट, सेकंड, थर्ड,
  574. 24:20फोर्थ, फिफ्थ, सिक्स्थ पीरियड दिया। ऑलदो
  575. 24:22आज की डेट में हमारे पास जो मॉडर्न टेबल
  576. 24:24है उसमें आठ नहीं 18 ग्रुप्स हैं। और छह
  577. 24:28नहीं सात पीरियड्स हैं जो आज की डेट में
  578. 24:30पढ़ने हैं हमें। लेकिन मेंडलीफ जी ने जो
  579. 24:32अपनी टेबल दी थी, उसमें आठ ग्रुप्स और छह
  580. 24:35पीरियड्स थे। इससे फायदा क्या होता था?
  581. 24:37किसी भी एलिमेंट तक पहुंचना बड़ा आसान था
  582. 24:40कि भैया इस ग्रुप पे जाओ, इस पीरियड पे
  583. 24:42जाओ तो उसको लोकेट करना बड़ा आसान था।
  584. 24:44सेकंडली इन्होंने भी न्यूलैंड जी की तरह
  585. 24:48एलिमेंट्स को इंक्रीजिंग ऑर्डर ऑफ़ मास में
  586. 24:50लगाया। इंक्रीजिंग ऑर्डर ऑफ़ मास में
  587. 24:53लगाया। लेकिन आपको पता है इन्होंने एक
  588. 24:55बड़ी क्रेजी बात करी। इन्होंने क्रेजी बात
  589. 24:58क्या करी कि फ्यूचर में आने वाले
  590. 25:00एलिमेंट्स के लिए इन्होंने जगह छोड़ी।
  591. 25:02इन्होंने कहा कि भैया भविष्य में फ्यूचर
  592. 25:04में कुछ एलिमेंट्स आएंगे जिनके लिए मैं
  593. 25:07जगह छोड़ रहा हूं। एग्जांपल के तौर पे
  594. 25:09एग्जांपल के तौर पे अगर आप इनकी सेकंड
  595. 25:13फर्स्ट पे आएंगे फर्स्ट पे आएंगे। लेकिन
  596. 25:15अगर आप इनकी सेकंड एक बारी फायदे पढ़ो।
  597. 25:18यहां पे हमने इनके मेरिट्स यानी फायदे
  598. 25:20लिखे हुए हैं। तो मेंडलीफ प्रेडिक्टेड द
  599. 25:22डिस्कवरी ऑफ़ सम एलिमेंट। इन्होंने फ्यूचर
  600. 25:25में आने वाले एलिमेंट्स को प्रिडिक्ट
  601. 25:26किया। कैसे? इन्होंने कहा जैसे एकका
  602. 25:29कार्बन का मतलब क्या है? ए का मतलब है
  603. 25:31नेक्स्ट टू जैसे कार्बन है तो कार्बन के
  604. 25:34नीचे इन्होंने ना खाली जगह छोड़ी और कहा
  605. 25:37कि अभी कार्बन के नीचे कुछ आया नहीं है
  606. 25:39लेकिन भविष्य में आएगा जैसे इन्होंने क्या
  607. 25:41किया था इन्होंने जो भी आ रहा था बस नीचे
  608. 25:44पहले ही जा रहे थे कार्बन के नीचे सिलिकॉन
  609. 25:46मान लो डाल दिया लेकिन इन्होंने नाम दिया
  610. 25:49एकका कार्बन कि भैया कार्बन के नीचे कुछ
  611. 25:53आएगा मैं उसको डालूंगा ऐसे ही इन्होंने
  612. 25:55नाम दिया एकका सिलिकॉन एकका एलुमिनियम
  613. 25:59मतलब मतलब जिसके भी पीछे जिसके भी नीचे
  614. 26:02कोई एलिमेंट आना था उनको उन्होंने नाम
  615. 26:03दिया। जैसे एकका कार्बन नाम दिया एकका
  616. 26:06एलुमिनियम नाम दिया। ऐका सिलिकॉन नाम
  617. 26:08दिया। एग्जांपल दे रहे हैं। अगर मान लो
  618. 26:10उनको कार्बन के नीचे जगह छोड़नी थी और
  619. 26:12कहना था कि यार यहां पे ना अभी एक एलिमेंट
  620. 26:14नहीं आया है। आएगा जिसकी प्रॉपर्टीज से
  621. 26:16मैच होंगी। तो उन्होंने उसका नाम एकका
  622. 26:18कार्बन दे दिया था कि नेक्स्ट टू कार्बन
  623. 26:20कि कार्बन के बाद कोई आएगा। ठीक है ना? और
  624. 26:22बड़ी कमाल की बात है कि आया भी। बड़ी कमाल
  625. 26:25की बात है कि स्केंडियम, गैलियम और
  626. 26:28जर्मेनियम जैसे एलिमेंट्स आए भी
  627. 26:32भविष्य में आए भी। जिसकी वजह से इनकी टेबल
  628. 26:36मार्केट में और फेमस हो गई। छा गई। ठीक
  629. 26:38है? मैंने आपको पता है इन्होंने
  630. 26:40इंक्रीजिंग ऑर्डर ऑफ़ मास में तो लगाया
  631. 26:42लेकिन ग्रुप्स और पीरियड्स भी दिए। लेकिन
  632. 26:44ये वाली बात बड़ी मजेदार थी। खैर मेंडलीफ
  633. 26:47जी ने कुछ ब्लैंक स्पेसेस छोड़ी थी अपने
  634. 26:50एलिमेंट्स के लिए और के लिए। मैंने बता
  635. 26:52दिया वो। नोबल गैसेस वर डिस्कवर्ड मच
  636. 26:54लेटर। नोबल गैसेस बहुत बाद में डिस्कवर
  637. 26:57हुई थी। लेकिन मेंडलीफ जी ने उनको
  638. 27:00प्रेडिक्ट कर लिया था। मेंडलीफ जी ने कहा
  639. 27:03था कि भविष्य में कुछ ऐसे भी लोग आएंगे जो
  640. 27:05रिएक्ट नहीं होंगे। उनको अब जीरो ग्रुप
  641. 27:07में डाल देना। अभी मैं ग्रुप वन, ग्रुप
  642. 27:09टू, ग्रुप थ्री, ग्रुप फोर, फाइव, सिक्स,
  643. 27:107 एट दे रहा हूं। लेकिन भविष्य में कुछ
  644. 27:12ऐसे एलिमेंट्स भी आएंगे जो किससे रिएक्ट
  645. 27:14नहीं होंगे। आप उन्हें जीरो ग्रुप में डाल
  646. 27:16देना। तो मेरे हिसाब से महान इंसान। लेकिन
  647. 27:18इनसे भी गलतियां हुई काफी। सबसे पहली गलती
  648. 27:21यह हाइड्रोजन की पोजीशन को लगा नहीं पाए।
  649. 27:24हाइड्रोजन फर्स्ट ग्रुप में भी आ रहा था
  650. 27:27और हाइड्रोजन सेवंथ ग्रुप में भी आ रहा
  651. 27:30था। उसकी बहुत सारी प्रॉपर्टीज फर्स्ट
  652. 27:32ग्रुप से मैच हो रही थी और उसकी बहुत सारी
  653. 27:34प्रॉपर्टीज सेवंथ ग्रुप से मैच हो रही थी।
  654. 27:36तो हाइड्रोजन को ये लगा नहीं पाए और शायद
  655. 27:38आप में से बहुत सारे बच्चे जानते हो कि
  656. 27:40हाइड्रोजन की पोजीशन इनके लिए भी लिमिटेशन
  657. 27:43थी और आज की डेट में जो मॉडर्न पीरियडिक
  658. 27:45टेबल है उसके लिए भी लिमिटेशन है। आओ
  659. 27:48लिमिटेशन पे आ गए हैं। ये फायदे थे। ये
  660. 27:50मेरिट्स थे। आओ लिमिटेशन पे आ जाएं।
  661. 27:52हाइड्रोजन हैज़ बीन प्लेस्ड। फर्स्ट ग्रुप
  662. 27:55में इसको डाला तो गया है। आप अगर देखो तो
  663. 27:57इसको फर्स्ट ग्रुप में डाला तो गया है।
  664. 28:00लेकिन क्या लिखा हुआ है? देखो। इसकी कुछ
  665. 28:02प्रॉपर्टीज अल्कली मेटल से मैच होती तो
  666. 28:04है। लेकिन ऑन अदर हैंड हाइड्रोजन तो H2
  667. 28:08फॉर्म में बैठता है। जिसकी वजह से बहुत
  668. 28:10सारी प्रॉपर्टीज हैलोजन यानी कि कौन से
  669. 28:13ग्रुप से शो करता है? सेवंथ ग्रुप से शो
  670. 28:15करता है। जिसकी वजह से इसको आज तक आज तक
  671. 28:19मेंडलीफ तक के टाइम में तो छोड़ दो। आज तक
  672. 28:21भी इसको एक एग्जैक्ट पोजीशन नहीं मिली है।
  673. 28:23तो ये एक पहली लिमिटेशन हो गई। दूसरी
  674. 28:26लिमिटेशन है पोजीशन ऑफ़ आइसोटोप्स।
  675. 28:28स्ट्रक्चर ऑफ़ एटम में हमने क्या पढ़ा?
  676. 28:30आइसोटोप्स। क्या होते हैं? आइसोटोप्स।
  677. 28:32आइसोटोप्स होते हैं जिनका सेम एटॉमिक नंबर
  678. 28:36होता है। जैसे कार्बन है, कार्बन है। छह
  679. 28:38आया, छह आया। एक 12 आ गया, एक 14 आ गया।
  680. 28:41अब आप मुझे बताओ कार्बन कार्बन छह है।
  681. 28:43इनकी केमिकल प्रॉपर्टी तो सेम ही होंगी
  682. 28:45ना। बट क्योंकि आप इंक्रीजिंग ऑर्डर ऑफ
  683. 28:47मास में लगा रहे हो। तो 12 वाला अलग डब्बे
  684. 28:50में आना चाहिए और 14 वाला अलग डब्बे में
  685. 28:52आना चाहिए। समझ गए? मेंडलीफ जी ने क्या
  686. 28:54कहा? मैं इंक्रीजिंग ऑर्डर में लगा रहा
  687. 28:56हूं। मास के नंबर के नहीं मास के। तो भैया
  688. 29:0012 वाला पहले आएगा फिर 14 वाला आएगा दोनों
  689. 29:02अलग-अलग ग्रुप में आ जाएंगे। लेकिन इनकी
  690. 29:04तो प्रॉपर्टी सेम है। तो इसीलिए ये
  691. 29:07आइसोटोप्स को भी अपडेट टेबल में नहीं लगा
  692. 29:10पाए। और लास्ट गलती मेरे हिसाब से बड़ी
  693. 29:13खतरनाक गलती। इन्होंने कुछ एलिमेंट्स को
  694. 29:16जान के रॉन्ग ऑर्डर में लगाया ताकि
  695. 29:19प्रॉपर्टीज मैच हो। शायद आपको दिख जाए।
  696. 29:22नहीं तो आप देखो वो दिख ही रहा होगा मुझे
  697. 29:24लग रहा है। मैं वरना ज़ूम कर दूं क्या?
  698. 29:27कोबाल्ट और निक पर थोड़ा ध्यान दो।
  699. 29:29कोबाल्ट और निक पर थोड़ा ध्यान दो अगर दिख
  700. 29:32रहा हो आपको तो कोबाल्ट जो है उसका मास
  701. 29:3558.93
  702. 29:36है और निक का मास 58.71
  703. 29:40है। यस और नो। अब 93 पहले आना चाहिए या 71
  704. 29:43पहले आना चाहिए? तो ऑब्वियस सी बात है 71
  705. 29:45पहले आना चाहिए। तो प्रॉपर्टीज को मैच
  706. 29:47करने के चक्कर में इन्होंने कोबाल्ट और
  707. 29:49निकल को भी आगे पीछे लगा दिया। जो कि गलत
  708. 29:53बात है। बिकॉज़ आपको आपने बोला था कि मैं
  709. 29:55इंक्रीजिंग ऑर्डर ऑफ एटॉमिक मास में लगा
  710. 29:59रहा हूं। तो ये तीन इनकी बन जाती है
  711. 30:01लिमिटेशंस
  712. 30:03एंड मुबारक हो। हम पिछली जितनी टेबल देखो
  713. 30:07तीनों में क्या खास डोबर्नर एक प्रकार से
  714. 30:09पहला क्लासिफिकेशन। न्यूलैंड जी पहले ऐसे
  715. 30:12इंसान जिन्होंने इंक्रीजिंग ऑर्डर ऑफ़ मास
  716. 30:14में लगाया एलिमेंट्स को। और मेंडलीफ जी
  717. 30:16पहले ऐसे इंसान जिन्होंने ग्रुप्स और
  718. 30:18पीरियड्स बनाए। फ्यूचर में आने वाले कम
  719. 30:20फार्मूलों को भी प्रिडिक्ट किया था।
  720. 30:21हाइड्राइड्स और ऑक्साइड्स को भी ये लिखा
  721. 30:24नहीं हुआ। यहां ये भी एक इंपॉर्टेंट पॉइंट
  722. 30:26था कि इन्होंने फ्यूचर में आने वाले लोगों
  723. 30:28के फार्मूलों को भी प्रिडिक्ट किया था।
  724. 30:30जैसे अगर आप देखो तो इन्होंने यहां कहा था
  725. 30:32कि यहां पे जो भी ऑक्साइड्स आएंगे उनका
  726. 30:34फार्मूला RO होगा। जो भी हाइड्राइड्स
  727. 30:37आएंगे उनका फार्मूला RH4 होगा। ऑलदो इनमें
  728. 30:39से कुछ चीजें गलत साबित हुई थी। लेकिन
  729. 30:41मेरिट्स में मुझे एक और बात डालनी चाहिए
  730. 30:43और वही है कि ही गिव
  731. 30:51फार्मूला फॉर
  732. 30:56ऑक्साइड्स एंड
  733. 30:59हाइड्रोक्स एंड हाइड्राइड्स सॉरी इन्होंने
  734. 31:02हाइड्राइड्स और ऑक्साइड्स का जनरल
  735. 31:04फार्मूला दिया जिससे कि हम किसी भी
  736. 31:06एलिमेंट के उस टेबल को देख के ये पता लगा
  737. 31:09सकते थे कि इसके हाइड्राइड और ऑक्साइड का
  738. 31:12क्या फार्मूला होगा? और यह तब की बात हो
  739. 31:14रही है जब हम वैलेंसी वगैरह से फार्मूला
  740. 31:16नहीं निकालना जानते थे। तो एक बहुत बड़ी
  741. 31:18बात थी। है ना? लेकिन इनके अंदर भी कुछ
  742. 31:20लिमिटेशंस आई। तो फिर मॉडर्न पीरियडिक
  743. 31:23टेबल ने ऐसा क्या किया? मॉडर्न पीरियडिक
  744. 31:26टेबल ने ऐसा क्या किया कि ये सारी
  745. 31:28लिमिटेशंस को दूर किया गया। ये हम पढ़ेंगे।
  746. 31:31लेकिन मैं चाहूंगा इससे पहले आप इन तीनों
  747. 31:33टेबल क्या इन तीनों टेबल से एग्जाम में
  748. 31:34कुछ आता है? मोस्टली चांसेस हैं कि अगर
  749. 31:37कुछ आया भी तो लिमिटेशंस ज्यादा आने के
  750. 31:39चांसेस हैं। लिमिटेशंस बाकी चांसेस थोड़े
  751. 31:42कम है। आगे आने वाले बहुत अच्छे टॉपिक हैं
  752. 31:44उनसे मेजरली आएगा बट लिमिटेशंस आने के
  753. 31:46चांसेस थोड़े से ज्यादा हैं। अदरवाइज आगे
  754. 31:49का बट फिर भी मैं कहूंगा एक बार रिवाइज कर
  755. 31:51लो जल्दी से आगे बढ़ने से पहले। अब अगर हम
  756. 31:54लोग बात करें मॉडर्न पीरियडिक टेबल। देखो
  757. 31:57ये तो अ सबको पता ही होगा शायद कि ये
  758. 31:59हमारी मॉडर्न पीरियडिक टेबल है। लेकिन
  759. 32:01मॉडर्न पीरियडिक टेबल को पढ़ने से पहले
  760. 32:03उससे दोस्ती करना जरूरी है। किसी भी चीज
  761. 32:06को पढ़ना है उसके बारे में जानना है तो
  762. 32:08पहले दोस्ती करना जरूरी है। और ये बात
  763. 32:10वापस आ जाओ। मैं पीरियडिक टेबल के लिए ही
  764. 32:13कर रहा हूं। दोस्ती कैसे करेंगे? तो पहले
  765. 32:16थोड़ा सा पहचानते हैं इसको कि मॉडर्न
  766. 32:17पीरियडिक टेबल किस बेसिस पे इनमें
  767. 32:20एलिमेंट्स को अरेंज किया गया। इसमें कितने
  768. 32:22ग्रुप्स हैं? कितने पीरियड्स हैं? और ऐसा
  769. 32:24नहीं कि सिर्फ सात ग्रुप्स पढ़ा और छह
  770. 32:27पीरियड्स पढ़ा, आठ ग्रुप्स और छह पीरियड्स
  771. 32:29पढ़ा। ऐसा वाला जो अभी मेंडलीफ में हुआ था
  772. 32:31और आगे बढ़ गए। नहीं हमें अब यहां पे हर एक
  773. 32:33चीज को छोटी-छोटी डिटेल्स को इकट्ठा करते
  774. 32:36चलना है। और ये सारे डिटेल्स आपके काम आते
  775. 32:38रहेंगे। और मैं आपको सलाह दूंगा कि मॉडर्न
  776. 32:40पीरियडिक टेबल आप अपने सामने खोल के
  777. 32:43रखिएगा। जब भी हम लोग ये आगे का अब चैप्टर
  778. 32:46पढ़ने वाले हैं। क्योंकि मैं बार-बार इस
  779. 32:47पेज पे आऊंगा। मेरे लिए मुश्किल हो जाएगा।
  780. 32:49मैं आऊंगा। बट फिर भी आप अपने सामने
  781. 32:52एनसीईआरटी में भी मॉडर्न पीरियडिक टेबल
  782. 32:54है। इंटरनेट पे हर जगह है या फिर ये लो
  783. 32:56मैं साइड हो जाता हूं। स्क्रीनशॉट ले लो।
  784. 32:58लेकिन मॉडर्न पीरियडिक टेबल आप अपने सामने
  785. 33:00खोल के रखना। क्योंकि अब हम जो भी पढ़ने
  786. 33:02जा रहे हैं उसका इसमें इस्तेमाल है। ठीक
  787. 33:04है? डन। तो पहले तो मॉडर्न पीरियोडिक टेबल
  788. 33:07में हमें पढ़ना होगा कि हमने इसमें तीन
  789. 33:09डिवीजंस किए हुए हैं। सॉरी। सबसे पहला
  790. 33:12डिवीजन है यहां पे ग्रुप्स। ग्रुप्स क्या
  791. 33:15हैं भैया? ये जो आप ये जो आप वर्टिकल
  792. 33:18कॉलम्स देख रहे हो ये हैं ग्रुप्स और अगर
  793. 33:21आप ध्यान से देखें तो ऐसे आपको 18 वर्टिकल
  794. 33:24कॉलम्स मिलेंगे। ये पहला वर्टिकल कॉलम है।
  795. 33:27ये दूसरा वर्टिकल कॉलम है। ये तीसरा
  796. 33:29वर्टिकल कॉलम है। ऐसे करते हुए 18 चौथा
  797. 33:32पांचवा छठा सातवां 8 9 10 11 12 13 14 15
  798. 33:3616 17 18 तो 18 ग्रुप्स आपको यहां पे
  799. 33:39मिलेंगे। यानी मेंडलीफ जी की टेबल में
  800. 33:42जहां पे आपके पास आठ ग्रुप्स थे। यहां पे
  801. 33:4518 ग्रुप्स हैं। फिर आपको जो ये
  802. 33:47हॉरिजॉन्टल कॉलम्स दिख रहे हैं जो बीच-बीच
  803. 33:49में से टूट रहे हैं। जैसे ये फर्स्ट वाले
  804. 33:52हॉरिजॉन्टल कॉलम में सिर्फ दो एलिमेंट
  805. 33:54हैं। सेकंड वाले में आप देख सकते हैं आठ
  806. 33:55हैं। इन्हें पीरियड्स कहते हैं। और ऐसे
  807. 33:57अगर आप देखोगे तो 1 2 3 4 5 6 सात
  808. 34:04पीरियड्स हैं। ये कौन है बताऊंगा अभी।
  809. 34:06लेकिन सात पीरियड्स हैं। यानी यहां से 1 2
  810. 34:093 4 5 6 और सात। तो कुल मिलाके यहां पे
  811. 34:13हमारे पास सात पीरियड्स हैं। तो यह सब
  812. 34:16लिखा हुआ है। टेंशन मत लो लिखने की। तो
  813. 34:18क्या बोला मैंने? हमारी मॉडर्न पीरियडिक
  814. 34:20टेबल में 18 ग्रुप्स हैं और सात पीरियड्स
  815. 34:24हैं। इतना समझे? पहली बात। ठीक है? अब
  816. 34:26दूसरी बात पे आते हैं। हमारी मॉडर्न
  817. 34:28पीरियडिक टेबल में इन एलिमेंट्स को अरेंज
  818. 34:31कैसे किया गया है? तो आंसर है सबको अरेंज
  819. 34:34किया गया है इन इंक्रीजिंग ऑर्डर ऑफ
  820. 34:37एटॉमिक नंबर। जी हां, अभी तक जितने भी
  821. 34:41क्लासिफिकेशन हुए जिनमें से बहुत तो आपको
  822. 34:43पढ़ाए भी नहीं जा रहे बिकॉज़ वो सुपर फेल
  823. 34:45थे। लगभग सारे क्लासिफिकेशन थे इंक्रीजिंग
  824. 34:49ऑर्डर ऑफ मास में। या तो किसी और फैक्ट पे
  825. 34:53लेकिन अगर इंक्रीजिंग ऑर्डर में लगाने की
  826. 34:54बात हुई थी तो हम सभी ने मास में लगाया
  827. 34:57था। जिनमें से दो को तो हम पढ़ चुके हैं।
  828. 34:59लेकिन मॉडर्न पीरियडिक टेबल का जो लॉ है
  829. 35:02यानी मॉडर्न लॉ मॉडर्न पीरियडिक लॉ ये
  830. 35:05कहता है कि अगर एलिमेंट्स को इंक्रीजिंग
  831. 35:07ऑर्डर ऑफ एटॉमिक नंबर में अरेंज किया जाए
  832. 35:10तो प्रॉपर्टीज रिपीट होती हैं। आओ पढ़ते
  833. 35:13हैं मॉडर्न पीरियडिक टेबल के बारे में। तो
  834. 35:16लॉ ऑफ़ मॉडर्न पीरियडिक टेबल कहता है दैट
  835. 35:19प्रॉपर्टीज जो हैं प्रॉपर्टीज जो है ऑफ
  836. 35:22एलिमेंट्स आर पीरियडिक फंक्शन। पीरियडिक
  837. 35:26फंक्शन मतलब व्हिच रिपीट्स है ना पीरियडिक
  838. 35:28फंक्शन ऑफ देयर एटॉमिक नंबर ये ध्यान रखना
  839. 35:32भैया ये पीरियडिक फंक्शन है इनके किसका
  840. 35:36एटॉमिक नंबर का पीरियडिक फंक्शन है भाई
  841. 35:39एटॉमिक नंबर का पीरियडिक फंक्शन है मास का
  842. 35:43नहीं तो ये बहुत बड़ी बात यहां पे बोली गई
  843. 35:45ठीक है इन द मॉडर्न पीरियडिक टेबल
  844. 35:47एलिमेंट्स को अरेंज किया गया है इन
  845. 35:50इंक्रीजिंग ऑर्डर ऑफ़ एटॉमिक नंबर
  846. 35:52एलिमेंट्स क्योंकि वो एटॉमिक नंबर नंबर पे
  847. 35:55डिपेंड करते हैं। तो इसलिए उनको एटॉमिक
  848. 35:57मास की बजाय इस बार हमने एटॉमिक नंबर
  849. 36:00हाइड्रोजन आपको एटॉमिक नंबर एक से 20 तो
  850. 36:02याद ही होंगे। हाइड्रोजन, हीलियम, लिथियम,
  851. 36:05बेरिलियम, बोरोन, कार्बन, नाइट्रोजन,
  852. 36:07ऑक्सीजन, फ्लोरीन, नियॉन, सोडियम,
  853. 36:10मैग्नीशियम, एलुमिनियम ऐसे करके हमने इनको
  854. 36:12एक से 20 तो आपको पता ही है। आगे के अगर
  855. 36:14नहीं भी पता है, कोई बात नहीं। लेकिन,
  856. 36:16हमने इंक्रीजिंग ऑर्डर ऑफ़ एटॉमिक नंबर में
  857. 36:18इनको अरेंज किया है। यह जो वर्टिकल कॉलम्स
  858. 36:21आपको दिख रहे हैं, इनको हमने नाम दिया है
  859. 36:23ग्रुप्स। ठीक है ना? और हॉरिजॉन्टल जो
  860. 36:26कॉलम आपको दिख रहे हैं, इनको नाम दिया गया
  861. 36:28है पीरियड्स। ठीक है? मॉडर्न पीरियडिक
  862. 36:31टेबल में 18 हमारे पास ग्रुप्स हैं और सात
  863. 36:34हमारे पास पीरियड्स हैं। मॉडर्न पीरियडिक
  864. 36:37टेबल में 18 हमारे पास ग्रुप्स हैं और सात
  865. 36:40हमारे पास पीरियड्स हैं। एलिमेंट हैविंग
  866. 36:42सेम। अब यहां पे बैलेंस स्पेलिंग मिस्टेक।
  867. 36:47अब यहां पे वैसे तो हम इसको आगे डिटेल में
  868. 36:49पढ़ेंगे। बट अभी के लिए इन्होंने ये बताया
  869. 36:51हुआ है कि हमने ऐसे किन लोगों को अरेंज
  870. 36:54किया हुआ है। तो ऐसे उन लोगों को अरेंज
  871. 36:56किया हुआ है जिनके वैलेंस इलेक्ट्रॉन्स।
  872. 36:58वैलेंस इलेक्ट्रॉन्स सबको पता है। लास्ट
  873. 37:00शेल में आने वाले इलेक्ट्रॉन्स को हम
  874. 37:02वैलेंस इलेक्ट्रॉन बोलते हैं। तो हमने
  875. 37:04यहां जो एलिमेंट्स को रखा हुआ है वो कौन
  876. 37:06से एलिमेंट्स हैं? जिनके वैलेंस
  877. 37:08इलेक्ट्रॉन्स सेम हैं। यानी कि अगर आप
  878. 37:11हाइड्रोजन की कॉन्फ़िगरेशन करोगे तो क्या
  879. 37:13आएगी? वन आएगी। वन आएगी। लिथियम की करोगे
  880. 37:16तो क्या आएगी? टू वन आएगी। सोडियम की क्या
  881. 37:19आएगी? 281 आएगी। पोटैशियम की क्या आएगी? 2
  882. 37:2288 81 आएगी। यानी इन सबके आउटरमोस्ट में
  883. 37:26एक-एक इलेक्ट्रॉन आपको मिलेगा। ऐसे इन
  884. 37:29सबके आउटर मोस्ट में दो-दो इलेक्ट्रॉन
  885. 37:31मिलेंगे। बेरिलियम क्या होता है? 2
  886. 37:33मैग्नीशियम क्या होता है? 2 8 2 कैल्शियम
  887. 37:36क्या होता है? 2 88 8 2 यानी इन सबके आउटर
  888. 37:39मोस्ट में लाल वालों में सबके आउटर मोस्ट
  889. 37:41में दो इलेक्ट्रॉन आएंगे। ऐसे इन सबके
  890. 37:43आउटरमोस्ट में सात इलेक्ट्रॉन आएंगे। सात
  891. 37:46फ्लोरीन होता है 2 7 फ्लोरीन होता है 2 8
  892. 37:497 सबके आउटरमोस्ट में सात इलेक्ट्रॉन
  893. 37:51आएंगे इनके आठ आएंगे इनके छह आएंगे यानी
  894. 37:54ग्रुप्स में जिनको लगाया गया है उनके
  895. 37:56वैलेंस इलेक्ट्रॉन्स सेम होते हैं। अब अगर
  896. 37:59वैलेंस इलेक्ट्रॉन सेम है तो अकल लगा सकते
  897. 38:01हैं। इनकी वैलेंसी भी सेम होंगी जिसकी वजह
  898. 38:04से हम आगे पढ़ेंगे कि इनकी प्रॉपर्टीज़ भी
  899. 38:06सेम होने वाली है। लेकिन जो पीरियड्स हैं
  900. 38:09उनके पास सेम नंबर ऑफ शेल्स हैं। शेल्स
  901. 38:12जैसे हाइड्रोजन और हीलियम एक पीरियड में
  902. 38:14हैं। इनके पास एक शेल है K शेल। लेकिन
  903. 38:17वहीं पे अगर आप देखो अच्छा मैंने आपको
  904. 38:19बोला इन सबके पास आठ आएंगे। इनमें
  905. 38:21एक्सेप्शनल केसेस भी हैं। जैसे हीलियम के
  906. 38:23आउटर मोस्ट में सिर्फ दो ही इलेक्ट्रॉन
  907. 38:25होते हैं। बट बाकी सबके आठ होते हैं। बट
  908. 38:27फिर भी वो नोबल गैस में है। एक्सेप्शनल
  909. 38:29केस देखो भैया हम अभी क्या आप कभी शॉपिंग
  910. 38:32मॉल में गए हो और कभी ऐसा हुआ है कि कोल्ड
  911. 38:34ड्रिंक के कोल्ड ड्रिंक वाले कंटेनर कोल्ड
  912. 38:36ड्रिंक वाले एरिया में गलती से कोई
  913. 38:38बिस्किट का पैकेट भी रख गया भाई। कोई
  914. 38:41टूथपेस्ट भी रख गया। एक्सेप्शनल केसेस
  915. 38:44जैसे वहां होते हैं। यहां पे भी
  916. 38:46एक्सेप्शनल केसेस होंगे। लेकिन अभी हां
  917. 38:48पहले दोस्ती तो करो। जनरल बातें तो करो।
  918. 38:51है ना? दोस्ती तो करो। जनरल बातें तो करो।
  919. 38:53दोस्ती करोगे। जनरल बातें करोगे तो फिर
  920. 38:56खामियां भी धीरे-धीरे अपने आप मिल जाएंगी।
  921. 38:58दोस्ती करने से पहले आप खामियां ढूंढने
  922. 39:00चले गए हो। दोस्ती कैसे गहरी होगी बेटा?
  923. 39:02क्या गहरी बात बोली है मैंने। कहने का
  924. 39:04मतलब समझो। ये वो लोग हैं जिनमें वैलेंस
  925. 39:07इलेक्ट्रॉन सेम हैं। और ये वो लोग हैं
  926. 39:10पीरियड्स में कौन लोग आएंगे जिनका शेल्स
  927. 39:12जिनके पास इक्वल नंबर ऑफ शेल्स हैं। सेम
  928. 39:15नंबर ऑफ शेल्स हैं। जैसे पहले वाले के पास
  929. 39:17एक ही शेल है के शेल। अगले वालों के पास K
  930. 39:20और L है। लिथियम, बेरिलियम, बोरोन, कार्बन
  931. 39:22से लेके नियॉन तक सबके पास दो शेल्स हैं।
  932. 39:25यहां पे सोडियम से लेके आर्गन तक सबके पास
  933. 39:29तीन शेल्स हैं। यहां पे पोटैशियम से लेके
  934. 39:32एंड तक ये सॉरी ये सॉरी सॉरी सॉरी
  935. 39:34क्रिप्टॉन तक सबके पास चार शेल्स हैं।
  936. 39:36पांच शेल्स हैं। छह हैं, सात हैं। ये कौन
  937. 39:39है? बात करने। तो आपको समझना होगा क्या
  938. 39:41मैंने बोला। दोस्ती करो। एलिमेंट जिनके
  939. 39:43पास सेम नंबर ऑफ वैलेंस इलेक्ट्रॉन्स हैं।
  940. 39:47जिनके वैलेंस इलेक्ट्रॉन्स सेम हैं उनको
  941. 39:50हमने सेम ग्रुप में डाला हुआ है। और जिनके
  942. 39:53पास सेम नंबर ऑफ शेल्स हैं उनको हमने सेम
  943. 39:56पीरियड में डाला हुआ है। डन है? ठीक है?
  944. 39:59अब सुनो।
  945. 40:00अब ये जो पीरियड्स है पीरियड्स आप देख रहे
  946. 40:03होंगे हर एक पीरियड में हर एक ग्रुप में
  947. 40:05इक्वल नंबर ऑफ एलिमेंट्स बैठे नहीं हुए
  948. 40:07हैं। जैसे पहले पीरियड में दो ही एलिमेंट
  949. 40:09बैठे हुए हैं। इसलिए पहले पीरियड को नाम
  950. 40:11दिया जाता है वेरी शॉर्ट पीरियड। जो
  951. 40:14फर्स्ट पीरियड है अगर आप देखो उसमें दो
  952. 40:16एलिमेंट है। तो जो पीरियड है पीरियड
  953. 40:20उसमें जो फर्स्ट पीरियड है इसका नाम दिया
  954. 40:23गया है वेरी शॉर्ट। वेरी शॉर्ट पीरियड।
  955. 40:27क्यों? क्योंकि सिर्फ इसमें कितने
  956. 40:29एलिमेंट्स हैं? कितने एलिमेंट्स हैं? दो
  957. 40:31एलिमेंट्स हैं। इसके बाद सेकंड और थर्ड
  958. 40:34पीरियड को शॉर्ट बोला गया है। बिकॉज़ इसमें
  959. 40:36आठ एलिमेंट्स हैं। आठ एलिमेंट्स हैं। तो
  960. 40:38वहीं पे सेकंड और थर्ड पीरियड को
  961. 40:44शॉर्ट पीरियड कहा गया है। शॉर्ट पीरियड
  962. 40:46कहा गया है। शॉर्ट पीरियड कहा गया है। फिर
  963. 40:49वहीं पे अगर आप देखें तो जो हमारा फोर्थ
  964. 40:51है और जो हमारा फिफ्थ है इसमें 18
  965. 40:53एलिमेंट्स हैं। आप गिन सकते हो। यानी जो
  966. 40:55हमारा फोर्थ पीरियड है और जो हमारा फिफ्थ
  967. 40:57पीरियड है इनमें 18 एलिमेंट्स हैं। तो
  968. 41:00हमारा जो पीरियड
  969. 41:03फोर्थ है और जो फिफ्थ है इसको लॉन्ग
  970. 41:06पीरियड कहते हैं। क्योंकि इसमें 18
  971. 41:08एलिमेंट्स हैं। अब यहां पे बड़ी प्यारी
  972. 41:11बात है। अगर आप सिक्स्थ और सेवंथ पीरियड
  973. 41:15देखेंगे। अगर आपने मेरे कहने पे फोर्थ
  974. 41:17पीरियड और फिफ्थ पीरियड देखा है और गिना
  975. 41:20है तो 18 एलिमेंट मिले होंगे। अब आप मेरे
  976. 41:23कहने पे सिक्स्थ और सेवंथ पीरियड को भी
  977. 41:25देखो। तो अब आप कहोगे सर सिक्स्थ और सेवंथ
  978. 41:27में भी 18 एलिमेंट्स ही हैं। अरे सर उसी
  979. 41:29के नीचे ही तो है। बट अगर आप ध्यान से देख
  980. 41:32पा रहे हैं मेरी बात तो ध्यान से एक बात
  981. 41:35नोटिस कीजिएगा कि हमने इनको अरेंज किया
  982. 41:38इंक्रीजिंग ऑर्डर में। तो यहां पे लिखा
  983. 41:40हुआ है 56। नहीं तो मैं आपको कह रहा था
  984. 41:42अपने मॉडर्न पीरियोडिक टेबल खोल लो। अब 55
  985. 41:4656 इसके बाद 57 आना चाहिए। जैसे यहां पे
  986. 41:4837 है, 38 है, 39 है, 40 है, 41 है।
  987. 41:52इंक्रीजिंग ऑर्डर ऑफ़ एटॉमिक नंबर में
  988. 41:54लगाया गया। तो 55 के बाद 56 आना चाहिए था।
  989. 41:57उसके बाद मतलब 56 तो आया है लेकिन उसके
  990. 41:59बाद 57 आना चाहिए था। लेकिन यहां पे गैप
  991. 42:02दे के 72 लिखा हुआ है। यानी 56 से लेके 72
  992. 42:06के बीच के जो 14 एलिमेंट है वो कहां है?
  993. 42:09तो आंसर है नीचे। देखो 55 लिखा हुआ है।
  994. 42:12फिर यहां पे लिखा हुआ है 56। 55
  995. 42:15माय बैड। माय बैड। 56 लिखा हुआ है तो यहां
  996. 42:18लिखा है 57 58 59 ऐसे एंड तक लिखा हुआ है
  997. 42:2171 फिर यहां पे लिखा हुआ है 72 देखो एंड
  998. 42:25तक लिखा हुआ है 71 फिर यहां पे आ गया
  999. 42:28हमारे पास कौन 72 कहने का सिर्फ और सिर्फ
  1000. 42:31मतलब ये है कि हमने यहां से कुछ एलिमेंट्स
  1001. 42:34को यहां से कुछ एलिमेंट्स को निकाल के
  1002. 42:38बाहर रखा है। हमने यहां से कुछ एलिमेंट्स
  1003. 42:41को ये जो पिंक वाला ब्लॉक आप देख रहे हो
  1004. 42:43ये सारे पिंक एलिमेंट यहां से निकाल के
  1005. 42:46यहां रखे गए हैं। और ये जो आप यहां पे देख
  1006. 42:48रहे हो ऑरेंज वाले एलिमेंट्स इनको भी यहां
  1007. 42:50से निकाल के यहां रखा गया है। बाहर क्यों
  1008. 42:52रखा गया है? ये आप धीरे-धीरे आज इस वन शॉट
  1009. 42:56के एंड तक जान जाओगे। आज आप जान जाओगे।
  1010. 42:59सब्र रखना पड़ेगा। मैंने कहा था पहले
  1011. 43:00दोस्ती करो। बाहर क्यों रखा हुआ है? इसमें
  1012. 43:03ये खामी कैसे आ गई? बाद की बात है। लेकिन
  1013. 43:05हां अगर आप ओवरऑल इनको यहां पर कंसीडर
  1014. 43:08करते हो तो इनमें आपको 18 नहीं टोटल कितने
  1015. 43:11एलिमेंट्स मिलेंगे? 32। 18 तो हैं ही हैं।
  1016. 43:15साथ ही साथ 14 नीचे भी हैं। तो 32 एलिमेंट
  1017. 43:18मिलेंगे और नीचे ही 32 मिलेंगे। दैट इज
  1018. 43:20व्हाई छठे और सातवें को वेरी लॉन्ग पीरियड
  1019. 43:24कहते हैं। वेरी लॉन्ग पीरियड कहते हैं।
  1020. 43:26वेरी लॉन्ग पीरियड।
  1021. 43:29ठीक है? क्योंकि इसमें कितने एलिमेंट आते
  1022. 43:31हैं? 32 एलिमेंट आते हैं। ऐसा भी लिख देते
  1023. 43:34हैं काम आ जाएगा। इसमें कितने एलिमेंट आते
  1024. 43:36हैं? 18 एलिमेंट्स आते हैं।
  1025. 43:39और इसमें कितने एलिमेंट्स आते हैं भैया?
  1026. 43:42आठ एलिमेंट्स आते हैं। आठ एलिमेंट्स
  1027. 43:46और इसमें सिर्फ दो एलिमेंट्स आ रहे हैं।
  1028. 43:48इसलिए इसको वेरी शॉर्ट पीरियड कह रहे हैं।
  1029. 43:51तो भैया पीरियड से तो दोस्ती हो गई हमारी।
  1030. 43:53ठीक है? सात पीरियड हैं। नंबर ऑफ
  1031. 43:56एलिमेंट्स के हिसाब से इनको कुछ ना कुछ
  1032. 43:57नाम दिया गया। इतना इंपॉर्टेंट नहीं है।
  1033. 43:59लेकिन इससे ज्यादा इंपॉर्टेंट है अब
  1034. 44:02ग्रुप्स के नाम। हमने हर एक ग्रुप को कुछ
  1035. 44:05ना कुछ नाम देने की कोशिश करी है। कुछ को
  1036. 44:08नहीं दे पाए हैं। कुछ को दिए हैं उनके
  1037. 44:09प्रॉपर्टी के हिसाब। हमने नहीं दिए मतलब
  1038. 44:11हमारी केमिस्ट्री ने दिए। कहीं आप सोचो
  1039. 44:12मैंने दिए। तो इन सब ग्रुप्स के कुछ ना
  1040. 44:16कुछ नाम है। आओ पढ़ते हैं एग्जाम में पूछा
  1041. 44:18जाता है। जैसे कि जो फर्स्ट ग्रुप है इनको
  1042. 44:21बोला गया है अल्कली मेटल्स। आई होप आपको
  1043. 44:23मैं इसका कारण बता चुका हूं। जो डोबर्नर
  1044. 44:26जी के ट्रायड में बताया गया था। ये सब
  1045. 44:28अल्कली मेटल्स क्यों बोले जाते हैं?
  1046. 44:30क्योंकि इनमें सब के सब पानी में जाने के
  1047. 44:33बाद बेस बनाते हैं जो वो वाटर सॉलुबल होते
  1048. 44:35हैं सिवाय हाइड्रोजन के। ये भी मैं आपको
  1049. 44:37बता चुका हूं कि मेंडलीफ जी की टेबल में
  1050. 44:40भी हाइड्रोजन लिमिटेशन था और हमारी टेबल
  1051. 44:42में भी हाइड्रोजन लिमिटेशन है। देखो ये
  1052. 44:44सारे ऑरेंज कलर के हैं। ऑरेंज स्टैंड्स
  1053. 44:46फॉर मेटल्स। लेकिन ये हमारे पास ग्रे कलर
  1054. 44:48का है। ग्रे स्टैंड फॉर नॉन मेटल जो कि
  1055. 44:50वहां होना चाहिए था। या फिर यहां ये भी
  1056. 44:53नॉन मेटल नहीं है। बस इनको हैलोजन बोला
  1057. 44:54हुआ है। तो अलग रंग दिया हुआ है। इन शॉर्ट
  1058. 44:57हाइड्रोजन यहां भी हो सकता है। और अभी हम
  1059. 45:00पढ़ेंगे पढ़ा भी चुका हूं। फ्लोरीन,
  1060. 45:01क्लोरीन, ब्रोमीन, आयोडीन, हैलोजन। हैलोजन
  1061. 45:03से प्रॉपर्टीज मैच करता है तो वहां भी हो
  1062. 45:05सकता है। इसीलिए जब भी मैं फर्स्ट ग्रुप
  1063. 45:07के बारे में पढ़ा रहा होगा, आप हाइड्रोजन
  1064. 45:09को कंसीडर मत करना। तो फर्स्ट ग्रुप में
  1065. 45:12सब के सब आते हैं अल्कली मेटल। सेकंड
  1066. 45:14ग्रुप में भी बता चुका हूं आपको। कौन आते
  1067. 45:16हैं? अल्कलाइन अर्थ मेटल। अर्थ क्यों?
  1068. 45:18अर्थ क्यों? अर्थ इसलिए बिकॉज़ ये सारे के
  1069. 45:21सारे अर्थ क्रस्ट में पाए जाते हैं। सर ये
  1070. 45:24अर्थ क्रस्ट में नहीं पाए जाते। ये समुद्र
  1071. 45:26से निकाले जाते हैं सॉल्ट्स। समुद्र में
  1072. 45:28इनके सॉल्ट्स हैं। फिर उन सॉल्ट से मेटल्स
  1073. 45:30को निकाला जाता है। इसलिए इनके नाम में
  1074. 45:32अर्थ नहीं है। लेकिन ये सारे के सारे जो
  1075. 45:34इनके ओर्स हैं वो अर्थ में पाए जाते हैं।
  1076. 45:38ठीक है? इसके बाद क्या लिखा हुआ है? देखो
  1077. 45:39अल्कलाइन अर्थ मेटल आर प्लेस्ड इन द सेकंड
  1078. 45:42ग्रुप इन दिस मॉडर्न पीरियडिक टेबल। एंड
  1079. 45:44इनको लाइट एलिमेंट्स भी नाम दिया गया है।
  1080. 45:46बहुत हल्के होते हैं। तो फिर यहां पे जो
  1081. 45:49हमारे पास ये सारे के सारे आप पर्पल कलर
  1082. 45:51के देख रहे हो ये कौन से ग्रुप से लेके
  1083. 45:53कौन से ग्रुप है? अगर ये फर्स्ट ग्रुप है,
  1084. 45:55सेकंड है तो ये थर्ड है। ये फोर्थ है,
  1085. 45:58फिफ्थ, सिक्स, सेवंथ, 8, 9, 10, 11, 12 तो
  1086. 46:00ये 12 है। तो थर्ड से लेके 12th वालों को
  1087. 46:03सबको एक साथ हमने ट्रांजिशन एलिमेंट्स नाम
  1088. 46:07दिया है। इनका नाम ट्रांजिशन एलिमेंट्स
  1089. 46:11क्यों है? इसका मेजर कारण मेजर रीज़ आपको
  1090. 46:1412th क्लास में पता चलेगा। 12th क्लास में
  1091. 46:17जब आप एक चैप्टर पढ़ोगे डी एंड एफ ब्लॉक
  1092. 46:19एलिमेंट। लेकिन 12th क्लास में अभी के लिए
  1093. 46:22मैं आपको फिर बोल रहा हूं डिस्क्लेमर दे
  1094. 46:24रहा हूं। अभी आपसे कोई पूछे इनका नाम
  1095. 46:26ट्रांजिशन एलिमेंट क्यों है? तो आपको
  1096. 46:28इसलिए ऐसा बोलना है कि पीरियडिक टेबल में
  1097. 46:31इस तरफ मेटल्स हैं और ज्यादातर इस तरफ नॉन
  1098. 46:34मेटल्स हैं। तो यहां पे एक्चुअली में मेटल
  1099. 46:37से नॉन मेटल एक बदलाव आ रहा है। एक
  1100. 46:40ट्रांजिशन आ रहा है। ट्रांजिशन आ रहा है।
  1101. 46:43ट्रांजिशन तो देखे होंगे आपने। कामियोगर
  1102. 46:46भाई साहब वो मेरी फील्ड में ऐसे भर गया
  1103. 46:49था। पता नहीं आपने देखा है कि नहीं।
  1104. 46:51गामियो गिर गामियो गिर और ऐसे कोई धुम ता
  1105. 46:55धुम धुम और कोई भी भाई शेर बनके आ जाता है
  1106. 46:57देखा होगा आपने तो वो ट्रांजिशन ही तो है
  1107. 46:59या फिर पहले कोविड से पहले TikTok का
  1108. 47:01जमाना चला था ऐसे हाथ में पाउडर लेते थे
  1109. 47:03लोग और धम करते थे और बस गाने कुछ और होते
  1110. 47:06थे कहने का मतलब यह है बेटा अरे मैं किसी
  1111. 47:09का मजाक नहीं उड़ा रहा हूं आई रिस्पेक्ट
  1112. 47:11ईच एंड एव्री कंटेंट क्रिएटर अंटिल अनलेस
  1113. 47:14वो मेहनत कर रहा है तो है ना और किसी को
  1114. 47:17नुकसान नहीं पहुंचा रहा है तो है ना किसी
  1115. 47:18के दिमाग को खराब नहीं कर रहा है तो अंटिल
  1116. 47:21अनलेस मेरे लिए हर एक क्रिएटर की इज्जत
  1117. 47:23है। मैं किसी का मजाक नहीं उड़ा रहा हूं।
  1118. 47:25हम हां लेकिन मैं बस यह बता रहा हूं कि
  1119. 47:28ट्रांजिशन क्या होता है? ट्रांजिशन एक
  1120. 47:30ट्रांजिशन कार्ड्स आते थे बचपन में अगर
  1121. 47:32आपने देखा हो अभी भी आते होंगे। इसमें
  1122. 47:34पकीॉन होता था। इधर करो तो पिकिकाचू, इधर
  1123. 47:37करो तो चार्ार्ड है ना? ऐसे करके कुछ
  1124. 47:39कार्ड्स आते थे। तो वो ट्रांजिशन इनको
  1125. 47:42ट्रांजिशन क्यों बोला है? क्योंकि यहां पे
  1126. 47:44मेजरली मेटल्स बैठे हैं। यहां पे देखा जाए
  1127. 47:46तो नॉन मेटल्स भी हैं, मेटल्स भी हैं।
  1128. 47:48लेकिन ठीक है? मेटल से नॉन मेटल बन रहे
  1129. 47:51हैं। तो यहां पे एक बदलाव आ रहा है। इसको
  1130. 47:53ट्रांजिशन बोलते हैं। लेकिन एक्चुअल रीज़
  1131. 47:55आप 12th क्लास में पढ़ोगे कि ये लोग डी डी
  1132. 47:58ट्रांजिशन करते हैं। इसलिए इनका नाम
  1133. 48:00ट्रांजिशन एलिमेंट है। बट अभी के लिए आप
  1134. 48:01ऐसा सोच सकते हो कि इनका नाम ट्रांजिशन
  1135. 48:03एलिमेंट क्यों है? ठीक है? तो भैया
  1136. 48:05ट्रांजिशन एलिमेंट्स बोला गया है थर्ड से
  1137. 48:08लेके 12th वालों को। ठीक है? आपसे ना कोई
  1138. 48:09ये नहीं पूछेगा कि इन्हें मतलब पूछना तो
  1139. 48:12नहीं चाहिए सिलेबस का ये हिस्सा तो नहीं
  1140. 48:13है। बट हां मैं आपको फिर भी बता रहा हूं
  1141. 48:15ट्रांजिशन क्यों? बिकॉज़ एक्चुअली में ये
  1142. 48:18वो एरिया है, ये वो जगह है, ये वो ग्रुप्स
  1143. 48:21हैं जहां पे अभी के लिए आप मेटल्स से क्या
  1144. 48:26बन रहे हो? नॉन मेटल्स बन रहे हो। और अगर
  1145. 48:30आप मेटल्स से नॉन मेटल बन रहे हो तो एक
  1146. 48:32ट्रांजिशन आ रहा है, एक बदलाव आ रहा है।
  1147. 48:34ठीक है? लेकिन इसी में अगर आप देखें तो जो
  1148. 48:37ग्रुप 12 है और जो ग्रुप 11 है इन्हें
  1149. 48:40कॉइन एज मेटल्स भी कहा जाता था। ये किसी
  1150. 48:43किसी किताब में लिखा हुआ है। किसी किसी
  1151. 48:45में नहीं। लेकिन इन्हें कॉइन एज मेटल्स भी
  1152. 48:49कहा गया है। बिकॉज़ पहले के जमाने में जैसे
  1153. 48:51कॉपर हो गया, सिल्वर हो गया, जिंक हो गया,
  1154. 48:54गोल्ड हो गया। इनके सिक्के बनते थे। इनके
  1155. 48:56सिक्के बनते थे। तो इनको कॉइन एज मेटल्स
  1156. 48:59भी कहा गया है। इसके बाद हमारे पास आता है
  1157. 49:02ग्रुप 14। अब क्योंकि ग्रुप 14 13 का एज
  1158. 49:05सच कोई नाम नहीं है। क्योंकि ग्रुप 14 में
  1159. 49:08अगर आप देखें तो कौन बैठा हुआ है? कार्बन।
  1160. 49:10कार्बन हमारी पूरी पीरियडिक टेबल का सबसे
  1161. 49:13बड़ा सबसे अच्छा एलिमेंट सबसे कहते है ना
  1162. 49:15घर का बड़ा सदस्य है। एंड दैट इज व्हाई
  1163. 49:17दैट इज व्हाई इसको कार्बन फैमिली बोला गया
  1164. 49:20है। जैसे आपके घर में आपकी फैमिली को
  1165. 49:22गुप्ता फैमिली शर्मा फैमिली या आपके दादा
  1166. 49:24जी के नाम पे जब कोई शादी का कार्ड आता
  1167. 49:26होगा तो घर के बड़े के नाम पे आता है। है
  1168. 49:28ना कि भैया मान लो आपके दादा जी का नाम है
  1169. 49:31कांतालाल या जो भी नाम है मुझे नहीं पता।
  1170. 49:34ठीक है? तो कांतालाल विद फैमिली लिखा होता
  1171. 49:36है उसके ऊपर। कंतालाल विद फैमिली तो उनको
  1172. 49:39ऐसे ही यहां पे रिस्पेक्ट देने के लिए
  1173. 49:40हमने इसे कार्बन फैमिली बोला है। ठीक है
  1174. 49:43ना? तो 14थ ग्रुप को हम लोगों ने क्या नाम
  1175. 49:45दिया है? कार्बन फैमिली नाम दिया है।
  1176. 49:48कार्बन फैमिली नाम दिया है। ठीक है? इसके
  1177. 49:51बाद 16th ग्रुप बड़े प्यारे हैं। अगेन 15
  1178. 49:54का एज सच कोई नाम नहीं। लेकिन जो 16th
  1179. 49:56ग्रुप है उसमें देखो आप ऑक्सीजन और सल्फर
  1180. 49:58आ रहा है। और 10थ क्लास में हमने पढ़ा है
  1181. 50:01कि जो ओर्स होते हैं ओर्स उनमें ज्यादातर
  1182. 50:04ऑक्सीजन और सल्फर होता है। ऑक्साइड्स,
  1183. 50:06सल्फाइड्स याद है? तो ज्यादातर ओर्स के
  1184. 50:09अंदर ऑक्सीजन और सल्फर होता है। इसीलिए
  1185. 50:12इनको बोला गया है कैलकोजंस। कैलकोजंस का
  1186. 50:15मतलब क्या होता है? ओर्स बनाने वाले।
  1187. 50:18कैलकोजंस का मतलब होता है ओर्स बनाने
  1188. 50:21वाले। यहां पर कैलको का मतलब है ओर्स।
  1189. 50:25और अभी थोड़ी देर पहले मैंने आपको बताया
  1190. 50:27था जेनस का मतलब होता है प्रोड्यूसर्स। तो
  1191. 50:31फिर यह कौन हो गए? ओर प्रोड्यूसर्स। क्या
  1192. 50:34हम ये कह रहे हैं कि इन सब में ये सब ही
  1193. 50:37ओर्स बना रहे हैं। नहीं यार आप समझो ना
  1194. 50:39इसमें ऑक्सीजन और सल्फर बना रहे हैं। बाकी
  1195. 50:41नहीं बनाते हैं। लेकिन क्योंकि वहीं से
  1196. 50:42शुरुआत हुई तो इनका नाम पड़ गया। क्या नाम
  1197. 50:45पड़ गया? कैलकोजंस। ठीक है? इसके बाद
  1198. 50:47हमारे पास आए 17 ग्रुप जिसके बारे में बता
  1199. 50:49चुका हूं। इनका नाम हैलोजंस। क्योंकि ये
  1200. 50:51सब साल्ट बनाते थे तो इनका नाम क्या पड़
  1201. 50:54गया? हैलोजंस। हैलोजंस का मतलब मैं आपको
  1202. 50:56पीछे बता चुका हूं क्योंकि ये साल्ट बनाते
  1203. 50:58थे। और वहीं पे हम सब जानते हैं 18th
  1204. 51:00ग्रुप को हम लोग बहुत सारे नाम से बुलाते
  1205. 51:02हैं। नोबल गैसेस भी बोलते हैं, इनर्ट
  1206. 51:04गैसेस भी बोलते हैं और कई किताबें इसे
  1207. 51:06जीरो ग्रुप भी बोलती हैं। क्योंकि हम सब
  1208. 51:09जानते हैं इनकी जो वैलेंसी होती है वो
  1209. 51:11ज़ीरो होती है और ये किससे रिएक्ट नहीं
  1210. 51:13होते। तो हमने ग्रुप से दोस्ती कर ली।
  1211. 51:16हमने पीरियड से भी दोस्ती कर ली। हमने
  1212. 51:18ग्रुप से भी दोस्ती कर ली। हमने पीरियड से
  1213. 51:20भी दोस्ती कर ली। ठीक है ना? ग्रुप से भी
  1214. 51:22दोस्ती कर पीरियड से भी दोस्ती कर ली। अब
  1215. 51:24सुनो अब सुनो अब सुनो। अब यहां पे हम अभी
  1216. 51:29तक आप अगर नोटिस करो तो हमारा मकसद क्या
  1217. 51:31है? हमारा ऐ क्या है? हमारा गोल क्या है?
