YouTube2Text

2026 के अंतिम 6 महीनों से जुड़ी कभी न भुलाने वाली Shocking Predictions ! Acharya Reena Sharma — Transcript

by Dharm Gyan · 8,929 words · 1,136 segments · language en · Watch on YouTube

Full transcript

  1. 0:01[संगीत]
  2. 0:05[संगीत]
  3. 0:14सूर्य ग्रहण भी लगने वाला है और हमारे
  4. 0:16भारत की कुंडली में जो [संगीत] थर्ड हाउस
  5. 0:18में प्लनेट्स बैठे हैं बहुत सारे प्लनेट्स
  6. 0:20अश्लेषा नक्षत्र में हैं और अश्लेषा
  7. 0:23नक्षत्र [संगीत] का जो सिंबल है वो है
  8. 0:25कुंडली मारा हुआ सांप। तो भारतीय राजनीति
  9. 0:28में तो कोई ऐसी उथल-पुथल [संगीत] आपको नजर
  10. 0:30आती है इस साल? जो बचा हुआ है 2026
  11. 0:33एक्सटर्नल फर्सेस बहुत एक्टिव हो रहे हैं
  12. 0:35और इंटरनल क्फ्लिक्ट खड़ा कर रहे हैं
  13. 0:37क्योंकि उसका मेन कारण ही ये है कि सत्ता
  14. 0:40को हिलाना है। सत्ता हिलेगी, सेंट्रल
  15. 0:42गवर्नमेंट हिलेगी और हमारी मेन जो सीनियर
  16. 0:45लीडरशिप है उसमें उथल-पुथल होगी तो भारत
  17. 0:48हिलेगा।
  18. 0:51यहां तक कि एक किसी बड़े नेता की को
  19. 0:54मृत्यु तुल्य कष्ट तक होने का यह समय है।
  20. 0:57कोई भी बड़ा नेता हो सकता है। इंक्लूडिंग
  21. 1:00मोदी जी ऑफ कोर्स
  22. 1:03आने वाले 10 सालों में किस लीडर को उभरते
  23. 1:07हुए देखते हैं? मतलब टॉप पर पहुंचता हुआ
  24. 1:09देखते हैं। यहां दो नाम है। एक तो योगी
  25. 1:12आदित्यनाथ जी विदाउट फेल मैं बोलूंगी
  26. 1:15क्योंकि उनकी साढ़ेसाती का अंत होने वाला
  27. 1:17है और एक बहुत ही पोटेंशियल वाली कुंडली
  28. 1:19है और वो बीजेपी को फिर से जॉइ करेंगे आप
  29. 1:22आफ्टर थ्री टू फोर इयर्स। एंड ही हैज़ दैट
  30. 1:25पोटेंशियल कि वो तमिलनाडु के चीफ मिनिस्टर
  31. 1:28बने पहले और उसके बाद आगे जाके जैसे आपने
  32. 1:3010 साल कहा 10 12 साल बाद वो भारत के
  33. 1:34प्राइम मिनिस्टर भी बन सकते हैं।
  34. 1:38इस भोमवती अमावस्या से 15 दिन पहले और 15
  35. 1:41दिन बाद वाले पीरियड में मतलब ऑलमोस्ट एक
  36. 1:43महीने का जो पीरियड है इसमें आप देखेंगी
  37. 1:47कि जो कुछ भी मंगल से रिलेटेड चीजें हैं
  38. 1:50उसमें बहुत उतार-चढ़ाव आएंगे। मंगल आग के
  39. 1:54भी कारक हैं, युद्ध के भी कारक हैं। सो
  40. 1:56कोई सीज फायर नहीं हो रहा है ईरान और यूएस
  41. 1:59के बीच में। एिएशन इंडस्ट्री में,
  42. 2:02एयरप्लेंस में, फायर इंसिडेंट्स में,
  43. 2:05इलेक्ट्रिकल इक्विपमेंट्स में, मिलिट्री
  44. 2:08इक्विपमेंट्स [संगीत] में बहुत बड़ी-बड़ी
  45. 2:10खराबियों की खबरें आएंगी और सुनाई देंगी।
  46. 2:29नमस्कार धर्म ज्ञान के दर्शकों का स्वागत
  47. 2:32है। मैं हूं आपके साथ कविता राणा। आज के
  48. 2:35मेहमान बहुत खास हैं क्योंकि उन्होंने के
  49. 2:38एन राव सर से एस्ट्रोलॉजी सीखी और वही
  50. 2:42एस्ट्रोलॉजी सीख के वो पिछले 20 सालों से
  51. 2:45लोगों की जिंदगी को दिशा और दशा देने में
  52. 2:48मदद कर रही है। लोगों के जीवन को आसान
  53. 2:50बनाने की कोशिश कर रही है और ज्योतिष के
  54. 2:52माध्यम से यह बताने की उनकी भरपूर कोशिश
  55. 2:54रहती है कि भविष्य में क्या हो सकता है।
  56. 2:57आइए स्वागत करते हैं हम जानीमानी
  57. 2:59एस्ट्रोलॉजर आचार्य रीना शर्मा जी का। मैम
  58. 3:02धर्म ज्ञान आपका स्वागत करता है फिर से एक
  59. 3:04बार। थैंक यू सो मच फॉर हैविंग मी वंस
  60. 3:06अगेन कविता जी। और इसी के साथ दर्शकों को
  61. 3:08बता दूं वैसे तो दर्शक जानते हैं कि आपकी
  62. 3:10बैक टू बैक प्रेडिक्शंस हमेशा ट्रू रही
  63. 3:12हैं। फिर चाहे नीतीश जी के मुख्यमंत्री
  64. 3:15बनने के बाद भी बिहार की राजनीति से उनका
  65. 3:17बाहर जाना हो या फिर उद्धव ठाकरे जी की
  66. 3:20हार हो। महाराष्ट्र में बीजेपी की सरकार
  67. 3:22बनना। कि हाल ही में जो आपने ममता दीदी को
  68. 3:24लेकर बड़े जगह-जगह प्लेटफार्म पे जाकर जो
  69. 3:26आपने बहुत बड़ी भविष्यवाणी की थी कि ना
  70. 3:28सिर्फ बीजेपी की सरकार बनेगी बल्कि दीदी
  71. 3:30भी मुख्यमंत्री नहीं रह पाएगी। और अब यही
  72. 3:33कारण है कि आपकी जो पॉलिटिकल प्रेडिक्शंस