  1218. 51:34कि हमें एलिमेंट्स को क्लासिफाई करना है
  1219. 51:36ताकि उनकी पढ़ाई आसान हो जाए। और हम ये
  1220. 51:39पता चल पाए कि लेफ्ट टू राइट क्या हो रहा
  1221. 51:41है? टॉप टू बॉटम क्या हो रहा है? तो हमारी
  1222. 51:43एक्चुअल पढ़ाई पता है कब शुरू होगी? यहां
  1223. 51:46जब हम लेफ्ट से राइट एक टेबल में जाएंगे
  1224. 51:48और ट्रेंड्स के बारे में बात करेंगे। और
  1225. 51:50ऐसे ही जब हम टॉप से बॉटम जाएंगे यानी ऊपर
  1226. 51:54से नीचे जाएंगे तो हम एलिमेंट्स में
  1227. 51:56प्रॉपर्टीज में क्या बदलाव आ रहा है ये
  1228. 51:57पढ़ेंगे। उससे पहले कुछ छोटे-छोटे पड़ाव
  1229. 52:00है। जैसे कि यहां पे आपको एक बात समझनी
  1230. 52:03होगी बहुत प्यारी वो क्या है? मैंने क्या
  1231. 52:06कहा था आपको कि हमारी हर एक केमिस्ट्री की
  1232. 52:09पढ़ाई के वक्त कुछ एक्सेप्शनल केसेस आते
  1233. 52:12हैं। कुछ लिमिटेशन आती है। कॉफी पी रहा
  1234. 52:14हूं। कुछ गलत मत समझना। हम
  1235. 52:17लेकिन हमारी पढ़ाई के दौरान हमेशा से कुछ
  1236. 52:21लिमिटेशंस, कुछ एक्सेप्शनल केसेस आते हैं।
  1237. 52:25अगर आप इस मॉडर्न टेबल को ध्यान से देखोगे
  1238. 52:28ना तो इस मॉडर्न टेबल में जो भी हम
  1239. 52:31ट्रेंड्स पढ़ने वाले हैं, अभी हमने पढ़े
  1240. 52:33नहीं है, पढ़ने वाले हैं कि लेफ्ट टू राइट
  1241. 52:35जाओ तो क्या होता है? टॉप टू बॉटम आओ तो
  1242. 52:37क्या होता है? उन्हें ट्रेंड्स कहते हैं।
  1243. 52:39उन ट्रेंड्स को ये जो पर्पल वाले लोग हैं
  1244. 52:43और ये जो टेबल से बाहर निकाले गए लोग हैं,
  1245. 52:46अभी मैं आपको बताऊंगा इनको टेबल से बाहर
  1246. 52:48इसलिए निकाला गया है बिकॉज़ दे आर बदतमीज़
  1247. 52:50है। मैं एक्चुअली मैं इनको निहायती बदतमीज
  1248. 52:52कहता हूं। इनको बदतमीज़ कहता हूं। जो बच्चे
  1249. 52:55मुझसे पेड बैच में पढ़ते हैं या YouTube पे
  1250. 52:57खैर मैंने कभी ये चैप्टर पढ़ाया नहीं है।
  1251. 52:59लेकिन ऑफलाइन में पढ़ते हैं या पेड बैच में
  1252. 53:01पढ़ते हैं उनको पता होगा। मैं इन्हें कहता
  1253. 53:03हूं बदतमीज़ और इन्हें कहता हूं निहायती
  1254. 53:05बदतमीज़। ये इतने बदतमीज़ हैं कि इनको टेबल
  1255. 53:08से बाहर निकालना पड़ा। एक प्रकार से समझ
  1256. 53:10लो यह क्लास रूम है। अब क्लास रूम से इनको
  1257. 53:12बाहर निकालना पड़ा। इतने बदतमीज़
  1258. 53:14एलिमेंट्स हैं। क्यों है यह बदतमीज़
  1259. 53:15पढ़ेंगे? लेकिन ये बदतमीज़ तो हैं।
  1260. 53:17निहायती बदतमीज़ है। लेकिन बदतमीज़ ये भी
  1261. 53:20है। लेकिन ये इतने बदतमीज़ नहीं है कि
  1262. 53:21इनको टेबल से बाहर निकाला जाए। बट फिर भी
  1263. 53:25ये जो लेफ्ट टू राइट वाले ट्रेंड्स होते
  1264. 53:27हैं और जो टॉप टू बॉटम वाले ट्रेंड्स होते
  1265. 53:30हैं उनको ये फॉलो नहीं करते। क्यों नहीं
  1266. 53:32करते? धीरे धीरे धीरे-धीरे एक सीढ़ी का एक
  1267. 53:35पड़ाव। ठीक है? ये फॉलो नहीं करते हैं।
  1268. 53:37लेकिन जो ये बेचारे लोग हैं फर्स्ट ग्रुप
  1269. 53:39सेकंड ग्रुप यानी ये ये प्यारे बच्चे और
  1270. 53:42ये जो प्यारे बच्चे हरे हरे ग्रे नीले ये
  1271. 53:46तो खैर नोबल गैसेस ही हैं। ये तो अलग ही
  1272. 53:49दुनिया है। ये सब लोग जो भी ट्रेंड्स हम
  1273. 53:52पढ़ने वाले हैं उनको ये फॉलो करते हैं।
  1274. 53:55इसीलिए इनको कहा जाता है रिप्रेजेंटेटिव
  1275. 53:59एलिमेंट्स। क्योंकि यह हमारी मॉडर्न
  1276. 54:02पीरियोडिक टेबल को रिप्रेजेंट करते हैं।
  1277. 54:04आप मुझे बताओ आपके स्कूल में कोई आया बाहर
  1278. 54:07से यह देखने के लिए कि भैया आपका स्कूल
  1279. 54:10कितना बेहतर कर रहा है। तो आपके क्लासरूम
  1280. 54:12से कौन से बच्चे को एज रिप्रेजेंटेटिव
  1281. 54:16भेजा जाएगा? आप मुझे सोच के बताओ। ऐसा जो
  1282. 54:18पढ़ाई में तो बहुत अच्छा है लेकिन कपड़े
  1283. 54:20वगैरह गंदे पहन के रखता है। बाल-वाल नहीं
  1284. 54:22काटता। नाखून इसमें मैल जमी हुई है। नाक
  1285. 54:25बह रही है। तंबाकू खाता रहता है। और एक
  1286. 54:26वहीं पे एक बच्चा जो पढ़ाई में बिल्कुल
  1287. 54:29अच्छा नहीं है। लल्लू है फेल होना होता
  1288. 54:31रहता है। लेकिन वो स्टिच रहता है। ऐसे
  1289. 54:33जेलवेल लगाता है बाल में ये टाई प्रेस ऐसे
  1290. 54:36प्रेस हो रखी है पेंट पे कि भाई साहब ऐसे
  1291. 54:38तीखी धार बनी हुई है कि खीरा काट लो आप।
  1292. 54:40इतना टिच हो के आता है। लेकिन वहीं पे एक
  1293. 54:43और बच्चा है जो 80% 90% 80 85% मार्क्स
  1294. 54:47लेके आता है और ठीक-ठाक कपड़े भी पहन के
  1295. 54:49आता है। नाखून-वाखून भी कटे रहते हैं।
  1296. 54:51साफ-सुथरा रोज नहा के आता है। बाल-बाल में
  1297. 54:53कंगे-मंगी ढंग से करके आता है। तो मेरे
  1298. 54:55हिसाब से मैं इस बच्चे को भेजूंगा क्योंकि
  1299. 54:58मुझे ये बच्चा सारी चीजों को फॉलो कर रहा
  1300. 55:00है। अगर इसके 80-85 नंबर आने हैं तो ढंग
  1301. 55:02से पढ़ भी रहा है और ये टाइम पे भी स्कूल
  1302. 55:05आ रहा है। कपड़े भी सही पहन रहा है। तो ये
  1303. 55:06मेरे लिए एक अच्छा रिप्रेजेंटेटर है।
  1304. 55:09बिल्कुल ऐसा है। यह जो लोग हैं वो लगभग
  1305. 55:11सारी प्रॉपर्टीज़ को लेफ्ट टू राइट, टॉप टू
  1306. 55:12बॉटम को फॉलो करते हैं। दैट इज़ व्हाई दे
  1307. 55:15आर कॉल्ड रिप्रेजेंटेटिव एलिमेंट्स।
  1308. 55:18इसीलिए हम जो भी ट्रेंड को पढ़ेंगे हम इनके
  1309. 55:20ही बिहाफ पे पढ़ेंगे। इनमें भी कुछ
  1310. 55:23लिमिटेशन है। माना बस बहुत कम है। इनमें
  1311. 55:25तो भाई साहब बहुत ज्यादा और इनमें इतनी
  1312. 55:27ज्यादा है कि इनके बारे में हमें पढ़ना ही
  1313. 55:29नहीं है। ज्यादा इनको तो टेबल से बाहर
  1314. 55:30निकाला गया। पहले आओ। ग्रुप वन टू वन 2
  1315. 55:34फिर 13 से लेकर 18 इन्हें रिप्रेजेंटेटिव
  1316. 55:36कहा जाता है। बिकॉज़ ये हमारी सारी
  1317. 55:38प्रॉपर्टीज को फॉलो करते हैं जो कि अभी हम
  1318. 55:40पढ़ेंगे। लेकिन ये जो टेबल से बाहर निकाले
  1319. 55:43गए हैं इसमें आप देख रहे होंगे दो सीरीज
  1320. 55:46हैं। पहली सीरीज को हम लैंथेनॉइड्स कहते
  1321. 55:48हैं। क्यों कहते हैं इसको लैंथेनॉइड?
  1322. 55:49क्योंकि जो इसका पहला मेंबर है इसका नाम
  1323. 55:51है लैंथेनम। लैंथेनम के बाद ये सारे
  1324. 55:54एलिमेंट्स बाहर निकाले गए हैं। तो इस
  1325. 55:56सीरीज को बोला जाता है लैंथेनॉइड्स। और ये
  1326. 55:59हमारे पास है ऑक्टेनियम। अब ऑक्टेनियम के
  1327. 56:02बाद इसको निकाला गया है तो इन्हें
  1328. 56:03ऑक्टेनॉइड्स कहा जाता है। तो इनको मिला के
  1329. 56:05कहा जाता है लैंथेनॉइड्स और ऑक्टेनॉइड्स।
  1330. 56:08लेकिन ये वाली सीरीज लैंथेनॉइड है बिकॉज़
  1331. 56:10लैंथेनम लैंथेनम एलिमेंट के बाद है ये। और
  1332. 56:13ये ऑक्टेनियम एलिमेंट के बाद हैं। तो
  1333. 56:16इसलिए इनका नाम ऐसा पड़ा। ठीक है? इनके एक
  1334. 56:18और नाम भी है वो है इनर ट्रांजिशन। इनर
  1335. 56:22ट्रांजिशन। क्यों? बिकॉज़ ये कभी ना कभी
  1336. 56:24ट्रांजिशन ये ट्रांजिशन है ना? ट्रांजिशन
  1337. 56:26है ना? कभी ना कभी ट्रांजिशन का हिस्सा
  1338. 56:28थे। अब ये बाहर है तो इनका नाम पड़ गया इनर
  1339. 56:31ट्रांजिशन और इनका एक और नाम भी है रेयर
  1340. 56:33अर्थ एलिमेंट क्योंकि धरती पे ये बहुत कम
  1341. 56:36है। बहुत रेयरली पाए जाते हैं। आओ पढ़े
  1342. 56:39देखो क्या लिखा हुआ है? यहां लिखा हुआ है
  1343. 56:41लैंथेनॉइड्स और ऑक्टेनॉइड्स के बारे में
  1344. 56:43देयर आर टू मोर रोज़ एट द बॉटम ऑफ द
  1345. 56:46पीरियोडिक टेबल। इस रो में 14 एलिमेंट हर
  1346. 56:48एक रो में आते हैं। जहां पे आपको पहले
  1347. 56:51वाले में लैंथेनम के बाद मिलेंगे और दूसरे
  1348. 56:54वाले में ऑक्टेनियम के बाद मिलेंगे।
  1349. 56:56क्योंकि लैंथेनम के बाद है तो नाम पड़ा है
  1350. 56:58इनका लैंथेनॉइड्स और क्योंकि ऑक्टेनियम के
  1351. 57:00बाद है तो नाम पड़ा है ऑक्टेनॉइड्स। इनका
  1352. 57:02एक और नाम भी है इनर ट्रांजिशन एलिमेंट और
  1353. 57:04इनका नाम है रेयर अर्थ मेटल्स या एलिमेंट
  1354. 57:07ये नाम भी है इनका। ठीक है जी? बहुत सारी
  1355. 57:10चीजें एक साथ हो गई हैं मेरे हिसाब से।
  1356. 57:12बहुत सारी चीजें एक साथ हो रही हैं। तो
  1357. 57:14प्लीज छोटी-छोटी चीजें इकट्ठी हो रही है
  1358. 57:16साथ-साथ। आप मॉडर्न पीरियडिक टेबल से पहले
  1359. 57:18दोस्ती कर लो। प्लीज दोस्ती कर लो। आप
  1360. 57:20दोस्ती नहीं करोगे। ये दोस्ती कर लो।
  1361. 57:22दोस्ती कर लो। दोस्ती कर लो। दोस्ती कर
  1362. 57:23लो। दोस्ती कर लो। दोस्ती नहीं करोगे तो
  1363. 57:25मजा नहीं आएगा। दोस्ती करो फिर आगे बढ़ते
  1364. 57:27हैं। चलो तो अब बारी है ट्रेंड्स के तरफ
  1365. 57:32बढ़ने के लिए। ट्रेंड्स इस चैप्टर का सबसे
  1366. 57:35इंपॉर्टेंट टॉपिक है। ऑलदो एग्जाम में आए
  1367. 57:37ना आए वो वाला मैटर नहीं कह रहा हूं। वो
  1368. 57:39सबसे इंपॉर्टेंट क्यों? क्योंकि उससे ही
  1369. 57:41सारी चीजें आगे डिसाइड होंगी।
  1370. 57:44हम आयनाइजेशन एनर्जी पढ़ने वाले हैं।
  1371. 57:46इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी पढ़ने वाले हैं।
  1372. 57:47इलेक्ट्रोनेगेटिविटी पढ़ने वाले हैं। और
  1373. 57:49अभी तक हमने ये नहीं पढ़ा है कि हमारी
  1374. 57:51मॉडर्न पीरियडिक टेबल में ग्रुप्स और
  1375. 57:53पीरियड्स के अलावा ब्लॉक्स भी होते हैं।
  1376. 57:56तो ब्लॉक्स के बारे में भी आप बेहतर उनकी
  1377. 57:59प्रॉपर्टीज के बारे में भी आप बेहतर पढ़
  1378. 58:00पाओगे। अगर आपने ट्रेंड्स पढ़ रखे होंगे।
  1379. 58:03तो फिलहाल एक छोटा सा टॉपिक है हमारे इस
  1380. 58:07चैप्टर का जिसमें हमने क्या किया?
  1381. 58:10जितने भी एलिमेंट्स जिनका एटॉमिक नंबर 100
  1382. 58:14से ज्यादा होता है। देखो क्या था आपको मैं
  1383. 58:16बताता हूं। क्या हमने अभी तक अपने सारे
  1384. 58:18जितने भी एलिमेंट्स हमारे ब्रह्मांड में
  1385. 58:20हैं क्या हमने ढूंढ लिए? आंसर है नहीं। है
  1386. 58:22ना? आपको सबको पता है भविष्य में और
  1387. 58:24एलिमेंट्स मिलेंगे। इसका कोई अंत नहीं। तो
  1388. 58:27जब हमारे पास हमें एलिमेंट्स मिल रहे थे
  1389. 58:29या हमने फ्यूचर में आने वाले एलिमेंट्स को
  1390. 58:33हमने यहां भी तो प्रेडिक्ट किया। मैं आपको
  1391. 58:34बताता हूं। जब मैं खुद 11th में था तो
  1392. 58:37यहां पे काफी सारे एलिमेंट्स डिस्कवर्ड
  1393. 58:39नहीं थे। जैसे यूययूपी, यूययू एस, यू ओ और
  1394. 58:43ऐसे और भी और भी एलिमेंट्स थे। अब तो काफी
  1395. 58:46भर गई है। लेकिन मैं जब 11th क्लास में था
  1396. 58:49और हमको जो टेबल पढ़ाई जाती थी आप चेक
  1397. 58:52करना आज से 15 16 साल पहले की टेबल उसमें
  1398. 58:55ये एलिमेंट्स जो थे वो और भी नहीं थे
  1399. 58:58डिस्कवर्ड। लेकिन हमें उनको डब्बों में
  1400. 59:01डालना था क्योंकि हमें पता है कि यहां पे
  1401. 59:03और एलिमेंट आएंगे। जब हम ये बात मेंडलीफ
  1402. 59:04जी के टाइम पे सीख गए थे अब तो हम और
  1403. 59:06एडवांस हो गए हैं। तो हमें पता तो है कि
  1404. 59:08यहां पे एलिमेंट्स आएंगे तो उनको लेके नाम
  1405. 59:10क्या दें? जैसे आपकी शादी होगी। है ना?
  1406. 59:12अरे अभी तुम तो इसमें ब्लश कर गए बेटा। है
  1407. 59:15ना? अभी तो मैं आपका बच्चा ही पैदा करवा
  1408. 59:16रहा हूं। मान लो आपकी शादी होगी और आपका
  1409. 59:18बच्चा पैदा होगा। मान के लो होगा ही।
  1410. 59:20हम्म। तो अभी लेकिन हुआ नहीं है। तो जब आप
  1411. 59:23और आपका पार्टनर या जो भी लोग बात कर रहे
  1412. 59:26होंगे कि यार हमारा बच्चा होगा तो हम उसको
  1413. 59:28किस नाम से बुलाएंगे? अभी तो हमने नाम रखा
  1414. 59:30नहीं है तो हम उसको बच्चा बोल देते हैं या
  1415. 59:32हो सकता है आपने लिटिल सिंघम लिटिल सिंघम
  1416. 59:35के दोगे नाम सॉरी आप अपने नाम पे लिटल लगा
  1417. 59:38दोगे जैसे मान लो मेरा बच्चा नहीं हुआ था
  1418. 59:39तो मैं बोलूंगा लिटिल आशु या लिटिल रीमा
  1419. 59:42अगर लड़की पैदा होती है तो कहने का सिर्फ
  1420. 59:44मतलब बेटा क्या है कहने का मतलब सिर्फ और
  1421. 59:46सिर्फ ये है कि आपको तो पता ही नहीं है
  1422. 59:48अभी वो एलिमेंट कौन होगा उसका क्या नाम
  1423. 59:50होगा कुछ तो नाम करना है तो जो भी 100 के
  1424. 59:52ऊपर एलिमेंट्स थे जिनका एटॉमिक नंबर 100
  1425. 59:54के ऊपर था हमने उनके नामकरण के लिए एक
  1426. 59:56फॉर्मेट बनाया था जैसे हमने 10थ क्लास
  1427. 59:59आईयूपीएसी नेमिंग ऑर्गेनिक कंपाउंड्स की
  1428. 1:00:01करी थी। ऐसे एलिमेंट्स की भी होती है। अब
  1429. 1:00:03उसके लिए आपको ये टेबल लेटर्स से आपको याद
  1430. 1:00:05हो गई जिसमें 0 1 2 ऑब्वियस सी बात है नौ
  1431. 1:00:08तक आएंगे। इनके नेम ये है और इनके जो
  1432. 1:00:11एब्रवेएशंस
  1433. 1:00:12हैं यानी एब्रविएशन मतलब जो हम लोग यहां
  1434. 1:00:14पे सिंबल में यूज़ करेंगे वो ये होंगे। मैं
  1435. 1:00:16समझाता हूं अभी। जैसे मान लेते हैं किसी
  1436. 1:00:18का एटॉम बड़ा फन है ये। है ना? मान लो किसी
  1437. 1:00:21का एटॉमिक नंबर 105 है। तो उसका नाम क्या
  1438. 1:00:24होगा? पहले तो नाम की बात करते हैं। फिर
  1439. 1:00:26सिंबल की बात करेंगे। अब वन का मतलब है अन
  1440. 1:00:29तो यू कैपिटल आएगा अन जीरो का मतलब है
  1441. 1:00:33मतलब मतलब मतलब जीरो के लिए हमें लिखना है
  1442. 1:00:35निल तो ये अननिल हो गया अनिल मत बोल देना
  1443. 1:00:38अ अननिल हो गया एक प्रकार से पांच का मतलब
  1444. 1:00:42ऑब्वियस सी बात है पेंट है तो पांच का
  1445. 1:00:44मतलब पेंट और नाम के पीछे आपको आई यू एम
  1446. 1:00:48लगाना है तो पूरा नाम हो गया इसका अननल
  1447. 1:00:51पेंटियम नाम हो गया इसका अननल पेंटियम अब
  1448. 1:00:55अगर मैं इसके सिंबल की बात करूं सिंबल की
  1449. 1:00:57बात करूं तो सिंबल के लिए जो जो इनके
  1450. 1:01:01एब्रविएशंस थे वो आपको यूज़ करने हैं। से
  1451. 1:01:04वन के लिए आपने अन यूज़ किया तो यू फिर
  1452. 1:01:07आपने एन निल यूज़ किया फिर पेंट पी यूज़
  1453. 1:01:09किया पहला कैपिटल बाकी स्मॉल तो इसका
  1454. 1:01:11सिंबल हो जाएगा यू एन पी सिंबल हो जाएगा
  1455. 1:01:14unp कितना मजेदार काम है देखो मान लो आया
  1456. 1:01:18आपके पास 1 2 यानी 112 अब इसका नाम कैसे
  1457. 1:01:22हमें करना है
  1458. 1:01:25तो यहां पे हमारे पास आ गया अन फिर हमारे
  1459. 1:01:28पास आ गया अन और फिर टू का मतलब हमारे पास
  1460. 1:01:30है बाय तो अन बायम अनबयम अनबायम
  1461. 1:01:36और सिंबल की अगर हम बात करें सिंबल की अगर
  1462. 1:01:39हम लोग बात करें तो आ जाएगा यू यू बी इसका
  1463. 1:01:43सिंबल आ जाएगा। यू यू बी इसका सिंबल आ
  1464. 1:01:45जाएगा। जैसे आप अगर देखो तो इस टेबल में
  1465. 1:01:47ऐसे कुछ लोग इस्तेमाल भी किए गए हैं। जैसे
  1466. 1:01:50यू यू पी भी इस्तेमाल किया गया है। यू यू
  1467. 1:01:52टी भी इस्तेमाल किया गया है। है ना? यू यू
  1468. 1:01:54टी मतलब ऑब्वियस सी बात है 113 हो गए। 112
  1469. 1:01:57तो खैर डिस्कवर्ड ही है तो अच्छी बात है।
  1470. 1:01:59है ना? तो ऐसा आ गया। है ना? दो आई अगर
  1471. 1:02:02आएंगे तो एक आई हमें लगाना होगा। सॉरी मैं
  1472. 1:02:04बताना मतलब ये तो हमें पता ही है। हमें ये
  1473. 1:02:08पता नहीं है। मैं आपको बता देता हूं सॉरी।
  1474. 1:02:10अगर पीछे पहले एक आई आ रहा है तो हमें
  1475. 1:02:12वहां से आई को हटाना है। जैसे अगर आई
  1476. 1:02:15किसके-किस के पीछे है? बाय के पीछे और
  1477. 1:02:16ट्राई के पीछे। तो अगर नाम के पीछे बाय आ
  1478. 1:02:19रहा है या फिर ट्राई आ रहा है तो आपको
  1479. 1:02:20सिर्फ यू एम ही लगाना है। आओ एक दो और
  1480. 1:02:22करते हैं इसके लिए। ठीक है? फिर एक कमेंट
  1481. 1:02:24सेक्शन में पूछूंगा तभी आगे बढ़ेंगे। जैसे
  1482. 1:02:27के लिए मान लेते हैं z आपका आया 108 है
  1483. 1:02:29ना? तो कैसे हम लोग इसका नाम करेंगे भाई?
  1484. 1:02:32तो नाम हमारे पास हो गया अन। इसके लिए हो
  1485. 1:02:35गया निल और आठ के लिए हमारे पास क्या यूज
  1486. 1:02:38करना है हमें? आठ के लिए यूज़ करना है
  1487. 1:02:40ऑक्ट। इसको ना वैसे मत समझना। मिथ एथ
  1488. 1:02:42प्रोप ब्यूटी उससे अलग है। ये तो साफ दिख
  1489. 1:02:44रहा है आपको। तो आठ के लिए हमारे पास हो
  1490. 1:02:46गया ऑक्ट। और लगाना है हमें आई यू एम। तो
  1491. 1:02:49नाम हो गया अननल ऑक्टियम। अब अगर सिंबल की
  1492. 1:02:52बात करें, सिंबल की बात करें तो सिंबल हो
  1493. 1:02:55जाएगा यू एन ओ। है ना? सिंबल हो जाएगा
  1494. 1:02:58uno। चलो अब एक आप करोगे और कमेंट सेक्शन
  1495. 1:03:00पे इसका ईमानदारी से आंसर दोगे पूरा। ठीक
  1496. 1:03:03है? मान लो किसी का Z आ गया है अ
  1497. 1:03:07155। वैसे तो ये बहुत ही बड़ा नंबर हो गया।
  1498. 1:03:10बट ठीक है चलो आओ इससे क्या लेना देना
  1499. 1:03:11हमें? चलो अब इसका नाम और इसका सिंबल
  1500. 1:03:14जल्दी से कमेंट सेक्शन पे टाइम स्टैंप के
  1501. 1:03:16साथ जो भी टाइम स्टैंप है अभी हमारे वन
  1502. 1:03:19शॉट का टाइम स्टैंप के साथ इसका सिंबल और
  1503. 1:03:21नाम दोनों लिख दो। हम
  1504. 1:03:24ईमानदारी ओ यार ईमानदारी ओ लिख दिया।
  1505. 1:03:29लिख दिया पक्की बात वीडियो को पॉज करके
  1506. 1:03:32लिख दिया चलो आओ अब अगर मैं इसके नाम पे
  1507. 1:03:34जाता हूं तो बड़ा ही सिंपल अन आ गया पांच
  1508. 1:03:39के लिए पेंट आ गया फिर पांच के लिए पेंट आ
  1509. 1:03:42गया फिर आई यू एम हो गया तो अनपेंट
  1510. 1:03:45पेंटियम सिंबल क्या आ गया सिंबल क्या आ
  1511. 1:03:47गया तो यू आ गया पी आ गया पी आ गया तो ये
  1512. 1:03:52हमारा सिंबल हो गया डन है तो अगर किसी का
  1513. 1:03:54एटॉमिक नंबर 100 से बड़ा है तो उसके लिए
  1514. 1:03:57हम इस तरीके तरीके से कुछ नामकरण कर सकते
  1515. 1:03:59हैं। चलो आओ अब फाइनली चलते हैं हम लोग
  1516. 1:04:02लेफ्ट टू राइट ट्रेंड्स पे चलते हैं।
  1517. 1:04:05लेफ्ट टू राइट जाने का मतलब क्या है?
  1518. 1:04:07लेफ्ट टू राइट जाने का मतलब है कि हम एक
  1519. 1:04:09पीरियड में कितने पीरियड्स हैं हमारे पास?
  1520. 1:04:12सात पीरियड्स हैं। कुल मिला के आपको पता
  1521. 1:04:14है। तो उनमें से किसी भी ऑब्वियस सी बात
  1522. 1:04:16है हम फर्स्ट पीरियड में नहीं जाना
  1523. 1:04:17चाहेंगे। बिकॉज़ फर्स्ट पीरियड में कितने
  1524. 1:04:19एलिमेंट हैं? सिर्फ दो। सेकंड और थर्ड
  1525. 1:04:22पीरियड अच्छे हैं। हम फोर्थ में भी नहीं
  1526. 1:04:24जाना चाहेंगे। क्यों बताओ? बिकॉज़ फोर्थ
  1527. 1:04:26पीरियड में भी हमारे पास डी ब्लॉक वाले
  1528. 1:04:28मतलब कि ट्रांजिशन एलिमेंट्स आ जाते हैं।
  1529. 1:04:30है ना? इसलिए मैं कह रहा था टेबल खोल के
  1530. 1:04:32रखो। मुझे बार-बार जाना पड़ेगा। देखो
  1531. 1:04:34फर्स्ट पीरियड जो है इसमें सिर्फ दो
  1532. 1:04:36एलिमेंट है तो पढ़ के मजा नहीं आएगा। सेकंड
  1533. 1:04:38और थर्ड इज़ गुड। अब लेकिन अगर आप फोर्थ
  1534. 1:04:40पीरियड में जाओगे तो ये आ जाएंगे। डी ये
  1535. 1:04:43पर्पल वाले आ जाएंगे। ये ये ट्रांजिशन
  1536. 1:04:46एलिमेंट आ जाएंगे। और हम नहीं चाहते वो आए
  1537. 1:04:48क्योंकि अभी मैंने आपको बताया है कि जो ये
  1538. 1:04:50लोग हैं और ये लोग हैं ये रिप्रेजेंटेटिव
  1539. 1:04:53एलिमेंट्स हैं। जब भी कोई ट्रेंड्स पढ़
  1540. 1:04:54रहे होंगे तो इन दोनों के रिस्पेक्ट से ही
  1541. 1:04:57आपको ट्रेंड्स को पढ़ना होगा। ठीक है ना?
  1542. 1:05:00तो इसीलिए जो भी हम लोग लेफ्ट टू राइट या
  1543. 1:05:02टॉप टू बॉटम पढ़ेंगे हमें अवॉइड करना है
  1544. 1:05:04ट्रांजिशन एलिमेंट्स और जो नीचे
  1545. 1:05:06लैंथेनॉइड्स और ऑक्टेनॉइड्स को लिया हुआ
  1546. 1:05:08उनको हमें कोशिश करनी है कि वो ना आए। एंड
  1547. 1:05:12फॉर दैट अगर मैं लेफ्ट टू राइट की पढ़ाई
  1548. 1:05:14कर रहा हूं तो मैं सेकंड पीरियड या थर्ड
  1549. 1:05:17पीरियड इनमें से कोई भी एक। सेकंड पीरियड
  1550. 1:05:19की शुरुआत कहां से हो रही? टेबल में देखो
  1551. 1:05:21लिथियम से शुरुआत हो रही है। और फिर खत्म
  1552. 1:05:24कहां हो रहा है? नियॉन पे। और अगर आप थर्ड
  1553. 1:05:26पीरियड की बात करोगे तो सोडियम से शुरुआत
  1554. 1:05:28हो रही है और आर्गन पे जाके वो खत्म हो
  1555. 1:05:30रहा है। तो किसी भी एक पीरियड के लिए आप
  1556. 1:05:32पढ़ाई कर सकते हो। ठीक है जी? तो चलो लेट
  1557. 1:05:35अस से हम यहां पे
  1558. 1:05:38लेफ्ट टू राइट अगर चल रहे हैं तो कोई एक
  1559. 1:05:40पीरियड यहां पे ले लेते हैं। यहां पे
  1560. 1:05:42हमारे पास आ गया ग्रुप फर्स्ट। यहां पे
  1561. 1:05:45हमारे पास आ गया ग्रुप सेकंड। उसके बाद
  1562. 1:05:47थर्ड 12 तक तो गैप है। उसके बाद हमारे पास
  1563. 1:05:49आ गया ग्रुप 13,
  1564. 1:05:52ग्रुप 14,
  1565. 1:05:55ग्रुप 15,
  1566. 1:05:58ग्रुप 16,
  1567. 1:06:01ग्रुप 17 और ग्रुप 18। ठीक है? हम जब भी
  1568. 1:06:06कोई केमिकल प्रॉपर्टी पढ़ेंगे आप सबको पता
  1569. 1:06:08है 18 के बारे में बात नहीं होगी क्योंकि
  1570. 1:06:10वो नोबल गैसेस हैं। अब अगर हम थर्ड पीरियड
  1571. 1:06:13की बात कर रहे हैं तो सोडियम
  1572. 1:06:15मैग्नीशियम फिर एक छलांग एलुमिनियम टेबल
  1573. 1:06:19सामने खोल के बैठो सिलिकॉन फास्फोरस सल्फर
  1574. 1:06:24क्लोरीन और आर्गन आ गया। ठीक है? ये हमारे
  1575. 1:06:29पास आ गए इनके ग्रुप्स आ गए। ठीक है? तो
  1576. 1:06:32हम जो भी पढ़ाई करेंगे अभी लेफ्ट टू राइट
  1577. 1:06:35में इसके रिस्पेक्ट से हम लोग अपनी पढ़ाई
  1578. 1:06:38करने वाले हैं। जो भी पढ़ाई हम लोग करने
  1579. 1:06:40वाले हैं लेफ्ट टू राइट में इसके
  1580. 1:06:42रिस्पेक्ट से अब हम अपनी पढ़ाई करने वाले
  1581. 1:06:44हैं। तैयार हो? चलो एक-एक करके ट्रेंड्स
  1582. 1:06:48को लिखते हैं जिनको हमें पढ़ना है। सबसे
  1583. 1:06:50पहला ट्रेंड है वैलेंस इलेक्ट्रॉन्स।
  1584. 1:06:54सबसे पहला ट्रेंड है वैलेंस इलेक्ट्रॉन्स।
  1585. 1:06:57लेफ्ट टू राइट जाने पे वैलेंस
  1586. 1:06:59इलेक्ट्रॉन्स के साथ क्या होगा?
  1587. 1:07:02देखो मैं जो भी ट्रेंड आपको पढ़ाने जा रहा
  1588. 1:07:04हूं लेफ्ट टू राइट आपको अगर वह पहले से
  1589. 1:07:06आता है तो प्लीज बेटा मन में बोलो उसको है
  1590. 1:07:09ना ऐसा नहीं है कि सिर्फ ऐसे हाथ ऐसे बैठ
  1591. 1:07:11के या बिरे पे लेटे हो बेड पे आपके पैर
  1592. 1:07:15हैं ऊपर कंबल ओढ़ रखा है पतला सा एसी चल
  1593. 1:07:17रहा है ठंडा-ठंडा मध्यम मध्यम बेटा ऐसे
  1594. 1:07:20पढ़ाई नहीं होगी कंफर्ट ज़ोन से बाहर आओ
  1595. 1:07:22बोलना शुरू करो ऐसे बोलो कि घर वाले कहें
  1596. 1:07:25कि क्या हो गया इसको वीडियो देख रहा है
  1597. 1:07:26साथ में इतना चिल्ला क्यों रहा है ना बेटा
  1598. 1:07:28तो साथ में आपको बोलना है चलो अगर अगर मैं
  1599. 1:07:31वैलेंस इलेक्ट्रॉन की बात कर रहा हूं,
  1600. 1:07:33वैलेंस इलेक्ट्रॉन की बात कर रहा हूं, तो
  1601. 1:07:34क्या वैलेंस इलेक्ट्रॉन सेम है? नहीं।
  1602. 1:07:36वैलेंस इलेक्ट्रॉन तो एक ग्रुप में सेम
  1603. 1:07:38होते हैं। हम तो पीरियड में जा रहे हैं।
  1604. 1:07:40तो इसके वैलेंस इलेक्ट्रॉन और वैलेंसी
  1605. 1:07:42कितनी होगी? अब वैलेंस इलेक्ट्रॉन की बात
  1606. 1:07:44करते हैं। इसकी इलेक्ट्रॉनिक कॉन्फ़िगरेशन
  1607. 1:07:46क्या होगी? 2 8 1 इसकी होगी 2 8 2 इसकी
  1608. 1:07:52होगी 2 83। ऐसे ही सो ऑन। इसकी कितनी
  1609. 1:07:56होगी? 2 8 तो क्या वैलेंस इलेक्ट्रॉन एक
  1610. 1:08:00से आठ बढ़ रहे हैं? है ना? मैं ऐसे शॉर्ट
  1611. 1:08:02में लिखूंगा ध्यान रखना। तो इसका मतलब है
  1612. 1:08:05वैलेंस इलेक्ट्रॉन एक से आठ इंक्रीस होते
  1613. 1:08:09हैं अगर मैं लेफ्ट से राइट जाता हूं तो।
  1614. 1:08:12कोई रीज़न है नहीं इसमें रीज़न भी क्या दूं?
  1615. 1:08:14हो रहे हैं बस। है ना? हो रहे हैं एक से
  1616. 1:08:17आठ वैलेंस इलेक्ट्रॉन्स बढ़ रहे हैं। अब
  1617. 1:08:20अगर वैलेंस इलेक्ट्रॉन एक से आठ बढ़ रहे
  1618. 1:08:22हैं तो फिर वैलेंसी का क्या होगा? आओ बात
  1619. 1:08:25करते हैं। वैलेंसी का क्या होगा? वैलेंसी
  1620. 1:08:30अगर इसके वैलेंस इलेक्ट्रॉन एक है तो इसकी
  1621. 1:08:32वैलेंसी +1 यानी वन होगी। इसकी टू होगी।
  1622. 1:08:34इसकी थ्री होगी। इसकी फोर होगी। लेकिन आप
  1623. 1:08:36सबको पता होना चाहिए इसकी इलेक्ट्रॉनिक
  1624. 1:08:38कॉन्फ़िगरेशन अगर 285 है तो इसकी वैलेंसी
  1625. 1:08:41फाइव नहीं इसकी वैलेंसी थ्री होगी। आप
  1626. 1:08:43सबको पता है अपना ऑक्टेट पूरा करना है। तो
  1627. 1:08:45अगर मैं बात करूं वैलेंसी की एक होता है
  1628. 1:08:48ऑक्सीडेशन नंबर। वो अलग चीज है। अगर आपके
  1629. 1:08:50स्कूल में ऑक्सीडेशन नंबर करवाया है तो वो
  1630. 1:08:52हमें रेडॉक्स में करना है। कई लोग इधर भी
  1631. 1:08:54करा देते हैं। हमारे भी नोट्स में अभी एस
  1632. 1:08:56ब्लॉक पी ब्लॉक में ऑक्सीडेशन नंबर लिखा
  1633. 1:08:59होगा। मैं अभी ऑक्सीडेशन नंबर नहीं
  1634. 1:09:00वैलेंसी की बात कर रहा हूं। तो कंफ्यूज मत
  1635. 1:09:02होना। वैलेंसी की बात करें तो इसकी
  1636. 1:09:05वैलेंसी वन है। इसकी टू है। इसकी थ्री है।
  1637. 1:09:08इसकी फोर है। इसकी वापस से थ्री है। इसकी
  1638. 1:09:11वापस से टू है। इसकी वापस से वन है। और आप
  1639. 1:09:14सबको पता है इसकी जो वैलेंसी है वो ज़ीरो
  1640. 1:09:17है। नोबल गैस है तो उसकी वैलेंसी कितनी
  1641. 1:09:19है? ज़ीरो है। तो वैलेंसी के साथ क्या हो
  1642. 1:09:22रहा है? वैलेंसी पहले एक से चार बढ़ रही
  1643. 1:09:25है। फिर चार से जीरो कम हो रही है। एक से
  1644. 1:09:29चार पहले वैलेंसी बढ़ रही है।
  1645. 1:09:32फिर चार से ज़ीरो वैलेंसी कम हो रही है। ये
  1646. 1:09:35है वैलेंस इलेक्ट्रॉन्स और ये है वैलेंसी।
  1647. 1:09:38लेकिन अब सबसे इंपॉर्टेंट कररेक्टर आ रहा
  1648. 1:09:42है। क्योंकि यही करैक्टर आगे वाले सारे
  1649. 1:09:45कररेक्टर्स को अफेक्ट करेगा। सारे
  1650. 1:09:47कररेक्टर्स को और वो है साइज ऑफ़ एटम। और
  1651. 1:09:52वो है साइज ऑफ एटम। मेरा यकीन मानिए आगे
  1652. 1:09:56के सारे कररेक्टर्स को यह साइज ऑफ एटम ही
  1653. 1:10:01डिसाइड करने वाला है। तो थोड़ा सा ध्यान
  1654. 1:10:04से देखेंगे। साइज चाहे लेफ्ट टू राइट की
  1655. 1:10:06बात हो चाहे टॉप टू बॉटम की बात हो। चलो
  1656. 1:10:09आपके हिसाब से प्लीज ईमानदारी ओपी। आपके
  1657. 1:10:12हिसाब से लेफ्ट टू राइट जाने पे साइज
  1658. 1:10:14बढ़ेगा या कम होगा? यानी सोडियम,
  1659. 1:10:16मैग्नीशियम, एलुमिनियम, सिलिकॉन,
  1660. 1:10:17फास्फोरस, सल्फर इन सब में आपके हिसाब से
  1661. 1:10:20लेफ्ट टू राइट जाने पे साइज बढ़ेगा या कम
  1662. 1:10:23होगा? सोचो, दिमाग लगाओ। इन सबके पास सेम
  1663. 1:10:26नंबर ऑफ शेल्स हैं। इसके पास भी तीन शेल्स
  1664. 1:10:29हैं। इसके पास भी तीन शेल्स हैं। तीन है,
  1665. 1:10:31तीन है, तीन है, तीन है, तीन है, तीन है।
  1666. 1:10:33होने भी चाहिए। बिकॉज़ शुरू में ही पढ़ा जो
  1667. 1:10:36सेम पीरियड में होते हैं उनके पास शेल सेम
  1668. 1:10:39होते हैं। अब आप बताओ अगर ये सेम पीरियड
  1669. 1:10:41के लोग हैं, शेल सेम हैं तो क्या इनका जो
  1670. 1:10:43साइज है वो सेम होगा या इनका साइज अलग
  1671. 1:10:47होगा? अगर अलग होगा तो लेफ्ट टू राइट जाने
  1672. 1:10:49पे साइज बढ़ेगा या साइज कम होगा? ये सोच के
  1673. 1:10:52बताओ जल्दी से।
  1674. 1:10:55सोचा? ठीक है? तो अक्सर जिन्होंने चैप्टर
  1675. 1:10:58पहले नहीं पढ़ा होता, उनको लगता है कि
  1676. 1:10:59लेफ्ट टू राइट जाने पे साइज सेम रहना
  1677. 1:11:01चाहिए। क्योंकि इसके पास भी तीन शेल्स
  1678. 1:11:04हैं। तीन है। सबके पास तीन है। बट आप एक
  1679. 1:11:06बात भूल रहे हो। सबके पास भले ही तीन
  1680. 1:11:08शेल्स हैं। ये अगर न्यूक्लियस है। ये पहला
  1681. 1:11:11शेल है। ये तो न्यूक्लियस हो गया। ये
  1682. 1:11:13दूसरा शेल है। ये तीसरा शेल है। अब सोडियम
  1683. 1:11:16के आउटरमोस्ट शेल में एक इलेक्ट्रॉन है।
  1684. 1:11:20और इसके पास 11 प्रोटॉन्स हैं। तो एक
  1685. 1:11:23अट्रैक्शन होगा। लेकिन वहीं पे अगर
  1686. 1:11:25मैग्नीशियम की बात करूं तो मैग्नीशियम के
  1687. 1:11:27पास एक नहीं मैग्नीशियम के पास दो
  1688. 1:11:29इलेक्ट्रॉन हैं और प्रोटॉन भी 11 नहीं 12
  1689. 1:11:32हैं। तो क्या इलेक्ट्रॉन और प्रोटॉन के
  1690. 1:11:34बीच में अट्रैक्शन बढ़ गया? इलेक्ट्रॉन
  1691. 1:11:37प्रोटॉन को अट्रैक्ट करता है तो अट्रैक्शन
  1692. 1:11:38बढ़ रहा है। अट्रैक्शन बढ़ेगा तो साइज
  1693. 1:11:41छोटा होगा। वहीं पे देखो एलुमिनियम
  1694. 1:11:43सिलिकॉन के पास और इलेक्ट्रॉन बढ़ गए।
  1695. 1:11:45जैसे सिलिकॉन है उसके पास चार इलेक्ट्रॉन
  1696. 1:11:47हैं टोटल। और प्रोटॉन भी 14 हो गए तो ये
  1697. 1:11:50और अट्रैक्ट करेगा। यानी कि जितने
  1698. 1:11:52आउटरमोस्ट शेल में क्या बढ़ते चले जाएंगे?