  73. 3:36में जो एक्यूरेसी रही है मैं तो कहूंगी
  74. 3:3899% कि लोग अब आपसे जानना चाह रहे हैं कि
  75. 3:41आने वाले 10 सालों में कौन-कौन से यंग
  76. 3:44लीडर्स हमें उभरते हुए नजर आएंगे भारतीय
  77. 3:47राजनीति पे। तो आज बहुत विषय पर बात होने
  78. 3:49वाली है। बात होने वाली है कि इस सावन में
  79. 3:53जो सूर्य ग्रहण लगने जा रहा है उसका क्या
  80. 3:55इंपैक्ट हमारे जीवन पे दे और भारत पर
  81. 3:57पड़ेगा। साथ ही साथ हम बात करेंगे बहुमती
  82. 4:00अमावस्या पर और जानेंगे कि कि कब तक मिडिल
  83. 4:04ईस्ट का जलना अभी और बाकी है और ब्लड शेड
  84. 4:07जो हमने 32 का जो टाइम दिया है उसमें क्या
  85. 4:10कुछ देखना बाकी है। तो मैम सबसे पहले आपसे
  86. 4:12जानना चाहती हूं कि के एन राव जी से आपने
  87. 4:15एस्ट्रोलॉजी सीखी है तो एस्ट्रोलॉजी से
  88. 4:18कितनी एक्यूरेसी से प्रेडिक्शन की जा सकती
  89. 4:20है और आप किस किस प्रकार से करते हैं जब
  90. 4:23कुछ प्रेडिक्शंस करती हैं तो क्या-क्या
  91. 4:24चीजें आप उसमें देखती हैं पहले? जी सबसे
  92. 4:28पहले तो बहुत-बहुत धन्यवाद इतने प्यारे
  93. 4:30इंट्रोडक्शन के लिए। थैंक यू सो मच।
  94. 4:32थैंक यू कविता जी।
  95. 4:34और इसका मैं श्रेय जो आपने बोला आपने कई
  96. 4:37बार कहा कि मैंने प्रेडिक्शन की। मैं इसका
  97. 4:40पूरा श्रेय मां सरस्वती को देती हूं और उस
  98. 4:43एक डिवाइन पावर को देती हूं कि हां जरूर
  99. 4:47आपने रिसर्च की आपने पढ़ाई की आपने बहुत
  100. 4:50ध्यान से एनालिसिस किया लेकिन वहां तक
  101. 4:53पहुंचाने वाली वो एक डिवाइन पावर ही होती
  102. 4:55है जिसकी वजह से मैं हूं जहां हूं आज।
  103. 4:59सो ज्योतिष
  104. 5:01हमेशा जैसे मैं कहती हूं ज्योतिष मैंने
  105. 5:03नहीं सीखी। ज्योतिष ने मुझे अपने पास
  106. 5:05बुलाया और वो फिर अपने आप आपके अंतर्मन
  107. 5:10में आपकी आत्मा में आती जाती है।
  108. 5:12धीरे-धीरे इंबाइब होती जाती है। और ये
  109. 5:14जैसे अथा सागर है इसमें आप डूबते जाते हैं
  110. 5:17और वो उसका कोई एंड नहीं है। अब मैं आपके
  111. 5:20सवाल पे आती हूं जो आपने कहा कि आगे क्या
  112. 5:24होने वाला है और किस प्रकार की सिचुएशन अब
  113. 5:27हम देखते हैं और कैसे ज्योतिष में
  114. 5:29एनालिसिस किया जाता है। जब हम मंडेन
  115. 5:31एस्ट्रोलॉजी या मेदिनी ज्योतिष की बात
  116. 5:33करते हैं। सो जब हम मेदिनी ज्योतिष की बात
  117. 5:36करते हैं। उसमें हम जैसे हम एक खुरारी
  118. 5:39चार्ट देखते हैं, एक इंडिविजुअल का चार्ट
  119. 5:41देखते हैं। उस तरीके से ही देखा जाता है।
  120. 5:43लेकिन फर्क सिर्फ इतना है। उसमें हम 120
  121. 5:46साल की विमोत्री दशाएं लेते हैं। यहां पे
  122. 5:49विमशोत्री दशाएं नहीं ली जाती क्योंकि
  123. 5:52किसी भी देश की उम्र 120 साल से कहीं
  124. 5:55ज्यादा हो सकती है।
  125. 5:56जी।
  126. 5:56जब ज्योतिष बनी थी तब एक अप्रोक्समेट नंबर
  127. 5:59ले लिया गया था हमारे ऋषि मुनियों के
  128. 6:01द्वारा कि 120 साल की विमोत्री दशा होगी।
  129. 6:04इससे ज्यादा तो कोई क्या ही जिएगा। जो कि
  130. 6:06सही भी था। लेकिन जब हम देशों की बात करते
  131. 6:09हैं तो हम ज्यादातर ब्रह्मांड में घूमते
  132. 6:11हुए ग्रहों की बात करते हैं कि गोचर में
  133. 6:14जबजब यह ग्रह आए या एक तरीके से एक दूसरे
  134. 6:18के साथ कनेक्ट हुए चाहे वो ट्राइनल
  135. 6:20कनेक्शन हो, चाहे वो युति हो, साथ में
  136. 6:22बैठा हुआ कंजक्शन हो, चाहे वह एडजेसेंट
  137. 6:25हाउसेस में बैठे हुए प्लनेट्स हो।
  138. 6:28इन सबका इन सबके ऊपर स्टडी की जाती है।
  139. 6:30प्लस यह देखा जाता है कि पास्ट में ये
  140. 6:34ग्रह इस पर्टिकुलर नक्षत्र में इस राशि
  141. 6:36में जब आए तब क्या घटा। सो हम उसको एक
  142. 6:40तरीके से रिसर्च में लेते हैं और रिसर्च
  143. 6:43में जाके तब के इवेंट्स को देखते हैं और
  144. 6:45देखते हैं क्या यह इसी तरीके के इसी
  145. 6:47प्रकार के इवेंट्स बार-बार घटे हैं। जबजब
  146. 6:50ग्रह इस नक्षत्र में आए हैं, इस राशि में
  147. 6:52आए हैं। तो उससे यह प्रूव होता है कि जो
  148. 6:56अब आगे होने वाला है वो क्या होगा?