  1699. 1:11:56इलेक्ट्रॉन बढ़ते चले जाएंगे। न्यूक्लियस
  1700. 1:11:58का आउटरमोस्ट शेल से अट्रैक्शन
  1701. 1:12:00इलेक्ट्रोस्टेटिक फोर्स ऑफ अट्रैक्शन
  1702. 1:12:02बढ़ती चली जाएगी। और इलेक्ट्रोस्टेटिक
  1703. 1:12:05फोर्स ऑफ अट्रैक्शन के बढ़ने की वजह से जो
  1704. 1:12:08साइज है वो कॉन्ट्रैक्ट होना शुरू हो
  1705. 1:12:11जाएगा। जब भी हम जाएंगे फ्रॉम लेफ्ट टू
  1706. 1:12:15राइट। तो जब भी हम लेफ्ट से राइट जाते हैं
  1707. 1:12:20साइज में एक कॉन्ट्रैक्शन आता है। साइज जो
  1708. 1:12:23है वो कम होता है। क्योंकि लास्ट वाले शेल
  1709. 1:12:26में इलेक्ट्रॉन्स जो हैं वो बढ़ते चले
  1710. 1:12:28जाते हैं। चलो आओ। तो साइज ऑफ एटम की बात
  1711. 1:12:31करते हैं। तो फ्रॉम
  1712. 1:12:35लेफ्ट टू राइट
  1713. 1:12:38लेफ्ट टू राइट
  1714. 1:12:43साइज
  1715. 1:12:46डिक्रीज
  1716. 1:12:50इन अ पीरियड।
  1717. 1:12:52अब ऐसा क्यों होता है? यह भी जानना जरूरी
  1718. 1:12:56है।
  1719. 1:12:57दिस
  1720. 1:12:59इज बिकॉज़
  1721. 1:13:05वैलेंस
  1722. 1:13:08इलेक्ट्रॉन इंक्रीजसेस
  1723. 1:13:14एंड
  1724. 1:13:16ड्यू टू इंक्रीज इन
  1725. 1:13:21वैलेंस इलेक्ट्रॉन्स।
  1726. 1:13:27इलेक्ट्रो
  1727. 1:13:31स्टैटिक अट्रैक्शन
  1728. 1:13:35इलेक्ट्रोस्टेटिक अट्रैक्शन बिटवीन
  1729. 1:13:42न्यूक्लियस एंड
  1730. 1:13:45इलेक्ट्रॉन्स इंक्रीसेस
  1731. 1:13:49व्हिच
  1732. 1:13:52रिजल्ट्स
  1733. 1:13:56इन कॉन्ट्रक्शन ऑफ साइज।
  1734. 1:14:02कॉन्ट्रैक्शन ऑफ साइज।
  1735. 1:14:05यानी कि लेफ्ट टु राइट जाने पे जो साइज़ है
  1736. 1:14:09वह कम होता है। वह कम होता है। यानी कि
  1737. 1:14:12अगर मैं ऐसे इन्हें इमेजिन करूं कि मैं
  1738. 1:14:15लेफ्ट टू राइट जा रहा हूं तो मैं ऐसे
  1739. 1:14:18अच्छा आप एनसीईआरटी खोलेंगे तो आपको इन
  1740. 1:14:19सबका टेबल में इन सबका रेडियस इन सबका
  1741. 1:14:23साइज भी गिवन है। बट ऑब्वियस सी बात है
  1742. 1:14:24हमें वो याद नहीं करना है। है ना? ना वो
  1743. 1:14:27बस रेफरेंस के लिए दिया हुआ है कि लेफ्ट
  1744. 1:14:28टू राइट जा रहा है तो साइज कम हो रहा है।
  1745. 1:14:30ये कॉमन सेंस की बात है कि हमें वो याद
  1746. 1:14:32नहीं करना है। बट हां अगर मैं ऐसे इमेजिन
  1747. 1:14:34करूं कि ये सोडियम है। ये मेरे पास
  1748. 1:14:36मैग्नीशियम है। ये अगर मैं लेफ्ट टू राइट
  1749. 1:14:39जा रहा हूं। ये मेरे पास मैग्नीशियम है।
  1750. 1:14:41ये मेरे पास एलुमिनियम है। ये मेरे पास
  1751. 1:14:44सिलिकॉन है। तो कुछ ऐसा मैं इमेजिन कर
  1752. 1:14:47सकता हूं कि ये अगर मेरे पास सोडियम है।
  1753. 1:14:50ये अगर मेरे पास सोडियम है। तो ये मेरे
  1754. 1:14:53पास मैग्नीशियम है। उसका साइज छोटा हो रहा
  1755. 1:14:55है। कितना छोटा हो रहा है? बहुत सारे
  1756. 1:14:58फैक्टर्स पे डिपेंड करता है बाबू। ठीक है
  1757. 1:15:00ना? और फिर एलुमिनियम का साइज और छोटा हो
  1758. 1:15:03रहा है। ठीक है ना? और फिर सिलिकॉन का जो
  1759. 1:15:06साइज है वो और छोटा हो रहा है। तो लेफ्ट
  1760. 1:15:08टू राइट जाने पे जो साइज है वो डिक्रीज हो
  1761. 1:15:11रहा है। एटम का जो साइज है रेडियस कह लो
  1762. 1:15:14साइज कह लो बात एक ही है बिकॉज़ स्फीयर है।
  1763. 1:15:17तो रेडियस एटम एक ही बात है ना? एटम का
  1764. 1:15:19साइज एटम का रेडियस एक ही बात है ना? तो
  1765. 1:15:21लेफ्ट टू राइट जाने पे जो साइज होता है वो
  1766. 1:15:24कम होता है और बाकी सारी प्रॉपर्टीज जो हम
  1767. 1:15:27आगे पढ़ने वाले हैं वो सारी की सारी साइज
  1768. 1:15:30डिपेंडेंट ही हैं। तो ये वाला पॉइंट काफी
  1769. 1:15:33इंपॉर्टेंट है। ठीक है? अब अगर साइज
  1770. 1:15:35डिपेंडेंट है तो हम आगे पढ़ने जा रहे हैं
  1771. 1:15:38फोर्थ पॉइंट
  1772. 1:15:40जो कि है इलेक्ट्रो
  1773. 1:15:43पॉजिटिविटी। आई होप आपको
  1774. 1:15:44इलेक्ट्रोपजिटिविटी का मतलब पता है।
  1775. 1:15:46इलेक्ट्रोपजिटिविटी का मतलब है कौन कितनी
  1776. 1:15:49आसानी से इलेक्ट्रॉन देना चाहता है। अपने
  1777. 1:15:52ऊपर पॉजिटिव चार्ज लेके आना चाहता है।
  1778. 1:15:55इसको बोलते हैं इलेक्ट्रोपजिटिविटी।
  1779. 1:15:58कौन कितनी आसानी से अपने ऊपर पॉजिटिव
  1780. 1:16:01चार्ज लेके आना चाहता है। इसको बोलते हैं
  1781. 1:16:03इलेक्ट्रोपजिटिविटी।
  1782. 1:16:05यानी इलेक्ट्रॉन देना चाहता है। आप चाहो
  1783. 1:16:07तो कहीं पे लिख सकते हो।
  1784. 1:16:08इलेक्ट्रोपजिटिविटी का मतलब होता है
  1785. 1:16:10टेंडेंसी टू लूज़ इलेक्ट्रॉन।
  1786. 1:16:12इलेक्ट्रोपजिटिविटी का मतलब होता है
  1787. 1:16:14टेंडेंसी टू लूज इलेक्ट्रॉन। अब अगर लगाओ
  1788. 1:16:17अगर इलेक्ट्रोपजिटिविटी का मतलब टेंडेंसी
  1789. 1:16:20टू लूज इलेक्ट्रॉन है तो क्या ये एक
  1790. 1:16:23प्रकार से मैटेलिक करैक्टर को भी
  1791. 1:16:24रिप्रेजेंट कर रहा है? यस। क्योंकि मेटल
  1792. 1:16:27कौन होते हैं? मेटल वो होते हैं जो
  1793. 1:16:28इलेक्ट्रॉन्स देते हैं। तो
  1794. 1:16:30इलेक्ट्रोपॉजिटिविटी और मैटेलिक करैक्टर
  1795. 1:16:32काइंड ऑफ़ सेम बात हो गई। काइंड ऑफ़ सेम बात
  1796. 1:16:36हो गई। क्यों? क्योंकि
  1797. 1:16:37इलेक्ट्रोपॉजिटिविटी
  1798. 1:16:38का मतलब इलेक्ट्रॉन देना। और इलेक्ट्रॉन
  1799. 1:16:41जो आसानी से दे रहा है, अच्छे से दे रहा
  1800. 1:16:43है, जिसकी इलेक्ट्रोपजिटिविटी ज्यादा है,
  1801. 1:16:45उसका मैटेलिक करैक्टर भी ज्यादा होगा। अब
  1802. 1:16:48अगर लगाओ लेफ्ट टू राइट जाने पे मैटेलिक
  1803. 1:16:51करैक्टर कम होगा या बढ़ेगा?
  1804. 1:16:55एक एटम आसानी से इलेक्ट्रॉन कब दे देगा?
  1805. 1:16:58जब उसका साइज बड़ा है या उसका साइज छोटा
  1806. 1:17:00है। देखो सोचो। बीच में हमारे पास सबके
  1807. 1:17:03न्यूक्लियस है। ये तो पक्का है कि सबके
  1808. 1:17:06बीच में न्यूक्लियस है। अब जिसका
  1809. 1:17:08इलेक्ट्रॉन न्यूक्लियस से सबसे ज्यादा दूर
  1810. 1:17:11है उससे इलेक्ट्रॉन निकालना आसान है।
  1811. 1:17:14बिकॉज़ आप मुझे बताओ सोलर सिस्टम में अगर
  1812. 1:17:17मान लेते हैं मान के लेते हैं आर्टरी
  1813. 1:17:19प्लनेट है। तो सबसे मुश्किल जो प्लेनेट
  1814. 1:17:21खींचना है वो मरकरी है क्योंकि वो सन अगर
  1815. 1:17:24मान के चलें सारे प्लेनेट्स का सेम मास
  1816. 1:17:25है। तो यहां पे तो सारे इलेक्ट्रॉन का सेम
  1817. 1:17:27मास है। तो अगर यह न्यूक्लियस है तो यहां
  1818. 1:17:29पे इलेक्ट्रॉन्स हैं तो जितना दूर
  1819. 1:17:31इलेक्ट्रॉन होगा न्यूक्लियस से उतना उसको
  1820. 1:17:33बाहर निकालना ईजी रहेगा। जिसकी वजह से
  1821. 1:17:36लेफ्ट टू राइट जाने पे साइज छोटा हो रहा
  1822. 1:17:39है। जो इलेक्ट्रॉन है वो न्यूक्लियस के और
  1823. 1:17:42करीब आ रहा है। तो इलेक्ट्रॉन निकालना
  1824. 1:17:44मुश्किल होता चला जाएगा। यानी कि जो
  1825. 1:17:47इलेक्ट्रोपजिटिविटी है यानी कि जो मैटेलिक
  1826. 1:17:49कररेक्टर है जो इलेक्ट्रोपजिटिविटी है
  1827. 1:17:54जो इलेक्ट्रोपॉजिटिविटी है यानी कि जो
  1828. 1:17:56मैटेलिक करैक्टर है ये इन्वर्सली
  1829. 1:17:59प्रोपोर्शनल होगा या साइज के डायरेक्टली
  1830. 1:18:01प्रपोर्शनल होगा बताओ साइज जितना बड़ा होगा
  1831. 1:18:05उतना इलेक्ट्रोपजिटिविटी ज्यादा है। बिकॉज़
  1832. 1:18:07जितना बड़ा साइज उतनी आसानी से इलेक्ट्रॉन
  1833. 1:18:10दे देगा। तो क्या ये साइज के साइज ऑफ एटम
  1834. 1:18:14के डायरेक्टली प्रपोर्शनल हो गया? यस। और
  1835. 1:18:18अभी हमने पढ़ा कि लेफ्ट टू राइट जाने पे
  1836. 1:18:20साइज क्या होता है? कम हो रहा है। तो अगर
  1837. 1:18:23लेफ्ट टू राइट जाने पे साइज कम हो रहा है
  1838. 1:18:25तो लेफ्ट टू राइट जाने पे
  1839. 1:18:27इलेक्ट्रोपॉजिटिविटी जो है
  1840. 1:18:29इलेक्ट्रोपजिटिविटी जो है
  1841. 1:18:33वो भी कम होगी। क्यों? क्योंकि साइज जो है
  1842. 1:18:36वह कम हो रहा है। तो अगर साइज कम हो रहा
  1843. 1:18:38है तो इलेक्ट्रोपजिटिविटी भी कम होगी। अब
  1844. 1:18:40अगर लगाओ अगर इलेक्ट्रोपजिटिविटी के साथ
  1845. 1:18:43ऐसा हो रहा है तो इलेक्ट्रोनेगेटिविटी के
  1846. 1:18:45साथ क्या होगा? सेम इलेक्ट्रोपजिटिविटी का
  1847. 1:18:48उल्टा है इलेक्ट्रोनेगेटिविटी।
  1848. 1:18:50इलेक्ट्रो
  1849. 1:18:52नेगेटिविटी। तो इलेक्ट्रोनेगेटिविटी जो है
  1850. 1:18:59इलेक्ट्रोनेगेटिविटी जो है
  1851. 1:19:02जिससे हम क्या भी कैलकुलेट कर सकते हैं
  1852. 1:19:04देखा जाए तो नॉन मैटेलिक कररेक्टर क्योंकि
  1853. 1:19:08इलेक्ट्रोनेगेटिविटी का मतलब है कोई कितनी
  1854. 1:19:11ताकत से इलेक्ट्रॉन लेना चाह रहा है ऑलदो
  1855. 1:19:12इलेक्ट्रोनेगेटिविटी को हमें डिटेल में
  1856. 1:19:14पढ़ना भी है इसी चैप्टर में आगे लिखा भी
  1857. 1:19:16हुआ है आगे बट आप चाहो तो लिख सकते हो
  1858. 1:19:17टेंडेंसी टू गेन इलेक्ट्रॉन टेंडेंसी टू
  1859. 1:19:20गेन इलेक्ट्रॉन इसको कहा जाता है
  1860. 1:19:22इलेक्ट्रोनेगेटिविटी िटी अब
  1861. 1:19:23इलेक्ट्रोनेगेटिविटी
  1862. 1:19:25का मतलब है इलेक्ट्रॉन गेन करना। आप मुझे
  1863. 1:19:27बताओ कौन सा एटम इलेक्ट्रॉन आसानी से गेन
  1864. 1:19:30करेगा जिसका साइज छोटा है। क्यों? बिकॉज़
  1865. 1:19:33छोटा साइज होगा तो न्यूक्लियस लास्ट शेल
  1866. 1:19:35के पास होगा। छोटा साइज होगा तो
  1867. 1:19:37न्यूक्लियस लास्ट शेल के पास होगा। तो
  1868. 1:19:40सबसे आसान होगा इलेक्ट्रॉन गेन करना।
  1869. 1:19:42इसीलिए 17th ग्रुप वाले सबसे आसानी से
  1870. 1:19:45इलेक्ट्रॉन गेन करते हैं। देखो मैंने कहा
  1871. 1:19:47था जब भी केमिकल प्रॉपर्टीज की बात आएगी
  1872. 1:19:49इलेक्ट्रॉन लेने देने शेयर की बात आएगी तो
  1873. 1:19:51नोबल गैसेस को आप कंसीडर नहीं करोगे वो तो
  1874. 1:19:53नोबल है ना। तो अगर मैं इन सब की बात करूं
  1875. 1:19:56तो इनमें सबसे आसानी से हम सब जानते हैं
  1876. 1:19:58कौन इलेक्ट्रॉन जो है वो दे देता है तो ले
  1877. 1:20:02लेता है तो आंसर है क्लोरीन और कौन इनमें
  1878. 1:20:05सबसे आसानी से इलेक्ट्रॉन दे देता है तो
  1879. 1:20:07आंसर है सोडियम और यही रीजन है कि मैंने
  1880. 1:20:11आपको कहा था कि पूरी पीरियडिक टेबल में
  1881. 1:20:13इधर यानी फर्स्ट ग्रुप और सेकंड ग्रुप
  1882. 1:20:15वाले सबसे अच्छे मेटल्स हैं। आप सबको पता
  1883. 1:20:18है दुनिया के सबसे रिएक्टिव मेटल्स इधर ही
  1884. 1:20:21बैठे हुए हैं। जब हम 10थ क्लास में थे तो
  1885. 1:20:23हमने पढ़ा था कि पोटैशियम सबसे ज्यादा
  1886. 1:20:25रिएक्टिव है। ऑलदो आज मैं आपको इसकी एक
  1887. 1:20:28गलतफहमी भी दूर करूंगा। अगर आपको आज से
  1888. 1:20:29पहले लगता था कि पोटैशियम सबसे ज्यादा
  1889. 1:20:31रिएक्टिव है तो ऐसा नहीं है। वो हमारे 10थ
  1890. 1:20:33क्लास में जितने एलिमेंट्स हमें पढ़ाए गए
  1891. 1:20:35थे उनमें था। लेकिन ये तो तय है कि लेफ्ट
  1892. 1:20:37से राइट जाने पे अभी पढ़ाए मैटेलिक
  1893. 1:20:39करैक्टर कम हो रहा है। तो सबसे ज्यादा
  1894. 1:20:41मैटेलिक हो गए फर्स्ट ग्रुप वाले। फिर हो
  1895. 1:20:44गए सेकंड ग्रुप वाले। लेकिन अब अगर नॉन
  1896. 1:20:46मैटेलिक करैक्टर की बात करें तो लेफ्ट टू
  1897. 1:20:48राइट जाने पे नॉन मैटेलिक करैक्टर यानी कि
  1898. 1:20:50इलेक्ट्रोनेगेटिविटी क्या होगी? बढ़ेगी कम
  1899. 1:20:52होगी? बढ़ेगी। क्यों बढ़ेगी? बिकॉज़ लेफ्ट टू
  1900. 1:20:55राइट जाने पे जितना लेफ्ट टू राइट जाओगे
  1901. 1:20:57साइज़ छोटा होगा। साइज़ छोटा होगा। तो
  1902. 1:21:00इलेक्ट्रोनेगेटिविटी जो है ये इन्वर्सली
  1903. 1:21:03प्रपोर्शनल है।
  1904. 1:21:05इलेक्ट्रोनेगेटिविटी का मतलब
  1905. 1:21:08नॉन मैटेलिक करैक्टर। ये इन्वर्सली
  1906. 1:21:11प्रपोर्शनल है किसके? साइज़ के। तो जितना
  1907. 1:21:14साइज छोटा होगा इलेक्ट्रॉन गेन करना उतना
  1908. 1:21:16आसान होगा। इसका मतलब है अगर मैं लेफ्ट से
  1909. 1:21:19राइट जाऊंगा एक पीरियडिक टेबल में तो
  1910. 1:21:22इलेक्ट्रोनेगेटिविटी जिसको मैं EN- से भी
  1911. 1:21:24रिप्रेजेंट कर रहा हूं।
  1912. 1:21:25इलेक्ट्रोनेगेटिविटी जो है बढ़ेगी क्योंकि
  1913. 1:21:28साइज जो है वो कम हो रहा है। इसीलिए हम
  1914. 1:21:31ऐसा कह सकते हैं कि मोस्ट
  1915. 1:21:35इलेक्ट्रोपॉजिटिव कौन हुआ? अगर मैं
  1916. 1:21:38ग्रुप्स की बात करूं तो मोस्ट
  1917. 1:21:40इलेक्ट्रोपॉजिटिव कौन हुए? तो आंसर है
  1918. 1:21:43फर्स्ट ग्रुप वाले। यस और नो। यस और नो।
  1919. 1:21:46तो मोस्ट इलेक्ट्रोपजिटिव यानी सबसे अच्छे
  1920. 1:21:49मेटल्स कौन हुए? फर्स्ट ग्रुप वाले। और
  1921. 1:21:52अगर मैं आपसे पूछूं कि मोस्ट
  1922. 1:21:55इलेक्ट्रोनेगेटिव मोस्ट इलेक्ट्रोनेगेटिव
  1923. 1:21:58कौन हुआ? यानी सबसे अच्छे नॉन मेटल्स कौन
  1924. 1:22:02हुए? तो आंसर है 17th। अगेन आप 18th की
  1925. 1:22:05बात मत बोलना। 18th नोबल गैस है। उनको
  1926. 1:22:07केमिकल प्रॉपर्टीज में कंसीडर नहीं किया
  1927. 1:22:09जाएगा। तो भैया ये हमारे लेफ्ट टू राइट
  1928. 1:22:12ट्रेंड समझ रहे हैं आप? वैलेंस
  1929. 1:22:14इलेक्ट्रॉन्स क्या हो रहे हैं? एक से आठ
  1930. 1:22:15बढ़ रहे हैं। वैलेंसी पहले एक से चार बढ़
  1931. 1:22:17रही है। फिर चार से शून्य कम हो रही है।
  1932. 1:22:18साइज लेफ्ट टू राइट जाने पे कम हो रहा है।
  1933. 1:22:20रीज़न दिया। साइज कम हो रहा है तो
  1934. 1:22:22इलेक्ट्रॉन देना मुश्किल हो रहा है। जिसकी
  1935. 1:22:24वजह से इलेक्ट्रो पॉजिटिविटी कम हो रही है
  1936. 1:22:26क्योंकि साइज कम हो रहा है। मैटेलिक
  1937. 1:22:27करैक्टर भी कम हो रहा है लेफ्ट टू राइट।
  1938. 1:22:30लेकिन साइज अगर कम हो रहा है तो इन्वर्सली
  1939. 1:22:32प्रोपोर्शनल होती है इलेक्ट्रोनेगेटिविटी।
  1940. 1:22:33इलेक्ट्रॉन लेने की क्षमता। तो जिसकी वजह
  1941. 1:22:36से लेफ्ट टू राइट जाने पे क्योंकि साइज कम
  1942. 1:22:38होता है तो इलेक्ट्रोनेगेटिविटी बढ़ती है।
  1943. 1:22:40इसलिए मोस्ट इलेक्ट्रोपजिटिव ये लोग हैं
  1944. 1:22:42और मोस्ट इलेक्ट्रोनेगेटिव ये लोग हैं
  1945. 1:22:44हमारी पीरियडिक टेबल में। डन है पक्की बात
  1946. 1:22:48है। पक्का ओके। अब रिएक्टिविटी की बात
  1947. 1:22:52करते हैं। फिर हमारे लेफ्ट टू राइट
  1948. 1:22:54ट्रेंड्स खत्म हो जाएंगे। फिर आपको वीडियो
  1949. 1:22:55को पॉज करके ये सारे ट्रेंड्स सोचने
  1950. 1:22:58होंगे। टॉप टू बॉटम। दिमाग लगाना होगा कि
  1951. 1:23:00ये सारे के सारे ट्रेंड्स टॉप टू बॉटम
  1952. 1:23:02कैसे हो रहे होंगे। बट अभी के लिए आखिरी
  1953. 1:23:07हमारी ट्रेंड के बारे में बात करते हैं।
  1954. 1:23:09दैट इज रिएक्टिविटी।
  1955. 1:23:11अब रिएक्टिविटी का मतलब है कौन कितनी
  1956. 1:23:14आसानी से रिएक्ट हो जाएगा। अगेन
  1957. 1:23:16रिएक्टिविटी को इससे नहीं मतलब कि आप मेटल
  1958. 1:23:19हो या आप नॉन मेटल हो। रिएक्टिविटी किसकी
  1959. 1:23:21ज्यादा होगी, किसकी कम होगी? आप सबको शायद
  1960. 1:23:23नाइंथ क्लास से याद हो। ये वैलेंसी पे
  1961. 1:23:26डिपेंड करता है। जिसकी वैलेंसी जितनी कम
  1962. 1:23:28होती है वो उतना ज्यादा रिएक्टिव होता है।
  1963. 1:23:30तो रिएक्टिविटी इज इन्वर्सली प्रोपोर्शनल
  1964. 1:23:34टू वैलेंसी होती है। जितनी ये एक सिंघम का
  1965. 1:23:37एक बड़ा प्यारा डायलॉग भी है। मेरी
  1966. 1:23:40जरूरतें कम है इसलिए मेरे जमीर में दम है।
  1967. 1:23:42तो जिसकी जरूरतें कम होंगी। जिसकी वैलेंसी
  1968. 1:23:44कम होगी वो जल्दी रिएक्ट होगा। उसको जैसे
  1969. 1:23:46सोडियम है उसको एक ही इलेक्ट्रॉन चाहिए।
  1970. 1:23:48जल्दी रिएक्ट हो के खत्म करेगा। लेकिन
  1971. 1:23:50वहीं पे एलुमिनियम को तीन इलेक्ट्रॉन
  1972. 1:23:52चाहिए। तो तीन इलेक्ट्रॉन देने वाला भी
  1973. 1:23:53होना चाहिए या तीन अलग-अलग लोगों को भी
  1974. 1:23:55आना पड़ेगा जो एक-एक इलेक्ट्रॉन है तो
  1975. 1:23:57चांसेस कम हो जाएंगे। तो रिएक्टिविटी
  1976. 1:24:00वैलेंसी के इन्वर्सली प्रोपोर्शनल होती
  1977. 1:24:02है। तो अगर ऐसा है तो अभी हमने थोड़ी देर
  1978. 1:24:04पहले क्या पढ़ा कि भैया वैलेंसी एक से चार
  1979. 1:24:07पहले बढ़ती है फिर चार से शून्य। अब शून्य
  1980. 1:24:09को तो छोड़ दो। वो तो रिएक्टिव ही नहीं
  1981. 1:24:10है। तो अगर ऐसा है तो रिएक्टिविटी की अगर
  1982. 1:24:13बात करें तो क्या ये कहना सही होगा कि
  1983. 1:24:15ग्रुप फर्स्ट वाले मोस्ट रिएक्टिव होंगे।
  1984. 1:24:20वो अलग बात है कि यह मेटल है। लेकिन अभी
  1985. 1:24:22हम मोस्ट रिएक्टिव पूछ रहे हैं। तो क्या
  1986. 1:24:24ग्रुप फर्स्ट वाले मोस्ट रिएक्टिव होंगे?
  1987. 1:24:26हां सर। लेकिन अगर ग्रुप फर्स्ट वाले
  1988. 1:24:28मोस्ट रिएक्टिव हैं तो ग्रुप
  1989. 1:24:3217 वाले भी तो मोस्ट रिएक्टिव होंगे।
  1990. 1:24:35क्योंकि ग्रुप फर्स्ट वालों की वैलेंसी भी
  1991. 1:24:38वन है और ग्रुप 17 वालों की वैलेंसी भी वन
  1992. 1:24:41है। लेकिन वहीं पर जो ग्रुप 14 है जनरल
  1993. 1:24:44बात हो रही है। जनरल बात हो रही है। वहीं
  1994. 1:24:46पे जो ग्रुप 14 है वहीं पे जो ग्रुप 14 है
  1995. 1:24:48जैसे सिलिकॉन है इनकी वैलेंसी चार होगी।
  1996. 1:24:51चार होगी। अब चार वैलेंसी वाले लीस्ट
  1997. 1:24:53रिएक्टिव होंगे। जनरल एक्सेप्शनल केसेस आर
  1998. 1:24:57देयर। ये लीस्ट रिएक्टिव होंगे। यानी
  1999. 1:24:59लेफ्ट टू राइट जाने पर अगर आप देखें तो
  2000. 1:25:02ग्रुप वन वालों की सबसे ज्यादा
  2001. 1:25:03रिएक्टिविटी है और ग्रुप 17 वालों की
  2002. 1:25:05क्योंकि वैलेंसी पहले बढ़ रही है फिर कम
  2003. 1:25:08हो रही है और सबसे कम रिएक्टिव है ग्रुप
  2004. 1:25:0914 वाले क्योंकि उनकी वैलेंसी सबसे ज्यादा
  2005. 1:25:12है और रिएक्टिविटी वैलेंसी के इन्वर्सली
  2006. 1:25:15प्रपोर्शनल होती है। हाथ जोड़ के विनती है
  2007. 1:25:17सारे ट्रेंड्स जो हमने टॉप टू बॉटम लेफ्ट
  2008. 1:25:20टू राइट पढ़े हैं प्लीज उनको आप ईमानदारी
  2009. 1:25:22से कहीं पे लिख लीजिए। एक-एक चीज हीरा आगे
  2010. 1:25:24काम आएगी। फिर इन्हीं ट्रेंड्स को हम लोग
  2011. 1:25:26पढ़ेंगे। आओ टॉप टू बॉटम। लेकिन आप पहले
  2012. 1:25:29लिखो और टॉप टू बॉटम खुद अंदाजा लगाओ। मैं
  2013. 1:25:31रुकूंगा नहीं। वीडियो पॉज कर लो चाहे फिर
  2014. 1:25:33आगे बढ़ लो। लेफ्ट टू राइट मैंने कर दिया
  2015. 1:25:35है। टॉप टू बॉटम करो। फिर मैं कराऊंगा।
  2016. 1:25:39ठीक है? चलो। हां। तो अब अगर हम बात करें
  2017. 1:25:41फ्रॉम टॉप टू बॉटम। तो टॉप टू बॉटम में ये
  2018. 1:25:45अगर आपने लिखा ईमानदारी से तो आपको इतना
  2019. 1:25:47तो पता है या अगर आपने पिछले वाले पढ़ लिए
  2020. 1:25:50और अब आप टॉप टू बॉटम के बारे में सोच रहे
  2021. 1:25:52हो तो आप समझोगे कि यार लेफ्ट टू राइट में
  2022. 1:25:54तो चलो मैं एक पीरियड में था। लेकिन टॉप
  2023. 1:25:57टू बॉटम में तो मुझे ग्रुप में रहना है।
  2024. 1:25:58अब अगर मैं फर्स्ट ग्रुप में रहता हूं तो
  2025. 1:26:00वहां सारे के सारे मेटल्स हैं। और अगर मैं
  2026. 1:26:0217th ग्रुप में रहता हूं तो वहां सारे के
  2027. 1:26:04सारे नॉन मेटल्स हैं। तो हम लोग कंपैरिजन
  2028. 1:26:07के लिए दोनों ग्रुप्स को लेते हुए चलेंगे।
  2029. 1:26:09फर्स्ट ग्रुप को भी लेते हुए चलेंगे और
  2030. 1:26:1117th ग्रुप को भी लेते हुए चलेंगे। आपको
  2031. 1:26:13अपने दिमाग में ये ध्यान रखना है कि
  2032. 1:26:15फर्स्ट ग्रुप में ये लोग आ गए। हाइड्रोजन
  2033. 1:26:17को इग्नोर करेंगे तो लिथियम, सोडियम,
  2034. 1:26:18पोटैशियम, रूबिडियम, सीज़ियम, फ्रांशियम ये
  2035. 1:26:21याद नहीं करना है। अपने आप हो जाएगा कुछ
  2036. 1:26:23समय बाद। और यहां पे फ्लोरीन, क्लोरीन,
  2037. 1:26:25ब्रोमीन, आयोडीन और एस्टाटिन वो तो अभी हम
  2038. 1:26:27मान के चल रहे हैं डिस्कवर नहीं हुआ। तो
  2039. 1:26:28फ्लोरीन, क्लोरीन, ब्रोमीन, आयोडीन और
  2040. 1:26:30एस्टाटिन। अब ये सब हैलोजंस हैं यानी कि
  2041. 1:26:32नॉन-मेटल्स हैं और ये सब अल्कली मेटल्स
  2042. 1:26:35यानी कि स्ट्रंग मेटल्स हैं। तो ग्रुप वन
  2043. 1:26:37और ग्रुप 17 के रिस्पेक्ट से आओ लेफ्ट टू
  2044. 1:26:40राइट और टॉप टू बॉटम के रिस्पेक्ट में बात
  2045. 1:26:43करते हैं। सारे वही करैक्टर पढ़ेंगे। जैसे
  2046. 1:26:44वहां पे सबसे पहले हमने पढ़ा वैलेंस
  2047. 1:26:47इलेक्ट्रॉन। तो यहां पे भी अगर हम वैलेंस
  2048. 1:26:49इलेक्ट्रॉन पढ़ें तो लेफ्ट टु राइट में
  2049. 1:26:51वैलेंस इलेक्ट्रॉन एक से आठ बढ़ रहे थे।
  2050. 1:26:54लेकिन यह ऑब्वियस है कि टॉप टु बॉटम
  2051. 1:26:56वैलेंस इलेक्ट्रॉन सेम रहेंगे बिकॉज़ सेम
  2052. 1:26:57ग्रुप में कौन से लोग हैं? जिनके पास
  2053. 1:26:59वैलेंस इलेक्ट्रॉन सेम है। उन्हीं को तो
  2054. 1:27:01हमने सेम ग्रुप में रखा था। ग्रुप का मतलब
  2055. 1:27:03ही यही है जिनके पास वैलेंस इलेक्ट्रॉन
  2056. 1:27:05सेम होते हैं। तो वैलेंस इलेक्ट्रॉन अगर
  2057. 1:27:07ऊपर से नीचे की बात करें तो सेम रहेंगे।
  2058. 1:27:09है ना? लेफ्ट टू राइट नहीं जाना है। अब
  2059. 1:27:11हमें ऊपर से नीचे जाना है। चाहे मैं ग्रुप
  2060. 1:27:13वन में हूं, टू में हूं, चाहे मैं 17 में
  2061. 1:27:14हूं, चाहे मैं 18 में क्यों ना हूं,
  2062. 1:27:16वैलेंस इलेक्ट्रॉन सेम रहेंगे। अब अगर
  2063. 1:27:18वैलेंस इलेक्ट्रॉन सेम है तो ये भी कॉमन
  2064. 1:27:21सेंस की बात है कि वैलेंसी भी सेम रहेगी।
  2065. 1:27:24जैसे कि फर्स्ट ग्रुप वाले जो हैं उन सबकी
  2066. 1:27:27वैलेंसी +1 है। सेकंड वालों की +2 है।
  2067. 1:27:30वहीं पे 17 वालों की जो वैलेंसी है वो -1
  2068. 1:27:33या फिर वन है। है ना? तो अगर वो आयनिक
  2069. 1:27:36बॉन्ड बना रहे हैं तो -1, कोवलेंट बना रहे
  2070. 1:27:38हैं तो वन। तो वैलेंस इलेक्ट्रॉन्स अगर
  2071. 1:27:40सेम है तो शायद ये कॉमन सेंस ही हो जाता
  2072. 1:27:43है कि यार वैलेंसी भी सेम होगी। लेकिन आओ
  2073. 1:27:45अगेन सबसे इंपॉर्टेंट पॉइंट के बारे में
  2074. 1:27:47बात करते हैं साइज बिकॉज़ साइज समझा तो
  2075. 1:27:50आपको पता है इलेक्ट्रो पॉजिटिविटी
  2076. 1:27:51इलेक्ट्रोनेगेटिविटी सब समझ में आ जाएगा।
  2077. 1:27:53तो अगर यहां पे बात करें साइज की क्या
  2078. 1:27:57लगता है आपको साइज के बारे में? अगर मैं
  2079. 1:27:59लेट्स से लिथियम, सोडियम,
  2080. 1:28:03पोटैशियम,
  2081. 1:28:05रुबिडियम, सीज़ियम, फ्रांशियम के बारे में
  2082. 1:28:07बात करता हूं। सबके बारे में खैर करने की
  2083. 1:28:09क्या जरूरत है? लेकिन चलो अगर मैं करता भी
  2084. 1:28:11हूं तो आपको क्या लगता है ऊपर से नीचे आने
  2085. 1:28:13पे जो साइज है वो बढ़ेगा या कम होगा? तो
  2086. 1:28:16आंसर है लिथियम की इलेक्ट्रॉनिक
  2087. 1:28:18कॉन्फ़िगरेशन है 2 1 इसकी है 2 8 1 इसकी
  2088. 1:28:22है 2 88 81 यानी इसके पास के एल इसके पास
  2089. 1:28:25के एल एम इसके पास के एल एम एन के एल एम
  2090. 1:28:29एन ओ ऐसे नंबर ऑफ शेल्स बढ़ रहे हैं। अब
  2091. 1:28:31अगर नंबर ऑफ शेल्स बढ़ रहे हैं तो साइज
  2092. 1:28:33बढ़ेगा या कम होगा। अभी लेफ्ट टू राइट में
  2093. 1:28:36क्या था? जो वैलेंस इलेक्ट्रॉन्स थे वो बढ़
  2094. 1:28:38रहे थे लेकिन शेल सेम थे जिसकी वजह से
  2095. 1:28:40साइज में कॉन्ट्रैक्शन आया। बट यहां पे तो
  2096. 1:28:43ऊपर से नीचे आने पे जो शेल्स हैं वही बढ़
  2097. 1:28:47रहे हैं। तो अगर ऐसा है तो लिथियम को मैं
  2098. 1:28:49कैसे इमेजिन करूं? अगर मैं लिथियम को ऐसे
  2099. 1:28:52इमेजिन करता हूं तो सोडियम जो है वो कुछ
  2100. 1:28:54ऐसा हो गया और पोटैशियम जो है वो और
  2101. 1:28:57ज्यादा बड़ा हो जाएगा। अगेन प्लीज ये मैंने
  2102. 1:29:01अपने रफली बात यहां पे करी है। इसको दिल
  2103. 1:29:03पे मत लगाइएगा। बट हां ये तो पक्का है कि
  2104. 1:29:05ऊपर से नीचे आने पे जो साइज है वो बढ़ेगा।
  2105. 1:29:09अब ऐसा क्यों है? इसका सिंपल सा कारण हम
  2106. 1:29:12लोग यहां पे लिखेंगे। बहुत सिंपल सा लॉजिक
  2107. 1:29:14है कि ऊपर से नीचे आने पे फ्रॉम
  2108. 1:29:20टॉप टू बॉटम
  2109. 1:29:25नंबर ऑफ
  2110. 1:29:28शेल्स
  2111. 1:29:32इंक्रीज
  2112. 1:29:35ड्यू टू वि
  2113. 1:29:39साइज इंक्रीजसेस। अच्छा आप ये भी जान रहे
  2114. 1:29:43हैं कि ये चैप्टर पूरा का पूरा थ्योरी
  2115. 1:29:45बेस्ड है। इसमें फर्स्ट चैप्टर की तरह या
  2116. 1:29:48सेकंड चैप्टर की तरह बीच-बीच में
  2117. 1:29:49न्यूमेरिकल्स नहीं है। अगर आपने मेरे
  2118. 1:29:50फर्स्ट सेकंड चैप्टर दोनों के वन शॉट देखे
  2119. 1:29:52हैं तो मैंने बीच-बीच में आपको
  2120. 1:29:53न्यूमेरिकल्स करवाए थे। लेकिन इसमें जो
  2121. 1:29:55थ्योरी के हम इसमें भी सवाल बनाने वाले
  2122. 1:29:57हैं हर चैप्टर की तरह। इसमें भी क्वेश्चन
  2123. 1:29:59बनाएंगे। लेकिन वो चैप्टर के एंड में
  2124. 1:30:01बनाएंगे। बिकॉज़ इसका कोई भी एक क्वेश्चन
  2125. 1:30:03अगर मैं उठाता हूं या तो वो बहुत आसान है
  2126. 1:30:05उनको यहां बनाने में। लेकिन जो अच्छे
  2127. 1:30:07क्वेश्चन है वो सारे कंबाइंड हैं। मतलब
  2128. 1:30:09उसमें मल्टीपल टॉपिक्स लग रहे हैं। मैंने
  2129. 1:30:11कोशिश की थी तो दो चार पांच सवाल हर एक
  2130. 1:30:14टॉपिक से बन रहे थे जिसमें फील नहीं आ रही
  2131. 1:30:15थी। तो मुझे लगा क्यों ना बेहतर रहेगा अगर
  2132. 1:30:18ऐसा करें कि पूरा चैप्टर एक बार ही पढ़
  2133. 1:30:21लेते हैं आराम से चिल मार के। उसके बाद
  2134. 1:30:22फिर इकट्ठे क्वेश्चंस कर लेंगे। सारी
  2135. 1:30:24थ्योरी भी इकट्ठी हो जाएगी। जैसे
  2136. 1:30:26आयनाइजेशन एनर्जी के ऊपर अगर सवाल है तो
  2137. 1:30:28आपको उसके पहले ट्रेंड्स भी आने चाहिए। तो
  2138. 1:30:30इसीलिए बहुत मिलेजुले सवाल हैं।
  2139. 1:30:32एक्सेप्शनल केसेस के लिए मल्टीपल टॉपिक्स
  2140. 1:30:35आने चाहिए। तो इसीलिए यहां पे हम लोग पहले
  2141. 1:30:37टॉपिक्स को इकट्ठा कर रहे हैं। फिर
  2142. 1:30:39क्वेश्चन आंसर्स पे आ जाएंगे। तो अगर ऊपर
  2143. 1:30:41से नीचे आने की बात करें तो ऊपर से नीचे
  2144. 1:30:44आने पे साइज जो है वो बढ़ रहा है क्योंकि
  2145. 1:30:46नंबर ऑफ शेल्स बढ़ रहे हैं। अब अगर साइज
  2146. 1:30:48बढ़ रहा है नंबर ऑफ शेल्स के बढ़ने से तो
  2147. 1:30:51बाकी सारी प्रॉपर्टीज मुझे लगता है अब
  2148. 1:30:53अपने आप कॉमन हो जाती हैं। जैसे कि
  2149. 1:30:58जैसे कि इलेक्ट्रो
  2150. 1:31:02पॉजिटिविटी इन सबको मैं अब शॉर्ट में
  2151. 1:31:04लिखने वाला हूं। इलेक्ट्रो पॉजिटिविटी का
  2152. 1:31:07मतलब मैटेलिक कररेक्टर भी है। और अभी बात
  2153. 1:31:11की इलेक्ट्रोपजिटिविटी यानी कि मैटेलिक
  2154. 1:31:13करैक्टर साइज के साथ कैसा है? डायरेक्टली
  2155. 1:31:16प्रोपोर्शनल। तो ऊपर से नीचे आने पे अगर
  2156. 1:31:18साइज बढ़ रहा है तो मैटेलिक कररेक्टर यानी
  2157. 1:31:20कि इलेक्ट्रोपजिटिविटी बढ़ेगी। ऊपर से नीचे
  2158. 1:31:23आने पे इंक्रीज होगा। सिर्फ इंक्रीज़ लिख
  2159. 1:31:26देते हैं। तो अब यहां पे एक गहरी बात करते
  2160. 1:31:28हैं, सुनो। अगर हमने आपको ये पढ़ा दिया कि
  2161. 1:31:31लेफ्ट टू राइट जाने पे मैटेलिक करैक्टर कम
  2162. 1:31:34होता है। तो क्या ये कहना सही है कि सबसे
  2163. 1:31:36अच्छे मेटल ये है। और अभी-अभी पढ़ाया कि
  2164. 1:31:39ऊपर से नीचे आने पे मैटेलिक करैक्टर बढ़
  2165. 1:31:42रहा है। तो क्या अब ये कह सकते हैं कि ये
  2166. 1:31:44सबसे अच्छे मेटल्स थे। लेकिन इनमें भी ऊपर
  2167. 1:31:47से नीचे आओगे तो मैटेलिक करैक्टर बढ़ेगा।
  2168. 1:31:49तो क्या ये घोषणा करनी सही रहेगी कि
  2169. 1:31:52फ्रांशियम जो है वो सबसे ज्यादा रिएक्टिव
  2170. 1:31:56मेटल है।
  2171. 1:31:58हमें 10थ क्लास में पढ़ाया जो जो बच्चे
  2172. 1:32:00मुझसे पढ़ते थे मैंने उनको बताया था चाहे
  2173. 1:32:02वन शॉट देखा हो आपने चाहे पेड बैच में हो
  2174. 1:32:04कि भले ही अभी हम आपको कह रहे हैं कि
  2175. 1:32:05पोटैशियम इज दी मोस्ट रिएक्टिव मेटल लेकिन
  2176. 1:32:07पोटैशियम से भी ज्यादा रिएक्टिव है
  2177. 1:32:09रुबिडियम सीज़ियम फ्रॉन्शियम इवन रेडियम ये
  2178. 1:32:12सब भी। तो सबसे ज्यादा रिएक्टिव मेटल अगर
  2179. 1:32:15मैं अब बोलूं हमारे पूरे पीरियडिक टेबल
  2180. 1:32:18में कौन है? तो फ्रंशियम क्योंकि लेफ्ट टू
  2181. 1:32:19राइट जाने पे मैटेलिक करैक्टर कम होता है।
  2182. 1:32:21तो ये सबसे ज्यादा मैटेलिक हो गए और ऊपर
  2183. 1:32:23से नीचे आने पे बढ़ रहा है। तो फ्रांशियम
  2184. 1:32:25सबसे ज्यादा मैटेलिक जो है वो हो जाता है।
  2185. 1:32:28सबसे ज्यादा मेटल अच्छा अगर मुझे किसी को
  2186. 1:32:32बोलना हो तो फ्रांशियम इज द आंसर। ठीक है?
  2187. 1:32:35और वहीं पे अगर मैं बात करूं
  2188. 1:32:36इलेक्ट्रोनेगेटिविटी की
  2189. 1:32:39इलेक्ट्रोनेगेटिविटी
  2190. 1:32:41की अगर बात की जाए। इलेक्ट्रो नेगेटिविटी
  2191. 1:32:44की बात की जाए यानी कि
  2192. 1:32:48अगर म नॉन मैटेलिक कररेक्टर की बात की जाए
  2193. 1:32:54नॉन मैटेलिक कररेक्टर की अगर बात की जाए
  2194. 1:32:57तो ऊपर से नीचे आने पे साइज जो है वो क्या
  2195. 1:33:00हो रहा है बढ़ रहा है और आपको पढ़ाया आज
  2196. 1:33:01ही कि ये इन्वर्सली प्रपोर्शनल है तो ऊपर
  2197. 1:33:04से नीचे आने पे नॉन मैटेलिक करैक्टर
  2198. 1:33:07डिक्रीज होगा। अब अगेन अब ये आपको मुझे
  2199. 1:33:10कमेंट सेक्शन में बताना है। देख लो भैया
  2200. 1:33:12कोई चीटिंग नहीं। नोबल गैस को तो कर दो
  2201. 1:33:14इग्नोर। अब आप मुझे पीरियडिक टेबल देख के
  2202. 1:33:16बताओ इनमें सबसे ज्यादा
  2203. 1:33:19अच्छा नॉन मेटल कौन सा है? ईमानदारी ओपी
  2204. 1:33:23सबसे ज्यादा अच्छा नॉन मेटल कौन सा है?
  2205. 1:33:25अगेन इसको ध्यान मत देना नोबल गैसेस को।
  2206. 1:33:29कमेंट सेक्शन पे लिखा है ईमानदारी। अब
  2207. 1:33:31सुनो कैसे? लेफ्ट टू राइट जाने पे नॉन
  2208. 1:33:33मैटलिक करैक्टर बढ़ता है कम होता है? आज
  2209. 1:33:35पढ़ाया बढ़ता है। तो, यह वाले लोग सबसे
  2210. 1:33:37अच्छे नॉन-मेटल हैं। अब इनमें ऊपर से नीचे
  2211. 1:33:40आने पे नॉन-मेटलिक करैक्टर कम हो रहा है।
  2212. 1:33:43अभी लिखवाया। इसका मतलब हो गया कि दुनिया
  2213. 1:33:46का सबसे अच्छा नॉन मेटल ये रहा। दुनिया का
  2214. 1:33:51सबसे अच्छा नॉन मेटल फ्लोरीन रहा। दुनिया
  2215. 1:33:53का सबसे अच्छा नॉन मेटल फ्लोरीन रहा। यानी
  2216. 1:33:56दुनिया का सबसे अच्छा मेटल कौन है?
  2217. 1:33:58फ्रांशियम। और ये फ्लोरीन। अब सोचो कि
  2218. 1:34:01इनकी जोड़ी बनेगी तो क्या बनेगी? एक्चुअली
  2219. 1:34:03में इनकी जोड़ी बनना बहुत मुश्किल है।
  2220. 1:34:04बहुत सारी चीजें हैं केमिकल बॉन्डिंग में
  2221. 1:34:06भी पढ़ेंगे। बट अगर ये बोला जाए कि दुनिया
  2222. 1:34:09का सबसे अच्छा नॉन मेटल फ्लोरीन है और
  2223. 1:34:12दुनिया का सबसे अच्छा मेटल फ्रांशियम है।
  2224. 1:34:14दोनों एफ एफ से शुरू हो रहे हैं तो इसमें
  2225. 1:34:16कोई दो राहे नहीं होंगी। ठीक है ना?