  149. 6:58क्योंकि जैसे 1971 में जेनोसाइड हुआ। जैसे
  150. 7:02जो हमारी जो एक जर्मन वॉल है जब वो गिरी
  151. 7:07जब रिसेशन आया 2008 में और जबजब ये इस
  152. 7:11तरीके के सिचुएशंस हुए हैं महाभारत हुई
  153. 7:13आपके पिछली बार हमने बात की थी महाभारत के
  154. 7:16ऊपर तब जब ग्रह आए थे नक्षत्रों में उसी
  155. 7:19प्रकार के ग्रह गोचर अब बनते नजर आ रहे
  156. 7:22हैं। सो ये देखा जाता है। उसके साथ-साथ हम
  157. 7:26वार्षिक चार्ट बनाते हैं। हमने जो मेन
  158. 7:29चार्ट है वो बना लिया। किसी भी कंट्री के
  159. 7:31फाउंडेशन ईयर को लिया, फाउंडेशन डेट को
  160. 7:34लिया, जगह को लिया और उसका फाउंडेशन चार्ट
  161. 7:37बन गया। फिर उसके ऊपर हम देखते हैं उसका
  162. 7:39वार्षिक राशिफल। एनुअल चार्ट बनाते हैं।
  163. 7:42सोलर इनग्रेस का चार्ट बनाते हैं। बहुत
  164. 7:45सारी ऐसी चीजें और भी जैसे हम कुरमा चक्र
  165. 7:47यूज़ करते हैं। बहुत सारे टूल्स हैं।
  166. 7:49सर्वतोभद्र चक्र यूज़ करते हैं।
  167. 7:51फिर हम डिसाइड करते हैं कौन से रीजन में
  168. 7:53किस प्रकार की चीजें होने वाली हैं। और यह
  169. 7:56मैं कुछ नया नहीं कर रही हूं। आप अगर
  170. 7:57पंचांग देखेंगे तो कब से पंचांग आ रहा है?
  171. 8:00कितने वर्षों से आ रहा है और पंचांग में
  172. 8:03पहले ही बता दिया जाता है इस रीजन में
  173. 8:05ज्यादा वर्षा होगी। इस रीजन में सूखा
  174. 8:07पड़ेगा। यहां पे आगजनी देखी जाएगी। यहां
  175. 8:10पे बाढ़ आएगी। तो ये कैसे होता है? दिस इज
  176. 8:13नॉट समथिंग न्यू। बस यह है कि पुरानी ही
  177. 8:16विद्या को जो हमारे पुरातन काल से चली आ
  178. 8:19रही है उसको जरा ध्यान से पढ़ा जाए और
  179. 8:21उसको उसके ऊपर रिसर्च की जाए और एकाग्र
  180. 8:24होके देखा जाए तो कोई भी ये कर सकता है।
  181. 8:27इट्स नॉट समथिंग न्यू। और यही कारण है कि
  182. 8:30आप बुरी रिसर्च के साथ प्रेडिक्शनंस करती
  183. 8:32हैं। लेकिन आपकी एक प्रेडिक्शनंस है
  184. 8:34वर्ल्ड वॉर को लेकर। मुझे याद है आपने
  185. 8:36ब्लड शेड की बात की थी। 2032 का समय दिया
  186. 8:38था कि वॉर होगी ही होगी। तो मैं समझना
  187. 8:41चाहती हूं कि अब क्या मतलब ये जो समय है
  188. 8:4432 से पहले का जो समय है अब मान लीजिए अभी
  189. 8:47हम 2026 से लेके 32 के बीच का समय है। इस
  190. 8:51समय क्या-क्या कुछ हमें देखने को मिल सकता
  191. 8:53है और जैसे आपने कहा कि ट्रंप अमेरिका के
  192. 8:57विनाश का सबसे बड़ा कारण बनेंगे। लेकिन
  193. 8:59सवाल यह भी उठता है कि क्या भविष्य में
  194. 9:01अमेरिका ही दुनिया का विनाश का कारण होगा?
  195. 9:04जी देखिए अभी मैं आपके पहले सवाल का जवाब
  196. 9:07देती हूं जो आपने कहा कि अभी हम 2026 से
  197. 9:112032 के बीच में क्या देखेंगे? सो पिछली
  198. 9:13बार भी मैंने आपको थोड़ा सा हिंट दिया था
  199. 9:15कि मैं एक संवत्सर साइकिल को देखती हूं जो
  200. 9:18कि 60 साल की होती है। उसको थ्री पार्ट्स
  201. 9:20में ब्रेक करती हूं। सो हम थर्ड पार्ट में
  202. 9:22हैं अभी जो 2020 में शुरू हुआ था। सो वहीं
  203. 9:25से बात को शुरू करती हूं। हम उस साइकिल
  204. 9:27में हैं और 2020 से ये साइकिल शुरू हो गई।
  205. 9:302020 में कोविड आया। उसके बाद 2025 में
  206. 9:33पहलगाम हुआ।
  207. 9:35और फिर उसके बाद आप देख रही हैं 2026 में
  208. 9:37भी बहुत सारी जगहों पे कहीं पे एयर क्रैश
  209. 9:40हो रहा है। कहीं पे हमारे बड़े नाम जिन
  210. 9:42नेताओं के हैं वो उनकी क्षति हो रही है।
  211. 9:46इस तरीके से जब हम देख रहे हैं बहुत और और
  212. 9:48जिस आपने आपने भी देखा होगा कि एयरप्लेन
  213. 9:51क्रशेस या एिएशन इंडस्ट्री में इतने सारी
  214. 9:55दुर्घटनाएं या इतने सारे उनके
  215. 9:57इक्विपमेंट्स में प्रॉब्लम ऐसा कभी भी
  216. 9:59पहले नहीं हुआ। लेकिन अब हो रहा है बिकॉज़
  217. 10:02दिस फज़ इज सच कि जिसमें अब ये ट्रिगर
  218. 10:04पॉइंट जैसा काम कर रहा है। 2026 2027 को
  219. 10:08मैं हमेशा ट्रिगर बोलती हूं या फिर एक ऐसा
  220. 10:11फाउंडेशन ईयर बोलती हूं जो कि आगे आने
  221. 10:14वाले समय के लिए फाउंडेशन बन रहे हैं। फिर
  222. 10:162028 29 में मैं कहती हूं। इनफैक्ट मैंने
  223. 10:19इसको एक तीन सी में डिवाइड कर रखा है। सो
  224. 10:22द फर्स्ट वन जिसमें हम अभी बैठे हुए हैं।
  225. 10:25यहां पे हम एक तरीके से कंजिंग देख रहे
  226. 10:28हैं। हम प्यूरिफिकेशन देख रहे हैं। यहां
  227. 10:30पे सब कुछ क्लियर हो रहा है। क्लियर होगा
  228. 10:32तो नई वैकेंसी आएगी। फिर कंसोलिडेशन होगा।
  229. 10:35कंसोलिडेशन के बाद थर्ड सी आता है कंकर।
  230. 10:39सो तब जाके भारत ककर करेगा व्हिच इज़ आफ्टर
  231. 10:422032 जब राहु की महादशा आ जाएगी। सो यह
  232. 10:45वाला पीरियड फाउंडेशन का है, क्लियरिंग का
  233. 10:47है, केंजिंग का है। 2028 29 कंसोलिडेशन का
  234. 10:51होगा। वहां हमें यह पता चलेगा हमारे कौन
  235. 10:53से दोस्त हैं, कौन से दुश्मन हैं हमारे
  236. 10:55देश के लिए, कौन से देश उसके बाद युद्ध
  237. 10:59होगा।
  238. 11:00ओके?