  2226. 1:34:18बिल्कुल सही बात है। चलिए। तो यहां पे
  2227. 1:34:22हमने टॉप टू बॉटम में इलेक्ट्रोनेगेटिविटी
  2228. 1:34:25की बात भी कर ली। अब एक एनसीईआरटी का सवाल
  2229. 1:34:28है रिएक्टिविटी के ऊपर। अब
  2230. 1:34:30इलेक्ट्रोनेगेटिविटी इलेक्ट्रोपजिटिविटी
  2231. 1:34:32तो हो गई। अब रिएक्टिविटी के बारे में
  2232. 1:34:34क्या कहना है? हमने पढ़ाया था आपको अभी-अभी
  2233. 1:34:37कि रिएक्टिविटी वैलेंसी के साथ इन्वर्सली
  2234. 1:34:40प्रोपोर्शनल है। बट यहां तो वैलेंसी सेम
  2235. 1:34:42है तो आप कह दोगे रिएक्टिविटी सेम है।
  2236. 1:34:44नहीं। लेकिन, नहीं। लेकिन क्यों? क्योंकि
  2237. 1:34:47अगर मैं किसी भी ऐसे ग्रुप में खड़ा हुआ
  2238. 1:34:50हूं जिसमें मेटल्स हैं। तो ऊपर से नीचे
  2239. 1:34:53रिएक्टिविटी को इंक्रीज होना चाहिए। अगर
  2240. 1:34:56मैं किसी ऐसे ग्रुप में खड़ा हुआ हूं
  2241. 1:34:59जिसमें सारे के सारे मेटल्स हैं तो उनमें
  2242. 1:35:02रिएक्टिविटी को इंक्रीस होना चाहिए। क्यों
  2243. 1:35:04इंक्रीस होना चाहिए? क्योंकि मेटल्स का
  2244. 1:35:07काम इलेक्ट्रॉन देना होता है। और
  2245. 1:35:09इलेक्ट्रॉन देने की टेंडेंसी
  2246. 1:35:10इलेक्ट्रोपॉजिटिविटी ऊपर से नीचे बढ़ रही
  2247. 1:35:13है तो नॉन मेटल्स के ग्रुप में अगर खडूंगा
  2248. 1:35:15खडूंगा नहीं मतलब खड़ा रहूंगा जाऊंगा तो
  2249. 1:35:17नॉन मेटल्स में मेटल्स में सॉरी सॉरी
  2250. 1:35:20मेटल्स में रिएक्टिविटी इंक्रीस होगी।
  2251. 1:35:24सबसे ज्यादा रिएक्टिव फ्रॉनशियम। लेकिन
  2252. 1:35:26वहीं पर अभी हमने बात कर ही ली है कि नॉन
  2253. 1:35:28मेटल्स में अगर मैं खड़ा हुआ हूं तो ऊपर
  2254. 1:35:31से नीचे आने पर साइज बढ़ रहा है।
  2255. 1:35:33इलेक्ट्रॉन लेने की अब टेंडेंसी कम हो रही
  2256. 1:35:35है। तो नॉन मैटेलिक कररेक्टर जो है वो
  2257. 1:35:38डिक्रीज हो जाएगा। तो यानी कि लेफ्ट टू
  2258. 1:35:41राइट में रिएक्टिविटी की बात करें तो ये
  2259. 1:35:44लोग सबसे ज्यादा रिएक्टिव थे और ये सबसे
  2260. 1:35:46कम।
  2261. 1:35:48लेकिन टॉप टू बॉटम में अगर मेटल्स में हो
  2262. 1:35:50तो ऊपर से नीचे रिएक्टिविटी बढ़ेगी और नॉन
  2263. 1:35:52मेटल्स में ऊपर से नीचे रिएक्टिविटी कम
  2264. 1:35:54होगी। एनसीईआरटी का सवाल है कि
  2265. 1:35:56रिएक्टिविटी मेटल्स में ऊपर से नीचे क्यों
  2266. 1:35:58बढ़ती है? और ऊपर से नीचे क्यों कम होती
  2267. 1:36:00है? नॉन मेटल में एनसीईआरटी का सवाल है।
  2268. 1:36:02तो आंसर क्या लिखोगे? कि ऊपर से नीचे आने
  2269. 1:36:04पे साइज बढ़ता है। तो इलेक्ट्रोपजिटिविटी
  2270. 1:36:06यानी इलेक्ट्रॉन देने की टेंडेंसी बढ़ती
  2271. 1:36:08है। जिसकी वजह से मेटल्स की रिएक्टिविटी
  2272. 1:36:09बढ़ती है। बट वहीं पे ऊपर से नीचे आने पे
  2273. 1:36:12साइज बढ़ता है तो इलेक्ट्रोनेगेटिविटी
  2274. 1:36:14यानी इलेक्ट्रॉन लेने की क्षमता जो है वो
  2275. 1:36:16कम होती है। जिसकी वजह से नॉन मेटेलिक
  2276. 1:36:18करैक्टर जो है वो डिक्रीज होने लग जाता
  2277. 1:36:21है। डन है? तो बच्चों मुबारक हो हमने यहां
  2278. 1:36:25पे बेसिक ट्रेंड्स को पढ़ा। अब ना दो और
  2279. 1:36:28तीन मेजर टर्म्स हैं। जैसे कि अ आयनाइजेशन
  2280. 1:36:32एनर्जी, इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी और
  2281. 1:36:33इलेक्ट्रॉन नेगेटिविटी। इनको हम अभी तक ये
  2282. 1:36:36तो सब हम पहले से जानते थे। लेकिन इन तीन
  2283. 1:36:38टर्म्स को हमने कहीं पढ़ा ही नहीं है। तो
  2284. 1:36:39पहले उन तीन टर्म्स को भी पढ़ना पड़ेगा।
  2285. 1:36:41फिर हमें लेफ्ट टू राइट, टॉप टू बॉटम उनके
  2286. 1:36:44बारे में भी बात करनी है। मतलब ये बेसिक
  2287. 1:36:46ट्रेंड्स तो हैं लेकिन तीन और मेजर
  2288. 1:36:48ट्रेंड्स भी अभी लेफ्ट टू राइट, टॉप टू
  2289. 1:36:49बॉटम आएंगे। लेकिन उससे पहले उससे पहले हम
  2290. 1:36:53आगे बढ़े। हमें यहां पे एक सही समय आ गया
  2291. 1:36:56है कि हम जाने कि किसी भी एलिमेंट की पूरी
  2292. 1:36:59पीरियडिक टेबल में क्या लोकेशन रहती है।
  2293. 1:37:02किसी भी एलिमेंट की पूरी पीरियडिक टेबल
  2294. 1:37:05में क्या लोकेशन रहती है? लोकेशन से हमारे
  2295. 1:37:09कहने का मतलब है कि अगर मुझे एक एलिमेंट
  2296. 1:37:11दे रखा है तो उस एलिमेंट को मैं पूरी
  2297. 1:37:15पीरियोडिक टेबल में ढूंढूं कैसे? सर
  2298. 1:37:17ढूंढने का मतलब क्या है? इंपॉर्टेंट टॉपिक
  2299. 1:37:20एक नंबर का सवाल यहां से आपको मिल सकता
  2300. 1:37:22है। एक नंबर का
  2301. 1:37:25लोकेशन जैसे अगर आपको मेरे घर तक पहुंचना
  2302. 1:37:27है तो आपको एड्रेस चाहिए होगा। एड्रेस में
  2303. 1:37:29क्या-क्या आएगा? आपको एड्रेस के लिए मेरी
  2304. 1:37:30कंट्री, मेरी स्टेट, मेरी सिटी, मेरा
  2305. 1:37:33डिस्ट्रिक्ट, वहां का सेक्टर, फिर हाउस
  2306. 1:37:35नंबर, फिर फ्लोर नंबर पता होना चाहिए। ऐसे
  2307. 1:37:38ही अगर आपको किसी भी एलिमेंट की पोजीशन को
  2308. 1:37:42पता करना है तो ग्रुप और पीरियड पता होना
  2309. 1:37:45चाहिए। लेकिन हमारे पीरियडिक टेबल में एक
  2310. 1:37:48चीज और होती है जो कि है ब्लॉक्स। तो अगर
  2311. 1:37:51ये हमारी पीरियडिक टेबल है। ये अगर हमारी
  2312. 1:37:54एक रफ पीरियडिक टेबल है। ये अगर हमारी एक
  2313. 1:37:59पीरियडिक टेबल है। ये ये ठीक है? ये रफ-रफ
  2314. 1:38:04बात कर रहे हैं ना। ठीक है? तो ये हमारा
  2315. 1:38:06फर्स्ट ग्रुप है। ये हमारा सेकंड ग्रुप
  2316. 1:38:08है। ये तीन से लेके 12 है। ये 13 से लेके
  2317. 1:38:1218 है। है ना? ठीक है? ये हमारे सात
  2318. 1:38:14पीरियड्स हैं। तो ग्रुप्स और पीरियड्स तो
  2319. 1:38:16मैंने आपको पढ़ा दिया। लेकिन अगर मैं इन दो
  2320. 1:38:19फर्स्ट और सेकंड ग्रुप की बात करूं तो
  2321. 1:38:22इसको मिला के इस पूरे को मिला के कहते हैं
  2322. 1:38:25एस ब्लॉक। इस पूरे को मिला के कहा जाता है
  2323. 1:38:29एस ब्लॉक। इस पूरे को मिला के s ब्लॉक
  2324. 1:38:33क्यों कहा जाता है भैया? इस पूरे को मिला
  2325. 1:38:35के s ब्लॉक क्यों कहा जाता है? क्योंकि
  2326. 1:38:38इसमें जो भी एलिमेंट आ रहा है आप उनकी अगर
  2327. 1:38:41इलेक्ट्रॉनिक कॉन्फ़िगरेशन करोगे 1s2 2s2
  2328. 1:38:432p6 तो उनका जो लास्ट इलेक्ट्रॉन एंटर
  2329. 1:38:47करेगा वो s सब सबशेल में करेगा। अभी हम
  2330. 1:38:50करेंगे अभी देख भी लेंगे। लेकिन कोई भी आप
  2331. 1:38:52एलिमेंट पीरियडिक टेबल में जाओ देखो जो s
  2332. 1:38:54जो इन फर्स्ट और सेकंड ग्रुप में आ रहा हो
  2333. 1:38:56और उसकी इलेक्ट्रॉनिक कॉन्फ़िगरेशन करो।
  2334. 1:38:59उसका आखिरी इलेक्ट्रॉन s सबशेल में
  2335. 1:39:01गिरेगा। इसलिए इसे एस ब्लॉक कहते हैं।
  2336. 1:39:03बिल्कुल इसी प्रकार से ये जो है ये भाई
  2337. 1:39:06साहब जो है ये इसको हम लोग पी ब्लॉक कहते
  2338. 1:39:09हैं। आप रीज़ समझ गए होंगे इसको पी ब्लॉक
  2339. 1:39:12क्यों कहा जाता है? क्योंकि इनमें जो
  2340. 1:39:14आखिरी इलेक्ट्रॉन गिरता है जो आखिरी
  2341. 1:39:18इलेक्ट्रॉन गिरता है वो p में गिरता है।
  2342. 1:39:21यानी कि 13 से लेके 18 वालों को पी ब्लॉक
  2343. 1:39:25कहते हैं। क्योंकि इसमें जो आखिरी
  2344. 1:39:26इलेक्ट्रॉन गिरता है वो p सबशेल में गिरता
  2345. 1:39:29है। एंड अगेन इसको हम लोग d ब्लॉक कहते
  2346. 1:39:32हैं। क्योंकि आखिरी इलेक्ट्रॉन इसमें d
  2347. 1:39:34में गिरता है। आपने नोटिस किया होगा।
  2348. 1:39:36मैंने अभी बीच में गलती से बोल दिया था कि
  2349. 1:39:37ये डी ब्लॉक के हैं। मेरे मुंह से निकल
  2350. 1:39:39रहा था बार-बार क्योंकि है ये d ब्लॉक के।
  2351. 1:39:41और डी एंड एफ ब्लॉक चैप्टर पढ़ना है आपको
  2352. 1:39:44पूरी 12th क्लास में। तो ये डी ब्लॉक के
  2353. 1:39:46हैं। और क्योंकि इनको डी ब्लॉक क्यों बोल
  2354. 1:39:48रहे हैं? बिकॉज़ जब हम इनकी इलेक्ट्रॉनिक
  2355. 1:39:50कॉन्फ़िगरेशन करेंगे तो लास्ट इलेक्ट्रॉन D
  2356. 1:39:52में गिरेगा। और इनका जो नाम है ये है एफ
  2357. 1:39:55ब्लॉक।
  2358. 1:39:56इनका जो नाम है ये है f ब्लॉक। क्यों?
  2359. 1:39:59क्योंकि अगेन इनमें भी लास्ट इलेक्ट्रॉन
  2360. 1:40:02जो गिरता है वो एफ सबशेल में गिरता है। तो
  2361. 1:40:05इस समय s सबशेल में गिरता है तो एस ब्लॉक।
  2362. 1:40:08डी सबशेल में गिरता है तीन से लेके 12 तो
  2363. 1:40:11डी ब्लॉक ये आ गया पी ब्लॉक और ये आ गया
  2364. 1:40:13एफ ब्लॉक डन लेकिन अब लोकेशन कैसे पता
  2365. 1:40:18करें तो पहली बात तो अभी तक लोकेशन हमारे
  2366. 1:40:20पास ग्रुप्स और पीरियड्स आ रहे थे लेकिन
  2367. 1:40:22अब हमारे पास ब्लॉक्स भी आ गए हैं तो
  2368. 1:40:25ब्लॉक तो मैंने आपको बता दिया है। ठीक है?
  2369. 1:40:27कैसे पता लगाते हैं ब्लॉक? आओ लिख भी लेते
  2370. 1:40:29हैं। अगर मुझे किसी का ब्लॉक पता लगाना हो
  2371. 1:40:32तो इलेक्ट्रॉन
  2372. 1:40:38इन
  2373. 1:40:40लास्ट सबशेल
  2374. 1:40:44गिव्स
  2375. 1:40:46ब्लॉक
  2376. 1:40:49तो जहां अभी हम सबके क्वेश्चन एक साथ ही
  2377. 1:40:51करेंगे। ठीक है ना? तो जैसे आओ एक आध
  2378. 1:40:54एग्जांपल ले लेते हैं। क्वेश्चन तो एक साथ
  2379. 1:40:56यहां पे करेंगे। आओ एग्जांपल ले लेते हैं।
  2380. 1:40:57जैसे मान लो सोडियम ही की बात कर लेते
  2381. 1:41:00हैं। तो 1s2 2s2
  2382. 1:41:042p6
  2383. 1:41:053s1 तो इसका लास्ट इलेक्ट्रॉन s में गिरा
  2384. 1:41:07है। तो इसका मतलब है ये s ब्लॉक हो गया।
  2385. 1:41:10समझे? जैसे स्कैंडियम की बात कर लेते हैं।
  2386. 1:41:1321 पे आता है। 21 इलेक्ट्रॉन होते हैं।
  2387. 1:41:15अगर नहीं पता है स्केंडियम में तो 1s2 2s2
  2388. 1:41:192p6 3s2 3p6
  2389. 1:41:244s2 3d1
  2390. 1:41:27तो इसका लास्ट इलेक्ट्रॉन आप देख सकते हैं
  2391. 1:41:29d में गिरा है। तो ये d ब्लॉक हो जाएगा।
  2392. 1:41:32ऐसे ही किसी का लास्ट इलेक्ट्रॉन अगर p
  2393. 1:41:33में गिरा है तो पी ब्लॉक हो जाएगा। तो जो
  2394. 1:41:36भी लास्ट इलेक्ट्रॉन गिरता है वो उसके
  2395. 1:41:38ब्लॉक को रिप्रेजेंट करता है। ठीक है? अब
  2396. 1:41:42अगर आपने ब्लॉक पता लगा लिया है तो अब
  2397. 1:41:44बारी है ग्रुप पता लगाने की। पहले ग्रुप
  2398. 1:41:47पता लगाने से पहले आपको ब्लॉक पता लगाना
  2399. 1:41:49ही पड़ेगा। वो आप समझ जाओगे। हां, पीरियड
  2400. 1:41:52पता लगाना सबसे इजी है। उसके लिए कुछ भी
  2401. 1:41:54ना पता हो, आप सीधा पीरियड निकाल सकते हो।
  2402. 1:41:56लेकिन ग्रुप पता लगाने के लिए आपको ब्लॉक
  2403. 1:41:58पता लगाना पड़ेगा। पीरियड पता लगाना तो
  2404. 1:42:01बहुत इजी है। कैसे?
  2405. 1:42:04पीरियड पता लगाना बहुत इजी है। कैसे?
  2406. 1:42:08नंबर
  2407. 1:42:10ऑफ शेल्स। कई किताबें ऐसा भी लिखती हैं कि
  2408. 1:42:14मैक्सिमम नंबर ऑफ प्रिंसिपल क्वांटम नंबर।
  2409. 1:42:16स्ट्रक्चर ऑफ़ एटम पढ़ चुके हैं हम।
  2410. 1:42:18मैक्सिमम नंबर ऑफ प्रिंसिपल क्वांटम नंबर।
  2411. 1:42:20लेकिन आसान भाषा में कहूं नंबर ऑफ शेल्स
  2412. 1:42:23जो हैं हमारे पास वही हमारे पीरियड को
  2413. 1:42:26रिप्रेजेंट करते हैं। जैसे कि इसके पास
  2414. 1:42:29सोडियम के पास कितने शेल्स हैं? तो आंसर
  2415. 1:42:32है इसकी वैल्यू देखो लास्ट तक थ्री तक जा
  2416. 1:42:34रही है। थ्री तक जा रही है। है ना? अब
  2417. 1:42:36सोडियम के पास चाहे आप इलेक्ट्रॉनिक
  2418. 1:42:38कॉन्फ़िगरेशन ऐसे कर लो चाहे 281 से कर लो।
  2419. 1:42:41तो सोडियम के पास K एल एम के हिसाब से तीन
  2420. 1:42:44शेल्स हैं। तो इसका मतलब है सोडियम का जो
  2421. 1:42:47पीरियड है वो थर्ड पीरियड है। आप जा के
  2422. 1:42:50पीरियडिक टेबल में चेक करो। थर्ड पीरियड
  2423. 1:42:52का पहला मेंबर ही सोडियम है। वहीं पे अगर
  2424. 1:42:55बात करें लेट्स से हम बात कर लें फ्लोरीन।
  2425. 1:42:58अब फ्लोरीन की इलेक्ट्रॉनिक कॉन्फ़िगरेशन
  2426. 1:43:00चाहे ऐसे कर लो, चाहे ऐसे कर लो। 2 7 तो
  2427. 1:43:03दो शेल्स हैं इसके पास। आप वैसे करते तो
  2428. 1:43:051s2 2s2 2p5 तो भी दो आता। तो इसका पीरियड
  2429. 1:43:09कितना हो जाएगा? सेकंड हो जाएगा। मैं अभी
  2430. 1:43:12इसके ऊपर और क्वेश्चन कराने वाला हूं।
  2431. 1:43:14लेकिन जितना आपका नंबर ऑफ शेल्स आपके पास
  2432. 1:43:18जितने भी हैं वही आपका पीरियड है। लेकिन
  2433. 1:43:20सबसे इंटरेस्टिंग है कि कैसे पता लगाते
  2434. 1:43:23हैं ग्रुप क्या है? तो ग्रुप सबके लिए
  2435. 1:43:25अलग-अलग तरीके से पता लगाना है। एफ ब्लॉक
  2436. 1:43:28वालों के लिए तो कोई ग्रुप होता ही नहीं
  2437. 1:43:29है। एफ तो टेबल से बाहर है। उनका कोई
  2438. 1:43:31ग्रुप नहीं होता है। तो ग्रुप एस, पी और
  2439. 1:43:33डी का होता है। तो अगर कोई एस ब्लॉक का
  2440. 1:43:36है। अगर कोई एस ब्लॉक का है तो उसका ग्रुप
  2441. 1:43:40कैसे पता लगाएंगे? अगर कोई पी ब्लॉक का है
  2442. 1:43:44तो उसका ग्रुप कैसे पता लगाएंगे?
  2443. 1:43:47और अगर कोई डी ब्लॉक का है तो उसका ग्रुप
  2444. 1:43:50कैसे पता लगाएंगे? देखो अगर कोई s ब्लॉक
  2445. 1:43:53का है तो उसकी इलेक्ट्रॉनिक कॉन्फिगरेशन
  2446. 1:43:55या तो s1 होगी या तो s2 होगी ये तो हम
  2447. 1:43:58जानते हैं। अगर उसकी इलेक्ट्रॉनिक
  2448. 1:44:00कॉन्फिगरेशन s1 है तो वो फर्स्ट ग्रुप का
  2449. 1:44:02है। सिंपल कितना सिंपल है और अगर s2 है तो
  2450. 1:44:06वो सेकंड ग्रुप का है। बहुत सिंपल सी
  2451. 1:44:08लॉजिक वाली बात है। ठीक है? लेकिन अगर कोई
  2452. 1:44:10P ब्लॉक का है और उसकी इलेक्ट्रॉनिक
  2453. 1:44:12कॉन्फ़िगरेशन में P के अंदर कुछ भी आ रहा
  2454. 1:44:15है। P में एक आ सकता है, दो आ सकता है,
  2455. 1:44:17तीन आ सकता है, चार आ सकता है, पांच आ
  2456. 1:44:19सकता है, छह आ सकता है। हम पढ़ चुके हैं।
  2457. 1:44:20तो मान लो P के अंदर उसके ऊपर कोई X लिखा
  2458. 1:44:23हुआ है। कोई भी नंबर हो सकता है ज़ीरो से
  2459. 1:44:24सिक्स। और अगर आपको P ब्लॉक वालों के लिए
  2460. 1:44:28ग्रुप पता लगाना है, तो जो भी X है आपको
  2461. 1:44:31उसमें 12 ऐड करना होगा। 12 क्यों ऐड करना
  2462. 1:44:34होगा? बिकॉज़ P की शुरुआत ही 13 से हो रही
  2463. 1:44:36है। उससे पहले 12 ग्रुप्स निकल चुके होते
  2464. 1:44:38हैं। तो जितने भी P में इलेक्ट्रॉन हैं
  2465. 1:44:41उसके अंदर आपको 12 ऐड करना है। एग्जांपल
  2466. 1:44:43के तौर पे अगर किसी की लास्ट कॉन्फ़िगरेशन
  2467. 1:44:46है P5 अगर किसी की इलेक्ट्रॉनिक
  2468. 1:44:49कॉन्फ़िगरेशन है P5 तो P में पांच है। पांच
  2469. 1:44:53में आपको 12 ऐड करना है तो उसका 17th
  2470. 1:44:56ग्रुप हो जाएगा। अभी और क्वेश्चन कराऊंगा।
  2471. 1:44:59लेकिन ध्यान रखो कि अगर p ब्लॉक है और p
  2472. 1:45:01में x इलेक्ट्रॉन हैं तो ग्रुप पता लगाने
  2473. 1:45:04के लिए जितने भी इलेक्ट्रॉन हैं उसमें
  2474. 1:45:05आपको 12 ऐड कर देना है। वहीं पे अब आप अकल
  2475. 1:45:08खुद लगा सकते हो बताओ d में क्या ऐड करना
  2476. 1:45:11होगा? d की शुरुआत कहां से हो रही है?
  2477. 1:45:13देखो इससे पहले दो है। तो इसका मतलब है d
  2478. 1:45:16में जितने भी इलेक्ट्रॉन आए हैं उसके अंदर
  2479. 1:45:18आपको दो ऐड करना होगा। अब d में तो कितने
  2480. 1:45:21इलेक्ट्रॉन आ सकते हैं? 10 तो d1, d2, d3
  2481. 1:45:24ऐसे करके d10 तक हो सकता है। तो d में
  2482. 1:45:26जितने भी इलेक्ट्रॉन आए अगर आपको ग्रुप
  2483. 1:45:29पता लगाना है, अगर आपको ग्रुप पता लगाना
  2484. 1:45:31है तो आपको उसके अंदर दो ऐड करना होगा।
  2485. 1:45:34जैसे कि इस वाले की बात करते हैं। अब
  2486. 1:45:36स्कैंडियम है। स्कैडियम आया था हमारे पास
  2487. 1:45:393d1। अब 3d1 में अगर आया है और मुझे अगर
  2488. 1:45:42ग्रुप पता लगाना है, तो d में जितने भी
  2489. 1:45:44इलेक्ट्रॉन आए हैं उसमें दो ऐड कर देना।
  2490. 1:45:47दो ऐड कर दोगे तो थर्ड इसका ग्रुप आ
  2491. 1:45:50जाएगा। अब आप चेक कर लो थर्ड ग्रुप में ये
  2492. 1:45:52आता है। तो यहां पे चीजें बहुत क्लमजी हो
  2493. 1:45:56गई होंगी शायद। क्वेश्चन कराऊंगा समझ
  2494. 1:45:57जाओगे। बट निचोड़ क्या है? अगर ब्लॉक पता
  2495. 1:46:00लगाना है तो इलेक्ट्रॉनिक कॉन्फ़िगरेशन
  2496. 1:46:01करो। लास्ट इलेक्ट्रॉन जहां पे गिरेगा वो
  2497. 1:46:03ब्लॉक है। s में गिरेगा एस ब्लॉक, p में
  2498. 1:46:06गिरेगा पी ब्लॉक, d में गिरेगा d ब्लॉक, f
  2499. 1:46:08में गिरेगा f ब्लॉक। पीरियड पता लगाना है
  2500. 1:46:10तो नंबर ऑफ शेल्स कितने हैं उसके अंदर? एक
  2501. 1:46:12है, दो हैं, तीन हैं वही उसका पीरियड
  2502. 1:46:14होगा। जितने शेल्स हैं। लेकिन ग्रुप में
  2503. 1:46:16हम अगर बात करें अगर वो s ब्लॉक का है तो
  2504. 1:46:18s1 और s2 ही उसका ग्रुप है। यानी s1 है तो
  2505. 1:46:21फर्स्ट, टू है तो सेकंड। लेकिन पी ब्लॉक
  2506. 1:46:24का है तो पी में जितने भी इलेक्ट्रॉन हैं
  2507. 1:46:25उसमें आपको 12 ऐड करना होगा और d में
  2508. 1:46:27जितने भी हैं उसके अंदर दो ऐड करना होगा।
  2509. 1:46:30अब मैं इसके ऊपर कुछ क्वेश्चन कराने वाला
  2510. 1:46:31हूं आपको अगले पेज पे। लेकिन ईमानदारी ओपी
  2511. 1:46:34हो जाए। आप ये ढंग से कहीं पे लिख लो, कुछ
  2512. 1:46:37भी कर लो। क्योंकि आगे हम जो इसके ऊपर
  2513. 1:46:39क्वेश्चंस करने वाले हैं। यहां पे इस वाली
  2514. 1:46:41स्लाइड पे फिर वो दिक्कत करेंगे। आप इसको
  2515. 1:46:43ढंग से एक बारी पढ़ लो। डन है। वीडियो को
  2516. 1:46:45पॉज करके चाहे। चलो ठीक है। मान लेते हैं
  2517. 1:46:48आपने ये याद कर लिया। मान के लेते हैं
  2518. 1:46:50करना ही पड़ेगा वरना मजा नहीं आएगा। ठीक
  2519. 1:46:52है? अब हमको मान लो क्लोरीन की लोकेशन पता
  2520. 1:46:56करने को बोला है कि क्लोरीन का ग्रुप पता
  2521. 1:46:58हो, पीरियड पता हो, ब्लॉक पता हो। तो सबसे
  2522. 1:47:00पहले ब्लॉक पता किया करो। सबसे आसान है।
  2523. 1:47:02मतलब उससे बाकी चीजें हो जाएंगी। अब
  2524. 1:47:04क्लोरीन के पास 17 इलेक्ट्रॉन होते हैं।
  2525. 1:47:06तो 1s2 2s2
  2526. 1:47:092p6
  2527. 1:47:113s2
  2528. 1:47:13और 3p5 हो गया। ठीक है? आई होप आपको साफ
  2529. 1:47:16दिख रहा है कि इसका जो ब्लॉक है
  2530. 1:47:20वो पी ब्लॉक है। पी ब्लॉक है। सीधा लिखते
  2531. 1:47:25हैं। पी ब्लॉक है। ठीक है?
  2532. 1:47:29अब पी ब्लॉक है तो ग्रुप पता कर लेते हैं।
  2533. 1:47:31पी में कैसे ग्रुप पता करते हैं? जितने भी
  2534. 1:47:33P में इलेक्ट्रॉन हैं उसके अंदर 12 ऐड
  2535. 1:47:35करना है। तो P में पांच इलेक्ट्रॉन आए
  2536. 1:47:38हैं। तो अगर आपको ग्रुप पता करना है तो
  2537. 1:47:41पांच में 12 ऐड करना है। तो 17th ग्रुप आ
  2538. 1:47:45जाएगा। ठीक है? और अगर पीरियड पता लगाना
  2539. 1:47:48है तो सबसे बड़ा शेल नंबर थ्री है। तो
  2540. 1:47:52पीरियड इसका थर्ड हो गया। कितना आसान है
  2541. 1:47:54देखो। एक नंबर दो नंबर जितने का भी आएगा
  2542. 1:47:57फ्री के मिलेंगे आपको। फ्री के मतलब फ्री
  2543. 1:47:59के तो नहीं मेहनत तो है बट हां ठीक है
  2544. 1:48:02ऑब्वियस सी बात है यहां पे कुछ एक्सेप्शनल
  2545. 1:48:05केस हैं जैसे हीलियम जो कि मैंने आपको
  2546. 1:48:07बताया था पहले हीलियम का लास्ट इलेक्ट्रॉन
  2547. 1:48:10s में गिरता है वो मैं कराऊंगा आपको
  2548. 1:48:12एक्सेप्शनल केस हीलियम का लास्ट
  2549. 1:48:14इलेक्ट्रॉन भले ही s में गिरता है लेकिन
  2550. 1:48:16वो पी ब्लॉक का है क्योंकि वो नोबल गैस
  2551. 1:48:18में आता है। आओ मैं समझाता हूं क्या कह
  2552. 1:48:20रहा हूं। देखो
  2553. 1:48:26लेकिन उससे पहले
  2554. 1:48:28मैंगनीज की बात करते हैं। 25 पे आता है।
  2555. 1:48:3125 इसका एटॉमिक नंबर है। तो इसकी
  2556. 1:48:33इलेक्ट्रॉनिक कॉन्फ़िगरेशन हो गई। 1s2 2s2
  2557. 1:48:382p6
  2558. 1:48:403s2
  2559. 1:48:413p6
  2560. 1:48:434s2
  2561. 1:48:453d5
  2562. 1:48:47अब अगर मैं इसका ब्लॉक आपसे बोलूं तो d
  2563. 1:48:49ब्लॉक होगा क्योंकि लास्ट इलेक्ट्रॉन d
  2564. 1:48:51में गिरा है। और d ब्लॉक वालों के लिए
  2565. 1:48:53ग्रुप पता लगाना हो तो d में जितने भी
  2566. 1:48:55इलेक्ट्रॉन हो उसमें दो ऐड करते हैं। तो
  2567. 1:48:57पांच में आपको दो ऐड करना है तो सेवंथ
  2568. 1:48:59इसका ग्रुप आ गया। और अगर पीरियड पता
  2569. 1:49:02लगाना है तो जितना लास्ट जो टोटल नंबर ऑफ
  2570. 1:49:05शेल्स हैं तो यहां पे भले ही थ्री लिखा हो
  2571. 1:49:07लेकिन इसका आगे फोर लिखा हुआ है। यानी
  2572. 1:49:09इसके पास चार शेल्स हैं। आपने लास्ट
  2573. 1:49:11इलेक्ट्रॉन भले ही थ्री में भरा है लेकिन
  2574. 1:49:12टोटल चार शेल्स हैं तो फोर्थ आएगा। ध्यान
  2575. 1:49:15रखना। ठीक है? सिंपल है। चलो आओ। ऐसे ही
  2576. 1:49:18मान लो एक करते हैं अगर हम लोग कैल्शियम।
  2577. 1:49:21कैल्शियम 20 पे आता है। इलेक्ट्रॉनिक
  2578. 1:49:24कॉन्फ़िगरेशन हो गई 1s2 2s2 2p6 3s2 3p6
  2579. 1:49:314s2 डन है। तो साफ दिख रहा है s ब्लॉक का
  2580. 1:49:34है क्योंकि लास्ट इलेक्ट्रॉन इसका s में
  2581. 1:49:36गिरा है। इसका ग्रुप पता लगाएंगे तो s में
  2582. 1:49:39क्या खास है? वन है तो वन, टू है तो टू
  2583. 1:49:41है। तो s2 है। तो इसका मतलब है सेकंड इसका
  2584. 1:49:43ग्रुप हो गया। आप चेक भी करते रहो। जो मैं
  2585. 1:49:45ये लोकेशन पता कर रहा हूं। आप पीरियडिक
  2586. 1:49:47टेबल खोल के बैठो ना चेक भी करते रहो।
  2587. 1:49:49वहां पे जा भी रहे हैं कि नहीं जा रहे
  2588. 1:49:50हैं? और पीरियड की बात करें तो सबसे बड़ा
  2589. 1:49:53शेल इसका मतलब टोटल नंबर ऑफ़ शेल्स चार हैं
  2590. 1:49:55इसके पास। तो पीरियड इसका फोर्थ हो गया।
  2591. 1:49:58ठीक है? लेकिन वहीं पे अगर मैं एक नोबल
  2592. 1:50:01गैस कराऊं आर्गन लेकिन फिर मैं आपको कराऊं
  2593. 1:50:03हीलियम क्योंकि उसके बाद आप फिर एक मैच
  2594. 1:50:07करोगे जो कि लेट अस से होगा ऑक्सीजन। ठीक
  2595. 1:50:12है? चलो। बट अभी के लिए पहले ये कराते हैं
  2596. 1:50:14हम आर्गन 18 पे आता है। तो इसकी
  2597. 1:50:16इलेक्ट्रॉनिक कॉन्फ़िगरेशन हो गई 1s2 2s2
  2598. 1:50:202p6 3s2 3p6 ठीक है? तो कौन से ब्लॉक का
  2599. 1:50:25हो गया भैया? पी ब्लॉक का होना भी चाहिए।
  2600. 1:50:27सारी नोबल गैसेस पी ब्लॉक की होती हैं।
  2601. 1:50:29ग्रुप वैसे तुम्हें पता है नोबल गैस का
  2602. 1:50:31क्या होता है? 18 होता है। बाकी पी में
  2603. 1:50:33जितने भी होते हैं उसके अंदर 12 ऐड करना
  2604. 1:50:35होता है। तो 18 आ गया। आना भी चाहिए था।
  2605. 1:50:37और वहीं पे अगर बात करें इसके पीरियड की
  2606. 1:50:40तो आओ चेक करते हैं। सबसे बड़ा शेल तीन है
  2607. 1:50:43तो थर्ड इसका पीरियड आ गया। डन। हीलियम
  2608. 1:50:46एक्सेप्शनल केस है। हीलियम के
  2609. 1:50:48इलेक्ट्रॉनिक कॉन्फ़िगरेशन 1s2 होती है। अब
  2610. 1:50:50भले इसका लास्ट इलेक्ट्रॉन S में गिरा है
  2611. 1:50:53लेकिन ये P ब्लॉक का है। भैया ये
  2612. 1:50:57एक्सेप्शनल केस है। ध्यान रखना। ये P
  2613. 1:51:00ब्लॉक का है। भैया ध्यान रखना ये
  2614. 1:51:03एक्सेप्शनल केस है। ठीक है? और क्योंकि ये
  2615. 1:51:08एक्सेप्शनल है तो आप इससे वो भी नहीं पता
  2616. 1:51:10लगा सकते।
  2617. 1:51:11इसका ग्रुप वगैरह क्योंकि ये तो S2 आ गया
  2618. 1:51:14पर इसका ग्रुप तो हमें पता है 18 है। नोबल
  2619. 1:51:16गैस है ना ये तो इसका ग्रुप तो 18 है। हां
  2620. 1:51:19इसका पीरियड फर्स्ट है। वो ठीक है। इसका
  2621. 1:51:22पीरियड फर्स्ट है क्योंकि एक ही इसके पास
  2622. 1:51:25शेल है। डन। अब ईमानदारी ओपी हो जाए।
  2623. 1:51:28ऑक्सीजन के लिए काम करेंगे। ईमानदारी ओपी
  2624. 1:51:31हो जाए। ऑक्सीजन के लिए काम करेंगे।
  2625. 1:51:34ईमानदारी से कोई टेंशन नहीं है। वीडियो
  2626. 1:51:35पॉज करो करो। और अपना आंसर कमेंट सेक्शन
  2627. 1:51:38पर लिखो। फॉर ऑक्सीजन। ईमानदारी। डन। ठीक
  2628. 1:51:42है। ऑक्सीजन के पास टोटल आठ इलेक्ट्रॉन।
  2629. 1:51:44तो 1s2 2s2
  2630. 1:51:472p4 आ गया। ठीक है? तो इसका जो ब्लॉक आ
  2631. 1:51:51गया वो तो पी ब्लॉक आ गया।
  2632. 1:51:55ग्रुप क्या आया भाई? ग्रुप क्या आया भाई?
  2633. 1:51:57पी में 12 ऐड करते हैं। तो चार में 12 ऐड
  2634. 1:52:00करा तो 16 ग्रुप आ गया। और पीरियड की बात
  2635. 1:52:04करें तो कितने शेल्स हैं इसके पास? दो। तो
  2636. 1:52:07सेकंड इसका पीरियड हो गया। मुबारक हो।
  2637. 1:52:09कितने सारे क्वेश्चन के साथ करा रहा हूं
  2638. 1:52:11यार आपको। फिर भी आप देखो लाइक नहीं कर
  2639. 1:52:13रहे हो। फिर भी आप देख रहे हो प्यारा सा
  2640. 1:52:15कमेंट नहीं छोड़ रहे हो। कितनी गलत बात
  2641. 1:52:17है। है ना? अब आप सोचो अगर यहां पे ऐसा
  2642. 1:52:19पढ़ा रहे हैं तो पेड बैच में कैसा ही
  2643. 1:52:21पढ़ाते होंगे। आप इमेजिन करो। है ना? समझ
  2644. 1:52:24रहे हो? समझ रहे हो? समझ रहे हो? चलो।
  2645. 1:52:25बाकी फिर भी ईमानदारी ओपी करो। ईमानदारी
  2646. 1:52:28ओपी करो। इनको नोट करो अगर नहीं किया अभी
  2647. 1:52:31तक। क्योंकि आगे हम एकदम ब्रांड न्यू
  2648. 1:52:33टॉपिक की तरफ जा रहे हैं। वो है आयनाइजेशन
  2649. 1:52:35एनर्जी। उसके बाद पढ़ेंगे इलेक्ट्रॉन गेन
  2650. 1:52:37एंथैल्पी। उसके बाद इलेक्ट्रोनेगेटिविटी।
  2651. 1:52:40उसके बाद अलग-अलग प्रकार के एटॉमिक रेडियस
  2652. 1:52:43पढ़ेंगे। एंड आफ्टर दैट S ब्लॉक, पी ब्लॉक,
  2653. 1:52:45डी ब्लॉक इन सबके बारे में बात कर लेंगे।
  2654. 1:52:47ठीक है? चलो लेकिन एक बार ये और ये या
  2655. 1:52:51जितना पढ़ा है एक बार नोट डाउन करो फिर आगे
  2656. 1:52:52बढ़ते हैं। ठीक भाई? अब बात करते हैं
  2657. 1:52:54आयनाइजेशन एनर्जी या कह लीजिए आयनाइज़ेशन
  2658. 1:52:58एंथैल्पी। एक छोटा सा फर्क है बताएंगे।
  2659. 1:53:00लेकिन हां अब मेजरली तीन टॉपिक्स हमारे
  2660. 1:53:03पास आने वाले हैं। एक तो आयनाइज़ेशन एनर्जी
  2661. 1:53:05है, एक हमारे पास इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी
  2662. 1:53:08है और एक हमारे पास इलेक्ट्रोनेगेटिविटी
  2663. 1:53:11है जिसको हम डिफरेंस के फॉर्म में पढ़ने
  2664. 1:53:12वाले हैं। तो बेसिकली क्या होता है
  2665. 1:53:14आयनाइजेशन एनर्जी और आयनाइजेशन एनर्जी को
  2666. 1:53:19अफेक्ट करने वाले कौन-कौन से फैक्टर हैं?
  2667. 1:53:21ये अब हमारा 10-15 मिनट का टॉपिक होने
  2668. 1:53:23वाला है। देखो आप सब जानते हो कि एक एटम
  2669. 1:53:26में से इलेक्ट्रॉन को निकालना अगर है आपको
  2670. 1:53:30तो आपको उसे कुछ ना कुछ एनर्जी देनी
  2671. 1:53:32पड़ेगी। इट इज़ लाइक कि अगर सन के आसपास
  2672. 1:53:36प्लनेट्स घूम रहे हैं तो आपको अगर प्लनेट
  2673. 1:53:38को वहां से हटाना है तो उसे एक एनर्जी तो
  2674. 1:53:40देनी पड़ेगी ना। बिल्कुल ऐसी अगर
  2675. 1:53:41इलेक्ट्रॉन्स घूम रहे हैं न्यूक्लियस के
  2676. 1:53:43आसपास तो आपको कोई ना कोई एनर्जी देनी ही
  2677. 1:53:45पड़ेगी। चाहे हीट की फॉर्म में, लाइट की
  2678. 1:53:47फॉर्म में ये मैटर नहीं करता। लेकिन
  2679. 1:53:48एनर्जी देनी पड़ेगी ताकि वहां से
  2680. 1:53:50इलेक्ट्रॉन निकल जाए। तो कितनी एनर्जी
  2681. 1:53:52मुझे देनी पड़ती है एक ऐसे इलेक्ट्रॉन को
  2682. 1:53:55एटम में से निकालने के लिए जो मोस्ट लूजली
  2683. 1:53:58बाउंडेड है व्हिच मींस अ जैसे सोडियम के
  2684. 1:54:00पास 11 इलेक्ट्रॉन होते हैं। तो जो उसका
  2685. 1:54:0211वां यानी जो उसका लास्ट इलेक्ट्रॉन होता
  2686. 1:54:05है वो मोस्ट लूजली बाउंडेड है। मतलब वो
  2687. 1:54:08न्यूक्लियस से सबसे दूर है या कह लो उसको
  2688. 1:54:10निकालना सबसे आसान है। तो उस इलेक्ट्रॉन
  2689. 1:54:12को निकालने के लिए मुझे कितनी एनर्जी देनी
  2690. 1:54:14पड़ेगी? इसे कहते हैं बहुत आसान शब्दों
  2691. 1:54:16में आयनाइजेशन एनर्जी। आपको कहीं ना कहीं
  2692. 1:54:19लग रहा होगा कि ये तो हमारे सेकंड चैप्टर
  2693. 1:54:22के वर्क फंक्शन जैसा है कि एक एटम में से
  2694. 1:54:24इलेक्ट्रॉन को निकालने के लिए कितनी
  2695. 1:54:26एनर्जी लगेगी। उसको वर्क फंक्शन बोलते
  2696. 1:54:28हैं। हां। लेकिन यहां पे कुछ बेसिक
  2697. 1:54:30टर्मिनोलॉजीस भी ऐड होंगी। जैसे वहां तो
  2698. 1:54:33आपको कोई भी एक इलेक्ट्रॉन निकालने की बात
  2699. 1:54:35हो रही थी। हम उसकी बात नहीं कर रहे। यहां
  2700. 1:54:36पे हम बात कर रहे हैं। सबसे पहले बात तो
  2701. 1:54:38एक एटम अकेला एटम होना चाहिए। अगर वो
  2702. 1:54:41सॉलिड फॉर्म में है या लिक्विड फॉर्म में
  2703. 1:54:43तो उसके आसपास और भी एटम्स होंगे जो कि
  2704. 1:54:45इसको इन्फ्लुएंस करेंगे। तो यहां पे एटम
  2705. 1:54:48अकेला बैठा होना चाहिए और जब भी एटम अकेला
  2706. 1:54:50बैठा होता है तो गैस की फॉर्म में होता
  2707. 1:54:51है। सेकंडली वो इलेक्ट्रॉन जो आप निकाल
  2708. 1:54:54रहे हो वो मोस्ट लूजली बाउंडेड होना
  2709. 1:54:56चाहिए। मतलब वो वाला इलेक्ट्रॉन निकालोगे
  2710. 1:54:58जिसको निकालना सबसे आसान है। वो निकाल
  2711. 1:55:00लोगे तो सेकंड जो सबसे आसान है वो निकालना
  2712. 1:55:02होगा। एंड लास्ट बट नॉट द लीस्ट
  2713. 1:55:05इलेक्ट्रॉन ग्राउंड स्टेट पे होना चाहिए।
  2714. 1:55:07अगर याद करो क्रोमियम और कॉपर सेकंड
  2715. 1:55:09चैप्टर तो वो एक्साइटेड स्टेट पे
  2716. 1:55:11इलेक्ट्रॉन होते हैं। उनको निकालने के लिए
  2717. 1:55:13जो एनर्जी लगेगी उसको आप आयनाइजेशन एनर्जी
  2718. 1:55:15नहीं नाम दोगे। आयनाइजेशन एनर्जी निकालने
  2719. 1:55:17के लिए एटम का जो इलेक्ट्रॉन है जिसको आप
  2720. 1:55:19निकाल रहे हो वो ग्राउंड स्टेट पे यानी
  2721. 1:55:21अफबाऊ प्रिंसिपल के हिसाब से जहां उसे
  2722. 1:55:24होना चाहिए था वहां होता है। आसान शब्दों
  2723. 1:55:26में ये वही है कि कितनी एनर्जी चाहिए
  2724. 1:55:28इलेक्ट्रॉन निकालने के लिए। लेकिन यहां पे
  2725. 1:55:29कुछ एक्स्ट्रा टर्म्स आ जाती हैं। देखो,
  2726. 1:55:32आयनाइजेशन एंथैल्पी इज़ डिफाइंड एज दी
  2727. 1:55:35अमाउंट ऑफ एनर्जी रिक्वायर्ड
  2728. 1:55:39टू रिमूव दी मोस्ट लूजली बाउंड इलेक्ट्रॉन
  2729. 1:55:44फ्रॉम एन आइसोलेटेड मतलब अकेला ऐसा एटम जो
  2730. 1:55:48गैस के फॉर्म में है इन इट्स ग्राउंड
  2731. 1:55:51स्टेट। ये देखो ये तीन वर्ड्स बड़े
  2732. 1:55:54इंपॉर्टेंट है। मोस्ट लूजली बाउंडेड
  2733. 1:55:56आइसोलेटेड एटम होना चाहिए और ग्राउंड
  2734. 1:55:59स्टेट पे इलेक्ट्रॉन होना चाहिए ताकि हम
  2735. 1:56:00उसको इलेक्ट्रॉन को निकाल के उसको कैटायन
  2736. 1:56:03में कन्वर्ट कर दें। इसे कहा जाता है
  2737. 1:56:05आयनाइजेशन एनर्जी या फिर आयनाइजेशन
  2738. 1:56:08एंथैल्पी। इसको हम आईe से शो करने वाले
  2739. 1:56:11हैं। अब एंथैल्पी वर्ड के लिए आपको अपने
  2740. 1:56:14जीवन में प्रिपेयर होना होगा। बिकॉज़ अभी
  2741. 1:56:16एंथैल्पी वर्ड आपके लिए बहुत कॉमन होने
  2742. 1:56:18वाला है। एंथैल्पी एक्चुअली एनर्जी ही
  2743. 1:56:20होता है। लेकिन वो एक मोल के लिए जब हम
  2744. 1:56:22किसी भी एनर्जी को कैलकुलेट कर रहे होते
  2745. 1:56:23हैं तो एंथैल्पी बोल देते हैं। यानी जब
  2746. 1:56:26मैं कोई वर्ड एक मतलब मैं अगर वर्ड यूज़ कर
  2747. 1:56:28रहा हूं एंथैल्पी तो मतलब मैं एक मोल अगर
  2748. 1:56:31मैं बोल रहा हूं आयनाइज़ेशन एंथैल्पी तो एक
  2749. 1:56:34मोल एटम में से एक मोल इलेक्ट्रॉन निकालने
  2750. 1:56:37के लिए कितनी एनर्जी लगेगी? ठीक है जी। अब
  2751. 1:56:40ऑब्वियस सी बात है आयनाइजेशन एनर्जी
  2752. 1:56:42एनर्जी है कितनी लगेगी इलेक्ट्रॉन को
  2753. 1:56:44निकालने के लिए? आसान शब्दों में बात करते
  2754. 1:56:47हैं। आ जाओ। अगर किसी के लिए आयनाइजेशन
  2755. 1:56:50एनर्जी ज्यादा है। इसका मतलब है इट इज़
  2756. 1:56:55इट इज़
  2757. 1:56:57डिफिकल्ट
  2758. 1:57:00टू इजेक्ट
  2759. 1:57:02इलेक्ट्रॉन। अगर किसी के लिए आयनाइजेशन
  2760. 1:57:05एनर्जी ज्यादा है, एंथैल्पी ज्यादा है तो
  2761. 1:57:07इसका मतलब है इलेक्ट्रॉन को इजेक्ट करना
  2762. 1:57:09मुश्किल है। और ऑब्वियस सी बात है अगर
  2763. 1:57:12किसी के लिए आयनाइज़ेशन एनर्जी कम है तो
  2764. 1:57:15इसका मतलब है इट इज़ इजी या ईज़ियर टू
  2765. 1:57:18इजेक्ट टू रिमूव इलेक्ट्रॉन। है ना? है
  2766. 1:57:22ना? है ना? अब सुनो। अब आप मुझे बताओ क्या
  2767. 1:57:25ये कहना सही है कि मेटल्स के लिए और नॉन
  2768. 1:57:28मेटल्स के लिए अगर जनरली कंपैरिजन किया
  2769. 1:57:30जाए तो किसके लिए? आयनाइजेशन, एनर्जी
  2770. 1:57:33एंथैल्पी कम होगी। तो कौन आसानी से
  2771. 1:57:36इलेक्ट्रॉन निकाल देता है? तो आंसर है
  2772. 1:57:38मेटल्स। मेटल्स तो डिफाइन ही ऐसे किए जाते
  2773. 1:57:40हैं जो इलेक्ट्रॉन दे दें। तो मेटल्स के
  2774. 1:57:43लिए आयनाइज़ेशन एनर्जी जनरली कम होती है एज़
  2775. 1:57:45कंपेयर टू नॉन मेटल। नॉन-मेटल के लिए
  2776. 1:57:48आयनाइज़ेशन एनर्जी और नोबल गैसेस के लिए
  2777. 1:57:50आयनाइज़ेशन एनर्जी बहुत ज्यादा है। क्योंकि
  2778. 1:57:52इन दोनों से ही इलेक्ट्रॉन निकालना बहुत
  2779. 1:57:54मुश्किल है। नोबल गैसेस के लिए तो आप समझ
  2780. 1:57:56लो इंपॉसिबल ही है। लेकिन नॉन मेटल्स के
  2781. 1:57:59लिए काफी मुश्किल है। इसलिए इनकी
  2782. 1:58:01आयनाइज़ेशन एनर्जी बहुत ज्यादा है। अब ये
  2783. 1:58:03क्यों ज्यादा है? इनसे इलेक्ट्रॉन निकालना
  2784. 1:58:05क्यों मुश्किल है? इसके बहुत सारे
  2785. 1:58:07फैक्टर्स हैं जो कि अभी हम पढ़ेंगे। लेकिन
  2786. 1:58:09हां, इतना तो आपको पता है कि नॉन मेटल्स
  2787. 1:58:11आसानी से इलेक्ट्रॉन नहीं देते हैं। तो
  2788. 1:58:14यहां पे हमें एक पॉइंट लिखना चाहिए। जनरली
  2789. 1:58:16क्यों लिख रहे हैं ना आप समझ रहे हो बेटा
  2790. 1:58:18है ना दुनिया में कुछ घटिया मेटल्स भी हैं
  2791. 1:58:20कुछ घटिया नॉन मेटल्स भी है। अगर मैं आपसे
  2792. 1:58:21पूछूं जनरली मुझे पता हो ईमानदारी ओपी कि
  2793. 1:58:24लड़कियों में और लड़कों में हाइट ज्यादा
  2794. 1:58:26बड़ी किसकी होती है? एवरेजली बायोलॉजिकली
  2795. 1:58:29भी तो आंसर है बॉयज की। ये बायोलॉजिकल बात
  2796. 1:58:31है। लेकिन क्या ऐसी लड़कियां नहीं है इस
  2797. 1:58:34दुनिया में जिनकी हाइट लड़कों से बड़ी है।
  2798. 1:58:36क्यों नहीं है? ऑब्वियस सी बात है। बट अगर
  2799. 1:58:38एवरेज बात की जाए तो एवरेजली ऐसा बात हो
  2800. 1:58:41रही है। एवरेजली वजन ज्यादा होता है बॉयज
  2801. 1:58:43का। एवरेज उनके कंधे ज्यादा चौड़े होते
  2802. 1:58:46हैं। एवरेज उनकी आवाज ज्यादा भारी होती
  2803. 1:58:48है। ऐसे ही जनरली बात करें तो जनरली
  2804. 1:58:52मेटल्स
  2805. 1:58:55हैव
  2806. 1:58:58लो
  2807. 1:59:01आयनाइजेशन एनर्जी। जनरली मेटल्स के पास लो
  2808. 1:59:05आयनाइजेशन एनर्जी होती है। एंड
  2809. 1:59:10नॉन मेटल्स
  2810. 1:59:13और साथ ही साथ नोबल गैसेस दोनों के लिए
  2811. 1:59:15अगर बात कर लें
  2812. 1:59:18हैव
  2813. 1:59:20हाई
  2814. 1:59:22आयनाइजेशन एनर्जी। इनके लिए आयनाइजेशन
  2815. 1:59:26एनर्जी एंथैल्पी काफी ज्यादा होती है। ठीक
  2816. 1:59:28है? ये बात ध्यान रखनी है। अब आपके हिसाब
  2817. 1:59:30से आयनाइजेशन एनर्जी या एंथैल्पी की यूनिट
  2818. 1:59:34क्या होगी? अब आपको लग रहा है तो ये
  2819. 1:59:36एनर्जी तो इसकी यूनिट जूल होगी जो कि सही
  2820. 1:59:38भी है। पर मैंने आपको बोला ये एक मोल के
  2821. 1:59:40लिए निकाली जाती है। जिसकी वजह से इसकी जो
  2822. 1:59:43एसआई यूनिट बन जाती है वो बन जाती है जूल
  2823. 1:59:47पर मोल। क्योंकि ये एक मोल के लिए निकाली
  2824. 1:59:50जाती है। लेकिन आपको मैं बता दूं ये जो
  2825. 1:59:52आंसर आता है जब आप बड़े हो के इसके
  2826. 1:59:55न्यूमेरिकल्स करोगे। अभी तो आप छोटे हो।
  2827. 1:59:57लेकिन जब आप बड़े होकर इसके न्यूमेरिकल्स
  2828. 1:59:59करोगे तो आंसर इसका हजारों लाखों जूल में
  2829. 2:00:02आएगा। एक मोल के लिए हजारों लाखों जूल में
  2830. 2:00:04आएगा। तो इसीलिए जो कॉमन यूनिट हम लोग
  2831. 2:00:06केमिस्ट्री में इसकी इस्तेमाल करते हैं जो
  2832. 2:00:09कॉमन यूनिट हम केमिस्ट्री में इसकी
  2833. 2:00:11इस्तेमाल करते हैं वो किलोजूल पर मोल है।
  2834. 2:00:15क्योंकि आप सब जानते हैं कि जो आंसर आएगा
  2835. 2:00:17वो बड़ा आएगा 1000, 2000, 5000, 10000, 1
  2836. 2:00:20लाख कभी कबभार। तो किलो में निकालना थोड़ा
  2837. 2:00:22अच्छा आंसर देगा। इसीलिए केमिस्ट्री
  2838. 2:00:24ज्यादातर जगहों पे इसकी जो यूनिट यूज़
  2839. 2:00:26करेगी वो किलोजूल करेगी। एनसीईआरटी में भी
  2840. 2:00:28बहुतों की वैल्यूज़ लिखी हुई है। आपको अगेन
  2841. 2:00:30याद नहीं करनी है। लेकिन हां वैल्यूज़ लिखी
  2842. 2:00:32हुई है और वो सारी की सारी वैल्यू्यूज
  2843. 2:00:34मोस्टली आपको किलोजूल पर मोल में मिलेंगी।
  2844. 2:00:37तो निचोड़ क्या है? कितनी एनर्जी लगानी
  2845. 2:00:39पड़ेगी, देनी पड़ेगी एक एटम में से
  2846. 2:00:41इलेक्ट्रॉन निकालने के लिए। ये टर्म्स
  2847. 2:00:43परिभाषा में लिखना बहुत जरूरी है। क्यों
  2848. 2:00:45होना चाहिए ग्राउंड स्टेट में? एक्साइटेड
  2849. 2:00:46स्टेट में होगा तो वो न्यूक्लियस से पहले
  2850. 2:00:48दूर है। तो गलत आंसर निकाल रहे हो आप।
  2851. 2:00:50आइसोलेटेड नहीं है। आसपास दूसरे एटम्स हैं
  2852. 2:00:52तो वो भी उसको इन्फ्लुएंस करेंगे। और
  2853. 2:00:55ऑब्वियस सी बात है लास्ट इलेक्ट्रॉन मोस्ट
  2854. 2:00:57लूजली बाउंडेड इलेक्ट्रॉन पहले निकलेगा
  2855. 2:00:59उसके बाद बाकी निकलेंगे। ठीक है? अगर ऐसा
  2856. 2:01:01है अगर ऐसा है तो यहां पे अब हम पढ़ सकते
  2857. 2:01:04हैं फैक्टर्स अफेक्टिंग आयनाइजेशन एनर्जी।
  2858. 2:01:06लेकिन यहां पे एक बात और करनी बनती है। वो
  2859. 2:01:10क्या है? देखो
  2860. 2:01:12यहां पे ना आगे हम बढ़ने वाले हैं और बात
  2861. 2:01:14करने वाले हैं कि फर्स्ट आयनाइजेशन
  2862. 2:01:17एनर्जी, सेकंड आयनाइज़ेशन एनर्जी, थर्ड
  2863. 2:01:20आयनाइज़ेशन एनर्जी। जैसे एक एटम है। एक एटम
  2864. 2:01:23ने अपना पहला इलेक्ट्रॉन दे दिया। ठीक है?
  2865. 2:01:25ये आपको काम आएगा आगे। मान लो एक एटम है
  2866. 2:01:28कोई भी A नाम का। ठीक है? जो मान लो तीन
  2867. 2:01:30इलेक्ट्रॉन दे सकता है। जैसे कि
  2868. 2:01:32एलुमिनियम। ठीक है? अब अगर एलुमिनियम ने
  2869. 2:01:34एक इलेक्ट्रॉन दे दिया तो एक इलेक्ट्रॉन
  2870. 2:01:36दे दिया तो वो तो A प्लस बन जाएगा। उसमें
  2871. 2:01:39से एक इलेक्ट्रॉन बाहर आ गया। अब इसमें जो
  2872. 2:01:41एनर्जी लगी जिसको हम IE या फिर हम लोग
  2873. 2:01:45डेल्टाH से भी शो करते हैं। कई किताबें
  2874. 2:01:47इसको डेल्टाH से भी शो करती हैं। एक ही
  2875. 2:01:50बात समझना। कई किताबें डेल्टा HI से भी शो
  2876. 2:01:53करती हैं। अलग-अलग सिंबल है। तो अगर इसकी
  2877. 2:01:55आयनाइज़ेशन एनर्जी अ मान लो आयनाइज़ेशन
  2878. 2:01:59एनर्जी फर्स्ट लगी। इसमें मान लो
  2879. 2:02:01आयनाइज़ेशन एनर्जी फर्स्ट लगी जो कि वो है
  2880. 2:02:03x पहला इलेक्ट्रॉन निकालने के लिए। अब अगर
  2881. 2:02:06मुझे दूसरा इलेक्ट्रॉन इसमें से निकालना
  2882. 2:02:09है तो मुझे अगर दूसरा इलेक्ट्रॉन निकालना
  2883. 2:02:12है तो इसके ऊपर +2 का चार्ज आ जाएगा। अब
  2884. 2:02:15इसमें जो आयनाइज़ेशन एनर्जी लगेगी जिसको
  2885. 2:02:17मैं सेकंड कह रहा हूं मान लेते हैं ये y
  2886. 2:02:19है। एंड बिल्कुल ऐसे ही अगर मैं आयनाइज़ेशन
  2887. 2:02:23एनर्जी निकालता हूं एक और इलेक्ट्रॉन
  2888. 2:02:25निकालने के लिए यानी कि तीसरा यानी कि
  2889. 2:02:27आखिरी बिकॉज़ आप सबको पता है चार
  2890. 2:02:30इलेक्ट्रॉन नहीं निकाल सकते। पे वैलेंसी
  2891. 2:02:32+3 जो है वो रहती है। +3 भी काफी मुश्किल
  2892. 2:02:35है। बट ठीक है मान लेते हैं। चार वाले तो
  2893. 2:02:37इलेक्ट्रॉन को शेयर कर देते हैं। तो यहां
  2894. 2:02:39पे जो आयनाइज़ेशन एनर्जी आ जाएगी वो Z आ
  2895. 2:02:41जाएगी। मेरा सवाल आपसे सिर्फ इतना है कि
  2896. 2:02:45अभी ये है तो हम पढ़ रहे हैं कि लेफ्ट टू
  2897. 2:02:46राइट जाने पे, टॉप टू बॉटम जाने पे
  2898. 2:02:48आयनाइज़ेशन एनर्जी कैसे चेंज होगी? लेकिन
  2899. 2:02:50मुझे आप एक कॉमन सेंस का आंसर दे सकते हो
  2900. 2:02:52क्या? मन में दे देना लिखना मत। ये जो X Y
  2901. 2:02:55Z है इनमें कौन बड़ा होगा? कौन छोटा होगा?
  2902. 2:02:58या तीनों बराबर होंगे। ये एटम एक है। बस
  2903. 2:03:01ये एलुमिनियम था। अब ये एलुमिनियम प्लस बन
  2904. 2:03:03गया। फिर एलुमिनियम प्लस से एलुमिनियम +2
  2905. 2:03:05बन गया। एलुमिनियम +2 से एलुमिनियम +3 बन
  2906. 2:03:07गया। मेरा सवाल सिर्फ इतना है आपसे कि
  2907. 2:03:09क्या आपको लगता है कि ये x y z में कोई एक
  2908. 2:03:12हमेशा बड़ा होगा, कोई एक छोटा होगा या फिर
  2909. 2:03:14ये तीनों बराबर होंगे? तो आंसर है इनमें
  2910. 2:03:18जनरली अगेन जो फर्स्ट आयनाइजेशन एनर्जी
  2911. 2:03:21होती है वह सबसे कम होती है। फिर सेकंड और
  2912. 2:03:24थर्ड हमेशा बढ़ती है। और इसका रीजन मैं
  2913. 2:03:27आपको अभी थोड़ी देर में दूंगा जब हम
  2914. 2:03:29पहुंचेंगे न्यूक्लियर चार्ज पे। जब हम
  2915. 2:03:32पहुंचेंगे न्यूक्लियर चार्ज पे। बट अभी के
  2916. 2:03:34लिए आप ऐसा कह सकते हैं सॉरी माय बैड माय
  2917. 2:03:37बैड। बट अभी के लिए आप ऐसा कह सकते हैं कि
  2918. 2:03:40जनरली
  2919. 2:03:42जनरली अभी के लिए आप ऐसा कह सकते हैं कि
  2920. 2:03:44जनरली जो x है उसकी वैल्यू सबसे कम होगी
  2921. 2:03:50और y की ज्यादा और z की सबसे ज्यादा होगी।
  2922. 2:03:55जनरली ऐसा होता है। मैं ऊपर जनरली लिख
  2923. 2:03:58देता हूं जनरली क्योंकि कुछ एक्सेप्शनल
  2924. 2:04:01केसेस हैं जिनको हमें पढ़ना भी है। बट
  2925. 2:04:03जनरली x जो है यानी जो फर्स्ट आयनाइजेशन
  2926. 2:04:07एनर्जी है वो हमेशा कम रहती है। सेकंड
  2927. 2:04:09वाली ज्यादा रहती है और थर्ड वाली और
  2928. 2:04:12ज्यादा रहती है। इसका रीज़ जो है वो आपको
  2929. 2:04:15मिलेगा जब मैं आपको न्यूक्लियर चार्ज पढ़ा
  2930. 2:04:18दूंगा। तो टेंशन मत लो आप। ठीक है? आओ भाई
  2931. 2:04:20वापस आते हैं। चलो। अब बात करते हैं यहां
  2932. 2:04:23पे कि आयनाइजेशन एनर्जी को अफेक्ट करने
  2933. 2:04:25वाले कौन-कौन से फैक्टर हैं। सबसे पहला
  2934. 2:04:28फैक्टर ऑब्वियस सी बात है साइज आता है। आप
  2935. 2:04:31मुझे खुद ही बताओ। पढ़ने की भी जरूरत नहीं
  2936. 2:04:33है। ये मेरे पास एक एटम है जिसमें से मुझे
  2937. 2:04:36इलेक्ट्रॉन यहां से निकालना है। और ये
  2938. 2:04:38मेरे पास न्यूक्लियस है। ये मेरे पास एक
  2939. 2:04:40एटम है जिसमें से इलेक्ट्रॉन मुझे यहां से
  2940. 2:04:42निकालना है। मान के चल लेते हैं कि अभी
  2941. 2:04:44न्यूक्लियस पे दोनों पे जो चार्ज है वो
  2942. 2:04:46सेम है। ठीक है ना? तो आप मुझे बताओ कि ये
  2943. 2:04:49वाला जो इलेक्ट्रॉन है वो तो काफी दूर है
  2944. 2:04:51और ये वाला इलेक्ट्रॉन न्यूक्लियस से काफी
  2945. 2:04:53पास है। तो कौन सा इलेक्ट्रॉन निकालना
  2946. 2:04:56बड़ा आसान होगा? तो आंसर है ये वाला। आसान
  2947. 2:04:58का मतलब है हमें कम से कम एनर्जी देनी
  2948. 2:05:00पड़ेगी। यानी आयनाइजेशन एनर्जी की वैल्यू
  2949. 2:05:03लो होगी।
  2950. 2:05:05लेकिन यहां पे जिसमें इलेक्ट्रॉन
  2951. 2:05:06न्यूक्लियस के बहुत पास है उसमें
  2952. 2:05:08आयनाइजेशन एनर्जी जो है वो काफी ज्यादा
  2953. 2:05:11होगी अगर पास है तो क्योंकि मुश्किल से
  2954. 2:05:13इलेक्ट्रॉन निकलेगा क्योंकि न्यूक्लियस के
  2955. 2:05:15बहुत करीब है। तो साइज में क्या लिखा हुआ
  2956. 2:05:17है? लार्जर दी एटॉमिक साइज लेसर इज़ दी
  2957. 2:05:20अट्रैक्शन बिटवीन द न्यूक्लियस एंड दी
  2958. 2:05:23आउटरमोस्ट इलेक्ट्रॉन एंड हेंस लोअर इज़ दी
  2959. 2:05:26आयनाइजेशन एंथैल्पी। तो इन्होंने क्या
  2960. 2:05:29लिखा हुआ है? इसको अगर मैं एक बहुत शॉर्ट
  2961. 2:05:32भाषा में लिखूं। इन्होंने लिखा है कि अगर
  2962. 2:05:35साइज जो है वो बढ़ेगा तो अट्रैक्शन जो है
  2963. 2:05:38वो कम हो जाएगी। न्यूक्लियस और इलेक्ट्रॉन
  2964. 2:05:41के बीच में अट्रैक्शन कम हो जाएगी। जिसकी
  2965. 2:05:44वजह से इलेक्ट्रॉन निकालना आसान हो जाएगा
  2966. 2:05:46और आपको कम एनर्जी देनी पड़ेगी। तो
  2967. 2:05:49आयनाइजेशन एनर्जी कम हो जाएगी। तो निचोड़
  2968. 2:05:52ये कहता है कि जो आयनाइजेशन एनर्जी है ये
  2969. 2:05:56इन्वर्सली प्रपोर्शनल हो गई साइज के। साइज
  2970. 2:06:00अगर बढ़ेगा तो इलेक्ट्रॉन निकालना आसान हो
  2971. 2:06:03जाएगा तो आयनाइजेशन एनर्जी कम हो जाएगी।
  2972. 2:06:07ये निचोड़ है भाई। निचोड़ है। डन है। तो
  2973. 2:06:11साइज के साथ अगर ये इन्वर्सली प्रोपोर्शनल
  2974. 2:06:13है तो अब आप मुझे बता सकते हो कि
  2975. 2:06:15आयनाइज़ेशन एनर्जी के साथ लेफ्ट टू राइट और
  2976. 2:06:18टॉप टू बॉटम क्या होगा? तो अगर मैं लेफ्ट
  2977. 2:06:20टु राइट जाता हूं इन अ पीरियड। लेफ्ट टू
  2978. 2:06:24राइट।
  2979. 2:06:26लेफ्ट टू राइट इन अ पीरियड। एक पीरियड में
  2980. 2:06:30अगर मैं लेफ्ट से राइट जाता हूं। लेफ्ट टू
  2981. 2:06:34राइट इन अ पीरियड अगर मैं जाता हूं। लेफ्ट
  2982. 2:06:38टू राइट इन अ पीरियड अगर मैं जाता हूं तो
  2983. 2:06:40आपको क्या पढ़ाया गया है? आज ही पढ़ाया है
  2984. 2:06:42कि साइज लेफ्ट टू राइट जाने पे छोटा होता
  2985. 2:06:44रहता है। और साइज छोटा होता रहेगा तो क्या
  2986. 2:06:47होगा? तो आयनाइजेशन
  2987. 2:06:50एनर्जी बढ़ती चली जाएगी और होनी भी चाहिए।
  2988. 2:06:52पीरियडिक टेबल में इस तरफ मेटल्स बैठे हुए
  2989. 2:06:55हैं और मेटल्स के लिए पहले ही पढ़ा है
  2990. 2:06:57हमने आयनाइजेशन एनर्जी कम है। क्योंकि
  2991. 2:06:59उनसे इलेक्ट्रॉन निकालना आसान है। इस तरफ
  2992. 2:07:01नॉन मेटल्स बैठे हुए हैं। नोबल गैसेस बैठी
  2993. 2:07:04हुई हैं। उनसे इलेक्ट्रॉन निकालना
  2994. 2:07:05डिफिकल्ट है। उनके लिए आयनाइज़ेशन एनर्जी
  2995. 2:07:08ज़्यादा होनी ही चाहिए। तो लेफ्ट टू राइट
  2996. 2:07:10अगर मैं जाता हूं तो अगर लेफ्ट टू राइट
  2997. 2:07:13जाता हूं तो इसका मतलब है कि भैया लेफ्ट
  2998. 2:07:16टू राइट जाने पे साइज तो कम होगा। साइज कम
  2999. 2:07:19होगा तो आयनाइजेशन एनर्जी बढ़ेगी। साइज कम
  3000. 2:07:23होगा तो आयनाइजेशन एनर्जी बढ़ेगी। लेकिन
  3001. 2:07:25वहीं पे अगर मैं टॉप टू बॉटम आता हूं।
  3002. 2:07:29आपको इसका आंसर पता है। पता है। पता तो
  3003. 2:07:32होना चाहिए। वरना गड़बड़ है। टॉप टू बॉटम
  3004. 2:07:34इन अ ग्रुप। अगर मैं ग्रुप में ऊपर से
  3005. 2:07:37नीचे आता हूं तो अगेन आज ही पढ़ाया है कि
  3006. 2:07:40ऊपर से नीचे आने पे जो साइज है वो बढ़ता
  3007. 2:07:43है क्योंकि नंबर ऑफ शेल्स बढ़ते हैं। अब
  3008. 2:07:46अगर ऊपर से नीचे आने पे साइज बढ़ता है।
  3009. 2:07:49साइज बढ़ता है तो इलेक्ट्रॉन निकालना आसान
  3010. 2:07:52हो जाएगा। ऊपर से नीचे आने पे साइज अगर
  3011. 2:07:56बढ़ता है तो इलेक्ट्रॉन निकालना आसान हो
  3012. 2:07:58जाएगा। जिसकी वजह से आयनाइजेशन एनर्जी कम
  3013. 2:08:02हो जाएगी। तो निचोड़ लेफ्ट टू राइट जाने पर
  3014. 2:08:04बढ़ती है। टॉप से बॉटम आने पे कम होती है।
  3015. 2:08:07आयनाइजेशन
  3016. 2:08:08एनर्जी। डन। अब आयनाइजेशन एनर्जी को
  3017. 2:08:11अफेक्ट करने वाला दूसरा फैक्टर है
  3018. 2:08:13न्यूक्लियर चार्ज। यहां पे आपको
  3019. 2:08:16न्यूक्लियर चार्ज को समझना होगा बहुत
  3020. 2:08:18ध्यान से। बहुत ध्यान से। देखो, अभी हमने
  3021. 2:08:22पीछे क्या किया था? अगर आपने नोटिस किया
  3022. 2:08:24हो। हम मान लेते हैं थोड़ी देर के लिए। मैं
  3023. 2:08:26यहां पे कुछ नंबर्स लिख रहा हूं। फिर मैं
  3024. 2:08:28इसको हटा दूंगा। मान लेते हैं ये
  3025. 2:08:30एलुमिनियम है तो इसके पास 13 ही प्रोटॉन्स
  3026. 2:08:33हैं। आपको पता है और इसके पास 13 ही
  3027. 2:08:35इलेक्ट्रॉन्स हैं। अगर इसने एक इलेक्ट्रॉन
  3028. 2:08:37दे दिया तो इसके पास प्रोटॉन तो 13 ही रहे
  3029. 2:08:41लेकिन इलेक्ट्रॉन इसके पास 12 हो गए। यहां
  3030. 2:08:43पे एक और इलेक्ट्रॉन दे दिया तो प्रोटॉन
  3031. 2:08:45तो 13 रहे लेकिन इलेक्ट्रॉन 11 हो गए।
  3032. 2:08:48प्रोटॉन तो 13 रहे लेकिन इलेक्ट्रॉन 10 हो
  3033. 2:08:51गए। बिकॉज़ आप सिर्फ क्या दे रहे हो?
  3034. 2:08:52इलेक्ट्रॉन दे रहे हो। तो प्रोटॉन तो आपके
  3035. 2:08:55पास उतने ही है। तो क्या रिलेटिवली
  3036. 2:08:57प्रोटॉन्स जो हैं वो बढ़ते चले जा रहे
  3037. 2:08:59हैं? बढ़ते चले जा रहे हैं। हां। हो क्या
  3038. 2:09:02रहा है? आउटरमोस्ट शेल में से इलेक्ट्रॉन
  3039. 2:09:04कम हो रहे हैं। लेकिन न्यूक्लियस में
  3040. 2:09:06प्रोटॉन्स उतने ही हैं जिसकी वजह से
  3041. 2:09:08रिलेटिवली वो बढ़ रहे हैं। यार एक बात
  3042. 2:09:10बताओ इमेजिन करो। अभी देखो वैसे मेरे
  3043. 2:09:12दोनों हाथ की जो लंबाई है वो बराबर है।
  3044. 2:09:15ठीक है? मान लेते हैं कल को जब मैं दूसरा
  3045. 2:09:17वन शॉट रिकॉर्ड कर रहा हूं और मेरा यह
  3046. 2:09:19वाला हाथ बड़ा हो जाता है 2 4 5 सें.मी.
  3047. 2:09:23अब मैं ऐसे रखता हूं तो मुझे नहीं लगता आप
  3048. 2:09:25में से कोई भी मुझे बता पाएगा कि मेरा यह
  3049. 2:09:27वाला हाथ बड़ा हुआ है या यह वाला छोटा हुआ
  3050. 2:09:30है। अंटिल अनलेस अगर आपने मेरे हाथ के
  3051. 2:09:32डायमेंशंस पहले निकाले हो और इससे कोई
  3052. 2:09:34फर्क भी नहीं पड़ता। अगर ये हाथ बड़ा हुआ
  3053. 2:09:36है तो ऐसे तो बोला ही जा सकता है कि यार
  3054. 2:09:38ये वाला हाथ बड़ा हो गया। लेकिन ऐसे भी तो
  3055. 2:09:40बोल सकता हूं ना कि यार ये वाला ये वाला
  3056. 2:09:42हाथ इसके मुकाबले छोटा हो गया है और टू बी
  3057. 2:09:45वेरी ऑनेस्ट मुझे भी नहीं पता होगा कि कोई
  3058. 2:09:47ये वाला हाथ बड़ा हुआ है या ये वाला छोटा
  3059. 2:09:49हुआ है क्योंकि मैंने भी कभी नापा तो नहीं
  3060. 2:09:51है इनको तो एकद सेंटीमीटर में क्या पता
  3061. 2:09:52चलेगा द पॉइंट इज़ द पॉइंट इज़ कि यार अगर
  3062. 2:09:57न्यूक्लियस में प्रोटॉन और इलेक्ट्रॉन
  3063. 2:10:00बराबर थे न्यूक्लियस में प्रोटॉन बराबर थे
  3064. 2:10:02आसपास इलेक्ट्रॉन बराबर थे तो जब
  3065. 2:10:03इलेक्ट्रॉन्स जा रहे हैं तो न्यूक्लियस
  3066. 2:10:06में रिलेटिवली प्रोटॉन्स बढ़ रहे हैं और
  3067. 2:10:09जब न्यूक्लियस में रिलेटिवली प्रोटॉन्स
  3068. 2:10:11बढ़ते हैं तो न्यूक्लियस ताकतवर हो जाता
  3069. 2:10:14है। उसका न्यूक्लियर चार्ज बढ़ने लग जाता
  3070. 2:10:17है। उसका न्यूक्लियर चार्ज बढ़ने लग जाता
  3071. 2:10:20है। उसका न्यूक्लियर चार्ज बढ़ने लग जाता
  3072. 2:10:23है। न्यूक्लियर चार्ज का बढ़ने का मतलब है
  3073. 2:10:26नंबर ऑफ प्रोटॉन्स का रिलेटिवली बढ़ना एज
  3074. 2:10:30कंपेयर टू इलेक्ट्रॉन्स। नंबर ऑफ
  3075. 2:10:32प्रोटॉन्स का रिलेटिवली बढ़ना एज कंपेयर
  3076. 2:10:35टू इलेक्ट्रॉन्स। ये बात आपको ध्यान रखनी
  3077. 2:10:38पड़ेगी कि न्यूक्लियर चार्ज का मतलब क्या
  3078. 2:10:40है? चाहे तो मैं आगे वाले पॉइंट पे जाने
  3079. 2:10:44से पहले यहां लिख देता हूं कि न्यूक्लियर
  3080. 2:10:48चार्ज अगर किसी का बढ़ रहा है तो इसका
  3081. 2:10:50मतलब क्या है? अगर किसी का न्यूक्लियर
  3082. 2:10:52चार्ज बढ़ रहा है तो इसका मतलब है उसमें
  3083. 2:10:54प्रोटॉन्स ज्यादा हो रहे हैं इलेक्ट्रॉन
  3084. 2:10:57से। उसमें प्रोटॉन्स ज्यादा हो रहे हैं
  3085. 2:10:59इलेक्ट्रॉन से। और अगर मैं कह रहा हूं कि
  3086. 2:11:02किसी का न्यूक्लियर चार्ज कम हो रहा है तो
  3087. 2:11:05न्यूक्लियर चार्ज कम हो रहा है मतलब उसके
  3088. 2:11:07प्रोटॉन्स कम हो रहे हैं और इलेक्ट्रॉन
  3089. 2:11:10ज्यादा हो रहे हैं। अब आप सबको पता है
  3090. 2:11:11प्रोटॉन को तो प्रोटॉन का तो आना जाना इट
  3091. 2:11:13इज़ वेरी डिफिकल्ट। तो ऑब्वियस सी बात है
  3092. 2:11:15कौन ही आ जा रहा होगा इलेक्ट्रॉन। तो आप
  3093. 2:11:17ऐसे भी कह सकते हो कि जब कोई इलेक्ट्रॉन
  3094. 2:11:20लूज़ करता है तो न्यूक्लियर चार्ज बढ़ता है।
  3095. 2:11:23और जब कोई इलेक्ट्रॉन गेन करता है तो
  3096. 2:11:26न्यूक्लियर चार्ज कम होता है। तो आप ऐसे
  3097. 2:11:28भी लिख सकते हो। देखो कि न्यूक्लियर चार्ज
  3098. 2:11:30बढ़ता कब है? जब कोई लूज़ करता है लॉस ऑफ
  3099. 2:11:34इलेक्ट्रॉन जहां होता है। और न्यूक्लियर
  3100. 2:11:36चार्ज कम कब होता है? जब कोई गेन
  3101. 2:11:40ऑफ इलेक्ट्रॉन करता है। अगर कोई
  3102. 2:11:42इलेक्ट्रॉन गेन करेगा तो ऑब्वियस सी बात
  3103. 2:11:44है ऐसा हो जाएगा और कोई लूज़ करेगा तो ऐसा
  3104. 2:11:46हो जाएगा। ठीक है? अब न्यूक्लियर चार्ज के
  3105. 2:11:48बढ़ने से न्यूक्लियस ताकतवर हो जाता है।
  3106. 2:11:50जिसकी वजह से साइज में कॉन्ट्रैक्शन आता
  3107. 2:11:53है। साइज में कॉन्ट्रैक्शन आता है। क्या
  3108. 2:11:56लिखा हुआ है? देखो ग्रेटर द न्यूक्लियर
  3109. 2:11:58चार्ज स्ट्रंगर इज द अट्रैक्शन फॉर
  3110. 2:12:00इलेक्ट्रॉन एंड हेंस हायर इज़ द आयनाइजेशन
  3111. 2:12:03एनर्जी। नहीं समझे तो आओ समझो। देखो अगर
  3112. 2:12:06किसी का न्यूक्लियर चार्ज बढ़ रहा है तो
  3113. 2:12:10मैंने बताया उसकी अट्रैक्शन बढ़ रही है।
  3114. 2:12:13अट्रैक्शन बढ़ रही है तो साइज छोटा होगा।
  3115. 2:12:17क्यों? न्यूक्लियस ताकतवर हो रहा है।
  3116. 2:12:19न्यूक्लियर चार्ज बढ़ रहा है तो न्यूक्लियस
  3117. 2:12:22ज्यादा ताकत से इलेक्ट्रॉन को खींचेगा।
  3118. 2:12:24साइज छोटा होगा। साइज छोटा होगा तो
  3119. 2:12:27आयनाइजेशन
  3120. 2:12:28एनर्जी बढ़ जाएगी। आयनाइजेशन एनर्जी बढ़
  3121. 2:12:32जाएगी। और ऐसे ही अगर किसी का न्यूक्लियर
  3122. 2:12:36चार्ज न्यूक्लियर चार्ज कम हो रहा है तो
  3123. 2:12:41इसका मतलब है अट्रैक्शन कम हो रही है तो
  3124. 2:12:43साइज बढ़ेगा। जिसकी वजह से आयनाइजेशन
  3125. 2:12:46एनर्जी कम हो जाएगी। अब आओ पीछे वापस से
  3126. 2:12:49चलते हैं। मैंने यहां पे आपको क्या बताया
  3127. 2:12:51था कि फर्स्ट वाली आयनाइजेशन एनर्जी,
  3128. 2:12:53सेकंड वाली आयनाइजेशन एनर्जी, थर्ड वाली
  3129. 2:12:55आयनाइजेशन एनर्जी में सबसे ज्यादा कौन सी
  3130. 2:12:58वाली है? अब आप समझ गए क्यों? देखो कुछ कह
  3131. 2:13:01रहा हूं तो सोच के कह रहा हूं ना। क्योंकि
  3132. 2:13:03यहां पे न्यूक्लियर चार्ज सबसे ज्यादा है।
  3133. 2:13:06न्यूक्लियर चार्ज बढ़ता कैसे है? जब कोई
  3134. 2:13:08इलेक्ट्रॉन का लॉस होता है तो जैसे-जैसे
  3135. 2:13:10इलेक्ट्रॉन का लॉस होता जा रहा है
  3136. 2:13:12न्यूक्लियर चार्ज जो है वो बढ़े जा रहा है।
  3137. 2:13:15जिसकी वजह से आयनाइज़ेशन एनर्जी बढ़े जा रही
  3138. 2:13:18है। तो क्या यहां पे लिख सकते हैं कि फॉर
  3139. 2:13:21एव्री एटम फॉर एव्री एटम आयनाइज़ेशन एनर्जी
  3140. 2:13:28जनरली जनरली जनरली यहां पे एक एक्सेप्शनल
  3141. 2:13:30केस है पढ़ा रहा हूं। फॉर एव्री एटम जनरली
  3142. 2:13:35फॉर एव्री एटम जनरली आयनाइजेशन एनर्जी
  3143. 2:13:39फर्स्ट आयनाइजेशन एनर्जी सेकंड और
  3144. 2:13:42आयनाइजेशन एनर्जी थर्ड में थर्ड वाली सबसे
  3145. 2:13:46ज्यादा होती है। दिस इज बिकॉज़
  3146. 2:13:49दिस इज बिकॉज़
  3147. 2:13:52ऑफ
  3148. 2:13:54इंक्रीज
  3149. 2:13:56इन
  3150. 2:13:58न्यूक्लियर चार्ज इंक्रीज इन
  3151. 2:14:02न्यूक्लियर चार्ज
  3152. 2:14:05ड्यू टू लॉस ऑफ
  3153. 2:14:08ड्यू टू
  3154. 2:14:10लॉस ऑफ इलेक्ट्रॉन ईच टाइम लॉस ऑफ अरे लॉस
  3155. 2:14:16लॉस ऑफ़ इलेक्ट्रॉन ईच टाइम। हर टाइम पे
  3156. 2:14:21इलेक्ट्रॉन का लॉस हो रहा है। जिसकी वजह
  3157. 2:14:23से न्यूक्लियर चार्ज बढ़ रहा है। तो
  3158. 2:14:24आयनाइज़ेशन एनर्जी भी बढ़ जा रही है। बट
  3159. 2:14:27इसके अंदर एक एक्सेप्शनल केस है। अब वो
  3160. 2:14:30एक्सेप्शनल केस कैसे है? वो आप समझ पाओगे।
  3161. 2:14:33जब हम आपको इलेक्ट्रॉनिक कॉन्फ़िगरेशन
  3162. 2:14:35पढ़ाएंगे। मैंने कहा है आपको भैया सारी
  3163. 2:14:37पढ़ाई रिलेटेड है आपस में और मजेदार भी है।
  3164. 2:14:40चलो आओ। एक्स एक्सेप्शनल केस कैसे? मैंने
  3165. 2:14:43क्या बोला? सबकी फर्स्ट वाली और सेकंड
  3166. 2:14:45वाली में सेकंड वाली ज्यादा है एज़ कंपेयर
  3167. 2:14:48टू फर्स्ट। लेकिन अभी मैं आपको पढ़ाऊंगा जो
  3168. 2:14:50अल्कलाइन अर्थ मेटल है जो अल्कलाइन अर्थ
  3169. 2:14:53मेटल्स हैं। अल्कलाइन अर्थ मेटल में
  3170. 2:14:55फर्स्ट वाली आयनाइज़ेशन एनर्जी ज्यादा होती
  3171. 2:14:58है सेकंड से। और ऐसा ही 15th ग्रुप में भी
  3172. 2:15:02होगा। क्यों होगा? अभी बता रहा हूं। अभी
  3173. 2:15:04बता रहा हूं। अभी बता रहा हूं। अभी बता
  3174. 2:15:05रहा हूं। चलो ऐसा कर लें क्या? पहले वही
  3175. 2:15:06कर लेते हैं। आ जाओ। क्योंकि फ्लो बनेगा।
  3176. 2:15:08आओ पहले ये कर लेते हैं। क्या इलेक्ट्रॉन
  3177. 2:15:11देखो अब न्यूक्लियर चार्ज ने और साइज ने
  3178. 2:15:13तो आयनाइज़ेशन एनर्जी को अफेक्ट किया।
  3179. 2:15:15बिल्कुल ऐसे ही क्या इलेक्ट्रॉनिक
  3180. 2:15:17कॉन्फ़िगरेशन भी अफेक्ट करती है? क्या
  3181. 2:15:19इलेक्ट्रॉनिक कॉन्फ़िगरेशन से भी अफेक्ट
  3182. 2:15:22होता है आयनाइज़ेशन एनर्जी? आंसर है यस।
  3183. 2:15:24क्या लिखा हुआ है? अगर आप अंग्रेजी पढ़ो और
  3184. 2:15:26हमने स्ट्रक्चर ऑफ एटम में पढ़ा हुआ है जो
  3185. 2:15:28हाफ फिल्ड और फुल्ली फिल्ड ऑर्बिटल्स होते
  3186. 2:15:30हैं वो ज्यादा स्टेबल होते हैं। उनको
  3187. 2:15:34डिस्टर्ब करना मुश्किल है। इसीलिए उनसे
  3188. 2:15:36इलेक्ट्रॉन निकालना जो हाफ फिल्ड है या
  3189. 2:15:39फुल्ली फिल्ड है उनसे इलेक्ट्रॉन को
  3190. 2:15:41निकालना थोड़ा डिफिकल्ट होता है। जिसकी वजह
  3191. 2:15:44से हाफ फील्ड और फुल्ली फील्ड में
  3192. 2:15:46आयनाइज़ेशन एनर्जी बढ़ जाती है। और यह कॉमन
  3193. 2:15:48सेंस की बात है कि हाफ फील्ड और फुल्ली
  3194. 2:15:50फील्ड में अगर आपस में कंपैरिजन करेंगे तो
  3195. 2:15:52फुल्ली फील्ड में ज्यादा बढ़ेगी बिकॉज़ वह
  3196. 2:15:55हाफ फील्ड से भी ज्यादा स्टेबल होता है।
  3197. 2:15:57तो जिसने स्ट्रक्चर ऑफ़ एटम का वन शॉट देखा
  3198. 2:15:59है उसको पता है हाफ फिल्ड ऑर्बिटल्स और
  3199. 2:16:01फुल्ली फील्ड ऑर्बिटल्स इनकंप्लीट से
  3200. 2:16:03स्टेबल होते हैं। तो हाफ फील्ड फुली फील्ड
  3201. 2:16:05की इनकंप्लीट से आयनाइज़ेशन एनर्जी ज्यादा
  3202. 2:16:07होगी। क्योंकि उनसे इलेक्ट्रॉन निकालना
  3203. 2:16:09मुश्किल है। लेकिन अगर हाफ फिल्ड और
  3204. 2:16:10फुल्ली फील्ड को कंपेयर करें तो फुल्ली
  3205. 2:16:12फील्ड की ऑब्वियस सी बात है ज्यादा होगी।
  3206. 2:16:14तो एटम्स जिनकी स्टेबल इलेक्ट्रॉनिक
  3207. 2:16:16कॉन्फ़िगरेशन है जैसे कि फुली फिल्ड या फिर
  3208. 2:16:18हाफ फिल्ड। इनकी हायर आयनाइजेशन एनर्जी
  3209. 2:16:21होती है। क्योंकि ये एक्स्ट्रा स्टेबल
  3210. 2:16:23होते हैं। लेकिन इससे हमारा वो वाला आंसर
  3211. 2:16:26कैसे बदलेगा? भाई साहब मैंने क्या कहा था
  3212. 2:16:28आपको? मैं बीच-बीच में आपको क्वेश्चंस भी
  3213. 2:16:30कराऊंगा। देखो ये चैप्टर थ्योरी बेस्ड है।
  3214. 2:16:34तो साथ-साथ बीच-बीच में क्वेश्चंस होते
  3215. 2:16:36चले जाएंगे। जैसे अभी हमने देखा जाए तो
  3216. 2:16:38इनडायरेक्टली बहुत सारे क्वेश्चन पढ़ लिए
  3217. 2:16:40हैं कि लेफ्ट टू राइट जाने पे साइज कम
  3218. 2:16:43क्यों होता है? लेफ्ट टू राइट जाने पे
  3219. 2:16:45आयनाइजेशन एनर्जी क्यों बढ़ती है? टॉप टू
  3220. 2:16:47बॉटम आने पे आयनाइजेशन एनर्जी क्यों कम हो
  3221. 2:16:50रही है? फर्स्ट आयनाइजेशन एनर्जी से सेकंड
  3222. 2:16:53वाली हमेशा ज्यादा क्यों होती है? तो ये
  3223. 2:16:56देखा जाए तो इनडायरेक्ट सवाल हम लोग
  3224. 2:16:58साथ-साथ करे ही जा रहे हैं। ठीक है ना? वो
  3225. 2:17:00तो हम कर ही रहे हैं। बाकी रिटन फॉर्म में
  3226. 2:17:02भी ले आऊंगा। ज्यादा कुछ नहीं बदलेगा। अभी
  3227. 2:17:04लास्ट में करा दूंगा। रिटन फॉर्म में भी
  3228. 2:17:06करा दूंगा। ज्यादा कुछ नहीं बताइएगा। जैसे
  3229. 2:17:08एक सवाल देखो बहुत ज्यादा छाया रहता है कि
  3230. 2:17:11व्हाई फर्स्ट आयनाइजेशन एनर्जी ऑफ़
  3231. 2:17:14अल्कलाइन अर्थ मेटल इज़ ग्रेटर दैन सेकंड?
  3232. 2:17:17सबकी सेकंड वाली ज्यादा होती है। फर्स्ट
  3233. 2:17:19से इसमें फर्स्ट वाली ज्यादा कैसे है? तो
  3234. 2:17:22फॉर
  3235. 2:17:26अल्कलाइन या अल्कली अर्थ मेटल्स
  3236. 2:17:34फर्स्ट आयनाइजेशन एंथैल्पी इज़ ग्रेटर देन
  3237. 2:17:39सेकंड। अब ऐसा क्यों भाई? ये तो ब्लंडर कर
  3238. 2:17:43दिया आपने। आपने तो हमारी सारी पढ़ाई ही
  3239. 2:17:46बदल दी। अभी आप कह रहे थे कि सेकंड वाली
  3240. 2:17:49ज्यादा होती है फर्स्ट से। लेकिन अल्कलाइन
  3241. 2:17:52अर्थ मेटल्स और 15th ग्रुप के लिए भी ऐसा
  3242. 2:17:55ही होता है। दोनों के लिए आंसर सेम है। आओ
  3243. 2:17:57पहले इसके लिए समझ लेते हैं। अब शायद आपको
  3244. 2:17:59याद हो कि ऐसा इसलिए है क्योंकि फॉर
  3245. 2:18:07अल्कलाइन अर्थ मेटल्स
  3246. 2:18:10फॉर अल्कलाइन अर्थ मेटल्स
  3247. 2:18:14फर्स्ट इलेक्ट्रॉन
  3248. 2:18:17इज़
  3249. 2:18:20रिमूव्ड फ्रॉम
  3250. 2:18:23फ्रॉम
  3251. 2:18:25NS2
  3252. 2:18:28कॉन्फ कॉन्फ़िगरेशन ये समझो भाई
  3253. 2:18:30कॉन्फ़िगरेशन
  3254. 2:18:33वि
  3255. 2:18:36इज़
  3256. 2:18:37मोर
  3257. 2:18:40स्टेबल
  3258. 2:18:42अब यहां पे कह रहे हैं कि जो कोई भी एक
  3259. 2:18:45अल्कली मेटल एग्जांपल में लेते हैं तभी
  3260. 2:18:47समझ पाओगे आप। कोई भी एक अल्कली मेटल
  3261. 2:18:49लेट्स से मैग्नीशियम
  3262. 2:18:51मैग्नीशियम अल्कल कोई भी अल्कलाइन अर्थ
  3263. 2:18:54मेटल सॉरी नॉट अल्कली मेटल कोई भी
  3264. 2:18:57अल्कलाइन अर्थ मेटल लेते हैं। अल्कली मेटल
  3265. 2:18:59के लिए नहीं है ये अल्कलाइन अर्थ मेटल के
  3266. 2:19:01लिए। फॉर एग्जांपल मैग्नीशियम मैग्नीशियम
  3267. 2:19:03के पास 12 इलेक्ट्रॉन हैं। तो इसकी
  3268. 2:19:04कॉन्फ़िगरेशन शायद आपको पता है 1s2, 2s2,
  3269. 2:19:072p6, 3s2 होती है। मैं लास्ट की बना रहा
  3270. 2:19:10हूं बस 3s2। अब क्या 3s2 एक फुल्ली फिल्ड
  3271. 2:19:13कॉन्फ़िगरेशन है?
  3272. 2:19:15क्या 3s2 एक फुल्ली फिल्ड कॉन्फ़िगरेशन है?
  3273. 2:19:18यस। अब अगर मैं इससे एक इलेक्ट्रॉन
  3274. 2:19:21निकालता हूं और इसको mg+ बनाता हूं। mg+
  3275. 2:19:24बनाता हूं तो क्या ये 3s1 हो जाएगा? जो कि
  3276. 2:19:28फुल्ली फिल्ड नहीं है। हां, ठीक है। हाफ
  3277. 2:19:30फिल्ड है। ये भी काफी स्टेबल है। बट अभी
  3278. 2:19:32तो इन दोनों को कंपेयर कर रहे हैं ना। तो
  3279. 2:19:34क्या यानी कि जो पहला इलेक्ट्रॉन आपने
  3280. 2:19:37निकाला होगा अगर उसमें आयनाइज़ेशन एनर्जी
  3281. 2:19:40फर्स्ट लगी होगी। अब आप दूसरा इलेक्ट्रॉन
  3282. 2:19:43अगर निकालना चाहते हो mg+ में से mg+ में
  3283. 2:19:47से तो अब आप ये कहोगे कि सर न्यूक्लियर
  3284. 2:19:49चार्ज भी तो बढ़ रहा होगा जो कि आपने पीछे
  3285. 2:19:51बताया था कि न्यूक्लियर चार्ज बढ़ रहा
  3286. 2:19:52होगा बढ़ रहा होगा न्यूक्लियर चार्ज बढ़
  3287. 2:19:54रहा होगा लेकिन यहां पे बड़ा फैक्टर जो
  3288. 2:19:56हावी हो गया है वो इलेक्ट्रॉनिक
  3289. 2:19:58कॉन्फ़िगरेशन है। दोनों फैक्टर ने
  3290. 2:20:00अपना-अपना काम दिखाया होगा बट जब हम
  3291. 2:20:01कैलकुलेट करा हमने तो ओवरऑल इसका इफेक्ट
  3292. 2:20:04ज्यादा ऑब्वियस सी बात है न्यूक्लियर
  3293. 2:20:06चार्ज भी बढ़ रहा होगा लेकिन ये फुल्ली
  3294. 2:20:08फिल्ड कॉन्फिगरेशन है। अब आपने जब अगला
  3295. 2:20:10इलेक्ट्रॉन निकाला होगा तो किससे निकाला
  3296. 2:20:12होगा? 3s1 से निकाला होगा और इसको 3s0
  3297. 2:20:15किया होगा जो कि हाफ फील्ड है। और इसमें
  3298. 2:20:18जो आपकी आयनाइज़ेशन एनर्जी लगी होगी वो
  3299. 2:20:20सेकंड लगी होगी। और सेकंड वाली कम होगी
  3300. 2:20:22बिकॉज़ सेकंड इलेक्ट्रॉन आपको 3s1 से
  3301. 2:20:25निकालना है। है ना? तो इस केस में सेकंड
  3302. 2:20:27वाले के मुकाबले फर्स्ट वाली आयनाइज़ेशन
  3303. 2:20:30एनर्जी ज्यादा हो जाती है। ये बात ध्यान
  3304. 2:20:33रखना। सिमिलरली 15th ग्रुप। सिमिलरली 15th
  3305. 2:20:38ग्रुप एग्जैक्टली सेम 15th ग्रुप में भी
  3306. 2:20:41होता है। कैसे होता है? 15th ग्रुप की
  3307. 2:20:43इलेक्ट्रॉनिक कॉन्फ़िगरेशन क्या होती है?
  3308. 2:20:45जा के देख लेना। इसकी कॉन्फ़िगरेशन होती है
  3309. 2:20:47np3। नाइट्रोजन है तो 2p3 फास्फोरस है तो
  3310. 2:20:513p3। अब P3 का मतलब क्या है भैया? P3 का
  3311. 2:20:55मतलब क्या है? P3 का मतलब है हाफ फील्ड
  3312. 2:20:57है। इसमें से आपको इलेक्ट्रॉन निकालना है
  3313. 2:20:59हाफ फील्ड में से। तो पहला इलेक्ट्रॉन
  3314. 2:21:02निकालना होगा वो हाफ फील्ड में से निकालना
  3315. 2:21:03होगा। अगला वाला इनकंप्लीट से। तो हाफ
  3316. 2:21:05फील्ड वाला ज्यादा स्टेबल होता है
  3317. 2:21:07इनकंप्लीट से जिसकी वजह से आयनाइजेशन
  3318. 2:21:09एनर्जी बढ़ जाएगी। ऐसे ही नोबल गैसेस के
  3319. 2:21:12है नोबल गैसेस के सबको पता है कि फर्स्ट
  3320. 2:21:14वाली आयन उनके साथ तो इलेक्ट्रॉन निकालना
  3321. 2:21:16ही बड़ा मुश्किल है ना तो उनके लिए तो खैर
  3322. 2:21:18हम ये पढ़ाई कर भी नहीं रहे हैं। ठीक है
  3323. 2:21:19ना? तो ये इलेक्ट्रॉनिक कॉन्फ़िगरेशन भी
  3324. 2:21:22कैसे अफेक्ट करती है आयनाइजेशन एनर्जी को?
  3325. 2:21:25ये भी अपने आप में एक बड़ा प्यारा टॉपिक
  3326. 2:21:27है। चलो। अब दो फैक्टर्स और बचते हैं
  3327. 2:21:30हमारे पास जो कि अफेक्ट करते हैं
  3328. 2:21:32आयनाइजेशन एनर्जी को। एक है शील्डिंग
  3329. 2:21:35इफेक्ट और एक है पेनिट्रेशन इफेक्ट। दोनों
  3330. 2:21:38एक दूसरे से ऑोजिट है। शील्डिंग इफेक्ट का
  3331. 2:21:42मतलब पहले आप समझे। शील्डिंग इफेक्ट का
  3332. 2:21:44मतलब क्या होता है? ये अगर हमारे पास
  3333. 2:21:46न्यूक्लियस है। न्यूक्लियस है। न्यूक्लियस
  3334. 2:21:49है। और ये हमारे पास पहला शेल है। ये
  3335. 2:21:52हमारे पास दूसरा शेल है। ये हमारे पास
  3336. 2:21:55तीसरा शेल है। ये हमारे पास चौथा शेल है।
  3337. 2:21:57और ये हमारे पास पांचवा शेल है। आप सबको
  3338. 2:22:00पता है अपना स्ट्रक्चर ऑफ़ एटम पढ़ा हुआ है।
  3339. 2:22:02अब यहां पे मान लेते हैं एक इलेक्ट्रॉन
  3340. 2:22:04बैठा हुआ है। ये इलेक्ट्रॉन चाहता है कि
  3341. 2:22:06मैं न्यूक्लियस के अंदर घुस जाऊं। यस और
  3342. 2:22:08नो। ये इलेक्ट्रॉन चाहता है कि मैं
  3343. 2:22:10न्यूक्लियस के अंदर घुस जाऊं। लेकिन आप
  3344. 2:22:12सबको पता है इसके पीछे बैठे होंगे। अ ये
  3345. 2:22:15फोर्थ शेल है तो 4s बैठा होगा। 4p बैठा
  3346. 2:22:18होगा। 4d बैठा होगा। 4f बैठा होगा। ऐसे ही
  3347. 2:22:22इधर भी बैठे होंगे। 3s बैठा होगा। 3p बैठा
  3348. 2:22:25होगा। 3d बैठा होगा। ऐसे ही 2s बैठा होगा।
  3349. 2:22:282p बैठा होगा। ऐसे ही 1s बैठा होगा। अब ये
  3350. 2:22:31सारे के सारे मिलके इस इलेक्ट्रॉन को धकेल
  3351. 2:22:35रहे हैं कि वो न्यूक्लियस में ना जाए।
  3352. 2:22:37क्यों? क्योंकि इन सब पे चार्ज नेगेटिव है
  3353. 2:22:39और इलेक्ट्रॉन पे भी चार्ज नेगेटिव होता
  3354. 2:22:41है। तो ये सारे मिलके धकेल रहे हैं। ये
  3355. 2:22:44सारे मिलके हमें पागल ये सारे मिलके ये
  3356. 2:22:48इसको
  3357. 2:22:50मुझे एक आंटी जी की कमी ये सारे मिलके
  3358. 2:22:52इनको धकेल रहे हैं। सारे मिलके धकेल रहे
  3359. 2:22:54हैं। अब क्या ऐसा कह सकते हैं कि ये राजा
  3360. 2:22:58है। ये भाई साहब मान लो कोई दुश्मन है। तो
  3361. 2:23:00ये जो पिंक पिंक आप देख रहे हो ये शील्ड
  3362. 2:23:02है। यह एक्चुअली में ये सारे इलेक्ट्रॉन्स
  3363. 2:23:05इस इलेक्ट्रॉन को यहां जाने से रोक रहे
  3364. 2:23:07हैं जो कि शील्डिंग कर रहे हैं। अब आप
  3365. 2:23:09कहोगे सर यह भी तो इनको धकेल रहे होंगे।
  3366. 2:23:11हां बेटा लेकिन अभी वैलेंस इलेक्ट्रॉन की
  3367. 2:23:13बात हो रही है क्योंकि अभी हम आयनाइज़ेशन
  3368. 2:23:15एनर्जी की बात करने जा रहे हैं। मोस्ट
  3369. 2:23:17लूजली बाउंडेड इलेक्ट्रॉन की बात करने जा
  3370. 2:23:19रहे हैं। तो ये वाले इलेक्ट्रॉन इसको धकेल
  3371. 2:23:21रहे होंगे, शील्ड कर रहे होंगे। जब इनर
  3372. 2:23:24शेल के इलेक्ट्रॉन्स रिपेल करते हैं
  3373. 2:23:26वैलेंस शेल के इलेक्ट्रॉन्स को जिससे कि
  3374. 2:23:29उनका एक तो न्यूक्लियस से अट्रैक्शन कम हो
  3375. 2:23:31जाता है और अगर शील्डिंग ज्यादा हुई अगर
  3376. 2:23:35शील्डिंग ज्यादा हुई तो भैया न्यूक्लियस
  3377. 2:23:38से इसका अट्रैक्शन और कम होगा और इसको
  3378. 2:23:41निकालना आसान होगा। इसको निकालना आसान
  3379. 2:23:44होगा। अगर शील्डिंग ज्यादा हुई अगर ये लोग
  3380. 2:23:46बेहतर तरीके से शील्ड कर रहे होंगे तो ये
  3381. 2:23:49वाला इलेक्ट्रॉन इससे और दूर जाएगा। इससे
  3382. 2:23:52इनका अट्रैक्शन और कम होगा और इसको
  3383. 2:23:54निकालना आसान हो जाएगा। निकालना आसान हो
  3384. 2:23:58जाएगा। आसान हो जाएगा। आयनाइजेशन एनर्जी
  3385. 2:24:01कम हो जाएगी।
  3386. 2:24:03और अगर ये लोग अच्छे से शील्डिंग नहीं कर
  3387. 2:24:05रहे हैं। अगर ये लोग अच्छे से शील्डिंग
  3388. 2:24:07नहीं कर रहे हैं। मान लो इनका शील्डिंग
  3389. 2:24:09इफेक्ट अच्छा नहीं है। फिर क्या होगा? फिर
  3390. 2:24:11ये जो इलेक्ट्रॉन है वो न्यूक्लियस के
  3391. 2:24:12करीब आएगा। अगर ये न्यूक्लियस के करीब आए
  3392. 2:24:15या इसका अट्रैक्शन बढ़ गया तो इसको निकालना
  3393. 2:24:17मुश्किल हो जाएगा। मुश्किल हो जाएगा।
  3394. 2:24:19मुश्किल हो जाएगा मतलब क्या होता है?