  239. 11:00जैसे ही रोहिणी में शनि भेदन करेंगे तो
  240. 11:03युद्ध होगा। फिर युद्ध के बाद आप देखेंगे
  241. 11:06कि भारत का एक नया स्वरूप निकल के आएगा और
  242. 11:09बहुत सारा प्यूरिफिकेशन, बहुत सारी सफाई,
  243. 11:12बहुत सारी क्लेंज़िंग तब तक हो चुकी होगी
  244. 11:15और हम एक तरीके से कह सकती हूं कि नए
  245. 11:18तरीके से नए स्क्रैच से चीजों को शुरू
  246. 11:21होता हुआ देखेंगे और बहुत बढ़ोतरी
  247. 11:23देखेंगे। बहुत सारी कमोडिटीज में, बहुत
  248. 11:25सारे एरियाज में जिनमें कभी भारत पीछे हुआ
  249. 11:28करता था। था। फॉर एग्जांपल टेक्नोलॉजी फॉर
  250. 11:30एग्जांपल
  251. 11:32आपका जो मिलिट्री इक्विपमेंट्स हैं या
  252. 11:34वेपनरी है या डिफेंस से रिलेटेड चीजें
  253. 11:36हैं।
  254. 11:37क्योंकि इसमें हम थोड़ा पीछे हुआ करते थे।
  255. 11:40लेकिन अब मंगल की महादशा है तो डिफेंस तो
  256. 11:42आगे जाएगा ही। मंगल भूमि पुत्र हैं। मंगल
  257. 11:44योद्धा हैं। मंगल वॉर्स के कारक हैं। सो
  258. 11:48ये वॉर्स का समय है ही है। एक-एक करके अब
  259. 11:51बहुत सारे कंट्रीज वॉर में युद्ध में
  260. 11:53जुड़ेंगे। आपने कहा ना जो फर्स्ट फेस में
  261. 11:55जो क्लींसिंग होगी और भारत में भी होगी।
  262. 11:58नो डाउट क्या लगता है जिस तरह से भारत की
  263. 12:00पॉपुलेशन बढ़ रही है ये भी एक खतरा है देश
  264. 12:03के विकास के लिए भारत की पॉपुलेशन के लिए
  265. 12:07मैं दोनों चीजें बोलूंगी। यह खतरा भी है
  266. 12:10पर साथ में फायदे का सौदा भी है।
  267. 12:12क्योंकि जब आप यूएसए की बात करते हैं या
  268. 12:16और किसी कंट्री की बात करते हैं जिससे
  269. 12:18हमें खतरा हो सकता है। फॉर एग्जांपल
  270. 12:20पाकिस्तान या हमारे नेबरिंग कंट्रीज वहां
  271. 12:23हमारी पॉपुलेशन अगर एकजुट हो के खड़ी हो
  272. 12:25जाए तो कोई भारत का कुछ नहीं बिगाड़ सकता।
  273. 12:28लेकिन एट द सेम टाइम एक्सटर्नल फोर्सेस जब
  274. 12:32हमारे इंटरनल क्फ्लिक्ट क्रिएट करने में
  275. 12:35कामयाब होते हैं। उसका भी मेन कारण यही है
  276. 12:38कि पॉपुलेशन इतनी हाई है। उसी वजह से
  277. 12:40करप्शन बढ़ रहा है। उसी वजह से चीजें जो
  278. 12:43है संभालने में थोड़ी मुश्किल हो रही है।
  279. 12:45क्योंकि जब बहुत बड़ी कोई कंपनी हो या
  280. 12:47बहुत सारे लोग हो तो उनको कंसोलिडेट करने
  281. 12:50में दिक्कत होती है। इसीलिए शायद ये
  282. 12:52प्यूरिफिकेशन कंजिंग का समय है। आपने देखा
  283. 12:54होगा। कहना तो नहीं चाहिए। बड़ा दुख होता
  284. 12:56है कहते हुए लेकिन कोविड के समय पे कितने
  285. 12:58सारे लोग लोगों ने अपनी जान से हाथ धोया।
  286. 13:02सिमिलरली युद्ध में क्या होता है? बहुत
  287. 13:04सारी जाने जाती हैं। बहुत सारे लोग इस
  288. 13:07दुनिया को छोड़ के जाते हैं तो पपुलेशन कम
  289. 13:10होती है।
  290. 13:11बिल्कुल। और देखिए आपने कहा कि 2032 के
  291. 13:13बाद हमें एक नया भारत देखने को मिलेगा जो
  292. 13:15आपने कहा ना अब आपकी थर्ड साइकिल में और
  293. 13:18मैं उम्मीद भी करती हूं और दर्शक भी
  294. 13:20उम्मीद करेंगे कि तब मोदी जी एज अ
  295. 13:23प्रधानमंत्री रहे उस टाइम भी। हम तो यही
  296. 13:25करते हैं। हालांकि मुझे पता है कि मोदी जी
  297. 13:27के टेन्योर को लेकर आपकी एक अलग
  298. 13:29प्रेडिक्शन है। शायद आप उस समय तक नहीं
  299. 13:31देखती हैं मोदी जी को एज अ प्राइम
  300. 13:32मिनिस्टर। तो लेकिन तब तक कुछ चीजें हैं
  301. 13:36जैसे जिस पे लोग जानना चाहते हैं। सबसे
  302. 13:37बड़ी बात है यूसीसी पे एनआरसी पे सीएए जो
  303. 13:42भारत के अंदर जो घुसपैठ है। अब देखिए आपकी
  304. 13:44प्रेडिक्शन है ममता दीदी के डाउनफॉल की
  305. 13:47बीजेपी के बंगाल में आने की तो क्या लगता
  306. 13:50है क्या ये सारी चीजें अब हमें तेज
  307. 13:52रफ्तारों में दिखेंगी? और भारत की ग्रोथ
  308. 13:54में आपको क्या लगता है कि बंगाल से कितनी
  309. 13:57बड़ी भूमिका देखने को मिल सकती है वेस्ट