  3395. 2:24:21मुश्किल हो जाएगा मतलब है ज्यादा एनर्जी
  3396. 2:24:23लगेगी। तो यानी कि शील्डिंग इफेक्ट कहीं
  3397. 2:24:27ना कहीं कनेक्टेड है आयनाइजेशन एनर्जी से।
  3398. 2:24:30तो क्या यह कहना सही होगा अगर मैं यहां पे
  3399. 2:24:33लिख दूं कि
  3400. 2:24:35कि भाई अगर
  3401. 2:24:37शील्डिंग
  3402. 2:24:39इफेक्ट
  3403. 2:24:41अगर शील्डिंग इफेक्ट ज्यादा हो रहा है। सर
  3404. 2:24:45ज्यादा कैसे होता है शील्डिंग इफेक्ट? कम
  3405. 2:24:47कैसे होता है? पांच मिनट तो बता रहा हूं।
  3406. 2:24:49लेकिन अगर शील्डिंग इफेक्ट ज्यादा हो रहा
  3407. 2:24:52है तो भैया यह तो पक्का है कि अट्रैक्शन
  3408. 2:24:55कम होगी। न्यूक्लियस से अट्रैक्शन कम
  3409. 2:24:57होगी। अट्रैक्शन कम होगी तो इलेक्ट्रॉन
  3410. 2:25:00निकालना आसान हो जाएगा। इलेक्ट्रॉन
  3411. 2:25:02निकालना आसान हो जाएगा तो आयनाइजेशन
  3412. 2:25:05एनर्जी कम हो जाएगी। और बिल्कुल ऐसे ही
  3413. 2:25:07अगर मैं बोलूं कि शील्डिंग इफेक्ट अगर मैं
  3414. 2:25:10बोलूं कि शील्डिंग इफेक्ट अगर मैं एक
  3415. 2:25:13सेकंड यार कोई आया है शायद बाहर। अगर मैं
  3416. 2:25:16बोलूं कि शील्ड अरे मेरी क्लास चल रही है।
  3417. 2:25:18कह रहा है साफ कर दूं।
  3418. 2:25:19अरे यार देख रहे हो हमारे टीम में लोग
  3419. 2:25:21कितने डेडिकेटेड हैं। मेरे अंदर वन शॉट चल
  3420. 2:25:24रहा है। कह रहे बोर्ड साफ कर दो। चलो आओ।
  3421. 2:25:27अगर शील्डिंग इफेक्ट ज्यादा हुआ। अगर
  3422. 2:25:29शील्डिंग इफेक्ट ज्यादा हुआ तो भैया
  3423. 2:25:31धकेलना ज्यादा होगा। इलेक्ट्रॉन का
  3424. 2:25:33न्यूक्लियस से अट्रैक्शन कम हो जाएगा और
  3425. 2:25:35इलेक्ट्रॉन निकालना आसान हो जाएगा।
  3426. 2:25:37आयनाइज़ेशन एनर्जी कम हो जाएगी। और बिल्कुल
  3427. 2:25:40ऐसे ही
  3428. 2:25:42अगर शील्डिंग इफेक्ट बिल्कुल ऐसे ही अगर
  3429. 2:25:45शील्डिंग इफेक्ट कम हुआ तो भैया उल्टा हो
  3430. 2:25:48जाएगा हिसाब किताब आयनाइजेशन ज्यादा हो
  3431. 2:25:50जाएगी। लेकिन शील्डिंग इफेक्ट ये कम और
  3432. 2:25:53शील्डिंग इफेक्ट ये ज्यादा कैसे होता है?
  3433. 2:25:55शील्डिंग इफेक्ट कम और ये शील्डिंग इफेक्ट
  3434. 2:25:57ज्यादा कैसे होता है? आओ जरा इसको समझते
  3435. 2:25:59हैं। आओ जरा इसको समझते हैं। सुनो।
  3436. 2:26:02देखो
  3437. 2:26:04अभी मैंने क्या बोला था? अंदर बैठा हुआ है
  3438. 2:26:06s p d f और ये बैठा हुआ है इलेक्ट्रॉन ये
  3439. 2:26:10सब मिलके इसको धकेल रहे हैं ना अंदर के सब
  3440. 2:26:13तो इनमें सबसे अच्छा कौन धकेलेगा आप बताओ
  3441. 2:26:16इनमें सबसे अच्छा कौन धकेलेगा याद रखना है
  3442. 2:26:18याद रखना है s के पास दो इलेक्ट्रॉन होते
  3443. 2:26:21हैं स्ट्रक्चर ऑफ एटम p में छह होते हैं
  3444. 2:26:23डी में 10 होते हैं f में 14 होते हैं 14
  3445. 2:26:25इलेक्ट्रॉन तो कौन ज्यादा धकेलेगा ये भाई
  3446. 2:26:29साहब इतिहास गवाह है 16 17 साल हो गए
  3447. 2:26:31पढ़ाते हुए जब भी ये सवाल क्लास में पूछता
  3448. 2:26:34हूं उन बच्चों से जो ये टॉपिक पहली बार
  3449. 2:26:36पढ़ रहे हैं। सबका आंसर होता है कि सर एफ
  3450. 2:26:39ज्यादा धकेलेगा और शायद एक होशियार बच्चा
  3451. 2:26:43जो ये टॉपिक पहली बार पढ़ रहा है वो यही
  3452. 2:26:45बोलेगा बट आंसर गलत है। सबको लगता है कि f
  3453. 2:26:49के पास 14 इलेक्ट्रॉन है जिसकी वजह से वो
  3454. 2:26:52ज्यादा धकेल पाएगा। आप सही सोच रहे हो बट
  3455. 2:26:55आपको ये नहीं पता है कि f के जो 14
  3456. 2:26:58इलेक्ट्रॉन्स होते हैं वो बहुत ज्यादा
  3457. 2:27:01दूर-दूर बैठे होते हैं। ये नहीं पता है
  3458. 2:27:03आपको। लेकिन वहीं पे s के जो दो
  3459. 2:27:06इलेक्ट्रॉन होते हैं भले ही दो होते हैं
  3460. 2:27:07लेकिन बहुत कम जगह पे होते हैं। अगर आप
  3461. 2:27:09मुझे बात बताओ अगर मैं यहां पे एक तकिया
  3462. 2:27:13नहीं पड़ा है। अगर यहां पे कोई तकिया पड़ा
  3463. 2:27:14और पूरी ताकत से तकिया आपके सर पे मारूं
  3464. 2:27:17तो क्या होगा? हंस थोड़ा सा हिल जाओगे।
  3465. 2:27:19थोड़ा बाल-वाल खराब हो जाएंगे आपके। दैट्स
  3466. 2:27:21इट। लेकिन अगर मैं उसकी आधी से आधी ताकत
  3467. 2:27:24से भी यह स्टाइलस आपके घुसेड़ दूं तो बहुत
  3468. 2:27:26दर्द होगा आपको। समझ रहे हो आप? यानी कि
  3469. 2:27:29ज्यादा ताकत लगाने से ज्यादा नुकसान होगा।
  3470. 2:27:32जरूरी नहीं है ना। आपको पता है प्रेशर
  3471. 2:27:34कैसे काम करता है। एरिया कम तो प्रेशर
  3472. 2:27:36ज्यादा। इसी प्रकार से ज्यादा अच्छे से
  3473. 2:27:40शील्ड कौन कर पाता है? जिसके पास कम से कम
  3474. 2:27:43जगह पे ज्यादा से ज्यादा इलेक्ट्रॉन्स
  3475. 2:27:45होते हैं। मैं आपको एक हल्की सी कहानी
  3476. 2:27:47सुनाता हूं। एक हिंट देता हूं। इसको इन अ
  3477. 2:27:49गुड वे लीजिएगा। प्लीज इन अ गुड वे
  3478. 2:27:51लीजिएगा। मैं वैसे तो ऑफलाइन में किसी का
  3479. 2:27:53एग्जांपल लेता हूं। बट अभी मैं खुद पे ले
  3480. 2:27:55लेता हूं। कहीं आप वीडियो काट के इसको
  3481. 2:27:57वायरल कर दो क्योंकि लोग फिर समझते नहीं
  3482. 2:27:59है कि हम पढ़ा रहे थे कोई टॉपिक। को इसमें
  3483. 2:28:01समझाया था। ये खैर इमेजिन करते हैं कि मैं
  3484. 2:28:04एक शॉपिंग मॉल में जाता हूं और एक शॉपिंग
  3485. 2:28:06मॉल में अ मुझे कोई छेड़ देता है। ठीक है?
  3486. 2:28:11तो मैं उसको कहता हूं कि मुझे मत छेड़ो।
  3487. 2:28:13तो वो कहता है क्यों नहीं छेड़ो? तो मैं
  3488. 2:28:15कहता हूं कि मुझे इसलिए मत छेड़ो कि मेरे
  3489. 2:28:1814 भाई हैं। मेरे 14 भाई हैं। मुझे मत
  3490. 2:28:20छेड़ो। मेरे 14 भाई हैं। तो वो एक पल के
  3491. 2:28:23तो डर जाता है कि इसके 14 भाई हैं। ये तो
  3492. 2:28:25मुझे पेल-पल के मारेंगे। तो वो पूछता है
  3493. 2:28:28कहां है तुम्हारे 14 भाई? तो मैं बदले में
  3494. 2:28:30कहता हूं कि एक भाई मेरा अमेरिका में बैठा
  3495. 2:28:32है। एक भाई मेरा कनाडा में बैठा है। एक
  3496. 2:28:35भाई मेरा ऑस्ट्रेलिया में बैठा है। एक भाई
  3497. 2:28:37मेरा ऊपर कहीं किसी जगह बैठा है। एक भाई
  3498. 2:28:39मेरा कहां बैठा है? अलग-अलग देशों में
  3499. 2:28:41मेरे 14 भाई बैठे हुए हैं। क्या उसको डर
  3500. 2:28:43लगेगा आप मुझे बताओ। नहीं छेड़ने का
  3501. 2:28:45प्रोसेस कितनी देर का है? 30 सेकंड का है।
  3502. 2:28:48इतनी देर में तो कोई किसी का वीजा भी नहीं
  3503. 2:28:50लगेगा यहां का। तो कहने का मतलब सिर्फ
  3504. 2:28:52समझो वीजा क्यों चाहिए होगा? वो तो यहां
  3505. 2:28:54के छोड़ो। कहने का मतलब है कि वो नहीं
  3506. 2:28:56डरेगा यार। वहीं पे अगर वो मुझे छेड़े और
  3507. 2:29:00मैं बोलूं मेरे सिर्फ दो भाई हैं। वो
  3508. 2:29:01कहेगा बस दो और मेरे दो भाई मेरे पीछे से
  3509. 2:29:04ऐसे निकल के आए। सलाम रॉकी भाई ऐसे निकल
  3510. 2:29:07के आए तो क्या वो डर जाएगा? यस वो डर
  3511. 2:29:11जाएगा। वो कहेगा यार उसके दो भाई तो साथ
  3512. 2:29:12ही खड़े हैं। तो मेरे दो भाई देखो भाई
  3513. 2:29:15ज्यादा भाई होने से क्या है जब काम ही ना
  3514. 2:29:17आए। ओ हो गहरी बात पापा को समझाया। कहने
  3515. 2:29:20का मतलब है बेटा इससे कोई फर्क नहीं पड़ता
  3516. 2:29:23कि आपके 14 भाई हैं अगर वह हैं इतने
  3517. 2:29:25दूर-दूर तो शील्ड नहीं कर पाएंगे। लेकिन
  3518. 2:29:27वहीं पे
  3519. 2:29:28अगर दो भाई भी हैं और बहुत करीब हैं तो वो
  3520. 2:29:30बेहतर शील्डिंग कर पाएंगे। अब देखो यही
  3521. 2:29:32फर्क होता है यार पेड बैच के अंदर ये जो
  3522. 2:29:35टॉपिक है शील्डिंग इफेक्ट का अगर वो पेड
  3523. 2:29:37बैच का बच्चा होगा तो बताएगा। सिर्फ
  3524. 2:29:39शील्डिंग इफेक्ट चला था आधा घंटा। सिर्फ
  3525. 2:29:41शील्डिंग इफेक्ट। क्योंकि हम बहुत सारे
  3526. 2:29:43एग्जांपल्स, बहुत सारी कहानियां, किस्से
  3527. 2:29:46बहुत सा अभी मुझे लगता है कि इतना बहुत
  3528. 2:29:49होगा समझाना कि शील्डिंग इफेक्ट ज्यादा है
  3529. 2:29:51तो आयनाइजेशन एनर्जी कम होगी। और शील्डिंग
  3530. 2:29:54इफेक्ट का ऑर्डर क्या होता है?
  3531. 2:29:57ऑर्डर ऑफ शील्डिंग सबसे बेहतर शील्डिंग
  3532. 2:30:00कौन करता? आप चाहो तो कहीं पे लिख सकते
  3533. 2:30:02हो। मैं इसका रीज़न भी बता दूंगा आपको। कि
  3534. 2:30:05ऑर्डर ऑफ शील्डिंग में सबसे अच्छा एस
  3535. 2:30:07शील्ड करता है। फिर पी करता है। फिर डी
  3536. 2:30:10करता है। फिर एफ करता है। एफ के पास भले
  3537. 2:30:12ही 14 इलेक्ट्रॉन हैं लेकिन वो सबसे घटिया
  3538. 2:30:15शील्डर माना जाता है। क्योंकि उसके 14
  3539. 2:30:17इलेक्ट्रॉन बहुत दूर-दूर बैठे हुए हैं। आप
  3540. 2:30:19चाहो तो कहीं पे लिख सकते हो। एफ एंड डी
  3541. 2:30:22मैं आपको बता दूं कि हम d और एफ वालों को
  3542. 2:30:24बैड शील्डर बोलते हैं। इन दोनों को हम बैड
  3543. 2:30:27शील्डर्स कहते हैं। बिकॉज़ यह उतना अच्छा
  3544. 2:30:29शील्डिंग नहीं करते। और वहीं पर इन दोनों
  3545. 2:30:32को हम गुड शील्डर्स भी कहते हैं।
  3546. 2:30:34क्योंकि अच्छा खासा शील्डिंग करते हैं।
  3547. 2:30:36ऑब्वियस सी बात है इनमें सबसे अच्छा s
  3548. 2:30:38करता है। आप चाहो तो कहीं पर लिख सकते हो
  3549. 2:30:40कि ऑलदो s कंटेन ओनली टू इलेक्ट्रॉन्स बट
  3550. 2:30:44इलेक्ट्रॉन्स आर प्रेजेंट बट इलेक्ट्रॉन्स
  3551. 2:30:47आर प्रेजेंट इन अ वेरी लेस इन अ वेरी लेस
  3552. 2:30:51सरफेस। इतना बहुत होगा। वहीं पे उसके लिए
  3553. 2:30:54फ्लोरीन फ्लोरीन कह रहा f के लिए उल्टा
  3554. 2:30:58लिख सकते हो कि एफ सबशेल कंटेन 14
  3555. 2:31:00इलेक्ट्रॉन्स ऑलदो ऑलदो प्रेजेंट ऑन अ
  3556. 2:31:04वेरी लार्ज सरफेस जिसकी वजह से न्यूक्लियर
  3557. 2:31:06डेंसिटी कम हो जाती है। डन। अब ये तो हुआ
  3558. 2:31:08शील्डिंग इफ़ेक्ट। यानी अंदर के
  3559. 2:31:10इलेक्ट्रॉन्स बाहर के इलेक्ट्रॉन्स को
  3560. 2:31:11धकेलते कैसे हैं? लेकिन इसका बिल्कुल
  3561. 2:31:14उल्टा है पेनिट्रेशन इफ़ेक्ट। अब
  3562. 2:31:16पेनिट्रेशन का मतलब क्या है? पेनिट्रेशन
  3563. 2:31:19का मतलब उल्टा है। अब क्या है? कि हमारे
  3564. 2:31:22पास एक न्यूक्लियस है और ये हमारे पास चार
  3565. 2:31:25शेल्स चार शेल्स हैं। ये s इसका ऑर्बिटल
  3566. 2:31:28ये p ये d और ये f अब हम इनकी बात कर रहे
  3567. 2:31:31हैं। अगर मान लेते हैं कि लास्ट शेल में
  3568. 2:31:34sp df सब हैं। अभी तो हम क्या कह रहे थे?
  3569. 2:31:37अंदर के इलेक्ट्रॉन्स बाहर को धकेल रहे
  3570. 2:31:38थे। अब हम कह रहे हैं कि ये जो s वाला है
  3571. 2:31:41ये न्यूक्लियस से कुछ प्यार करता होगा। ये
  3572. 2:31:43p वाला न्यूक्लियस से प्यार करता होगा। ये
  3573. 2:31:46d वाला न्यूक्लियस से प्यार करता होगा। ये
  3574. 2:31:48f वाला भी न्यूक्लियस से प्यार करता होगा।
  3575. 2:31:50क्यों करता होगा? क्योंकि f के पास भी
  3576. 2:31:51इलेक्ट्रॉन है। इसके पास भी इलेक्ट्रॉन
  3577. 2:31:53है। इसके पास भी इलेक्ट्रॉन है। इसके पास
  3578. 2:31:54भी इलेक्ट्रॉन है। सबसे ज्यादा प्यार कौन
  3579. 2:31:56करता होगा? बोलो बोलो। टेल टेल सबसे
  3580. 2:31:58ज्यादा प्यार कौन करता होगा? आपको अगर लग
  3581. 2:32:01रहा है f तो फिर आप अब गलत हो आप। अब आप
  3582. 2:32:04डिर्व नहीं करते। अब आपको चांटा पड़ना
  3583. 2:32:06चाहिए क्योंकि अब आपको बता दिया है मैंने
  3584. 2:32:08कि एफ के पास भले ही 14 इलेक्ट्रॉन लेकिन
  3585. 2:32:10वो बहुत दूर-दूर बैठे हैं। 14 भाई दूर
  3586. 2:32:12बैठे हैं। काम के वक्त काम नहीं आए क्या
  3587. 2:32:14प्यार नहीं। लेकिन s के पास भले ही दो
  3588. 2:32:16इलेक्ट्रॉन हैं। बहुत पासपास बैठे हैं।
  3589. 2:32:19छोटा घर के छोटे बच्चे से हमेशा ज्यादा
  3590. 2:32:21प्यार रहता है। लेकिन छोटा गहरी बात बोल
  3591. 2:32:23दी रोना मत अगर आप बड़े हो घर के तो।
  3592. 2:32:25लेकिन s के पास भले ही दो इलेक्ट्रॉन हैं
  3593. 2:32:28लेकिन वो बहुत कम जगह पे बैठे हैं ना। तो
  3594. 2:32:30न्यूक्लियस s से सबसे ज्यादा प्यार करता
  3595. 2:32:32है। प्यार का मतलब है पेनिट्रेशन। अपने
  3596. 2:32:34पास बुलाना। जब अंदर के इलेक्ट्रॉन बाहर
  3597. 2:32:37को धकेल रहे थे। उसको शील्डिंग इफेक्ट
  3598. 2:32:39बोला था। लेकिन जब लास्ट शेल के
  3599. 2:32:40इलेक्ट्रॉन्स न्यूक्लियस के तरफ आता आना
  3600. 2:32:43चाहते हैं। इसको पेनिट्रेशन कहते हैं।
  3601. 2:32:44अंदर के इलेक्ट्रॉन धकेल रहे होंगे। अब हम
  3602. 2:32:46बाहर के इलेक्ट्रॉन के लिए बात कर रहे
  3603. 2:32:48हैं। तो सबसे ज्यादा प्यार कौन करता है?
  3604. 2:32:49एस। अगेन रीज़न सेम है। तो सबसे बेहतर
  3605. 2:32:52पेनिट्रेशन यहां पहले से ही लिखा हुआ है।
  3606. 2:32:54s का है। सबसे बेहतर पेनिट्रेशन s का है।
  3607. 2:32:57सबसे घटिया f का है। अब बताओ अगर
  3608. 2:32:59न्यूक्लियस सबसे ज्यादा प्यार s से करता
  3609. 2:33:01होगा तो किससे इलेक्ट्रॉन निकालना सबसे
  3610. 2:33:04मुश्किल होगा? अगर चारों में इलेक्ट्रॉन
  3611. 2:33:06बैठे हैं तो। अगर इलेक्ट्रॉन S में भी है,
  3612. 2:33:10P में भी है, D में भी है, F में भी है,
  3613. 2:33:12तो आप मुझे बताओ किससे इलेक्ट्रॉन निकालना
  3614. 2:33:14सबसे मुश्किल होगा? S से। क्योंकि s से
  3615. 2:33:17न्यूक्लियस सबसे ज्यादा प्यार करता है और
  3616. 2:33:19किससे इलेक्ट्रॉन निकालना सबसे ज्यादा
  3617. 2:33:21डिफिकल्ट होगा? ऑब्वियस सी बात है एफ से।
  3618. 2:33:24तो, क्या लिखा हुआ है? कि आर क्लोजर टू द
  3619. 2:33:26न्यूक्लियस क्योंकि वो स्ट्रोंगली
  3620. 2:33:27अट्रैक्टेड है। इलेक्ट्रॉन जो कि s
  3621. 2:33:29ऑर्बिटल्स में हैं इनको बहुत मुश्किल है
  3622. 2:33:31निकालना एज कंपेयर टू pd अगेन या फिर एफ
  3623. 2:33:35क्योंकि एफ के पास सबसे कम पेनिट्रेशन
  3624. 2:33:38इफेक्ट है। डन है? तो मुबारक हो। यहां पे
  3625. 2:33:42हमारा आयनाइजेशन
  3626. 2:33:44एनर्जी टॉपिक खत्म हो जाता है। ठीक है?
  3627. 2:33:46इसके बाद हम मैं चाहूंगा कि आप सारे
  3628. 2:33:49क्योंकि आपको आपने देखा है कि हमें
  3629. 2:33:50आयनाइजेशन एनर्जी को पढ़ने में 40 मिनट लग
  3630. 2:33:53गए। माय गॉड 40 के आसपास तो लग ही गए। ओह
  3631. 2:33:55हो पर भाई क्या करें? डिटेल में पढ़ेंगे।
  3632. 2:33:58ऐसा वैसा वन शॉट तो है नहीं। सुपर वन शॉट
  3633. 2:34:00है। खैर देख लो। देख लो। वीडियो को पॉज
  3634. 2:34:03करके देख लो। पॉज करके देख लो।
  3635. 2:34:07देख लो। देख लो। ठीक है भाई? अब हम बात
  3636. 2:34:11करते हैं इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी के बारे
  3637. 2:34:14में जो कि हमारा सेकंड टॉपिक है।
  3638. 2:34:16इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी को समझने के बाद
  3639. 2:34:18आप कह सकते हो ऐसा कि मेजर मेजर हमारा
  3640. 2:34:21चैप्टर खत्म हो जाएगा। फिर हमें बस
  3641. 2:34:23इंफॉर्मेशनेशंस को इकट्ठा करना है जो हम
  3642. 2:34:25पहले से ही देखा जाए तो जानते हैं या फिर
  3643. 2:34:27थोड़ा सा एटॉमिक रेडियस के बारे में बात
  3644. 2:34:29करेंगे और जो सवाल हैं वो साइड बाय साइड
  3645. 2:34:32हमारे कवर होते ही जा रहे हैं और भी थोड़े
  3646. 2:34:34से लास्ट में हम एनसीईआरटी क्वेश्चंस को
  3647. 2:34:36गो थ्रू कर लेंगे ओरली बिकॉज़ ओरली ही सवाल
  3648. 2:34:39सारे ज्यादातर हैं। लेकिन इलेक्ट्रॉन गेन
  3649. 2:34:42एंथैल्पी की अगर बात करें जिसको हम लोग
  3650. 2:34:44रिप्रेजेंट करते हैं ईजीई से।
  3651. 2:34:48अब आप आयनाइजेशन एनर्जी को क्या समझे?
  3652. 2:34:52आयनाइजेशन एनर्जी ऐसी एनर्जी है ना जो कि
  3653. 2:34:54एक्चुअली में यूज़ होती है इलेक्ट्रॉन को
  3654. 2:34:57निकालने के लिए एटम में से। तो इलेक्ट्रॉन
  3655. 2:34:59गेन एंथैल्पी पढ़ के क्या लग रहा है? जब
  3656. 2:35:02कोई एटम इलेक्ट्रॉन गेन करता होगा क्योंकि
  3657. 2:35:06भैया नॉन मेटल्स तो इलेक्ट्रॉन गेन भी
  3658. 2:35:08करते हैं। तो जब कोई मेटल इलेक्ट्रॉन गेन
  3659. 2:35:11करता होगा तो कितनी एनर्जी वो रिलीज करता
  3660. 2:35:15होगा या फिर एब्जॉर्ब करता होगा। हमने
  3661. 2:35:19आयनाइज़ेशन एनर्जी में ऐसा नहीं बोला कि
  3662. 2:35:21रिलीज़ करता होगा या एब्जॉर्ब करता होगा।
  3663. 2:35:23हमने बोला कितनी एनर्जी रिक्वायर्ड होगी।
  3664. 2:35:25क्योंकि इलेक्ट्रॉन को निकालने के लिए
  3665. 2:35:27हमेशा एनर्जी लगती ही है। ऐसा नहीं हो
  3666. 2:35:29सकता कि आप इलेक्ट्रॉन निकाल भी रहे हो और
  3667. 2:35:31एनर्जी रिलीज़ भी हो रही है। तो एनर्जी तो
  3668. 2:35:33निकले लगेगी ही। लेकिन इलेक्ट्रॉन गेन
  3669. 2:35:36एंथैल्पी में जब कोई एटम इलेक्ट्रॉन गेन
  3670. 2:35:38करता है और ज्यादा स्टेबल हो जाता है तो
  3671. 2:35:41मैंने आपको बहुत बार पढ़ा रखा है कि स्टेबल
  3672. 2:35:44होता है। स्टेबल कोई चीज होती है। 10थ में
  3673. 2:35:46ही पढ़ा था हमने। तो वो एनर्जी रिलीज करती
  3674. 2:35:48है एग्जोथर्मिक होती है और अगर वो
  3675. 2:35:51अनस्टेबल हो रहा है मतलब जबरदस्ती वो
  3676. 2:35:54इलेक्ट्रॉन गेन कर रहा है मतलब वो खुद
  3677. 2:35:55नहीं कर रहा आप करवा रहे हो जबरदस्ती करवा
  3678. 2:35:58रहे हो तो उस केस में इलेक्ट्रॉन वो
  3679. 2:36:00एनर्जी जो है वो एब्जॉर्ब होती है तो इसी
  3680. 2:36:02हिसाब से आप समझो एनर्जी एब्जॉर्ब भी हो
  3681. 2:36:04सकती है और एनर्जी रिलीज़ भी हो सकती है।
  3682. 2:36:07तो इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी इज़ द अमाउंट
  3683. 2:36:09ऑफ़ एनर्जी रिलीज़्ड। रिलीज़ कब होगी? जब वो
  3684. 2:36:12खुद से इलेक्ट्रॉन गेन करेगा और स्टेबल हो
  3685. 2:36:14रहा होगा। जैसे कि नॉन मेटल्स। और
  3686. 2:36:15एब्जॉर्ब कब होगी? जब आप जबरदस्ती उसको
  3687. 2:36:18इलेक्ट्रॉन देना चाहोगे। एग्जांपल के तौर
  3688. 2:36:20पे नोबल गैसेस या फिर मेटल्स। जब भी एक
  3689. 2:36:23इलेक्ट्रॉन ऐड किया जाएगा ऑब्वियस सी बात
  3690. 2:36:25है आइसोलेटेड गैस एटम में ताकि वो एक
  3691. 2:36:28नेगेटिव आयन यानी कि एनायन बना दे। यानी
  3692. 2:36:31कि वो एक एनायन बना दे। एग्जांपल के तौर
  3693. 2:36:34पे अगर मेरे पास कोई मेटल है या नॉन मेटल
  3694. 2:36:36है या कोई भी एक सब्सटेंस है मान लेते हैं
  3695. 2:36:38अभी तो। मेटल नॉन-मेटल की बात यहां पे कर
  3696. 2:36:40लेंगे। और वो अगर एक इलेक्ट्रॉन गेन करता
  3697. 2:36:42है तो हम सब जानते हैं कि वो m आयन बन
  3698. 2:36:45जाएगा। इस प्रोसेस में हमें लगेगी कुछ
  3699. 2:36:48एनर्जी या हो सकता है एनर्जी रिलीज हो या
  3700. 2:36:51हो सकता है एनर्जी एब्सॉर्ब हो। तो मान
  3701. 2:36:53लेते हैं वो एनर्जी है। अभी इलेक्ट्रॉन
  3702. 2:36:55गेन एंथैल्पी जो है वो हो सकती है प्लस
  3703. 2:36:58में या फिर माइनस में x हो सकती है। प्लस
  3704. 2:37:01में माइनस में x हो सकती है। एनर्जी रिलीज़
  3705. 2:37:04होगी तो माइनस में होगी। एब्जॉर्ब होगी तो
  3706. 2:37:06प्लस में होगी। अगेन इसकी जो यूनिट होगी
  3707. 2:37:08वो फिर से वही जूल पर मोल होगी या फिर
  3708. 2:37:12इसकी जो यूनिट है वो किलोजूल पर मोल होगी।
  3709. 2:37:15s अगेन वही रीज़न si है तो जूल पर मोल होगी
  3710. 2:37:18लेकिन कॉमन यूनिट जो है वो किलोजूल पर मोल
  3711. 2:37:21रहती है। अब यहां पे क्या लिखा हुआ है?
  3712. 2:37:23व्हेन द एडिशन ऑफ़ इलेक्ट्रॉन रिलीज़
  3713. 2:37:25एनर्जी। जब एक एडिशन ऑफ़ इलेक्ट्रॉन से
  3714. 2:37:28एनर्जी रिलीज़ हो रही होगी। एग्जांपल के
  3715. 2:37:31तौर पे ऐसा कौन करता है? जैसे कि नॉन
  3716. 2:37:33मेटल्स करते हैं। नॉन मेटल्स करते हैं।
  3717. 2:37:37नॉन मेटल्स जब इलेक्ट्रॉन लेते हैं तो
  3718. 2:37:39एनर्जी रिलीज़ होती है जनरली। तो
  3719. 2:37:41इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी नेगेटिव होगी।
  3720. 2:37:43नेगेटिव होगी क्योंकि एनर्जी रिलीज़ हो रही
  3721. 2:37:45है। और वहीं पे जब एनर्जी रिक्वायर्ड
  3722. 2:37:48होगी, रिक्वायर्ड होगी। जैसे कि मेटल्स
  3723. 2:37:51यहां तो लिखा होना चाहिए ना कि नहीं लिखा
  3724. 2:37:52हुआ? मैं लिख देता हूं। जैसे कि मेटल्स
  3725. 2:37:56जैसे कि नोबल गैसेस। इनमें आपको
  3726. 2:37:59इलेक्ट्रॉन जबरदस्ती उसमें डालना पड़ता
  3727. 2:38:02है। ऐसे केस में जो इलेक्ट्रॉन गेन
  3728. 2:38:04एंथैल्पी है ये पॉजिटिव हो जाती है। जो
  3729. 2:38:07इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी है ये पॉजिटिव हो
  3730. 2:38:10जाती है। डन है डन है समझ गए? ठीक है?
  3731. 2:38:14यानी कब पॉजिटिव? कब नेगेटिव? मोटा-मोटा
  3732. 2:38:16स्केल पे जब वो इलेक्ट्रॉन खुद से लेना
  3733. 2:38:18चाह रहा है। उसकी इच्छा है तो वो एनर्जी
  3734. 2:38:20रिलीज़ करेगा तो नेगेटिव हो जाएगी। और जब
  3735. 2:38:22आप जबरदस्ती उसको इलेक्ट्रॉन देना चाह रहे
  3736. 2:38:24हो तो वो पॉजिटिव हो जाएगी। तो अब आप आगे
  3737. 2:38:27बढ़ने से पहले बिकॉज़ हम फैक्टर्स पढ़ने वाले
  3738. 2:38:29हैं। खुद सोचो कि लेफ्ट टू राइट जाने पे
  3739. 2:38:33क्या होगा। अभी हम आयनाइजेशन एनर्जी में
  3740. 2:38:35ऐसे बोल रहे थे बढ़ेगी या कम होगी। अब हम
  3741. 2:38:37बढ़ेगी या कम होगी वर्ड नहीं यूज़ करेंगे।
  3742. 2:38:39हम बोलेंगे मोर नेगेटिव या फिर लेस
  3743. 2:38:42नेगेटिव या फिर मोर पॉजिटिव। क्योंकि
  3744. 2:38:44नेगेटिव पॉजिटिव को मेंशन करना पड़ेगा।
  3745. 2:38:46बिकॉज़ आयनाइज़ेशन एनर्जी में हमेशा
  3746. 2:38:48इलेक्ट्रॉन लगती ही थी। तो हमने वहां पे
  3747. 2:38:49मेंशन नहीं किया। लेकिन यहां पे हमको
  3748. 2:38:51नेगेटिव या पॉज़िटिव मेंशन करना पड़ेगा।
  3749. 2:38:54जैसे कि अगर हम बात करें फैक्टर्स
  3750. 2:38:56अफेक्टिंग इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी जिसमें
  3751. 2:38:58सबसे पहले आ गया साइज। पढ़ना मत। आओ बात
  3752. 2:39:00करते हैं आपस में। आप मुझे बताओ
  3753. 2:39:03इलेक्ट्रॉन लेना कब बेहतर होगा? जब साइज
  3754. 2:39:06छोटा होगा या बड़ा होगा? ये तो डिस्कस
  3755. 2:39:08बहुत बार कर चुके हैं इस चैप्टर में। तो
  3756. 2:39:10आंसर है जब साइज छोटा होगा। जब साइज छोटा
  3757. 2:39:12होगा तो इलेक्ट्रॉन आसानी से गेन होगा।
  3758. 2:39:14मतलब वो इलेक्ट्रॉन गेन करके खुश होगा।
  3759. 2:39:16मतलब वो एनर्जी रिलीज़ करेगा। और एनर्जी
  3760. 2:39:19रिलीज़ करेगा तो वो ज्यादा नेगेटिव हो
  3761. 2:39:22जाएगी। एनर्जी रिलीज रिलीज करेगा तो
  3762. 2:39:24ज्यादा नेगेटिव हो जाएगी। तो क्या ऐसा
  3763. 2:39:27कहना ठीक हो सकता है कि अगर साइज जो है वो
  3764. 2:39:30कम हो रहा है। अगर साइज जो है वो कम हो
  3765. 2:39:33रहा है तो इलेक्ट्रॉन गेन करना आसान होगा।
  3766. 2:39:37इलेक्ट्रॉन गेन करना आसान होगा। यानी वो
  3767. 2:39:40इस इलेक्ट्रॉन गेन करने में खुश होगा।
  3768. 2:39:42जिसकी वजह से इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी जो
  3769. 2:39:46है ये मोर नेगेटिव होती चली जाएगी। जिसकी
  3770. 2:39:50वजह से इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी जो है ये
  3771. 2:39:53मोर नेगेटिव होती चली जाएगी। बिल्कुल इसी
  3772. 2:39:56प्रकार से अगर जो साइज है वो बड़ा हो रहा
  3773. 2:39:59है। अगर जो साइज है यानी रेडियस जो है
  3774. 2:40:02बड़ा हो रहा है तो भैया इलेक्ट्रॉन गेन
  3775. 2:40:05करना मुश्किल हो जाएगा। तो मैं इसको मोर
  3776. 2:40:07नेगेटिव के बजाय लेस नेगेटिव भी लिख सकता
  3777. 2:40:10हूं। और आप सबको पता है लेस नेगेटिव के
  3778. 2:40:13बजाय मोर पॉजिटिव भी लिख सकता हूं। यानी
  3779. 2:40:15पॉजिटिव की तरफ जाना। लेस नेगेटिव का मतलब
  3780. 2:40:17पॉजिटिव की तरफ जाना होता है। तो मोर
  3781. 2:40:19पॉजिटिव या लेस नेगेटिव भी लिख सकते हो।
  3782. 2:40:22तो अगर ऐसा है तो लेफ्ट टू राइट चलते हैं
  3783. 2:40:24नाउ। अगर मैं लेफ्ट टू राइट जाता हूं। अगर
  3784. 2:40:27मैं लेफ्ट टू राइट जाता हूं तो लेफ्ट टू
  3785. 2:40:31राइट जाने पे हमने पढ़ा है। आज बहुत बार
  3786. 2:40:34आपको वैसे एक फैक्ट बताता हूं। ये जो वन
  3787. 2:40:37शॉट है। ये मैंने कल रात को अभी आपको मेरी
  3788. 2:40:40शायद आंखों से लग रहा हो पता नहीं। मैं
  3789. 2:40:42आपको बताता हूं। यह वन शॉट ना आज जाना है।
  3790. 2:40:44तो मैंने कल रात को कल शाम से रात तक इसको
  3791. 2:40:47रिकॉर्ड करने का पूरा प्लान बनाया था। तो
  3792. 2:40:49मैंने इसको आयनाइजेशन एनर्जी तक रिकॉर्ड
  3793. 2:40:52भी कर लिया था। मैं इलेक्ट्रॉन गेन
  3794. 2:40:54एंथैल्पी को रिकॉर्ड करने ही जा रहा था।
  3795. 2:40:56मतलब एक्चुअली में मैंने बस स्लाइड ही कटक
  3796. 2:40:59बदली थी। शायद आपको कट पे महसूस भी हुआ
  3797. 2:41:01होगा। तो इस एरिया में लाइट चली गई। अब
  3798. 2:41:04यहां पे यूपीएस तो है। इस कमरे के लाइट तो
  3799. 2:41:07दे देता है वो। लेकिन यहां पे एसी नहीं
  3800. 2:41:09चलता उससे। तो इससे प्रॉब्लम क्या हुई कि
  3801. 2:41:11मैंने रिकॉर्ड करने की कोशिश भी की लेकिन
  3802. 2:41:13भाई साहब मैं ऊपर से ले नीचे पूरा गीला हो
  3803. 2:41:15गया और आपको पता है यहां पे कुछ बाहर कुछ
  3804. 2:41:18प्रॉब्लम हो गई थी जिसकी वजह से पूरी रात
  3805. 2:41:20लाइट नहीं आई और जब फोन-वोनोन मिलाया तो
  3806. 2:41:22उन्होंने बताया कि लाइट जो है वो सुबह
  3807. 2:41:24आएगी तो सुबह 6:00 6:30 बजे हमारे जो
  3808. 2:41:27सिक्योरिटी गार्ड है उन्होंने बताया कि
  3809. 2:41:29लाइट आ गई है तो मेरा घर पास में ही है तो
  3810. 2:41:31फिर मैं 6:30 बजे उठाने बजे उठा और 7:00
  3811. 2:41:35बजे आया और मुझे क्योंकि आज ही वन शॉट
  3812. 2:41:37डालना है तो मैंने कहा भाई जल्दी से
  3813. 2:41:39ब्रश-व्रश करते मैंने यहां पे अभी जस्ट बस
  3814. 2:41:41जस्ट केला ही खाया है। मैं शो ऑफ नहीं कर
  3815. 2:41:43रहा। मतलब बता रहा हूं कि मेरी आंखों से
  3816. 2:41:44आपको ऐसा लगे कि मैं एकदम से नशे वाला
  3817. 2:41:47कैसा हो गया। मैं जस्ट उठा हूं। लेकिन जोश
  3818. 2:41:49में कोई कमी नहीं है। आप सबको पता है
  3819. 2:41:51वेकअप सीरीज में भी हम ऐसे ही रहते थे
  3820. 2:41:53थोड़ा-थोड़ा। है ना? बट ठीक है। कोई बात
  3821. 2:41:56नहीं। हां। तो अगर मैं लेफ्ट टू राइट
  3822. 2:41:58जाऊंगा। अगर मैं लेफ्ट टू राइट जाऊंगा।
  3823. 2:42:00लेफ्ट टू राइट जाऊंगा तो साइज के साथ क्या
  3824. 2:42:02होगा? लेफ्ट टू राइट जाने पे याद करो साइज
  3825. 2:42:04छोटा होता है। साइज छोटा होता है। प्लीज
  3826. 2:42:07नोबल गैस की बात नहीं कर रहे। नोबल गैसेस
  3827. 2:42:09तो इलेक्ट्रॉन लेंगे ही नहीं। आपको पता है
  3828. 2:42:10ना? तो एक्सेप्ट नोबल गैसेस लेफ्ट टू राइट
  3829. 2:42:13जाऊंगा तो साइज़ छोटा होता चला जाएगा। छोटा
  3830. 2:42:15होगा तो इलेक्ट्रॉन गेन करना आसान होगा।
  3831. 2:42:18तो ये मोर नेगेटिव हो जाएगी। इलेक्ट्रॉन
  3832. 2:42:21गेन एंथैल्पी मोर नेगेटिव हो जाएगी। और
  3833. 2:42:23ऐसे अगर मैं टॉप टू बॉटम आता हूं। ऐसे अगर
  3834. 2:42:26मैं टॉप टू बॉटम आता हूं। तो ऊपर से नीचे
  3835. 2:42:30आने पे याद करेंगे साइज़ बढ़ता था। ऊपर से
  3836. 2:42:33नीचे आने पे साइज़ बढ़ता था। अगर साइज बढ़ेगा
  3837. 2:42:36तो इलेक्ट्रॉन लेना मुश्किल हो जाएगा। तो
  3838. 2:42:38इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी लेस नेगेटिव कह
  3839. 2:42:41लो या मोर पॉजिटिव कह लो। है ना?
  3840. 2:42:43इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी लेस नेगेटिव कह
  3841. 2:42:45लो या मोर पॉजिटिव कह लो। तो मैं लेस
  3842. 2:42:48नेगेटिव कह देता हूं। एक ही बात है। ठीक
  3843. 2:42:50है ना? तो इस तरीके से बात करनी है। इसके
  3844. 2:42:53बाद न्यूक्लियर चार्ज। याद करो भैया सब
  3845. 2:42:55जोड़ते चले जाओ। क्या पढ़ा न्यूक्लियर
  3846. 2:42:57चार्ज में हमने? हमने न्यूक्लियर चार्ज
  3847. 2:42:59में पढ़ा कि जितना ज्यादा न्यूक्लियर चार्ज
  3848. 2:43:01होगा, जितना ज्यादा प्रोटॉन्स पे चार्ज
  3849. 2:43:03होगा ज्यादा एज कंपेयर टू इलेक्ट्रॉन्स।
  3850. 2:43:05मतलब प्रोटॉन्स का नंबर जब बढ़ता है एज़
  3851. 2:43:07कंपेयर टू इलेक्ट्रॉन्स तो उसको
  3852. 2:43:09न्यूक्लियर चार्ज बढ़ना बोलते हैं। यानी कि
  3853. 2:43:12जब कोई इलेक्ट्रॉन डोनेट करता है तो
  3854. 2:43:13न्यूक्लियर चार्ज बढ़ता है। रिवाइज़ करा रहा
  3855. 2:43:15हूं। अब न्यूक्लियर चार्ज बढ़ता था तो याद
  3856. 2:43:17करो इलेक्ट्रॉन निकालना मुश्किल हो रहा
  3857. 2:43:19था। लेकिन इलेक्ट्रॉन डालना तो आसान होगा
  3858. 2:43:21ना। बिकॉज़ न्यूक्लियर चार्ज बढ़ रहा है। तो
  3859. 2:43:24इलेक्ट्रॉन का आना इलेक्ट्रॉन का आना आसान
  3860. 2:43:27हो जाएगा। बिकॉज़ न्यूक्लियस और आसानी से
  3861. 2:43:29खींचेगा। है ना? तो यहां पे भी देखो ये
  3862. 2:43:31लिखा हुआ था लार्जर द एटॉमिक साइज लेसर
  3863. 2:43:34अट्रैक्शन एंड द इनकमिंग इलेक्ट्रॉन। देयर
  3864. 2:43:37फॉर इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी बिकम लेस
  3865. 2:43:38नेगेटिव। तो यहां पे क्या लिखा हुआ है?
  3866. 2:43:40जितना ज्यादा न्यूक्लियर चार्ज होगा उतना
  3867. 2:43:42ज्यादा अट्रैक्शन होगा। फॉर इनकमिंग
  3868. 2:43:44इलेक्ट्रॉन। सो इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी
  3869. 2:43:46बिकम्स मोर नेगेटिव। जितना ज्यादा
  3870. 2:43:49न्यूक्लियर चार्ज इसको अगर ऐसे लिखो जितना
  3871. 2:43:53ज्यादा न्यूक्लियर चार्ज जितना ज्यादा
  3872. 2:43:55न्यूक्लियर चार्ज ये तो आसान है। उतना
  3873. 2:43:58आसान इलेक्ट्रॉन को गेन करना उतना आसान
  3874. 2:44:01इलेक्ट्रॉन को गेन करना तो उतनी
  3875. 2:44:03इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी मोर नेगेटिव हो
  3876. 2:44:06जाएगी। मोर नेगेटिव हो जाएगी। समझे? यानी
  3877. 2:44:10कि मान लो कोई कैटायन है और कोई नॉर्मल है
  3878. 2:44:13तो कैटायन के लिए इलेक्ट्रॉन गेन करना
  3879. 2:44:15आसान होगा। एग्जांपल के तौर पे अगर कोई
  3880. 2:44:17Na+ है और Na है। अब इसमें इलेक्ट्रॉन गेन
  3881. 2:44:21एंथैल्पी इसकी इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी
  3882. 2:44:25मोर नेगेटिव होनी चाहिए। क्यों याद करो
  3883. 2:44:28मोर नेगेटिव क्यों होनी चाहिए? क्योंकि
  3884. 2:44:30Na+ के पास न्यूक्लियर चार्ज ज्यादा है।
  3885. 2:44:33न्यूक्लियर चार्ज भूल गए क्या? पीछे जा के
  3886. 2:44:35देखो ना। अभी तो कराया। मतलब मैंने कल
  3887. 2:44:36कराया था। लेकिन अभी तो मैं ये बोलूंगा ना
  3888. 2:44:38अभी कराया। तो न्यूक्लियर चार्ज
  3889. 2:44:40न्यूक्लियर चार्ज ज्यादा है इसका।
  3890. 2:44:42न्यूक्लियर चार्ज ज्यादा है तो मोर
  3891. 2:44:43नेगेटिव। और इसकी जो इलेक्ट्रॉन गेन
  3892. 2:44:45एंथैल्पी है वो लेस नेगेटिव है। और फैक्ट
  3893. 2:44:48तो ये है कि ये एक मेटल है। तो इसकी तो
  3894. 2:44:50हाइली पॉजिटिव है जिसको हम लेस नेगेटिव कह
  3895. 2:44:52रहे हैं। बट अभी के लिए अगर मैं इन दोनों
  3896. 2:44:53को कंपेयर करूं तो Na+ आसानी से
  3897. 2:44:56इलेक्ट्रॉन गेन कर लेगा। हम सब जानते हैं
  3898. 2:44:57Na+ करता भी है। लेकिन Na बहुत मुश्किल से
  3899. 2:45:00करेगा। इतनी मुश्किल से करेगा कि हमने आज
  3900. 2:45:02तक Na को इलेक्ट्रॉन गेन नहीं करवाया।
  3901. 2:45:04आपने Na - नहीं सुना होगा। क्योंकि इसका
  3902. 2:45:06न्यूक्लियर चार्ज काफी ज्यादा है। ठीक है?
  3903. 2:45:09अब वही शील्डिंग। शील्डिंग इफेक्ट याद
  3904. 2:45:11करो। हमने क्या पढ़ा था? आयनाइजेशन एनर्जी
  3905. 2:45:13में शील्डिंग इफेक्ट ज्यादा होगा तो साइज
  3906. 2:45:15बढ़ेगा। साइज बढ़ेगा तो इलेक्ट्रॉन गेन
  3907. 2:45:18करना। अब यहां पे मुश्किल हो जाएगा ना?
  3908. 2:45:20वहां हम आयनाइज़ेशन एनर्जी के रिस्पेक्ट से
  3909. 2:45:22क्या पढ़ा था? शील्डिंग इफ़ेक्ट ज्यादा होगा
  3910. 2:45:24तो साइज़ बढ़ेगा। इलेक्ट्रॉन निकालना आसान
  3911. 2:45:27हो जाएगा तो आयनाइज़ेशन एनर्जी कम हो
  3912. 2:45:29जाएगी। लेकिन यहां पे क्या है? शील्डिंग
  3913. 2:45:31इफ़ेक्ट बढ़ेगा तो इलेक्ट्रॉन गेन करना
  3914. 2:45:33मुश्किल हो जाएगा। मुश्किल हो जाएगा तो
  3915. 2:45:35इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी लेस नेगेटिव हो
  3916. 2:45:38जाएगी। आओ पढ़ते हैं। मोर इनर इलेक्ट्रॉन
  3917. 2:45:41शील्ड द न्यूक्लियस उससे इसका अट्रैक्शन
  3918. 2:45:45जो है वो कम होगा। जितना ज्यादा शील्डिंग
  3919. 2:45:47होगा उतना अट्रैक्शन कम होगा। और अगर
  3920. 2:45:49अट्रैक्शन कम होगा तो जो इलेक्ट्रॉन आ रहा
  3921. 2:45:51है उसका आना मुश्किल हो जाएगा। और अगर
  3922. 2:45:54उसका आना मुश्किल हो जाएगा तो फिर या भैया
  3923. 2:45:56वो कम एनर्जी रिलीज़ करेगा। कम एनर्जी
  3924. 2:45:58रिलीज़ करेगा तो लेस नेगेटिव हो जाएगी। है
  3925. 2:46:00ना? तो जितनी ज्यादा शील्डिंग इफ़ेक्ट होगा
  3926. 2:46:03उतनी लेस नेगेटिव हो जाएगी। मैं हर एक को
  3927. 2:46:06देखो एक-एक पॉइंटर के फॉर्म में भी लिख
  3928. 2:46:08रहा हूं ताकि अगर आप इतनी लंबी लाइन नोट्स
  3929. 2:46:11में ना लिख के ऐसे भी लिख सकते हो कि अगर
  3930. 2:46:13शील्डिंग इफेक्ट बढ़ेगा
  3931. 2:46:16तो भैया साइज बढ़ेगा अट्रैक्शन कम होगी
  3932. 2:46:19इलेक्ट्रॉन का आना मुश्किल होगा इसका मतलब
  3933. 2:46:21है इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी लेस नेगेटिव
  3934. 2:46:25हो जाएगी इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी लेस
  3935. 2:46:27नेगेटिव हो जाएगी ठीक है और ये तो मेरे
  3936. 2:46:29हिसाब से बहुत सिंपल है इलेक्ट्रॉनिक
  3937. 2:46:31कॉन्फ़िगरेशन अगर इलेक्ट्रॉनिक कॉन्फ़िगरेशन
  3938. 2:46:33पहले से स्टेबल है यानी फुल्ली फुल्ली
  3939. 2:46:35फील्ड या हाफ फिल्ड है तो इलेक्ट्रॉन गेन
  3940. 2:46:37करना मुश्किल है। बिकॉज़ वो कहीं ना कहीं
  3941. 2:46:39पहले ही स्टेबल कॉन्फ़िगरेशन में बैठा हुआ
  3942. 2:46:41है। जिसकी वजह से अगेन लेस नेगेटिव हो
  3943. 2:46:43जाएगा। तो एटम जिनकी स्टेबल कॉन्फ़िगरेशन
  3944. 2:46:45है जैसे कि नोबल गैसेस ये आसानी से
  3945. 2:46:48इलेक्ट्रॉन एक्सेप्ट नहीं करेंगे। इन
  3946. 2:46:50केसेस में इनकी इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी
  3947. 2:46:52पॉजिटिव कह लो या लेस नेगेटिव कह लो हो
  3948. 2:46:55जाएगी क्योंकि ये इलेक्ट्रॉन गेन करना
  3949. 2:46:56पसंद नहीं करते हैं। एज़ सिंपल एज़ दैट। डन
  3950. 2:46:59है। ठीक है? अब यहां पे दो शब्द हैं जो आप
  3951. 2:47:02बच्चों को कंफ्यूज कर सकते हैं। एक
  3952. 2:47:04इलेक्ट्रोनेगेटिविटी जो कि हमने पढ़ा है
  3953. 2:47:06पीछे टेंडेंसी टू गेन इलेक्ट्रॉन और एक
  3954. 2:47:10इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी। दोनों भावनाएं
  3955. 2:47:13सेम रिप्रेजेंट करते हैं लेकिन दोनों अलग
  3956. 2:47:17है। इलेक्ट्रोनेगेटिविटी
  3957. 2:47:20प्लीज यहां से मत पढ़ो। पहले मुझसे बात
  3958. 2:47:21करो। इलेक्ट्रोनेगेटिविटी
  3959. 2:47:24इलेक्ट्रॉन गेन करने की क्षमता को कहते
  3960. 2:47:27हैं। टेंडेंसी को कहते हैं। लेकिन जब आप
  3961. 2:47:30एक इलेक्ट्रॉन गेन कर लेते हो तो कितनी
  3962. 2:47:33एनर्जी रिलीज करते हो या एब्सॉर्ब करते हो
  3963. 2:47:37उसको इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी कहते हैं।
  3964. 2:47:40अब आप सोचो अगर आपको इलेक्ट्रॉन से प्यार
  3965. 2:47:43है तो बेसिकली आपको इलेक्ट्रॉन से कितना
  3966. 2:47:45प्यार है उसको इलेक्ट्रोनेगेटिविटी कहते
  3967. 2:47:48हैं। लेकिन इलेक्ट्रॉन पा लेने के बाद
  3968. 2:47:51इलेक्ट्रॉन गेन कर लेने के बाद आप कितनी
  3969. 2:47:54एनर्जी रिलीज करते हो? अगर आपको प्यार है
  3970. 2:47:57तो ऑब्वियस सी बात है आप रिलीज ही करोगे।
  3971. 2:47:59आप कितनी एनर्जी रिलीज़ करते हो? इसे कहा
  3972. 2:48:02जाता है इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी। आप मुझे
  3973. 2:48:04बताओ अगर ये प्यार है तो प्यार को नापा
  3974. 2:48:07थोड़ी ना जा सकता। अगर मैं आपसे पूछूं एक
  3975. 2:48:09बड़ा प्यारा सवाल पूछता हूं। ठीक है? अगर
  3976. 2:48:11मैं आपसे पूछूं कि यार आउट ऑफ फाइव आप
  3977. 2:48:14अपने मदर से अपने फादर से कितना प्यार
  3978. 2:48:17करते हैं? तो मोस्ट ऑफ द बच्चों ने अपने
  3979. 2:48:19मन में बोला होगा सर ये क्या बकवास सवाल
  3980. 2:48:21आपने बोला है आउट ऑफ फाइव तो मैं उनसे
  3981. 2:48:23फाइव ही प्यार करता हूं। तो आपने ये आंसर
  3982. 2:48:26कैसे दिया? आपने कुछ मेजर थोड़ी ना किया।
  3983. 2:48:28आपने देखा कि यार मैं दुनिया में सबसे
  3984. 2:48:30ज्यादा प्यार उन्हीं से करता हूं शायद। तो
  3985. 2:48:32मैंने उनको फाइव में से फाइव दे दिया। बट
  3986. 2:48:34इमेजिन करो कि फ्यूचर में आपके जीवन में
  3987. 2:48:37कोई एक ऐसा इंसान आ जाए जिनसे आप अपने
  3988. 2:48:40पेरेंट्स से भी ज्यादा प्यार करो। अरे
  3989. 2:48:42नहीं नहीं मैं किसी और इंसान की बात कर
  3990. 2:48:45रहा हूं। क्या पता वह आपका बच्चा हो जो आप
  3991. 2:48:48बच्चा पैदा करो। जैसे अभी एट प्रेजेंट मैं
  3992. 2:48:50अपने लाइफ़ में अपने बच्चों से मतलब मेरा
  3993. 2:48:53एक बच्चा मेरा है। एक उषांग सर का हम सब
  3994. 2:48:55एक ही फैमिली में एक ही घर में रहते हैं।
  3995. 2:48:56तो मेरे जीवन में एट प्रेजेंट जो लिविंग
  3996. 2:48:59इंसान जिससे मैं सबसे ज्यादा प्यार करता
  3997. 2:49:01हूं वो दोनों बच्चे। लेकिन उनसे पहले मैं
  3998. 2:49:04अपनी मां से, अपनी वाइफ से, अपने भाई से
  3999. 2:49:06ज्यादा प्यार करता था ना। लेकिन अब मेरे
  4000. 2:49:09लिए प्रायोरिटी बदल गई है। तो क्या पता
  4001. 2:49:11आपके लिए भी ऐसा हो कि आपके जीवन में चाचा
  4002. 2:49:13मां मां बुआ बुआ से तो खैर मुश्किल है
  4003. 2:49:16लेकिन क्या पता आपके खुद के बच्चे क्या
  4004. 2:49:18पता आपका लाइफ पार्टनर जिनसे आप अपने
  4005. 2:49:20पेरेंट्स से थोड़ा सा ज्यादा प्यार करो यू
  4006. 2:49:22नेवर नो हो सकता है पर अगर ऐसा हुआ मान
  4007. 2:49:25लेते हैं ऐसा हुआ नहीं हुआ तो ठीक है पर
  4008. 2:49:27हुआ तो अब आप उन्हें पांच में से कितना
  4009. 2:49:29नंबर दोगे क्योंकि पांच में से पांच तो आप
  4010. 2:49:32पेरेंट्स को दे चुके हो तो फिर ऑटोमेटिकली
  4011. 2:49:34हो सकता है आप अपने पेरेंट्स को बोलो कि
  4012. 2:49:35यार मैं 4 1/2 दूंगा लेकिन अपने बेटे को
  4013. 2:49:37अपनी बेटी को मैं पांच दूंगा हो सकता है
  4014. 2:49:39है ना ऐसा तो ये प्यार नापा नहीं जाता। यह
  4015. 2:49:43कंपैरेटिव होता है। प्यार कभी भी मेजर
  4016. 2:49:45नहीं किया जा सकता है। यह कंपैरेटिव होता
  4017. 2:49:47है। यह बात ध्यान रखनी है। अब अगर ये
  4018. 2:49:49कंपैरेटिव होता है तो इसीलिए
  4019. 2:49:52इलेक्ट्रोनेगेटिविटी
  4020. 2:49:54को हमने नापा नहीं है। ये देखो ये टेबल
  4021. 2:49:57है। ऑब्वियस सी बात है ये टेबल आपको याद
  4022. 2:49:58नहीं करनी। अगेन ये हमारी बुकलेट में से
  4023. 2:50:01स्क्रीनशॉट है। ओएसआर में से। मैं आपको
  4024. 2:50:03बता रहा हूं। एक-एक टॉपिक को हम एक-एक
  4025. 2:50:05घंटा पढ़ते हैं। जब हम लोग इन्हें पेड बैच
  4026. 2:50:08में पढ़ते हैं। तो है ना? अभी मुझे लग रहा
  4027. 2:50:09है वैसे ही ऑलरेडी वन शॉट बहुत ज्यादा
  4028. 2:50:11बड़ा हो चुका है। ठीक है? अब सुबह-सुबह
  4029. 2:50:13रिकॉर्ड कर रहा हूं तो कोई आए जा रहा है
  4030. 2:50:16बार-बार बाहर। है ना? हां। चलो खैर। लेकिन
  4031. 2:50:19ये जो टेबल है इस टेबल को आपको याद नहीं
  4032. 2:50:21करना। ऑब्वियस सी बात है। बट हां इस टेबल
  4033. 2:50:24को एक बारी करीब से देखते हैं। क्या कहना
  4034. 2:50:26चाह रही है। अगर आप नोटिस करो तो यहां पे
  4035. 2:50:28हर एक एलिमेंट की इलेक्ट्रोनेगेटिविटी
  4036. 2:50:31लिखी हुई है। ये लिथियम है। हर एक एलिमेंट
  4037. 2:50:33की इलेक्ट्रोनेगेटिविटी लिखी हुई है। तो
  4038. 2:50:36अगर आप देखेंगे तो इसमें मेटल्स की
  4039. 2:50:39इलेक्ट्र पहली बात तो इलेक्ट्रोनेगेटिविटी
  4040. 2:50:41को ज़ीरो से पांच में नापा जाता है। इसको
  4041. 2:50:44ज़ीरो से पांच में नापा जा सकता है। ये तो
  4042. 2:50:46कोई भी वैल्यू हो सकती है। अभी देखा था
  4043. 2:50:48हमने प्लस भी हो सकती है, माइनस भी हो
  4044. 2:50:49सकती है। माइनस है। तो मतलब इलेक्ट्रॉन
  4045. 2:50:51गेन करते हुए एनर्जी रिलीज हो रही है।
  4046. 2:50:53प्लस है तो एब्जॉर्ब हो रही है। लेकिन ये
  4047. 2:50:55जो वैल्यू है ये 0 से पांच में ही नापी
  4048. 2:50:58जाती है। अब अगर आप ध्यान दें तो मेटल्स
  4049. 2:51:00इलेक्ट्रॉन से ज्यादा प्यार नहीं करते
  4050. 2:51:02हैं। इसलिए उनका जो नंबर है वो बहुत छोटा
  4051. 2:51:05है। एक से भी छोटा है या एक है। देख सकते
  4052. 2:51:07हो आप। है ना? लेकिन वहीं पे जो नॉन
  4053. 2:51:09मेटल्स हैं उनके लिए इसकी वैल्यू काफी
  4054. 2:51:12ज्यादा हो रही है। जैसे फ्लोरीन है,
  4055. 2:51:15क्लोरीन है। अगर आप Google पे सर्च करेंगे
  4056. 2:51:17ऑक्सीजन वगैरह जैसे सॉरी यहां पे भी है
  4057. 2:51:193.5। इन शॉर्ट कहने का मतलब ये है कि
  4058. 2:51:22इलेक्ट्रॉन ऑब्वियस सी बात है न्यूक्लियस
  4059. 2:51:23से नॉन मेटल्स इलेक्ट्रॉन से ज्यादा प्यार
  4060. 2:51:27करते हैं। जिसकी वजह से उनकी इलेक्ट्रॉन
  4061. 2:51:29नेगेटिविटी बहुत ज्यादा है। पांच से सबसे
  4062. 2:51:33ज्यादा किसकी है? अगर आप ध्यान दें तो इस
  4063. 2:51:36पूरी टेबल में सबसे ज्यादा इलेक्ट्रॉन
  4064. 2:51:39नेगेटिविटी जो है वो फ्लोरीन की आपको
  4065. 2:51:42मिलेगी जो कि एक बड़ा विचित्र आंसर है।
  4066. 2:51:45क्यों है विचित्र? आओ जरा इसके ऊपर बात
  4067. 2:51:47करें। मैंने आपसे पूछा कि आप अपने
  4068. 2:51:49पेरेंट्स से कितना प्यार करते हो? तो आप
  4069. 2:51:51सभी ने आंसर में कहा फाइव। बट हमारी पढ़ाई
  4070. 2:51:55तो होशियार है। उसने कहा यार देखो पांच
  4071. 2:51:57किसी को नहीं देते। भविष्य का पता नहीं
  4072. 2:52:00कोई पांच से ज्यादा कैसे देंगे फिर? तो
  4073. 2:52:03हमने कहा दुनिया में अभी फिलहाल सबसे
  4074. 2:52:05ज्यादा इलेक्ट्रॉन से प्यार कौन करता है?
  4075. 2:52:06याद है फ्लोरीन? लेफ्ट टू राइट जाओ तो
  4076. 2:52:09प्यार नॉन मेटलिक कररेक्टर ऊपर से नीचे
  4077. 2:52:11जाओ तो कम होता है। लेफ्ट टू राइट जाओ तो
  4078. 2:52:14बढ़ता है। तो फ्लोरीन सबसे अच्छा नॉन मेटल
  4079. 2:52:16था और फ्रांशियम सबसे अच्छा मेटल था। तो
  4080. 2:52:19सबसे अच्छा नॉन मेटल अगर फ्लोरीन है तो
  4081. 2:52:21फ्लोरीन सबसे आसानी से इलेक्ट्रॉन गेन
  4082. 2:52:22करेगा, प्यार करेगा तो चार है। हमने इसको
  4083. 2:52:25पांच में से पांच नहीं बोला। बिकॉज़ हमें
  4084. 2:52:26पता है कि भविष्य में कोई ऐसा एलिमेंट आ
  4085. 2:52:28गया ये है। तो समझो बात को। बट हां
  4086. 2:52:31इलेक्ट्रोनेगेटिविटी बस एक नंबर है जो
  4087. 2:52:34प्यार को रिप्रेजेंट करता है। ठीक है ना?
  4088. 2:52:36तो आओ अब डिफरेंस को पढ़ते हैं। अब ये
  4089. 2:52:38डिफरेंस क्या कह रहा है? तो इट इज़ दी
  4090. 2:52:40एनर्जी चेंज जब एक इलेक्ट्रॉन को ऐड किया
  4091. 2:52:44जाता है। अब वो एनर्जी चेंज पॉजिटिव भी हो
  4092. 2:52:46सकती है, नेगेटिव भी हो सकती है। बट ये
  4093. 2:52:48टेंडेंसी है। मतलब इलेक्ट्रॉन के गेन करने
  4094. 2:52:52की क्षमता है। इसको नापा जाता है जूल पर
  4095. 2:52:55मोल या किलोजूल पर मोल में। लेकिन ये एक
  4096. 2:52:57रिलेटिव वैल्यू है जिसको पॉलिंग स्केल पे
  4097. 2:53:00नापा गया था। पोलिंग जी ने एक स्केल बनाया
  4098. 2:53:02था। अभी उसके बारे में बात नहीं करेंगे।
  4099. 2:53:04केमिकल बॉन्डिंग में करेंगे। लेकिन
  4100. 2:53:05उन्होंने ये स्केल बनाया था। यानी इसको
  4101. 2:53:07ज़ीरो से फाइव के बीच में नापते हैं।
  4102. 2:53:09बिटवीन ज़ीरो टू फाइव। ठीक है? वो मैंने
  4103. 2:53:11ऊपर लिख ही दिया। ये रेफर किया जाता है जब
  4104. 2:53:14कोई गैस स्टेट में है और आइसोलेटेड है
  4105. 2:53:17जिसकी बात हो चुकी है। लेकिन यहां पे हम
  4106. 2:53:20इसको बॉन्डेड स्टेट में भी कैलकुलेट कर
  4107. 2:53:22सकते हैं कि कोई इसके साथ बॉन्ड बना रहा
  4108. 2:53:24है तो कितनी वैल्यू होगी। को इसके साथ
  4109. 2:53:25बनाना तो किसकी वैल्यू होगी? ठीक है? ये
  4110. 2:53:28पॉजिटिव और नेगेटिव कुछ भी हो सकती है।
  4111. 2:53:30लेकिन ये हमेशा पॉजिटिव होगी। जितना
  4112. 2:53:32ज्यादा टेंडेंसी होगी इलेक्ट्रॉन गेन करने
  4113. 2:53:34की उतनी ज्यादा वैल्यू बढ़ेगी। जितनी कम
  4114. 2:53:37होगी उतनी कम होगी। लेकिन नेगेटिव में
  4115. 2:53:40नहीं जाएगी। इस टेबल से बस आपको इतना
  4116. 2:53:42देखना है कि फ्लोरीन जो है ये मोस्ट
  4117. 2:53:46इलेक्ट्रोनेगेटिव है। ये मोस्ट
  4118. 2:53:49इलेक्ट्रोनेगेटिव है। मेटल्स लेस
  4119. 2:53:51इलेक्ट्रोनेगेटिव हैं। नॉन मेटल्स मोर
  4120. 2:53:53इलेक्ट्रोनेगेटिव हैं। बस इतना
  4121. 2:53:54बेसिक-बेसिक देखना है। अब इस टेबल से एक
  4122. 2:53:57सवाल एग्जाम में बहुत ज्यादा आता है। बहुत
  4123. 2:54:00ज्यादा आता है और वो है कि फ्लोरीन और
  4124. 2:54:03क्लोरीन जरा ध्यान से देखना। एग्जाम का
  4125. 2:54:06सवाल है। मैंने कहा था मैं आपको सवाल भी
  4126. 2:54:07साथ-साथ कराऊंगा। फ्लोरीन और क्लोरीन
  4127. 2:54:11दोनों में फ्लोरीन की इलेक्ट्रॉन
  4128. 2:54:14नेगेटिविटी ज्यादा है। बट फिर भी
  4129. 2:54:18इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी क्लोरीन की
  4130. 2:54:22ज्यादा नेगेटिव है। आप मेरी बात समझ पा
  4131. 2:54:24रहे हो? देखो आप मुझे बताओ कि फ्लोरीन और
  4132. 2:54:28क्लोरीन में इलेक्ट्रॉन से ज्यादा प्यार
  4133. 2:54:30कौन कर रहा है? तो आंसर है फ्लोरीन कर रहा
  4134. 2:54:33है। लेकिन अब अगर वह ज्यादा प्यार कर रहा
  4135. 2:54:36है तो उसको इलेक्ट्रॉन जब मिलेगा तो उसको
  4136. 2:54:39ज्यादा खुश भी होना चाहिए। उसको ज्यादा
  4137. 2:54:41एनर्जी भी निकालनी चाहिए। उसको ज्यादा
  4138. 2:54:43स्टेबल भी होना चाहिए। बट एक्चुअली में
  4139. 2:54:46ऐसा नहीं होता है। एक्सेप्शनल केस है।
  4140. 2:54:49अक्सर सब में ऐसा होता है जो ज्यादा प्यार
  4141. 2:54:51करता है। पा लेने के बाद ज्यादा खुश भी
  4142. 2:54:53होता है। ज्यादा एनर्जी भी निकालता है।
  4143. 2:54:55लेकिन एक गहरी बात करने जा रहा हूं। जरूरी
  4144. 2:54:57नहीं है कि अगर आप किसी चीज से प्यार करो
  4145. 2:55:00तो उसको पा लेने के बाद आपको खुशी भी हो।
  4146. 2:55:04बिकॉज़ प्यार करना और पा लेना में बहुत
  4147. 2:55:07फर्क होता है। बेटा गहरी बात बोलिए रोना
  4148. 2:55:10नहीं है। सुनो ध्यान से। अब फ्लोरीन तो
  4149. 2:55:13ज्यादा प्यार करता है। देखो पांच में से
  4150. 2:55:15चार करता है। क्लोरीन सिर्फ तीन करता है।
  4151. 2:55:17तो फिर तब भी एनर्जी रिलीज ज्यादा क्लोरीन
  4152. 2:55:20क्यों कर रहा है? क्योंकि फ्लोरीन का जो
  4153. 2:55:22साइज है वो इतना छोटा होता है। आपको पता
  4154. 2:55:26ही है लेफ्ट टू राइट में टॉप टू बॉटम में
  4155. 2:55:28सबसे कोने पे बैठा हुआ है। इतना छोटा साइज
  4156. 2:55:31है इसका कि इलेक्ट्रॉन के लिए आने के लिए
  4157. 2:55:34जगह ही नहीं है। ये इलेक्ट्रॉन से प्यार
  4158. 2:55:36तो बहुत करता है। लेकिन जब इलेक्ट्रॉन आता
  4159. 2:55:38है तो वो इलेक्ट्रॉन को बैठने की जगह नहीं
  4160. 2:55:41मिलती। तो इंटर इलेक्ट्रॉनिक रिपल्शन होता
  4161. 2:55:44है। इंटर इलेक्ट्रॉनिक रिपल्शन होता है।
  4162. 2:55:47इलेक्ट्रॉन इलेक्ट्रॉन को ही रिपेल करने
  4163. 2:55:49लग जाता है। जिसकी वजह से उतनी एनर्जी
  4164. 2:55:52नहीं रिलीज होती जितनी क्लोरीन में एनर्जी
  4165. 2:55:55रिलीज होती है। तो यहां पे मुझे लगता है
  4166. 2:55:58कि मुझे ये पॉइंट के बारे में बात करनी
  4167. 2:56:00चाहिए। एक्चुअली दो पॉइंट्स के बारे में
  4168. 2:56:02बात करनी है। अगर मैं आपसे पूछूं कि मोस्ट
  4169. 2:56:06इलेक्ट्रोनेगेटिव एलिमेंट्स कौन है? काम
  4170. 2:56:08आएगा ये। तो दुनिया का सबसे
  4171. 2:56:10इलेक्ट्रोनेगेटिव एलिमेंट फ्लोरीन है। फिर
  4172. 2:56:12ऑक्सीजन है और फिर नाइट्रोजन और क्लोरीन
  4173. 2:56:15लगभग बराबर है। अगर आप देखो तो सबसे
  4174. 2:56:17इलेक्ट्रोनेगेटिव फ्लोरीन है चार। फिर
  4175. 2:56:19ऑक्सीजन है 3.5
  4176. 2:56:22और फिर नाइट्रोजन है थ्री और क्लोरीन भी
  4177. 2:56:24थ्री ही है। लगभग-लगभग बराबर है। तो ये
  4178. 2:56:26सबसे इलेक्ट्रोनेगेटिव हो गए इसके। ठीक
  4179. 2:56:28है? अब इसी के अलावा एक और क्वेश्चन
  4180. 2:56:32वो क्या है भैया? कि अगर मैं बोलूं कि
  4181. 2:56:34फ्लोरीन
  4182. 2:56:36इज
  4183. 2:56:38मोर
  4184. 2:56:40इलेक्ट्रोनेगेटिव देन
  4185. 2:56:44क्लोरीन
  4186. 2:56:45बट
  4187. 2:56:48इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी
  4188. 2:56:51ऑफ फ्लोरीन
  4189. 2:56:54इज़
  4190. 2:56:56लेस नेगेटिव
  4191. 2:56:59देन क्लोरीन इज़ लेस नेगेटिव देन एंड
  4192. 2:57:03क्लोरीन बिकॉज़ ऑफ
  4193. 2:57:07बिकॉज़ ऑफ
  4194. 2:57:10स्मॉलर साइज
  4195. 2:57:13एंड
  4196. 2:57:16इन कमिंग
  4197. 2:57:19इलेक्ट्रॉन सफर्स
  4198. 2:57:23रिपल्शन।
  4199. 2:57:28यानी इलेक्ट्रॉन से ज्यादा प्यार तो
  4200. 2:57:30फ्लोरिंग करता है लेकिन इलेक्ट्रॉन को पा
  4201. 2:57:33लेने के बाद फ्लोरीन इलेक्ट्रॉन को पा
  4202. 2:57:36लेने के बाद फ्लोरीन उतना खुश नहीं होता
  4203. 2:57:38है क्योंकि उसका साइज छोटा है। ये सवाल
  4204. 2:57:41एग्जाम के लिए बहुत ज्यादा इंपॉर्टेंट है।
  4205. 2:57:44हां जी सर। हां जी।
  4206. 2:57:45बुक ग्रीन
  4207. 2:57:46अच्छा अच्छा ओके सर। ये सवाल एग्जाम के
  4208. 2:57:49लिए अरे नहीं नहीं कोई नहीं। ये सवाल
  4209. 2:57:51एग्जाम के लिए काफी ज्यादा इंपॉर्टेंट है
  4210. 2:57:54कि इलेक्ट्रॉन से ज्यादा प्यार एक्चुअली
  4211. 2:57:56में कौन करता है? इलेक्ट्रॉन से ज्यादा
  4212. 2:57:58प्यार एक्चुअली में कौन करता है? अ
  4213. 2:58:00फ्लोरीन। लेकिन इलेक्ट्रॉन को पा लेने के
  4214. 2:58:03बाद ज्यादा खुश एक्चुअली में क्लोरीन हो
  4215. 2:58:06रहा है क्योंकि उसका साइज काफी छोटा है।
  4216. 2:58:08एग्जाम के लिए काफी इंपॉर्टेंट सवाल है
  4217. 2:58:10ये। डन है। चलो अब अगर आगे बात करें बेटा
  4218. 2:58:13तो काइंड ऑफ मैंने आपको कहा था कि चैप्टर
  4219. 2:58:16का मेजर हिस्सा जो है वो निकल चुका है। अब
  4220. 2:58:18हमें क्या पढ़ना है? अगर आपको याद हो पूरी
  4221. 2:58:20पीरियडिक टेबल में चार ब्लॉक्स हैं। एस
  4222. 2:58:22ब्लॉक, पी ब्लॉक, डी ब्लॉक और एफ ब्लॉक।
  4223. 2:58:25अब हमारे 11th क्लास के सीबीएसई के सिलेबस
  4224. 2:58:30में पहले एस ब्लॉक और एक पी ब्लॉक करके
  4225. 2:58:35चैप्टर हुआ करता था। बहुत सारे एंट्रेंस
  4226. 2:58:38एग्जाम में अभी भी आता है। लेकिन सीबीएसई
  4227. 2:58:40में यानी एनसीईआरटी में से ये चैप्टर हटा
  4228. 2:58:42दिया गया है। अगर सबके पास नई वाली
  4229. 2:58:44एनसीईआरटी है तो उनको पता ही होगा। लेकिन
  4230. 2:58:46पहले एस ब्लॉक करके एक पूरा चैप्टर होता
  4231. 2:58:49था जिसमें पूरा एस ब्लॉक पढ़ते थे। फिर पी
  4232. 2:58:51ब्लॉक करके एक चैप्टर होता था जिसमें हम
  4233. 2:58:53पी ब्लॉक के 13th और 14th ग्रुप को पढ़ते
  4234. 2:58:56थे। 13th और 14th ग्रुप को पढ़ते थे। फिर
  4235. 2:58:5912th क्लास में हमारे पास पी ब्लॉक फिर से
  4236. 2:59:02आता था जिसमें हम लोग 15, 16, 17 और 18
  4237. 2:59:08ग्रुप को पढ़ते थे बचे हुए को 12th में।
  4238. 2:59:11और 12th में एक चैप्टर होता था और ये अभी
  4239. 2:59:14भी है डी एंड एफ ब्लॉक जहां पे हम डी के
  4240. 2:59:17बारे में और एफ के बारे में मिलके एक
  4241. 2:59:19चैप्टर बनाया गया था। बिकॉज़ आपको पता है
  4242. 2:59:21एस और पी वाले ये और ये वाले
  4243. 2:59:23रिप्रेजेंटेटिव एलिमेंट्स हैं। इनके बारे
  4244. 2:59:25में बहुत अच्छी-अच्छी पढ़ाई हम करते हैं।
  4245. 2:59:27लेकिन ये और ये बदतमीज़ हैं थोड़े से जिसकी
  4246. 2:59:29वजह से इनकी ज्यादा पढ़ाई नहीं होती है।
  4247. 2:59:31मतलब होती है। हमें नहीं पढ़नी होती है 10थ
  4248. 2:59:34तक 12थ तक। इसलिए डीएनएफ करके एक चैप्टर
  4249. 2:59:36है। ये अभी भी है। ये अभी भी है। ये अभी
  4250. 2:59:38भी है। लेकिन ये वाले चैप्टर्स हमारे
  4251. 2:59:40सिलेबस से 11th और 12th से हटा दिए गए
  4252. 2:59:43हैं। इसीलिए ये जो पढ़ाई है अब उतनी ज्यादा
  4253. 2:59:48मजेदार नहीं रही है। बिकॉज़ अब हमें बस
  4254. 2:59:50उनको ऊपर ऊपर से पढ़ना है। एस ब्लॉक को
  4255. 2:59:52बेसिक-बेसिक लेवल पे पढ़ना है। आओ शुरू
  4256. 2:59:54करते हैं। पी ब्लॉक को पढ़ना है, डी को
  4257. 2:59:56पढ़ना है, एफ को पढ़ना है। बेसिक लेवल पे
  4258. 2:59:58उठाते हैं आ जाओ उनको। ठीक है? एस ब्लॉक
  4259. 3:00:01एलिमेंट्स। एलिमेंट जिनका लास्ट
  4260. 3:00:03इलेक्ट्रॉन s ऑर्बिटल में गिरेगा उन्हें s
  4261. 3:00:05ब्लॉक एलिमेंट कहा जाएगा। द जनरल
  4262. 3:00:08इलेक्ट्रॉनिक कॉन्फ़िगरेशन इलेक्ट्रॉनिक
  4263. 3:00:10कॉन्फ़िगरेशन s ब्लॉक वालों की क्या होगी?
  4264. 3:00:12अगर ये समझ में आ रहा है नहीं तो यहां पे
  4265. 3:00:14थोड़ा सा हर जगह पे गड़बड़ होगी। मैं इसको
  4266. 3:00:17ठीक कर दूंगा। मतलब ये ऊपर उबड़ खाबड़ हो
  4267. 3:00:19गया। लेकिन s ब्लॉक वालों की जो जनरल
  4268. 3:00:21इलेक्ट्रॉनिक कॉन्फ़िगरेशन होगी वो क्या
  4269. 3:00:24होगी? ऑब्वियस सी बात है s ब्लॉक वालों की
  4270. 3:00:26जनरल इलेक्ट्रॉनिक कॉन्फ़िगरेशन में s में
  4271. 3:00:28या तो एक इलेक्ट्रॉन होगा या तो दो होगा।
  4272. 3:00:31और ns क्यों कह रहे हैं? ऑब्वियस सी बात
  4273. 3:00:33है ns इसलिए कह रहे हैं क्योंकि n की
  4274. 3:00:35वैल्यू 1s2 भी हो सकती है। 2s2 भी हो सकती
  4275. 3:00:39है, 3s2 भी हो सकती है, 4s2 भी हो सकती
  4276. 3:00:41है। s ब्लॉक वालों अभी जो हमने पीछे
  4277. 3:00:43लोकेशन वाले क्वेश्चंस किए थे उनमें आपको
  4278. 3:00:45पता ही है इनमें लास्ट इलेक्ट्रॉन s में
  4279. 3:00:47गिरता है। अब s ब्लॉक वालों की कुछ जनरल
  4280. 3:00:50कररेक्टर्स, कुछ जनरल प्रॉपर्टीज़ होती
  4281. 3:00:52हैं। इनमें से कुछ प्रॉपर्टीज़ आपको पता
  4282. 3:00:54है। कुछ आपको काइंड ऑफ याद करनी पड़ेंगी।
  4283. 3:00:57मैं समझाने की कोशिश करूंगा। बट इनमें से
  4284. 3:01:00बहुत सारी प्रॉपर्टीज आपको धीरे-धीरे आगे
  4285. 3:01:01सीखनी थी उन डिटेल्ड चैप्टर्स में। बट
  4286. 3:01:04हमारी सीबीएसई ने वो चैप्टर हटा दिया।
  4287. 3:01:06बहुत दुख भरी बात है। खैर ये सारे के सारे
  4288. 3:01:08बहुत सॉफ्ट मेटल्स हैं। इनका मेल्टिंग और
  4289. 3:01:11बॉइलिंग पॉइंट बहुत लो है। चाहे वो अल्कली
  4290. 3:01:14मेटल हो, चाहे वो अल्कलाइन अर्थ मेटल हो।
  4291. 3:01:16आप सबको पता है। ns1 वाले कौन है? फर्स्ट
  4292. 3:01:19ग्रुप वाले जिनको हम लोगों ने क्या नाम
  4293. 3:01:21दिया है? अल्कली मेटल। ये हम पढ़ चुके हैं
  4294. 3:01:25यार। शायद तीसरी चौथी बार पढ़ रहे हैं इसी
  4295. 3:01:26चैप्टर में। और NH2 जो है उनको हमने बोला
  4296. 3:01:29है एल्कलाइन अर्थ मेटल। अब आप इनमें से
  4297. 3:01:33कोई भी आप मेटल को उठाओ। फर्स्ट ग्रुप
  4298. 3:01:35वाले तो खासकर बहुत ही सॉफ्ट है। फर्स्ट
  4299. 3:01:37ग्रुप वाले तो इतने सॉफ्ट है कि चाकू से
  4300. 3:01:39कट जाते। है ना? सेकंड वाले भी बहुत
  4301. 3:01:41ज्यादा हार्ड नहीं है। ठीक है? इनकी
  4302. 3:01:43आयनाइजेशन एनर्जी बहुत लो है। अब तो आपको
  4303. 3:01:46पता है। अब मैं शुरू में ही पढ़ा देता
  4304. 3:01:48आपको। तो आयनाइज़ेशन का ही मतलब नहीं पता।
  4305. 3:01:51अब तो पता है इनका साइज सबसे बड़ा है।
  4306. 3:01:53पूरे पीरियडिक टेबल में s ब्लॉक वाले सबसे
  4307. 3:01:56बड़े हैं। उनमें भी फर्स्ट ग्रुप वाले
  4308. 3:01:57सबसे बड़े हैं। तो s ब्लॉक वालों का साइज
  4309. 3:01:59सबसे बड़ा है। इलेक्ट्रॉन निकालना सबसे
  4310. 3:02:01आसान है। आयनाइज़ेशन एनर्जी सबसे लो है।
  4311. 3:02:04इसके बाद ये यूनिवैलेंट यानी +1 की
  4312. 3:02:07वैलेंसी शो करते हैं। अल्कली मेटल और
  4313. 3:02:09अल्कलाइन अर्थ मेटल बायवेलेंट यानी +2 की
  4314. 3:02:11वैलेंसी शो करते हैं। ठीक है? ठीक है? ठीक
  4315. 3:02:13है। यह बहुत अच्छे रिड्यूसिंग एजेंट्स भी
  4316. 3:02:16होते हैं। यह अपनी ऑक्सीडेशन करके दूसरों
  4317. 3:02:19की बहुत अच्छे से रिडक्शन करते हैं।
  4318. 3:02:21सोडियम बहुत जल्दी ऑक्सीडाइज होता है। आप
  4319. 3:02:24सबको पता है सोडियम ऑक्साइड कितनी जल्दी
  4320. 3:02:26बनाता है पोटैशियम ऑक्साइड। तो इसलिए बहुत
  4321. 3:02:28अच्छे रिड्यूसिंग एजेंट भी हैं। बाकी
  4322. 3:02:30रेडॉक्स में भी ये आएगा। इनमें से
  4323. 3:02:32ज्यादातर लोग अगर फ्लेम पे रख दिए जाएं,
  4324. 3:02:35आग पे रख दिए जाएं तो कलर्स देते हैं।
  4325. 3:02:37कलर्स। यहां पे थोड़ा बहुत आप याद करो
  4326. 3:02:39स्ट्रक्चर ऑफ एटम इलेक्ट्रॉन एक्साइट होते
  4327. 3:02:42हैं वापस आते हैं तो विजिबल रेज निकालते
  4328. 3:02:44हैं जिसकी वजह से कलर आते हैं। ठीक है?
  4329. 3:02:46इनमें ज्यादातर सभी के सभी आयनिक
  4330. 3:02:48कंपाउंड्स बनाते हैं सिवाय लिथियम और
  4331. 3:02:51बेरिलियम के। क्योंकि इनका साइज बहुत छोटा
  4332. 3:02:53होता है ना। ऊपर से नीचे आओ तो साइज़ बढ़ता
  4333. 3:02:55है। ये दोनों सबसे पहले लोग हैं। यहां पे
  4334. 3:02:57लिथियम है। यहां पे बेरिलियम है। सबसे
  4335. 3:02:59पहलेपले लोग हैं। इनसे इलेक्ट्रॉन निकालना
  4336. 3:03:02थोड़ा सा मुश्किल हो जाता है। इसीलिए ये
  4337. 3:03:04लोग कोवेलेंट कंपाउंड्स बनाने में ज्यादा
  4338. 3:03:06खुश है। बट बाकी सब तो बढ़िया आयनिक
  4339. 3:03:08कंपाउंड्स बनाते हैं। ठीक है? एस ब्लॉक के
  4340. 3:03:10बारे में बात हुई। अब पी ब्लॉक के बारे
  4341. 3:03:12में बात करते हैं। अगेन पी ब्लॉक कौन है
  4342. 3:03:16भैया? पी ब्लॉक वो है जो कि भैया लास्ट
  4343. 3:03:18इलेक्ट्रॉन अपना पी में लेके जाते हैं।
  4344. 3:03:20यानी यहां के लोग। अब पी ब्लॉक की जनरल
  4345. 3:03:22इलेक्ट्रॉनिक कॉन्फ़िगरेशन क्या होगी? तो
  4346. 3:03:25भैया पी ब्लॉक वालों की जनरल इलेक्ट्रॉनिक
  4347. 3:03:27कॉन्फ़िगरेशन होगी n p एक से लेके छह
  4348. 3:03:32कितने भी इलेक्ट्रॉन आ सकते हैं p में। अब
  4349. 3:03:34क्योंकि np में एक से लेकर छह आएंगे तो
  4350. 3:03:37उससे पहले ns भी तो होगा ना। जैसे 4s2
  4351. 3:03:414p 3s2 3p 2s2 2p कुछ तो होगा ना। तो
  4352. 3:03:47इसलिए हम इसको ns 2 भी बोल देते हैं इसके
  4353. 3:03:50आगे। तो ns2 np एक से लेकर छह इसकी
  4354. 3:03:53कॉन्फ़िगरेशन होती है। कौन है पी ब्लॉक
  4355. 3:03:56जिनका लास्ट इलेक्ट्रॉन p में गिरेगा?
  4356. 3:03:58अच्छा अब कररेक्टर्स के बारे में बात करें
  4357. 3:04:01तो इसमें सब आ जाते हैं। जैसे एस ब्लॉक
  4358. 3:04:03वालों में तो सिर्फ मेटल्स थे
  4359. 3:04:04स्ट्रिक्टली। इसमें मेटल्स भी आ सकते हैं,
  4360. 3:04:07नॉन मेटल्स भी आ सकते हैं। इवन मेटलॉइड्स
  4361. 3:04:10भी हैं और लास्ट वाले में तो नोबल गैसेस
  4362. 3:04:12भी हैं। पी ब्लॉक वालों में सबकी
  4363. 3:04:14कॉन्फ़िगरेशन ऐसी होती है सिवाय हीलियम के।
  4364. 3:04:17याद रखना है। यह पढ़ाया जा चुका है।
  4365. 3:04:19एक्सेप्ट हीलियम। हीलियम की कॉन्फ़िगरेशन
  4366. 3:04:22अलग है। है ना भाई? ठीक है। इसके बाद इनके
  4367. 3:04:25बारे में अगर बात करें तो लेफ्ट टू राइट
  4368. 3:04:27जाने पे इनमें नॉन मैटेलिक करैक्टर और
  4369. 3:04:30बढ़ता है और ऊपर से नीचे आने पे मैटेलिक
  4370. 3:04:32करैक्टर बढ़ता है। इसके बाद अगर बात करें
  4371. 3:04:34इनकी आयनाइज़ेशन एनर्जी S ब्लॉक वालों के
  4372. 3:04:37मुकाबले ज्यादा होती है। होनी भी चाहिए।
  4373. 3:04:39लेफ्ट टू राइट जाने पे साइज़ छोटा हो रहा
  4374. 3:04:40है। इलेक्ट्रॉन निकालना मुश्किल हो रहा
  4375. 3:04:42है। तो आयनाइज़ेशन एनर्जी ऑब्वियस सी बात
  4376. 3:04:44है बढ़ जाती है। इसके बाद दे फॉर्म मोस्टली
  4377. 3:04:47कोवेलेंट कंपाउंड्स। क्योंकि यहां पे
  4378. 3:04:49ज्यादातर लोग नॉन मेटल्स हैं और अगर कोई
  4379. 3:04:51मेटल है भी तो उसकी आयनाइज़ेशन एनर्जी
  4380. 3:04:54थोड़ी ज्यादा है क्योंकि इस तरफ है। तो ये
  4381. 3:04:55लोग ज्यादातर कोवेलेंट कंपाउंड बनाने में
  4382. 3:04:58खुश बेहतर रहते हैं। ठीक है? इनका एक से
  4383. 3:05:01ज्यादा ऑक्सीडेशन स्टेट है। ऑक्सीडेशन
  4384. 3:05:04स्टेट का एक्चुअल मतलब आप रेडॉक्स चैप्टर
  4385. 3:05:08में पढ़ोगे। आई होप आपको पता है पूरा का
  4386. 3:05:10पूरा एक चैप्टर है आपका रेडॉक्स रिएक्शन
  4387. 3:05:12करके। उस चैप्टर में आप इसका एक्चुअल मतलब
  4388. 3:05:16सीखोगे। अभी के लिए अभी के लिए आप इसका
  4389. 3:05:19मतलब वैलेंसी मान सकते हो मान सकते हो।
  4390. 3:05:22ऑलदो वैलेंसी और ऑक्सीडेशन नंबर में फर्क
  4391. 3:05:25होता है। बट अभी के लिए आप ऐसा मान सकते
  4392. 3:05:27हो कि दे शो वेरिएबल वैलेंसीज वेरिएबल
  4393. 3:05:30ऑक्सीडेशन स्टेट्स। जैसे आपको पता है
  4394. 3:05:33इसमें फास्फोरस आता है। अब फास्फोरस में
  4395. 3:05:35आपने PCL3 का नाम भी सुना होगा और PCL5 का
  4396. 3:05:38भी सुना होगा। दोनों ही फास्फोरस के
  4397. 3:05:41कंपाउंड्स हैं। एक में फास्फोरस +3 शो
  4398. 3:05:43करता है। एक में +5 ऐसे ही यहां पे और भी
  4399. 3:05:46लोग हैं। ऑक्सीजन भी है। बहुत सारे लोग
  4400. 3:05:48हैं जो अलग-अलग ऑक्सीडेशन स्टेट यानी
  4401. 3:05:50वैलेंसी शो कर सकते हैं। इसके बाद जैसे एस
  4402. 3:05:54ब्लॉक वाले रिड्यूसिंग एजेंट थे। ये वाले
  4403. 3:05:57लोग ऑक्सीडाइजिंग एजेंट हैं। बिकॉज़ ये
  4404. 3:05:59अपनी रिडक्शन बहुत बेहतर तरीके से कर लेते
  4405. 3:06:02हैं। अब एलिमेंट और एस ब्लॉक और पी ब्लॉक
  4406. 3:06:05वालों को मिला के रिप्रेजेंटेटिव कहा जाता
  4407. 3:06:07है। ये हमने पढ़ लिया था। क्योंकि ये लोग
  4408. 3:06:09और ये लोग हमारी प्रॉपर्टीज को अच्छे से
  4409. 3:06:12रिप्रेजेंट करते हैं। एलिमेंट जो कि लास्ट
  4410. 3:06:15ग्रुप में 18 उनकी इलेक्ट्रॉनिक
  4411. 3:06:17कॉन्फ़िगरेशन ns2 np6 होती है। इनको नोबल
  4412. 3:06:19गैस कहते हैं। ग्रुप 17 वालों को हैलोजंस
  4413. 3:06:22और 16 वालों को कैलकुजंस कहते हैं। ये हम
  4414. 3:06:24पहले ही पढ़ चुके हैं। डन है ये तो हमने
  4415. 3:06:26चैप्टर के शुरू में ही पढ़ लिया था। आ जाओ
  4416. 3:06:29भाई। अब डी ब्लॉक वालों के बारे में बात
  4417. 3:06:31कर लेते हैं। अब डी ब्लॉक वालों के बारे
  4418. 3:06:33में क्या बात करें? डी ब्लॉक वाले जो है
  4419. 3:06:37वो बीच में आते हैं S और P के है ना S और
  4420. 3:06:39P के बीच में आते हैं। अब इनमें कुछ बातें
  4421. 3:06:41जान लेते हैं हम। सबसे पहले तो इनकी जनरल
  4422. 3:06:44इलेक्ट्रॉनिक कॉन्फ़िगरेशन जान लेते हैं जो
  4423. 3:06:46कि यहां पे बहुत ही अजीब तरीके से लिखी
  4424. 3:06:48हुई है जो कि अगेन मैं यहां से हटा रहा
  4425. 3:06:51हूं। अब इनकी जनरल इलेक्ट्रॉनिक
  4426. 3:06:54कॉन्फ़िगरेशन
  4427. 3:06:56कैसे लिखेंगे? देखो थोड़ा ध्यान से देखना
  4428. 3:06:58पड़ेगा आपको इनकी जनरल इलेक्ट्रॉनिक
  4429. 3:07:00कॉन्फ़िगरेशन को। ये तो पक्का है कि इनका
  4430. 3:07:03जो लास्ट इलेक्ट्रॉन गिरेगा वो d में
  4431. 3:07:05गिरेगा। अब d में कितने इलेक्ट्रॉन हो
  4432. 3:07:08सकते हैं? d में एक से लेके 10 कितने भी
  4433. 3:07:11इलेक्ट्रॉन हो सकते हैं। d में एक से लेके
  4434. 3:07:1410 कितने भी इलेक्ट्रॉन हो सकते हैं।
  4435. 3:07:17लेकिन जो d होता है वो n - 1d होता है।
  4436. 3:07:23यानी कि अगर आप पांचवें शेल में खड़े होते
  4437. 3:07:26हो तो आप d में तो चौथे में आते हो ना।
  4438. 3:07:28भूलो मत। 1s2 2s2 2p6 3s2 3p6 4s2 3d10 तो
  4439. 3:07:344s में जाने के बाद आप 3d में जाते हो या
  4440. 3:07:37फिर 5s में जाने के बाद आप 4d में जाते हो
  4441. 3:07:40यानी कि आप 6s में जाओगे तो 5d में जाओगे
  4442. 3:07:43तो d में n हमेशा ही कम होगा और उसके आगे
  4443. 3:07:45बैठा होगा ns है ना जैसे 4s2
  4444. 3:07:493d 10 या नाइन जो भी है। तो ये फोर है और
  4445. 3:07:53ये थ्री है। तो अगर ये n है तो ये n - 1
  4446. 3:07:56होता है ना? अब s में कितने इलेक्ट्रॉन आ
  4447. 3:07:58सकते हैं? आंसर है दो। तो आपका मन कर रहा
  4448. 3:08:00होगा कि मैं ऐसे लिखूं ns2 n - 1 d एक से
  4449. 3:08:05लेके 10। क्यों? क्योंकि d में 10
  4450. 3:08:09इलेक्ट्रॉन आते हैं और s में दो आएंगे तभी
  4451. 3:08:10तो यहां जाएंगे। बट याद करो क्रोमियम और
  4452. 3:08:13कॉपर का एक्सेप्शनल केस अगर आपने सेकंड
  4453. 3:08:15चैप्टर पढ़ा है तो। तो क्रोमियम में आप
  4454. 3:08:174s1 और 3d5 लिखते हो। और कॉपर में आप 4s1
  4455. 3:08:223d10 लिखते हो। यानी आप s में एक्चुअली
  4456. 3:08:26में एक ही इलेक्ट्रॉन भरते हो क्योंकि वो
  4457. 3:08:27जंप करता है अगर आपने सेकंड चैप्टर पढ़ा है
  4458. 3:08:30तो। तो यानी जो s है उसमें जरूरी नहीं है
  4459. 3:08:33दो इलेक्ट्रॉन ही आएंI ऐसा भी हो सकता है
  4460. 3:08:35कि s में सिर्फ एक इलेक्ट्रॉन आए और आप
  4461. 3:08:38आगे जाओI तो इसलिए ns में भी हम एक से
  4462. 3:08:40लेके दो लिखेंगे और N - 1d एक से 10
  4463. 3:08:44लिखेंगे। लेकिन पी में हमने ऐसा नहीं
  4464. 3:08:46किया। p में कभी ऐसा नहीं होता है। p में
  4465. 3:08:48आप s में दो इलेक्ट्रॉन ही भरोगे और फिर p
  4466. 3:08:51में जाओगे।
  4467. 3:08:53लेकिन यहां पर s में आप एक या दो भी भर
  4468. 3:08:55सकते हो। उसके बाद आप d में जाते हो। ठीक
  4469. 3:08:57है? तो भैया ये जो n - 1 यानी जब एक शेल
  4470. 3:09:01कम में आते हैं हम इसे कहा जाता है
  4471. 3:09:03पेनल्टीमेट शेल। जब एक शेल कम में आते हैं
  4472. 3:09:06इसे क्या कहा जाता है? पेनल्टीमेट शेल।
  4473. 3:09:08पेनल्टीमेट शेल। तो एक्चुअली में इसमें
  4474. 3:09:10लास्ट इलेक्ट्रॉन डी में भरते हैं और एक
  4475. 3:09:12शेल कम में भरते हैं जिसको पेनल्टीमेट शेल
  4476. 3:09:14भी कहते हैं। ठीक है? डी ब्लॉक के लोगों
  4477. 3:09:16को ट्रांजिशन कहते हैं। इसमें अलग-अलग
  4478. 3:09:19सीरीज होती है। 3D सीरीज, 4D सीरीज, 5D
  4479. 3:09:22सीरीज। है ना? अगर आपको पीरियडिक टेबल याद
  4480. 3:09:25हो तो मतलब मैंने कहा तो था वैसे खोल के
  4481. 3:09:27रख लेना। लेकिन 3D सीरीज, 4D सीरीज, 5D
  4482. 3:09:30सीरीज अगर ये याद है, तो इसमें ये वाली
  4483. 3:09:32सीरीज़ कौन सी है? 3d यहां से शुरू हो रहे
  4484. 3:09:34हैं ये। स्कैडियम। स्कैंडियम की
  4485. 3:09:36इलेक्ट्रॉनिक कॉन्फ़िगरेशन क्या है?
  4486. 3:09:394s2 3d1 4s2 3d2 तो इसमें सब में
  4487. 3:09:44इलेक्ट्रॉन आप 3d में भर रहे हो। इसलिए
  4488. 3:09:46इसको 3d सीरीज कहते हैं। ये 4d सीरीज है।
  4489. 3:09:48ये 5d सीरीज है और ये 6d सीरीज है। है ना?