  310. 13:59बंगाल से अब शुभेंदु अधिकारी जी की सत्ता
  311. 14:02में? बहुत ही अच्छा बहुत ही सुंदर सवाल
  312. 14:05क्योंकि यह भी मैंने पहले बोला था आपको और
  313. 14:08मैं आई थिंक और भी यू नो प्लेटफॉर्म्स पर
  314. 14:11बोल चुकी हूं कि जैसे संवत्सर साइकिल में
  315. 14:14बदलाव होते हैं उसी प्रकार संवत्सर साइकिल
  316. 14:17ही रिस्पांसिबल होती है किसी पर्टिकुलर
  317. 14:20रीजन को उठाने के लिए और किसी पर्टिकुलर
  318. 14:22रीजन को डाउनफॉल के लिए। सो जैसे वेस्ट
  319. 14:25बढ़ा था और वेस्ट में यूएसए आज नंबर वन पे
  320. 14:28है और डॉलर जो करेंसी है वह नंबर वन पे
  321. 14:31है। उसी प्रकार अब ईस्ट के ऊपर जाने का
  322. 14:33समय है और वेस्ट के डाउनफॉल का समय है। सो
  323. 14:36ईस्ट मतलब एक रीजन को देख रहे हैं। हम
  324. 14:39यहां पे बंगाल या भारत या पाकिस्तान या
  325. 14:42बांग्लादेश को नहीं देख रहे हैं। हम देख
  326. 14:44रहे हैं एक रीजन एक एरिया, एक डायरेक्शन।
  327. 14:47सो ईस्ट में बंगाल भी आ रहा है। अगर हम
  328. 14:49भारत की बात करें, अगर हम भारत के संदर्भ
  329. 14:51में बात कर रहे हैं और अगर हम वर्ल्ड के
  330. 14:53संदर्भ में बात कर रहे हैं तो ईस्टर्न
  331. 14:55साइड में जो कंट्रीज आ रहे हैं जो
  332. 14:57प्रोस्पर नहीं कर पाए थे, जो उतने डेवलप
  333. 14:59नहीं कर पाए थे, उनके डेवलपमेंट का समय
  334. 15:01है। उसमें पाकिस्तान भी आता है।
  335. 15:04ओके।
  336. 15:04तो पाकिस्तान कैसे डेवलप करेगा? जब वो
  337. 15:06किसी ऐसे कंट्री के साथ जुड़ेगा जो ऑलरेडी
  338. 15:09डेवलप्ड है।
  339. 15:10हम
  340. 15:10सो इसीलिए जब भूमि खंड उनका टूटेगा तो वह
  341. 15:14जुड़ेगा भारत में जो कि पहले भी भारत का
  342. 15:16पार्ट था तो वो डेवलप होना शुरू हो जाएगा।
  343. 15:18इट विल टेक सम टाइम 5 से 10 साल मतलब मैं
  344. 15:21आराम से बोलती हूं मिनिमम अ डेकेड 10 साल
  345. 15:24तो है ही है।
  346. 15:25पर उसके साथ-साथ जो ईस्ट वाली बात है आपने
  347. 15:28कहा कि किस प्रकार शुभेंदु अधिकारी जी
  348. 15:30इसको देखेंगे। बहुत अच्छी देखरेख उनकी
  349. 15:33रहेगी। उनका भी सेम पैटर्न है सफाई और अभी
  350. 15:36आप देख भी रहे हैं सफाई हो रही है बंगाल
  351. 15:38में और जबरदस्त तरीके से हो रही है। बंगाल
  352. 15:41की सफाई होगी और बंगाल एक बहुत ही
  353. 15:46फ्लोरिशिंग तरीके से आगे आएगा जो कि उसकी
  354. 15:50एक पुरानी एक हेरिटेज थी, एक कल्चर था, एक
  355. 15:53सौम्यता थी, मधुरता थी। वह सब अब वापस आती
  356. 15:56हुई दिखेगी। और एक बड़ा इंडस्ट्रियल
  357. 15:59सेक्टर वहां पे आएगा। जिससे ईस्ट भी एक
  358. 16:02तरीके से जैसे आप देखेंगी मुंबई जो है
  359. 16:05फाइनेंस हब बन गया है। बोर एक आईटी हब बन
  360. 16:09गया है। इसी प्रकार कोलकाता या वेस्ट
  361. 16:11बंगाल भी एक किसी पर्टिकुलर फील्ड में
  362. 16:14किसी पर्टिकुलर कमोडिटी का हब बनेगा और
  363. 16:16बहुत ज्यादा राइज करेगा। सो मुझे तो बहुत
  364. 16:20अच्छा फ्यूचर नजर आता है उनका लेकिन समय
  365. 16:22लगेगा। बिल्कुल आपने कहा समय लगेगा और अब
  366. 16:24मुझे मोदी जी के शब्द याद आ गए हैं कि
  367. 16:27गंगा से गंगा सागर तक कमल पूरी तरह से
  368. 16:29खिलेगा और वो खिल चुका है तो क्या गंगा से
  369. 16:32गंगासागर तक कमल के खिलने के बाद क्या
  370. 16:35बंगाल से ही हिंदू राष्ट्र की चिंगारी अब
  371. 16:38उठेगी
  372. 16:39वो तो उठ चुकी है ऑलरेडी और अब अगर आपने
  373. 16:42आपने यह बात एक और इसके पहले एक और आपने
  374. 16:44सवाल करा था जो शायद मुझसे मिस हो गया कि
  375. 16:46आपने इंटरनल एजेंसीज की बात की थी तो
  376. 16:49इंटरनल एजेंसीज का जो आपने बात करी वो तो
  377. 16:5221 मार्च से मैंने एक डेट दी थी अपने चैनल
  378. 16:56पे वीडियो बनाया था कि ये ऑलरेडी
  379. 16:58एक्टिवेटेड है और जो आज हम जब बात कर रहे
  380. 17:01हैं तो 21 जून को एक ऐसा योग बन चुका है
  381. 17:05जिसमें आप देख रही हैं कि जो हमारे राहु
  382. 17:08भारत की कुंडली में लग्न में बैठे हैं
  383. 17:10उसके ऊपर ट्रांजिटिंग गोचर करते हुए मंगल
  384. 17:13आ चुके हैं और राहु और मंगल का जो यह योग
  385. 17:16है यह ऑलरेडी उस ब्रैकेट में उस विंडो में
  386. 17:19हमें ले आया है जहां वायलेंस
  387. 17:22होने का खतरा और यह सारी एजेंसीज जिनके
  388. 17:25आपने नाम लिए इन सबको एक्टिवेशन का टाइम
  389. 17:28ऑलरेडी आ चुका है एंड दे आर एक्टिव ऑलरेडी
  390. 17:30जो कुछ पाकिस्तान में इस समय हो रहा है
  391. 17:33कोहर्ट ऑपरेशंस हो रहे हैं और जिस तरीके
  392. 17:36से हमारे देश भारत को इस समय टेररिस्ट
  393. 17:39अटैक होने का खतरा है। दिल्ली में भी रेड
  394. 17:42अलर्ट या इस तरीके की चीजें बातें आपने
  395. 17:44सुनी होंगी। तो ये सिचुएशन ऑलरेडी हम उस
  396. 17:48सिचुएशन में बैठे हुए हैं और अभी जो
  397. 17:50इक्लिप्सेस आ रहे हैं उनका कनेक्शन और
  398. 17:53रिक्ता तिथियों का कनेक्शन हमेशा मैं
  399. 17:55बोलती हूं इस तरीके की सिचुएशन से बनता
  400. 17:58है। जबजब यह क्रूर ग्रह एक साथ होते हैं
  401. 18:01और इस समय हमारा जो मंगल है वह आर्द्रा
  402. 18:03नक्षत्र का है। उसकी महादशा चल रही है। जो
  403. 18:07गोचर का मंगल है वह हमारे नेटल राहु जो
  404. 18:10लग्न में बैठे हैं भारत की कुंडली में
  405. 18:12उसके साथ कंजक्ट हो के बैठे हैं। यह
  406. 18:15डिग्रिकली बिल्कुल क्लोज होने वाले हैं
  407. 18:1727th
  408. 18:19नो 19th ऑफ़ अगस्त के आसपास और तभी
  409. 18:22बृहस्पति भी अश्लेषा नक्षत्र में जाने
  410. 18:25वाले हैं।
  411. 18:25और जबजब बृहस्पति अश्लेषा नक्षत्र में गए
  412. 18:28हैं और लंबे समय के लिए जा रहे हैं जो कि
  413. 18:3019th अगस्त 2026 से
  414. 18:33और जून 2027 तक का पीरियड है तो यह वो
  415. 18:36विंडो है जिसमें आप बहुत कुछ होता हुआ
  416. 18:39देखेंगी भारत में और इस इसी बीच सूर्य
  417. 18:42ग्रहण भी लगने वाला है। सूर्य ग्रहण भी
  418. 18:44लगने वाला है और हमारे भारत की कुंडली में
  419. 18:46जो थर्ड हाउस में प्लनेट्स बैठे हैं, बहुत
  420. 18:48सारे प्लनेट्स अश्लेषा नक्षत्र में हैं।
  421. 18:51और अश्लेषा नक्षत्र का जो सिंबल है वो है
  422. 18:54कुंडली मारा हुआ सांप। सो इस तरीके से यह
  423. 18:57जो नक्षत्र है इसको थोड़ा आप नेगेटिव साइड
  424. 19:00पे ले सकती हैं और उसमें एक अतिचारी
  425. 19:03बृहस्पति आए हुए हैं। अतिचारी बृहस्पति
  426. 19:06हैं। जल्दबाजी में हैं। सो ये वो समय है
  427. 19:09जब बहुत कुछ होने वाला है। बहुत कुछ होने
  428. 19:12वाला है। तो मैं समझना चाहती हूं कि इस
  429. 19:14बार का जो सूर्य ग्रहण है ये दिखाई नहीं
  430. 19:16देगा देश में। तो क्या इसका इंपैक्ट
  431. 19:18पड़ेगा कुछ नेगेटिव?
  432. 19:20अह इस बार का जो सूर्य ग्रहण है अह वो
  433. 19:23हमारे भारत में नहीं दिखाई देगा। क्योंकि
  434. 19:25रात के समय पड़ रहा है यह। यह रात को 12
  435. 19:29अगस्त को 9:4 पे शुरू होगा और 13 अगस्त की
  436. 19:33सुबह के 4:25 तक चलेगा। सो यहां नजर नहीं
  437. 19:36आएगा। पुर्तगाल में नजर आएगा, स्पेन में
  438. 19:39नजर आएगा, सम पार्ट ऑफ रशिया वहां नजर
  439. 19:42आएगा। अ सो ये ग्रीनलैंड आइसलैंड इन जगहों
  440. 19:46पे नजर आने वाला है। तो हमारे लिए सूतक
  441. 19:48काल जैसा कुछ भी नहीं है। किसी कोई भी
  442. 19:50प्रेग्नेंट लेडी को कोई प्रिकॉशन नहीं
  443. 19:52लेना है। कोई मंदिर के पट बंद नहीं होने
  444. 19:54हैं। पूजा जिस प्रकार होती है उसी प्रकार
  445. 19:56आप सब कर सकते हैं। लेकिन हां मैं हमेशा
  446. 19:59बोलती हूं कि दान पुण्य करने के लिए तो हर
  447. 20:01समय अच्छा है। तो अगर इक्लिप्स है ग्रहण
  448. 20:04पड़ रहा है तो आप दान पुण्य कर सकते हैं
  449. 20:07और अंडर प्रिविलेज्ड को जितना देंगे उतना
  450. 20:10आपके लिए अच्छा है। तो भारतीय राजनीति में
  451. 20:12तो कोई ऐसी उथल-पुथल आपको नजर आती है इस
  452. 20:15साल जो बचा हुआ है 2026?