  4490. 3:09:51ऐसे इन अलग-अलग सीरीज का नाम है। ठीक है।
  4491. 3:09:54ठीक है। ठीक है। डन है जी। डन है जी। डन
  4492. 3:09:57है। ठीक है। अब आगे इनके बारे में अगर
  4493. 3:10:00पढ़ें तो पहली सीरीज वही मैंने आपको बता
  4494. 3:10:02दिया। ये याद नहीं करना है। बस नॉलेज के
  4495. 3:10:03लिए बताया है कि जो पहली सीरीज है वो
  4496. 3:10:05स्कैंडियम से लेके जिंक तक है। ये याद
  4497. 3:10:08नहीं करना है। ऐसी अगली सीरीज आपके पास
  4498. 3:10:10फिर अगली सीरीज फिर अगली सीरीज। ये नॉलेज
  4499. 3:10:12के लिए बताया हुआ है कि पहली सीरीज जो 3D
  4500. 3:10:15सीरीज है वो 21 से 30 तक है। 21 से 30 तक
  4501. 3:10:18है। यानी कि स्कैंडियम से जिंक तक है।
  4502. 3:10:21मेरे को भी आगे की याद नहीं है। मेरे को
  4503. 3:10:22भी यही तक याद है। ये तक इसलिए याद है
  4504. 3:10:24बिकॉज़ 30 तक हमने याद करना ही है। उसके
  4505. 3:10:27आगे मेरे को भी याद नहीं है। आपको भी नहीं
  4506. 3:10:28करना है। बस बताया जा रहा है कि ऐसा होता
  4507. 3:10:30है। ठीक है? इसके बाद डी ब्लॉक वालों के
  4508. 3:10:32कुछ जनरल कररेक्टर्स पढ़ लेते हैं आओ।
  4509. 3:10:34सबसे पहला सारे के सारे बहुत स्ट्रांग
  4510. 3:10:37मेटल्स हैं। हाई मेल्टिंग और बॉइलिंग
  4511. 3:10:40पॉइंट है इनका। अगेन मरकरी वगैरह
  4512. 3:10:42एक्सेप्शनल केसेस हैं। ज्यादातर यहां पे
  4513. 3:10:44बनाते हैं कलर्ड कंपाउंड्स। ये जब रिएक्ट
  4514. 3:10:47होते हैं किसी के साथ तो करण कंपाउंड्स
  4515. 3:10:49फॉर्म करते हैं। इनके पास कॉम्प्लेक्स
  4516. 3:10:52बनाने की यानी एक नए प्रकार के बॉन्ड
  4517. 3:10:54जिसको हम कोऑर्डिनेट बॉन्ड बोलते हैं ये
  4518. 3:10:57बनाने की बहुत ही अच्छी क्षमता है जो कि
  4519. 3:11:00आप सीखोगे धीरे-धीरे। आई होप आपको याद हो
  4520. 3:11:0310थ में मैंने बताया था कि बॉन्ड तीन
  4521. 3:11:05प्रकार का होता है। आयनिक बॉन्ड, कोवलेंट
  4522. 3:11:07बॉन्ड और कोऑर्डिनेट। तो कोऑर्डिनेट बॉन्ड
  4523. 3:11:09तो आपने पढ़ा भी नहीं है अभी। तो इससे आप
  4524. 3:11:11ये तो नहीं समझ पाओगे बस इतना समझ लो कि
  4525. 3:11:13ये बहुत अच्छे से कोऑर्डिनेट बॉन्ड बना
  4526. 3:11:15लेते हैं। है ना? अभी के लिए आप इसको छोड़
  4527. 3:11:17सकते हो। बट आप आगे जाके पढ़ोगे धीरे-धीरे
  4528. 3:11:20कि आयनिक बॉन्ड तो आप सबको पता है। कोवेंट
  4529. 3:11:23बॉन्ड जैसे फर्स्ट ग्रुप वाले आयनिक बॉन्ड
  4530. 3:11:24बना रहे हैं। S ब्लॉक वाले पी वाले
  4531. 3:11:26कोवलेंट बना रहे हैं। ये लोग कोवेलेंट भी
  4532. 3:11:29बनाते हैं, आयनिक भी बनाते हैं। लेकिन ये
  4533. 3:11:31लोग कोऑर्डिनेट भी बना सकते हैं। एक नए
  4534. 3:11:34प्रकार का बॉन्ड होता है। अगेन अभी अपनी
  4535. 3:11:36मुश्किलें बढ़ाओ मत। ये वाले लोग
  4536. 3:11:38पैरामैग्नेटिक होते हैं। पैरामैग्नेट का
  4537. 3:11:41मतलब होता है
  4538. 3:11:43अट्रैक्टेड बाय मैग्नेट। ये आसानी से
  4539. 3:11:45मैग्नेट से अट्रैक्ट हो जाते हैं। ठीक है
  4540. 3:11:48ना? अट्रैक्टेड बाय अ मैग्नेट। ये मैग्नेट
  4541. 3:11:51से अट्रैक्ट हो जाते हैं। ठीक है? इनके
  4542. 3:11:54पास भी बहुत सारी ऑक्सीडेशन स्टेट है। अभी
  4543. 3:11:57के लिए ऑक्सीडेशन स्टेट का मतलब वैलेंसी
  4544. 3:11:59समझ सकते हो। अब मोस्ट ऑफ द ट्रांजिशन
  4545. 3:12:01एलिमेंट जैसे कि मैंगनीज, निक, कोबाल्ट,
  4546. 3:12:04क्रोमियम, वेलनिडियम, प्लेटिनम ये सब बहुत
  4547. 3:12:06अच्छे कैटेलिस्ट्स हैं। ये बहुत अच्छे
  4548. 3:12:09कैटेलिस्ट के रूप में काम आते हैं।
  4549. 3:12:11रिएक्शंस को फास्ट करने में हेल्प करते
  4550. 3:12:14हैं। डन है? फिर आते हैं हमारे पास एफ
  4551. 3:12:17ब्लॉक एलिमेंट्स। देख के डरना मत। कुछ भी
  4552. 3:12:20नहीं लिखा हुआ है। आओ। एफ ब्लॉक एलिमेंट
  4553. 3:12:22की सबसे पहले तो जनरल इलेक्ट्रॉनिक
  4554. 3:12:25कॉन्फ़िगरेशन लिख लेते हैं। ठीक है? लेकिन
  4555. 3:12:27एफ ब्लॉक के बारे में यहां पे क्या-क्या
  4556. 3:12:29लिखा हुआ है? देखो भाई डरने वाली बात ही
  4557. 3:12:31नहीं है। ज्यादा पढ़ना ही नहीं है इनके
  4558. 3:12:33बारे में। द एलिमेंट जिसमें लास्ट
  4559. 3:12:35इलेक्ट्रॉन f में गिरेगा। इन्हें f ब्लॉक
  4560. 3:12:36एलिमेंट कहेंगे हम लोग। ठीक है? इन्हें f
  4561. 3:12:38ब्लॉक एलिमेंट कह देंगे। लास्ट इलेक्ट्रॉन
  4562. 3:12:41जो है वो ऐड होता है नीचे के दो शेल में।
  4563. 3:12:44जैसे ns2
  4564. 3:12:46में हम d में एक कम जाते हैं ना। d में एक
  4565. 3:12:49कम जाते हैं ना? हम एफ में एक और कम जाते
  4566. 3:12:53हैं। यानी अगर आप 7s में खड़े हो तो आप 6d
  4567. 3:12:57में तो जाओगे ही लेकिन आपको 5f में जाना
  4568. 3:13:01होगा। आप कॉन्फ़िगरेशन कर लो अफबाऊ जी के
  4569. 3:13:04हिसाब से आपने आज तक मुझे लगता है जब से
  4570. 3:13:06कॉन्फ़िगरेशन करना सीखा है। आपने f में
  4571. 3:13:09इलेक्ट्रॉन कहीं भरा ही नहीं जिसकी वजह से
  4572. 3:13:10आपको ये बात शायद समझ में नहीं आ रही है।
  4573. 3:13:12बट अगर आप 7s में खड़े हो तो एक्चुअली में
  4574. 3:13:16आपको फाइवf में जाना होता है। तो d में आप
  4575. 3:13:18एक कम में जाते हो। लेकिन एफ में तो आप दो
  4576. 3:13:21कम में चले जाते हो। दो कम में जाते हो।
  4577. 3:13:24यस। s में आप अगर n में हो तो d में आप n
  4578. 3:13:29- 1 जाते हो और f में आपको n - 2 जाना
  4579. 3:13:32होता है। और n - 2 जाने को जैसे n - 1
  4580. 3:13:36जाने को हमने पेनल्टीमेट शेल कहा। ऐसे ही
  4581. 3:13:39n - 2 जाने को हम एंटी पेनल्टीमेट शेल
  4582. 3:13:42कहते हैं। एंटी पेनल्टीमेट शेल कह देते
  4583. 3:13:45हैं। ठीक है? इसमें दो लोग आते हैं। आपको
  4584. 3:13:48पता है लैंथेनम से आगे वाले जिनको
  4585. 3:13:51लैंथेनॉइड बोला गया। यह हम पढ़ चुके हैं।
  4586. 3:13:53और फिर इनको रेयर अर्थ एलिमेंट भी कहते
  4587. 3:13:56हैं। और फिर ऑक्टेनियम के बाद आने वाले
  4588. 3:13:59जिनको ऑक्टेनाइड कहा जाता है। ऑक्टेनाइड्स
  4589. 3:14:02या ऑक्टेनाइड्स ऐसे भी स्पेलिंग है इनकी।
  4590. 3:14:04और यह रेडियोएक्टिव होते हैं। डन है? यह
  4591. 3:14:07हम पढ़ चुके हैं सब सिवाय इसके कि इनमें जो
  4592. 3:14:10इलेक्ट्रॉन है वो n - 2 में भरा जाता है
  4593. 3:14:12और उसे एंटी पेनल्टीमेट शेल कहते हैं। अब
  4594. 3:14:15इनकी जनरल इलेक्ट्रॉनिक कॉन्फ़िगरेशन
  4595. 3:14:17ऑब्वियस सी बात है ऐसी हो जाएगी। अब इसको
  4596. 3:14:19ऐसे लिख लो चाहे ऐसे लिख लो। अगेन ऐसे
  4597. 3:14:22लिखने पे कंफ्यूजन होती है। तो मैं तो
  4598. 3:14:24इसके खिलाफ रहता हूं। मैं तो अफबाऊ जी के
  4599. 3:14:27हिसाब से हमेशा लिखता हूं। कैसे? कैसे?
  4600. 3:14:32तो भाई अगर मैं ns में खड़ा हुआ हूं तो n
  4601. 3:14:36- 1 d में रहूंगा। अब d में आ तो 10 सकते
  4602. 3:14:41हैं लेकिन आपको पता है d में आ तो 10 सकते
  4603. 3:14:44हैं लेकिन हमें 10 तक का वेट तो करना ही
  4604. 3:14:46नहीं है। अगर आपको याद हो कि हमने इन्हें
  4605. 3:14:47कहां से निकाला हुआ है। तो हमने इन्हें
  4606. 3:14:49यहां से निकाला हुआ है। यहां से याद करो।
  4607. 3:14:51तो D या तो शुरू होते हैं या तो नहीं
  4608. 3:14:54होते। या तो D ज़ीरो है या तो D वन है। तो
  4609. 3:14:57D आगे नहीं जाना है। आगे 3 4 5 6 नहीं
  4610. 3:15:00जाना है। तो D में या तो ज़ीरो है या तो वन
  4611. 3:15:02है। जनरली ज़ीरो ही होते हैं। वन
  4612. 3:15:04एक्सेप्शनल केसेस में आते हैं। बढ़ाते हैं।
  4613. 3:15:06ठीक है? वो बाद की बात है। अभी हम जनरल
  4614. 3:15:08कररेक्टर्स पढ़ रहे हैं। एक्सेप्शनल केस तो
  4615. 3:15:10बहुत दूर की बात है। कहां गया? हां। तो
  4616. 3:15:12यानी कि ns2 है और d में जो कि n - 1 होगा
  4617. 3:15:16उसमें ज़ीरो या फिर एक इलेक्ट्रॉन रहेगा।
  4618. 3:15:19लेकिन हां n - 2 ये पेनल्टीमेट शेल ये
  4619. 3:15:23एंटी पेनल्टीमेट शेल f में एक से लेके 14
  4620. 3:15:26कितने भी इलेक्ट्रॉन आ सकते हैं। डन हो
  4621. 3:15:29गया क्या? अब एफ ब्लॉक वालों के बारे में
  4622. 3:15:32कुछ छोटी-मोटी बातें हो जाए। ज्यादा नहीं
  4623. 3:15:34पढ़ना है। ये हैवी मेटल्स हैं। इनकी भी
  4624. 3:15:36हाई मेल्टिंग और बॉइलिंग पॉइंट है। ये भी
  4625. 3:15:38वेरिएबल ऑक्सीडेशन स्टेट मतलब वेरिएबल
  4626. 3:15:40वैलेंसी शो करते हैं। ये भी कलर्ड आयंस
  4627. 3:15:43बनाते हैं। कलर्ड आयंस रंग बिरंगे आयंस
  4628. 3:15:46बनाते हैं। एंड ऑक्टेनाॉइड्स रेडियोएक्टिव
  4629. 3:15:48है। पढ़ लिया। डन है। क्या हो गया? कुछ भी
  4630. 3:15:51नहीं है। डन। लंबी सांस लो। 40 मिनट हो गए
  4631. 3:15:55पढ़ते हुए हमें
  4632. 3:15:58इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी से। हम
  4633. 3:16:03बस
  4634. 3:16:05मैक्सिमम
  4635. 3:16:0710 से ले 15 मिनट मैक्सिमम 15 से ले 20
  4636. 3:16:10मिनट का काम रह गया बस ठीक है आओ
  4637. 3:16:13लंबी-लंबी सांस ले लो ले लिया ले लिया चलो
  4638. 3:16:18अब बात करते हैं किसके बारे में एक छोटा
  4639. 3:16:20सा ऐसे ही नाम ट्रांस यूरेनियम एलिमेंट
  4640. 3:16:24हमारी केमिस्ट्री ने पता नहीं क्यों ऐसा
  4641. 3:16:25किया मेरे को तो आज तक कभी जरूरत नहीं
  4642. 3:16:27पड़ी क्या पता आगे पढ़ती हो कहीं मुझे
  4643. 3:16:29पड़ी नहीं है लेकिन यूरेनियम के बाद
  4644. 3:16:31पीरियडिक टेबल में यूरेनियम के बाद जितने
  4645. 3:16:35भी एलिमेंट्स आए उनको ट्रांस यूरेनियम
  4646. 3:16:38एलिमेंट्स कहा गया। छोटा सा काम है। एक आध
  4647. 3:16:41नंबर में पूछ सकते हैं। कोई टेंशन नहीं
  4648. 3:16:43है। छोटा सा एक आध नंबर में पूछ सकते हैं।
  4649. 3:16:45आओ अब इस पेज पे पढ़ते हैं अलग-अलग प्रकार
  4650. 3:16:48के एटॉमिक रेडियस ओरली। और फिर यहां पे हम
  4651. 3:16:52लोग लॉन्ग फॉर्म ऑफ़ पीरियडिक टेबल जो हम
  4652. 3:16:55पढ़ रहे थे उसके फायदे। और यहां पे उसके
  4653. 3:16:57नुकसान पढ़ के चैप्टर को खत्म कर लेंगे। आ
  4654. 3:17:00जाओ। चलो आओ खुश हो जाओ। चलो सबसे पहले
  4655. 3:17:04बात तो जो हमारे पास एटॉमिक रेडियस है।
  4656. 3:17:10एटॉमिक रेडियस है।
  4657. 3:17:15एटॉमिक रेडियस तो पता ही है आपको क्या?
  4658. 3:17:17एटम
  4659. 3:17:19में जो न्यूक्लियस है और जो आउटरमोस्ट शेल
  4660. 3:17:22है उसके बीच का गैप इसे हम एटॉमिक रेडियस
  4661. 3:17:24कहते हैं। लेकिन एटॉमिक रेडियस जो होता है
  4662. 3:17:28ये कितने प्रकार का हो सकता है? एटॉमिक
  4663. 3:17:31रेडियस जो है ये कितने प्रकार का हो सकता
  4664. 3:17:33है? तो आंसर है ये चार प्रकार का हो सकता
  4665. 3:17:36है।
  4666. 3:17:38पहला होता है हमारे पास आयनिक रेडियस। फिर
  4667. 3:17:43होता है हमारे पास कोवेलेंट रेडियस। फिर
  4668. 3:17:45होता है हमारे पास मैटेलिक रेडियस और फिर
  4669. 3:17:48होता है हमारे पास वंडर वाल रेडियस।
  4670. 3:17:50कौन-कौन सा रेडियस भैया? आयनिक, कोवेलेंट,
  4671. 3:17:54मैटेलिक और वंडर वाल। आओ एक-एक करके पढ़ते
  4672. 3:17:56हैं। कोवेलेंट रेडियस।
  4673. 3:18:02कोवेलेंट रेडियस।
  4674. 3:18:05जब मैं दो एटम में से जब मैं रेडियस को
  4675. 3:18:08कैलकुलेट करना चाहूंगा। मान लो मुझे किसी
  4676. 3:18:10एटम का रेडियस कैलकुलेट करना है। तो क्या
  4677. 3:18:13प्रोसेस होगा? अगर उसने कोवेलेंट बॉन्ड
  4678. 3:18:16बना रखा होगा तो अब अगर उसने कोवेंट बॉन्ड
  4679. 3:18:19बना रखा होगा तो वो ओवरलैप हो रखा होगा।
  4680. 3:18:22ठीक है? तो उनके जो न्यूक्लियस होंगे उनके
  4681. 3:18:26बीच में एक डिस्टेंस होगा। लेट अस सपोज वो
  4682. 3:18:29डिस्टेंस x है। तो अगर मुझे कोवेलेंट
  4683. 3:18:32रेडियस निकालना होगा
  4684. 3:18:35तो कोवेलेंट रेडियस निकालने के लिए मैं इस
  4685. 3:18:40x को टू से डिवाइड कर दूंगा। तो मुझे एक
  4686. 3:18:42एटम का रेडियस मिल जाएगा। और आप जो सोच
  4687. 3:18:44रहे हो बिल्कुल सही सोच रहे हो कि
  4688. 3:18:46कोवेलेंट रेडियस अगर मैं निकालूंगा तो वो
  4689. 3:18:48मेरे एक्चुअल एटम के रेडियस से छोटा आएगा
  4690. 3:18:51या बड़ा आएगा? तो मेरे एक्चुअल एटम के
  4691. 3:18:54रेडियस से वो छोटा आएगा। बिकॉज़ यहां पे
  4692. 3:18:57कुछ डिस्टेंस कॉमन भी है जो हमने कंसीडर
  4693. 3:18:59नहीं किया है। एंड वो हम कंसीडर कर भी
  4694. 3:19:02नहीं सकते।
  4695. 3:19:03यानी कि अगर मुझे कोवेलेंट रेडियस निकालना
  4696. 3:19:07है तो दो एटम जिन्होंने आपस में कोवेलेंट
  4697. 3:19:09बॉन्ड बनाया हुआ है जो कि सेम है उनके
  4698. 3:19:11न्यूक्लियस के बीच के डिस्टेंस को डिवाइड
  4699. 3:19:14बाय टू कर देना है। बट आप इतना ध्यान रखना
  4700. 3:19:16कि जो कोवेलेंट रेडियस है वो एक्चुअल
  4701. 3:19:19रेडियस से छोटा ही आता है। कोवेलेंट
  4702. 3:19:23रेडियस
  4703. 3:19:25स्मॉलर होता है एक्चुअल रेडियस से। क्यों
  4704. 3:19:28स्मॉलर होता है? क्योंकि
  4705. 3:19:32यहां पे आपने इस कॉमन डिस्टेंस को तो
  4706. 3:19:34कंसीडर ही नहीं किया है। ठीक है ना? फिर
  4707. 3:19:36आता है हमारे पास आयनिक रेडियस। अब आयनिक
  4708. 3:19:40रेडियस में दो रेडियस होते हैं। मान लेते
  4709. 3:19:43हैं कि भैया दो लोगों ने आयनिक बॉन्ड बना
  4710. 3:19:45रखा है। एक कैटायन है और एक एनायन है। अब
  4711. 3:19:49कैटायन और एनायन में कौन बड़ा होता है?
  4712. 3:19:51इसके लिए आपको न्यूक्लियर चार्ज याद करना
  4713. 3:19:54होगा बेटा। हमने पीछे पढ़ा न्यूक्लियर
  4714. 3:19:57चार्ज। न्यूक्लियर चार्ज जब बढ़ता है तो
  4715. 3:20:02साइज छोटा होता है। यह मैं आपको सिखा चुका
  4716. 3:20:05हूं। अब न्यूक्लियर चार्ज बढ़ता कैसे? जब
  4717. 3:20:09कोई इलेक्ट्रॉन डोनेट करता है ये भी मैं
  4718. 3:20:11आपको सिखा चुका हूं। तो क्या इसका मतलब ये
  4719. 3:20:14हो गया कि अगर एक आयनिक कंपाउंड बना हुआ
  4720. 3:20:16है तो आयनिक रेडियस दो प्रकार के हो गए।
  4721. 3:20:19एक हो गया कैटायनिक रेडियस
  4722. 3:20:24और एक हो गया एनायनिक रेडियस। है ना? अब
  4723. 3:20:28कैटायनिक रेडियस में जो कैटायन होता है
  4724. 3:20:32उसका साइज हमेशा छोटा होता है अपने पेरेंट
  4725. 3:20:36एटम से। यानी कि Na+ का साइज हमेशा Na से
  4726. 3:20:42छोटा होगा। अब ऐसा क्यों कह रहे हैं हम?
  4727. 3:20:44बताओ। Na+ का साइज Na से हमेशा छोटा होगा।
  4728. 3:20:48बताओ ऐसा क्यों कह रहे हैं? ऐसा इसलिए कह
  4729. 3:20:50रहे हैं एग्जाम में पूछ लेंगे भैया आप।
  4730. 3:20:52ऐसा इसलिए कह रहे हैं क्योंकि इलेक्ट्रॉन
  4731. 3:20:57इलेक्ट्रॉन
  4732. 3:21:00के लॉस से न्यूक्लियर चार्ज इलेक्ट्रॉन के
  4733. 3:21:05लॉस से न्यूक्लियर चार्ज बढ़ जाता है और
  4734. 3:21:08न्यूक्लियर चार्ज के बढ़ने से साइज कम हो
  4735. 3:21:11जाता है। जिसकी वजह से कैटायंस का साइज
  4736. 3:21:14हमेशा अपने पेरेंट से छोटा होता है। अब
  4737. 3:21:17अगर मान लो कोई ज्यादा
  4738. 3:21:21नंबर ऑफ इलेक्ट्रॉन्स डोनेट कर सकता है।
  4739. 3:21:23जैसे एलुमिनियम है। उसने तीन इलेक्ट्रॉन
  4740. 3:21:26डोनेट किए हुए हैं। उसने दो इलेक्ट्रॉन
  4741. 3:21:28डोनेट किए हुए हैं। उसने एक इलेक्ट्रॉन
  4742. 3:21:30डोनेट किया हुआ है और उसने एक भी नहीं
  4743. 3:21:32किया हुआ है। तो आई होप आपको पता है कि
  4744. 3:21:34जितना ज्यादा इलेक्ट्रॉन लूज़ करते चले
  4745. 3:21:37जाओगे उतना न्यूक्लियर चार्ज बढ़ता चला
  4746. 3:21:39जाएगा और साइज छोटा होता चला जाएगा। तो
  4747. 3:21:42यानी सबसे बड़ा एलुमिनियम है। फिर
  4748. 3:21:44एलुमिनियम प्लस है और फिर एलुमिनियम +2 और
  4749. 3:21:46एलुमिनियम +3 सबसे छोटा हो गया इनमें।
  4750. 3:21:50और एनायन में आई होप आप समझ ही गए सब कुछ
  4751. 3:21:53उल्टा होगा। एनायन में सब कुछ उल्टा होगा।
  4752. 3:21:56एनायन का साइज अपने पेरेंट से बड़ा होगा।
  4753. 3:22:00अगेन रीज़ बिल्कुल उल्टा है। बट एग्जांपल
  4754. 3:22:04के तौर पे
  4755. 3:22:06Cl- का साइज बड़ा होगा Cl से। रीज़न वही है
  4756. 3:22:10कि अगर आपने इलेक्ट्रॉन गेन किया है
  4757. 3:22:14इलेक्ट्रॉन
  4758. 3:22:16गेन किया है तो न्यूक्लियर चार्ज
  4759. 3:22:20न्यूक्लियर चार्ज
  4760. 3:22:23आपका कम हो गया होगा जिसकी वजह से साइज बढ़
  4761. 3:22:27गया होगा और सेम रीज़न अगर वहां पे वापस आए
  4762. 3:22:30तो अगर कोई तीन इलेक्ट्रॉन गेन कर रहा है
  4763. 3:22:32मान लो नाइट्रोजन -3 है। मान लो नाइट्रोजन
  4764. 3:22:35-2 है। मान लो नाइट्रोजन है। माइनस और
  4765. 3:22:39नाइट्रोजन है। तो इनमें जितना ज्यादा
  4766. 3:22:41इलेक्ट्रॉन गेन करते चले जाओगे न्यूक्लियर
  4767. 3:22:44चार्ज कम होगा। साइज बढ़ेगा। तो सबसे बड़ा
  4768. 3:22:47साइज यहां पे n - 3 फिर n - 2 फिर n - और
  4769. 3:22:51फिर n का हो जाएगा। एज़ सिंपल एज दैट। फिर
  4770. 3:22:55आता है मैटेलिक रेडियस। मैटेलिक रेडियस
  4771. 3:22:57कुछ भी नहीं है। मैटेलिक रेडियस का मतलब
  4772. 3:23:00है जब
  4773. 3:23:03मैटेलिक रेडियस का मतलब है जब मेटल्स ने
  4774. 3:23:05मटेलिक बॉन्ड बना रखा होता है तो वो एक
  4775. 3:23:08एटम दूसरे एटम के साथ बैठा होता है। साथ
  4776. 3:23:11बैठा होता है। साथ बैठा होता है। साथ बैठा
  4777. 3:23:13होता है। साथ बैठा होता है। लैटिस बना हुआ
  4778. 3:23:16बोलते हैं। लैटिस को हम अगले चैप्टर में
  4779. 3:23:18पढ़ेंगे। है ना? अब मुझे अगर मैटेलिक
  4780. 3:23:20रेडियस निकालना है तो मैं कैसे निकालूंगा?
  4781. 3:23:22ये सारे एटम्स के बीच के डिस्टेंस को
  4782. 3:23:25जितने भी एटम्स हैं उनसे डिवाइड कर दूंगा।
  4783. 3:23:27मान लो यहां पे 1 2 3 4 पांच एटम्स हैं।
  4784. 3:23:32अब पांच एटम्स
  4785. 3:23:34का बीच का डिस्टेंस निकाल लिया। ठीक है?
  4786. 3:23:37मान लो ये x ये टोटल जो डिस्टेंस है वो x
  4787. 3:23:40आया। ये टोटल जो डिस्टेंस है वो x आया। तो
  4788. 3:23:43यहां से मुझे अगर डायमीटर निकालना होगा।
  4789. 3:23:46इतनी मैथ्स तो आती है आपको। करना आपको कुछ
  4790. 3:23:48भी नहीं है। तो बस समझना है। तो अगर आपको
  4791. 3:23:50डायमीटर निकालना होगा तो पांचों एटम
  4792. 3:23:54की लंबाई x है। उसको पांच से डिवाइड कर
  4793. 3:23:56देंगे तो एक का डायमीटर आ जाएगा। एक का
  4794. 3:23:59डायमीटर आया तो उससे रेडियस भी। आपको करना
  4795. 3:24:01कुछ भी नहीं है। इन सब में सवाल सिर्फ
  4796. 3:24:03यहीं से आएगा कि बताओ कैटायन का साइज अपने
  4797. 3:24:06पेरेंटल एटम से बड़ा क्यों होता है? और
  4798. 3:24:08छोटा क्यों होता है? और एनायन का साइज
  4799. 3:24:10बड़ा क्यों होता है? यही वाला सवाल आएगा।
  4800. 3:24:12चलो मान लो क्वेश्चन आया व्हाई साइज ऑफ़
  4801. 3:24:15कैटायन? मान लो क्वेश्चन आ गया व्हाई साइज
  4802. 3:24:18ऑफ कैटायन इज स्मॉलर देन इट्स पैरेंटल
  4803. 3:24:21एटम? साइज ऑफ कैटायन अपने पैरेंटल एटम से
  4804. 3:24:24छोटा क्यों होता है? मान लो ये क्वेश्चन आ
  4805. 3:24:26गया। तो क्या आंसर दोगे? छोटा क्यों होता
  4806. 3:24:29है? तो आंसर है साइज ऑफ़ कैटायन इज़ स्मॉलर
  4807. 3:24:32देन इट्स पैरेंटल एटम। बिकॉज़ व्हाई?
  4808. 3:24:35व्हाई? बिकॉज़ बिकॉज़ ऑफ़ हायर न्यूक्लियर
  4809. 3:24:38चार्ज। एंड हायर न्यूक्लियर चार्ज की वजह
  4810. 3:24:40से देयर इज़ मोर अट्रैक्शन एंड डिक्रीज इन
  4811. 3:24:44साइज अकर्स। और कॉन्ट्रैक्शन इन साइज
  4812. 3:24:46अकर्स सिंपल है।
  4813. 3:24:49डन है। यहीं से सवाल आएगा और कुछ नहीं है।
  4814. 3:24:52फिर आएगा हमारे पास एक और रेडियस वंडर वाल
  4815. 3:24:54रेडियस। अब वंडर वाल रेडियस क्या होता है
  4816. 3:24:58भैया? वंडरवाल रेडियस होता है उन लोगों
  4817. 3:25:01में नापा जाता है जिनमें कोई बॉन्ड नहीं
  4818. 3:25:04होता है। जैसे कि नोबल गैसेस। वंडर वाल
  4819. 3:25:08रेडियस नापा जाता है फॉर नोबल गैसेस।
  4820. 3:25:13जिनमें कोई बॉन्ड नहीं बनता जो ना तो
  4821. 3:25:16कोवेंट बॉन्ड बना के बैठे ना ही आयनिक
  4822. 3:25:19बॉन्ड बना के बैठे और ना ही वो मैटेलिक
  4823. 3:25:22बॉन्ड बना के बैठे। वो इनमें से कोई भी
  4824. 3:25:24बॉन्ड नहीं बना के बैठे। उस केस में हम
  4825. 3:25:26लोग नाप लेते हैं कौन सा रेडियस? वंडर वाल
  4826. 3:25:29रेडियस। उसमें क्या होता है? अगर उनके बीच
  4827. 3:25:31में कोई बॉन्ड नहीं है तो भैया उनके
  4828. 3:25:34पार्टिकल्स तो एक दूसरे से बहुत दूर
  4829. 3:25:36होंगे। जैसे आपको पता है नोबल गैसेस।
  4830. 3:25:38कोवलेंट में क्या है? ओवरलैप हो गए। आयनिक
  4831. 3:25:40में क्या है? ये अगर कैटायन है तो ये
  4832. 3:25:43एनायन है। दोनों चिपक के बैठते हैं। बिकॉज़
  4833. 3:25:45इनके बीच में स्ट्रांग इलेक्ट्रोस्टेटिक
  4834. 3:25:47अट्रैक्शन होती है। मेटल्स में भी आपको
  4835. 3:25:49सबको पता है टाइटली पैक्ड होते हैं। लेकिन
  4836. 3:25:51कोवलेंट में ओ वंडर वाल में जिसमें नोबल
  4837. 3:25:55गैस नापते हैं उनमें तो कोई अट्रैक्शन
  4838. 3:25:57नहीं है। तो उनमें तो पार्टिकल्स बहुत
  4839. 3:25:59दूर-दूर होंगे। अब मान लो दूर-दूर है और
  4840. 3:26:01मैंने इनके बीच का डिस्टेंस निकाला x आया।
  4841. 3:26:04अब अगर मुझे वंडर वाल रेडियस नापना है मान
  4842. 3:26:07लो। मान लो मुझे नापना है वंडर वाल
  4843. 3:26:10रेडियस। अब वंडर वाल रेडियस नापने के लिए
  4844. 3:26:13मैं क्या करूंगा? आंसर है मैं x को टू से
  4845. 3:26:16डिवाइड कर दूंगा। आंसर है मैं x को टू से
  4846. 3:26:19डिवाइड कर दूंगा। यस और नो। अब अगर मैं x
  4847. 3:26:21को टू से डिवाइड करूंगा तो जरा कंपेयर करो
  4848. 3:26:23इसको। कोवेलेंट रेडियस को भी तो हमने x से
  4849. 3:26:26टू से डिवाइड किया था। बट यहां पे x को टू
  4850. 3:26:29से डिवाइड करने पे x को टू से डिवाइड करने
  4851. 3:26:32पे आंसर छोटा आया था। यहां पे छोटा आएगा,
  4852. 3:26:35बड़ा आएगा? जल्दी बताओ काइंड ऑफ ये आखिरी
  4853. 3:26:38सवाल ही है आप समझ लो आज के वन शॉट का तो
  4854. 3:26:40जल्दी बताओ इसमें जो x/ 2 करूंगा इसमें जो
  4855. 3:26:44वंडर वाल रेडियस आएगा वो एक्चुअल रेडियस
  4856. 3:26:46से छोटा आएगा या बड़ा आएगा इतना तो बता
  4857. 3:26:49सकते हो यार एक्चुअल रेडियस से छोटा आएगा
  4858. 3:26:52बड़ा आएगा
  4859. 3:26:54यस यानी कि क्योंकि गैप बहुत ज्यादा होता
  4860. 3:26:58है यानी कि जो वंडर वाल रेडियस आता है जो
  4861. 3:27:03वंडर वाल रेडियस आता है। यह एक्चुअल
  4862. 3:27:07रेडियस से काफी बड़ा आता है। और यही रीजन
  4863. 3:27:11है कि नोबल गैसेस का जो साइज है वो हमने
  4864. 3:27:15जो नापा है वो एक्चुअल साइज से काफी बड़ा
  4865. 3:27:18नापा हुआ है। एंड अभी हमारे पास देयर इज़
  4866. 3:27:21नो अदर ऑप्शन आल्सो। इसके बारे में कभी और
  4867. 3:27:24बात करेंगे। वन शॉट वैसे भी बहुत बड़ा हो
  4868. 3:27:26चुका है। सिर्फ इस पे ध्यान दो कि हमने
  4869. 3:27:28वंडरवाल रेडियस को कैसे नापा। वंडर वाल एक
  4870. 3:27:31इंसान का नाम है। इन्होंने वंडरवाल फोर्स
  4871. 3:27:33ऑफ अट्रैक्शन दिया था। इसके बारे में भी
  4872. 3:27:35पढ़ना है हमें। लेकिन नोबल गैसेस में वंडर
  4873. 3:27:38वाल रेडियस नापते हैं। दो के बीच में गैप
  4874. 3:27:40होता है। क्योंकि उनमें कोई अट्रैक्शन
  4875. 3:27:41नहीं है इन जैसा। तो जो रेडियस है वो
  4876. 3:27:44एक्चुअल रेडियस से काफी ज्यादा बड़ा आता
  4877. 3:27:47है। बट हमारे पास कोई और ऑप्शन भी नहीं
  4878. 3:27:50है। और यही रीज़न है कि नोबल गैसेस का साइज
  4879. 3:27:53उनके एक्चुअल साइज से बड़ा नापा गया है। तो
  4880. 3:27:57एग्जाम में क्वेश्चन अभी मैं ओरली
  4881. 3:27:58क्वेश्चन डिस्कस कर रहा हूं आपसे। थोड़े
  4882. 3:28:00बहुत एनसीईआरटी से थोड़े बहुत यहां से। डन
  4883. 3:28:02है। चलो फिलहाल ये हमारे पास अलग-अलग
  4884. 3:28:05प्रकार के रेडियस हो गए। चैप्टर खत्म करते
  4885. 3:28:07हैं। लॉन्ग फॉर्म ऑफ पीरियडिक टेबल के
  4886. 3:28:10फायदे क्या है भैया? बहुत सारे फायदे हैं।
  4887. 3:28:12सबसे पहला तो यह बेस्ड है किस पे? एक बहुत
  4888. 3:28:15अच्छी फंडामेंटल प्रॉपर्टी पे जो कि
  4889. 3:28:16एटॉमिक नंबर है। मॉडर्न टेबल में
  4890. 3:28:19आइसोटोप्स को भी लगा पाए जो कि मेंडलीफ जी
  4891. 3:28:22के टेबल में नहीं लगा पाए थे। एलिमेंट्स
  4892. 3:28:24की पोजीशन इलेक्ट्रॉनिक कॉन्फ़िगरेशन से
  4893. 3:28:27पता लगाए जा सकते हैं जो कि बहुत आसान है।
  4894. 3:28:30ये पहली टेबल है जिसने ग्रुप और पीरियड के
  4895. 3:28:32अलावा हमें ब्लॉक्स भी दिए। हमें ब्लॉक्स
  4896. 3:28:35भी दिए। ऑब्वियस सी बात है। अच्छा। अब
  4897. 3:28:37यहां पे आती है कंट्रोवर्सी। कंट्रोवर्सी
  4898. 3:28:39कैसे? हमने टेबल से एफ और एफ ब्लॉक वालों
  4899. 3:28:43को बाहर निकाला। अच्छा पता है हमने टेबल
  4900. 3:28:46से एफ वालों को बाहर क्यों निकाला? पढ़ना
  4901. 3:28:47तो नहीं है लेकिन अब आप इसका आंसर दे सकते
  4902. 3:28:49हो। हमने एफ वालों को टेबल से बाहर इसलिए
  4903. 3:28:52निकाला बिकॉज़ एफ वाले बैड शील्डर्स होते
  4904. 3:28:55हैं। याद है बैड शील्डर्स? जिसकी वजह से
  4905. 3:28:58उनके साइज में बहुत ज्यादा कॉन्ट्रैक्शन आ
  4906. 3:29:00जाता है क्योंकि वो अच्छे से शील्ड नहीं
  4907. 3:29:02कर पाते। और साइज में कॉन्ट्रैक्शन आता है
  4908. 3:29:04जिसकी वजह से प्रॉपर्टीज में बहुत बदलाव आ
  4909. 3:29:07गया। डेंसिटी बढ़ गई। आयनाइजेशन एनर्जी हद
  4910. 3:29:10से ज्यादा बढ़ गई जिसकी वजह से और प्लस वो
  4911. 3:29:12रेडियोएक्टिव भी है। जिसकी वजह से उनकी
  4912. 3:29:14प्रॉपर्टीज इतनी गंदी हो गई कि उनको टेबल
  4913. 3:29:16से बाहर निकालना पड़ा मजबूरन। ठीक है? बट
  4914. 3:29:19अभी के लिए आप मुझे बताओ एडवांटेज में ये
  4915. 3:29:22लिखा गया है कि टेबल से बाहर निकाला गया
  4916. 3:29:25लैंथेनाॉइड और ऑक्टेनॉइड्स को ताकि बाकी
  4917. 3:29:27सारी प्रॉपर्टीज मैच हो जाए। और बड़ी
  4918. 3:29:29क्रेजी बात ये है कि इसको अगर एडवांटेज
  4919. 3:29:32में लिखा हुआ है तो इसी को डिसएडवांटेज
  4920. 3:29:35में भी लिखा हुआ है कि लैंथेनाइड्स और
  4921. 3:29:36ऑक्टेनाइड को टेबल से बाहर निकाला। और बात
  4922. 3:29:38सही भी है यार। देखो अगर एक क्लास रूम में
  4923. 3:29:41120 बच्चे पढ़ रहे हैं और टीचर उनमें से
  4924. 3:29:4528 बच्चों को बाहर निकाल दे कि बेटा बहुत
  4925. 3:29:47बदतमीज हो बाहर चले जाओ। तो ये अच्छी बात
  4926. 3:29:49भी है ताकि बाकी बच्चे पढ़ पाए। और ये
  4927. 3:29:51बुरी भी है क्योंकि एक अच्छे टीचर एक
  4928. 3:29:54अच्छा क्लासरूम कैसा हो कि किस कुछ भी
  4929. 3:29:56करके टीचर उनको भी वहां अकोमोडेट कर दे।
  4930. 3:29:59है ना? है ना? भले वो बदतमीज हो लेकिन
  4931. 3:30:01थोड़ा बहुत तो पढ़ लेना। बिल्कुल ऐसे ही
  4932. 3:30:03आप समझो ये एक फायदे में भी डाला गया है
  4933. 3:30:06और ये एक नुकसान में भी डाला गया है। ठीक
  4934. 3:30:08है? और हां सेकंड नुकसान तो आपको पता ही
  4935. 3:30:10होना चाहिए जो कि मैं आपको बता चुका हूं
  4936. 3:30:12कि आज तक भी हम हाइड्रोजन की पोजीशन को
  4937. 3:30:15फिक्स नहीं कर पाए हैं। डन हो गया। तो
  4938. 3:30:19बच्चों मुबारक हो हमारा वन शॉट फाइनली
  4939. 3:30:22फाइनली खत्म हुआ है। ये शायद बहुत रेयर वन
  4940. 3:30:26शॉट्स में से एक है जिसको मैंने एक रात और
  4941. 3:30:28एक सुबह में रिकॉर्ड किया है। हां हम हम
  4942. 3:30:33चलिए अब कुछ सवालों के बारे में बात करते
  4943. 3:30:36हैं जो कि एग्जाम में काफी आते हैं। जैसे
  4944. 3:30:39कि ओरली बात कर लेंगे। जैसे कि पहला सवाल
  4945. 3:30:42व्हाई साइज ऑफ़ कैटायन इज़ स्मॉलर देन इट्स
  4946. 3:30:44पेरेंटल एटम? बिकॉज़ ऑफ़ द फ़ैक्ट दैट
  4947. 3:30:48कैटायंस हैव हायर न्यूक्लियर चार्ज एंड
  4948. 3:30:52ड्यू टु हायर न्यूक्लियर चार्ज देयर इज़
  4949. 3:30:54कॉन्ट्रैक्शन इन साइज़। सेम उल्टा सवाल आता
  4950. 3:30:57है एनायंस के लिए। ठीक है? अगला क्वेश्चन।
  4951. 3:31:00व्हाई नोबल गैसेस हैव एक्सेप्शनली लार्ज
  4952. 3:31:02साइज़। बिकॉज़ इन द केस ऑफ नोबल गैसेस वी
  4953. 3:31:05मेजर वंडरवाल रेडियस व्हिच इज़ एक्चुअली
  4954. 3:31:08ग्रेटर देन ऑल दी अदर रेडियस ड्यू टू लेस
  4955. 3:31:11फोर्स ऑफ़ अट्रैक्शन और नो फोर्स ऑफ़
  4956. 3:31:13अट्रैक्शन बिटवीन दी पार्टिकल्स जिसकी वजह
  4957. 3:31:15से गैप आ जाता है जिसकी वजह से गैप आ जाता
  4958. 3:31:18है। एक सवाल मैंने आपको यहां पे दे अच्छा
  4959. 3:31:21जनरल इलेक्ट्रॉनिक कॉन्फ़िगरेशन के ऊपर
  4960. 3:31:23बहुत सवाल आते हैं। आपको जनरल
  4961. 3:31:25इलेक्ट्रॉनिक कॉन्फ़िगरेशन दे रखी होगी और
  4962. 3:31:27आपको पहचानना होगा वो कौन है। तो इसलिए
  4963. 3:31:29आपको ये वाली कॉन्फ़िगरेशन आपको ये वाली
  4964. 3:31:32कॉन्फ़िगरेशन
  4965. 3:31:34D की आपको F की कॉन्फ़िगरेशन और S की तो
  4966. 3:31:37बहुत ही आसान है। ये कॉन्फ़िगरेशन आनी
  4967. 3:31:39चाहिए। इनके ऊपर सवाल आ सकते हैं। ऐसे भी
  4968. 3:31:41सवाल आते हैं कि आपको कुछ तीन-चार
  4969. 3:31:43कररेक्टर्स दे देंगे और आपको पहचानना होगा
  4970. 3:31:45कि ये एस ब्लॉक का है, पी ब्लॉक का है, डी
  4971. 3:31:48ब्लॉक का है। जैसे मैं बोल दूं कि ये मेटल
  4972. 3:31:49है। इसकी आयनाइज़ेशन एनर्जी बहुत लो है।
  4973. 3:31:54तो आपको समझ जाना है कि ये एस ब्लॉक का
  4974. 3:31:56है। ये मेटल तो है लेकिन इसकी आयनाइज़ेशन
  4975. 3:32:00एनर्जी भी ठीक है, लेकिन ये बहुत हार्ड है
  4976. 3:32:01और इनका हाई मेल्टिंग पॉइंट है। तो ये एस
  4977. 3:32:04ब्लॉक नहीं हो सकते। अब ये डी ब्लॉक है।
  4978. 3:32:06है ना? तो ऐसे आपको कुछ जनरल कररेक्टर्स
  4979. 3:32:09के ऊपर भी सवाल पूछे जा सकते हैं। ये वाला
  4980. 3:32:12सवाल तो भाई साहब बहुत ही पूछा जाता है कि
  4981. 3:32:14फ्लोरीन की मोर इलेक्ट्रोनेगेटिविटी है बट
  4982. 3:32:17फिर भी उसकी इलेक्ट्रॉन गेन एंथैल्पी
  4983. 3:32:19ज्यादा नेगेटिव क्यों नहीं है? ठीक है ना?
  4984. 3:32:22आओ एक बार कुछ सवाल अगर हम दो-चार सवाल ही
  4985. 3:32:25सही बट एनसीईआरटी से देख लें। बाकी एक बार
  4986. 3:32:28आप चैप्टर को पूरा पढ़ लीजिएगा। उसके बाद
  4987. 3:32:30मुझे लगता है एनसीईआरटी पे आना बहुत
  4988. 3:32:32ज्यादा बेहतर रहेगा। बट फिर भी आओ एक बार
  4989. 3:32:34एनसीईआरटी खोल लेते हैं। पीरियडिक
  4990. 3:32:37एनसीईआरटी कुछ इंपॉर्टेंट सवालों पे आ
  4991. 3:32:40जाते हैं। कुछ इंपॉर्टेंट सवाल जो हमारे
  4992. 3:32:43एग्जाम में जनरली पूछे जा सकते हैं। जैसे
  4993. 3:32:45पूछा हुआ है 120 का आईयूपीएसी नेम दो। तो
  4994. 3:32:48120 का आईयूपीएसी नेम बताया था ना अन बाय
  4995. 3:32:51नीिलियम और फिर उसका सिंबल-विंबल जो भी
  4996. 3:32:54आपसे पूछ लेंगे। तो ऐसे वाले सवाल तो मतलब
  4997. 3:32:56कर ही लोगे। मैं अगर एनसीईआरटी के
  4998. 3:32:57एक्सरसाइज पे आऊं तो पूछ रहे हैं कि आपके
  4999. 3:33:01हिसाब से एक ग्रुप में केमिकल प्रॉपर्टीज
  5000. 3:33:06और फिजिकल प्रॉपर्टी में से क्या सेम
  5001. 3:33:07रहेगा? तो एक ग्रुप में क्या सेम होता है?
  5002. 3:33:09तो एक ग्रुप में सेम होता है वैलेंस
  5003. 3:33:11इलेक्ट्रॉन वैलेंसी जिसकी वजह से केमिकल
  5004. 3:33:14प्रॉपर्टी सेम हो जाती हैं। मेटल है तो
  5005. 3:33:16मेटल है ना? तो केमिकल प्रॉपर्टीज लेकिन
  5006. 3:33:18फिजिकल प्रॉपर्टी अलग-अलग होती हैं। ठीक
  5007. 3:33:20है? इसके बाद एक और क्वेश्चन पूछा गया है।
  5008. 3:33:23कि NOE कैटायन का साइज छोटा क्यों है?
  5009. 3:33:25लेकिन एक क्वेश्चन है कि आय जो हमारी
  5010. 3:33:28आयनाइजेशन एनर्जी है उसमें आइसोलेटेड गैस
  5011. 3:33:31एटम का क्या मतलब है और वहां पे ग्राउंड
  5012. 3:33:34स्टेट का क्या मतलब है? तो आइसोलेटेड गैस
  5013. 3:33:36एटम क्यों बोल रहे हैं? क्योंकि हम चाहते
  5014. 3:33:38हैं कि हमारा जो एटम है वो अकेला हो ताकि
  5015. 3:33:41आसपास दूसरे एटम उस पे इन्फ्लुएंस ना लगा
  5016. 3:33:44पाए। है ना? और ग्राउंड स्टेट क्यों?
  5017. 3:33:47बिकॉज़ इलेक्ट्रॉन मस्ट बी प्रेजेंट
  5018. 3:33:50अकॉर्डिंग टू द आउटबाऊ प्रिंसिपल।
  5019. 3:33:52इलेक्ट्रॉन मस्ट बी प्रेजेंट ऑन इट्स
  5020. 3:33:53इनिशियल एनर्जी स्टेट। अगर वो पहले से ही
  5021. 3:33:56एक्साइटेड है हायर जगह पे मान लो एक
  5022. 3:33:58इलेक्ट्रॉन जिसको थर्ड शेल में होना चाहिए
  5023. 3:34:00था और आपने आयनाइजेशन एनर्जी निकाली और वो
  5024. 3:34:03आई 1000 किलजूल पर मोल पर अगर वो
  5025. 3:34:07एक्साइटेड था और वो फोर्थ शेल में था तो
  5026. 3:34:091000 से तो कम ही आएगी ना। अब आपने तो
  5027. 3:34:11निकाल ली 800 क्योंकि वो तो न्यूक्लियस से
  5028. 3:34:13दूर बैठा हुआ है। अब आपने निकाल लिया 800
  5029. 3:34:15बट एक्चुअली में आंसर 800 से ज्यादा है तो
  5030. 3:34:18गलत आ जाएगा। इसलिए इलेक्ट्रॉन का ग्राउंड
  5031. 3:34:20स्टेट पे होना बहुत ज्यादा जरूरी है। बहुत
  5032. 3:34:23ज्यादा जरूरी है। एक और सवाल है कि
  5033. 3:34:26आयनाइजेशन एनर्जी आपके हिसाब से सोडियम और
  5034. 3:34:28सोडियम प्लस में किसकी ज्यादा होगी? और
  5035. 3:34:31ऐसे ही आपसे पूछा हुआ है कि मैग्नीशियम और
  5036. 3:34:34मैग्नीशियम प्लस में किसकी ज्यादा होगी?
  5037. 3:34:36बहुत प्यारा सवाल है। बहुत प्यारा सवाल
  5038. 3:34:38है। क्योंकि दोनों में आंसर अलग-अलग है।
  5039. 3:34:41अब सोडियम और सोडियम प्लस में तो ज्यादा
  5040. 3:34:43सोडियम प्लस की होगी। बिकॉज़ फर्स्ट
  5041. 3:34:45आयनाइज़ेशन एनर्जी से सेकंड वाली हमेशा
  5042. 3:34:48ज्यादा होती है।
  5043. 3:34:50लेकिन याद करो अल्कली अर्थ मेटल में
  5044. 3:34:53एक्सेप्शनल केस था जो कि मैंने कराया।
  5045. 3:34:55मैंने आपको सारे इंपॉर्टेंट क्वेश्चंस तो
  5046. 3:34:57ऑलरेडी क्लास में करा दिए। अब एक सवाल
  5047. 3:35:00पूछते हैं कि mg+ में से और mg में से
  5048. 3:35:03किसकी ज्यादा होगी? तो ज्यादातर बच्चे ऐसे
  5049. 3:35:04लिख देते हैं। बट आंसर है ये। क्योंकि
  5050. 3:35:07अल्कलाइन अर्थ मेटल में फर्स्ट वाली
  5051. 3:35:10आयनाइजेशन एनर्जी ज्यादा होती है एज
  5052. 3:35:13कंपेयर टू सेकंड। रीज़न बताओ क्योंकि उनमें
  5053. 3:35:17पहला इलेक्ट्रॉन निकलता है फुल्ली फील्ड
  5054. 3:35:19से जो कि ज्यादा स्टेबल है। तो ये वाले
  5055. 3:35:22क्वेश्चन मेजरली ध्यान रखना है। बाकी तो
  5056. 3:35:24ट्रेंड्स वगैरह के ऊपर है। मैं सलाह दूंगा
  5057. 3:35:26ये थ्योरी बेस्ड चैप्टर है। ऐसा करो आराम
  5058. 3:35:28से आप इस चैप्टर को पूरा का पूरा एक बार
  5059. 3:35:30गो थ्रू कर लो। और पूरा गो थ्रू करने के
  5060. 3:35:34बाद आप इसकी एनसीईआरटी कर लो। आराम से कर
  5061. 3:35:37लो। और एनसीईआरटी करने के बाद क्योंकि
  5062. 3:35:40थ्योरी बेस्ड है। तो जिसका भी आंसर आपको
  5063. 3:35:41ना मिल रहा हो एक बार Google पे सर्च करके
  5064. 3:35:43देखो वो क्या कह रहा है और उसके बाद ही आप
  5065. 3:35:46आगे बढ़ना। ये थ्योरी का चैप्टर है।
  5066. 3:35:48न्यूमेरिकल इसमें कोई नहीं है। आपको आराम
  5067. 3:35:50से पहले थ्योरी को पूरा ढंग से पढ़ लेना
  5068. 3:35:52है। उसके बाद क्वेश्चंस पे आओ। उन सारे
  5069. 3:35:54क्वेश्चंस को एक अलग जगह पे लिख लो। जो
  5070. 3:35:56मैंने आपको एक्सेप्शनल केसेस करवाए हैं।
  5071. 3:35:59जो भी मैंने आपको एक्सेप्शनल केसेस या जो
  5072. 3:36:01भी मैंने आपको बीच-बीच में क्वेश्चन कराए
  5073. 3:36:02वो तो हीरा क्वेश्चन है। हीरा क्वेश्चन डन
  5074. 3:36:04है। बाकी अगर ये वन शॉट आपको अच्छा लगा है
  5075. 3:36:07जिसमें मैंने पूरे दिल और दिमाग से पढ़ाया
  5076. 3:36:09है। सुबह उठ के पढ़ाया है तो उसमें आप ढंग
  5077. 3:36:11एक बढ़िया सा कमेंट छोड़ के जाओ। अभी
  5078. 3:36:13अभी-अभी एक लाइक छोड़ो। वो देखो लाइक बटन
  5079. 3:36:16यहां कहीं होगा। और क्योंकि इससे ज्यादा
  5080. 3:36:18बच्चों तक पहुंचेगा और आपको हमसे आगे और
  5081. 3:36:21क्या चाहिए वो बताने लेकिन एक प्यारा सा
  5082. 3:36:22कमेंट और लाइक। ठीक है? बाकी बैच 2.0 में
  5083. 3:36:25आप जुड़ सकते हैं। अभी एक-एक आधा-आधा
  5084. 3:36:28चैप्टर ही हुआ है और जल्दी ही मिलते हैं
  5085. 3:36:30आपसे YouTube पे। लव यू।

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