  453. 20:17बिल्कुल नजर आती है। लेकिन उसका श्रेय या
  454. 20:20उसकी वजह मैं ये इक्लिप्सिस को नहीं
  455. 20:23बोलूंगी क्योंकि हमारे भारत में नजर नहीं
  456. 20:25आ रहे हैं। आ रहा है ये इक्लिप्स। तो
  457. 20:28सिर्फ इक्लिप्स है। उसकी वजह से उथल-पुथल
  458. 20:30होगी। जैसा बहुत सारे ज्योतिषी बोल रहे
  459. 20:32हैं क्योंकि सूर्य को ग्रहण लग रहा है। इस
  460. 20:35वजह से होगा। सत्ता से जोड़ा जाता है
  461. 20:37सूर्य ग्रह को।
  462. 20:39उसके और बहुत से कारण हैं जो मैंने अभी
  463. 20:41आपको बताया। बृहस्पति अश्लेषा नक्षत्र में
  464. 20:4519 अगस्त से आ रहे हैं। ग्रहण तो पढ़ ही
  465. 20:48रहे हैं। एक 12 अगस्त को है सूर्य ग्रहण।
  466. 20:50एक 27 अगस्त को है चंद्र ग्रहण।
  467. 20:53अभी अगस्त के महीने 2026 में। फिर मार्च
  468. 20:572027 में भी ग्रहण हैं दो। सो यह जो
  469. 20:59पीरियड है अगस्त 2026 से मार्च 2027 उसके
  470. 21:04बीच में अह सत्ता में बहुत उथल-पुथल का
  471. 21:07समय है और जैसा मैंने कहा यह उथल-पुथल का
  472. 21:11समय सिर्फ ग्रहण की वजह से नहीं है लेकिन
  473. 21:13ग्रहण भी इसके लिए रिस्पांसिबल है। थोड़ा
  474. 21:15बहुत ही सही जाए। उसके अलावा केतु मघा
  475. 21:18नक्षत्र में है और सिंह राशि में है। सिंह
  476. 21:21राशि भी सत्ता से पॉलिटिक्स से लीडरशिप से
  477. 21:24जोड़ी जाती है। यह समय ऐसा है और साथ में
  478. 21:27मंगल की महादशा मोदी जी की भी मंगल की
  479. 21:30महादशा मोदी जी का वार्षिक राशिफल जो
  480. 21:32बनाया जो वार्षिक चार्ट बनाया एनुअल चार्ट
  481. 21:3517 सितंबर 2025 से 17 सितंबर 2026 वाला वो
  482. 21:39चैलेंजेस दिखाता है।
  483. 21:41उसके बाद वाला भी मैं ये नहीं कहूंगी कि
  484. 21:42बहुत अच्छा है और एकदम सब स्मूथ हो रहा
  485. 21:44है। ऑलदो ये जरूर कहूंगी कि बहुत सारे
  486. 21:47चैलेंजेस के बाद वो बिल्कुल एक क्लीन चिट
  487. 21:49लेके और बिल्कुल एक जिसे बोलते हैं स्मूथ
  488. 21:52सेलिंग तरीके से बाहर निकलेंगे बहुत ही
  489. 21:54स्ट्रांगली
  490. 21:55बट एट द सेम टाइम सेंट्रल गवर्नमेंट में
  491. 21:58बहुत सारे चेंजेस हैं और ये इस वजह से भी
  492. 22:01हैं क्योंकि जो मैं बार-बार कह रही हूं
  493. 22:04अश्लेषा नक्षत्र राहु मंगल का मिलना तो
  494. 22:07एक्सटर्नल फोर्सेस बहुत एक्टिव हो रहे
  495. 22:08हैं। एक्सटर्नल फोर्सेस एक्टिव हो रहे हैं
  496. 22:11और इंटरनल कन्फ्लिक्ट खड़ा कर रहे हैं।
  497. 22:13क्योंकि उसका मेन कारण ही यह है कि सत्ता
  498. 22:16को हिलाना है। सत्ता हिलेगी, सेंट्रल
  499. 22:18गवर्नमेंट हिलेगी और हमारी मेन जो सीनियर
  500. 22:21लीडरशिप है उसमें अह उथल-पुथल होगी तो
  501. 22:24भारत हिलेगा। और यही सबकी मंशा है कि भारत
  502. 22:27किसी प्रकार भारत की इकॉनमी, भारत की
  503. 22:29पॉलिटिक्स, भारत की लीडरशिप हिल जाए। और
  504. 22:33मुझे बिल्कुल भी ऐसा नहीं लगता ये नेगेटिव
  505. 22:35एलिमेंट्स कामयाब हो पाएंगे। लेकिन ये
  506. 22:37कोशिश जरूर करेंगे। कोशिश बहुत ज्यादा
  507. 22:39होगी और बहुत अच्छे लेवल पे होगी और इसी
  508. 22:42वजह से बहुत सारे हायरार्किकल चेंजेस
  509. 22:45होंगे सेंट्रल गवर्नमेंट में। बहुत
  510. 22:47लीडरशिप में बदलाव आएंगे। आप देखेंगे
  511. 22:49अचानक सुनेंगे न्यूज़ में कि ये जो नेता
  512. 22:53थे इनको हटा दिया गया। इसकी जगह कोई और आ
  513. 22:55रहे हैं। डिमोशन हो रहा है। किसी का
  514. 22:56प्रमोशन हो रहा है। सो बहुत ऊपर नीचे
  515. 22:58उथल-पुथल होने वाली है। समथिंग व्हिच इज़
  516. 23:01जिसे हम स्टेबिलिटी कहते हैं। वो
  517. 23:03स्टेबिलिटी मिसिंग है।
  518. 23:05ओके। तो मोदी जी की छवि को खराब करने की
  519. 23:08भरपूर कोशिश की जाएगी।
  520. 23:09अब्सोलुटली ये किसी बड़े नेता की छवि को
  521. 23:12धूमिल करने का समय है। ग्रह नक्षत्रों के
  522. 23:15हिसाब से यहां तक कि एक किसी बड़े नेता की
  523. 23:19को मृत्यु तुल्य कष्ट तक होने का यह समय
  524. 23:22है। मैं यहां मोदी जी की बात नहीं कर रही
  525. 23:24हूं। आई एम जस्ट गिविंग दैट डिस्क्लेमर।
  526. 23:25कोई भी बड़ा नेता हो सकता है। इंक्लूडिंग
  527. 23:28मोदी जी ऑफ कोर्स।
  528. 23:30लेकिन ये सिर्फ भारत के नेताओं की मैं बात
  529. 23:33इस समय कर रही हूं। अगर हम देश की बात
  530. 23:36करते हैं तो हां उनके लिए भी देश दुनिया
  531. 23:38में भी परेशानी तो है ही क्योंकि मोक्ष
  532. 23:40त्रिकोण एक्टिव हो चुका है बृहस्पति और
  533. 23:43शनि की वजह से दोनों ही मेन जो मेजर ग्रह
  534. 23:46हैं जलीय राशियों में है और मोक्ष त्रिकोण
  535. 23:50का एक्टिव होना होने का मतलब ही यह है कि
  536. 23:53अब प्यूरिफिकेशन का समय है वर्ल्ड वाइड और
  537. 23:56इन सबको देखते हुए समझना है कि आप आने
  538. 23:59वाले 10 सालों में किस लीडर को उभरते हुए
  539. 24:02देखते हैं मतलब टॉप पर पहुंचते हुआ देखते
  540. 24:04हैं।
  541. 24:05पॉलिटिक्स में
  542. 24:06यहां दो नाम है। एक तो योगी आदित्यनाथ जी
  543. 24:10विदाउट फेल मैं बोलूंगी क्योंकि उनकी
  544. 24:12साढ़ेसाती का अंत होने वाला है। उनके जो
  545. 24:15साढ़ेसाती खत्म हो के जो शनि आने वाले हैं
  546. 24:17गोचर के उनके भाग्य स्थान में आने वाले
  547. 24:19हैं और उनके पंचम भाव में जो कुंडली का
  548. 24:22पंचम भाव है उसमें वक्री अह बृहस्पति बैठे
  549. 24:26हैं। तो जुपिटर और शनि जब भी यह ट्राइनल
  550. 24:29कनेक्शन से या किसी भी तरीके के कनेक्शन
  551. 24:30से मिलते हैं तो राइज़ होता है। सक्सेस
  552. 24:33मिलती है। सो इनको सक्सेस देखती हूं मैं
  553. 24:35आगे आती हुई। लेकिन एक जो एक सरप्राइज़
  554. 24:38पैकेज है वह अन्ना मलाई जी हैं। अन्ना
  555. 24:41मलाई जी के लिए बोला जाता है कि वो बीजेपी
  556. 24:43से रिजाइन कर चुके हैं और बहुत सारे रमर्स
  557. 24:46हैं उसके बारे में। रमर्स ही बोलूंगी मैं
  558. 24:48क्योंकि मुझे तो वो वापस आते दिखते हैं।
  559. 24:50अब आप उन्हें बीजेपी में वापस दिखती हैं।
  560. 24:52वो वापस आएंगे बीजेपी में। अगले तीन या
  561. 24:54चार साल उनको अपनी एक रीजनल पार्टी बनाने
  562. 24:56में लगेगा और वो रीजनल पार्टी खड़ी करने
  563. 24:59में बहुत चैलेंजेस आएंगे। लेकिन उनकी
  564. 25:01कुंडली में भर-भर के राजयोग हैं और एक
  565. 25:04बहुत ही पोटेंशियल वाली कुंडली है और वो
  566. 25:07बीजेपी को फिर से ज्वाइन करेंगे आप आफ्टर
  567. 25:09थ्री टू फोर इयर्स एंड ही हैज़ दैट
  568. 25:11पोटेंशियल कि वो तमिलनाडु के चीफ मिनिस्टर
  569. 25:14बने पहले और उसके बाद आगे जाके जैसे आपने
  570. 25:1610 साल कहा 10 12 साल बाद वो भारत के
  571. 25:20प्राइम मिनिस्टर भी बन सकते हैं।
  572. 25:22उनका पोटेंशियल स्ट्रांग है बहुत।
  573. 25:25चलेगी। मुझे लगता है यह बहुत बड़ी आपकी
  574. 25:27प्रेडिक्शन है। मलिक को आप प्रधानमंत्री
  575. 25:30पद पर भी देखती है भविष्य में और इसी कड़ी
  576. 25:32में आपने शुभेंदु अधिकारी जी का नाम नहीं
  577. 25:35लिया। क्या लगता है आपको?
  578. 25:36अधिकारी जी बहुत अच्छा काम करेंगे। बहुत
  579. 25:38अच्छा काम करेंगे। अ देखिए हर
  580. 25:40क्योंकि अब उनकी तुलना मोदी जी और योगी जी
  581. 25:42के बाद होने लगी है क्योंकि कुछ
  582. 25:44सिमिलरिटीज है कि मोदी जी अपना कोई पर्सनल
  583. 25:47परिवार नहीं देशों का परिवार है। योगी जी
  584. 25:49के लिए देश ही परिवार है। शुभेंदु अधिकारी
  585. 25:51जी शादी नहीं की तो देश उनका परिवार है।
  586. 25:54जी नहीं अच्छा काम करेंगे लेकिन मैं उनको
  587. 25:57प्रधानमंत्री के जैसे आपने बोला कंपैरिजन
  588. 26:00मैं नहीं करती हूं। उनका कंपैरिजन योगी जी
  589. 26:02से या मोदी जी से। उनके कंपैरिजन में तो
  590. 26:04वो नहीं है लेकिन एक प्रदेश के लिए वेस्ट
  591. 26:08बंगाल के लिए बहुत अच्छा काम करेंगे और
  592. 26:12पूरा जैसे आपने कहा निश्चल रूप से और
  593. 26:14अनकंडीशनल तरीके से बिल्कुल अपने प्रदेश
  594. 26:17को अपना जैसे हम कहते हैं हमारा परिवार है
  595. 26:20उस तरीके से काम करेंगे और बहुत उठाएंगे
  596. 26:23ईस्ट को बहुत उठाएंगे वेस्ट बंगाल को और
  597. 26:25बहुत ही अच्छे नाम उनका लिया जाएगा अच्छे
  598. 26:30अक्षरों से
  599. 26:30बिल्कुल देखिए मुझे याद है अपने पिछले
  600. 26:32पॉडकास्ट में बलूचिस्तान की वापसी की भी
  601. 26:34भविष्यवाणी की। पीओके की वापसी की
  602. 26:36भविष्यवाणी की और आप ही नहीं बहुत सारे
  603. 26:37एस्ट्रोलॉजर्स इस पे बात कर रहे हैं। बहुत
  604. 26:39ही पॉजिटिव प्रेडिक्शनंस भी कर रहे हैं
  605. 26:41भारत के फेवर में। लेकिन लोगों के मन में
  606. 26:44एक सवाल उठता है कमेंट में आया कि क्या
  607. 26:46जरूरी है पाकिस्तान का भारत में आना?
  608. 26:48पाकिस्तान का भारत से जुड़ना। अगर
  609. 26:50पाकिस्तान भारत से जुड़ जाएगा तो क्या
  610. 26:52भारत के ग्रोथ में कहीं कोई रुकावट नहीं
  611. 26:54आएगी?
  612. 26:55नहीं। जैसा मैंने कहा कि पूरा का पूरा
  613. 26:57ईस्ट ही राइज करने वाला है। अ पाकिस्तान
  614. 27:00की के भारत में जुड़ने से ग्रोथ में हमारे
  615. 27:04परेशानी आए ऐसा मुझे नहीं दिखता। हां,
  616. 27:07शुरू में जैसे टीदिंग ट्रबल होता है। जैसे
  617. 27:09हम कोई एक मकान भी शिफ्ट करते हैं। एक घर
  618. 27:12से दूसरे घर को शिफ्ट करते हैं। तो थोड़े
  619. 27:14से टीदिंग ट्रबल्स तो आते ही हैं। जैसे
  620. 27:16पाकिस्तान ही जुड़ेगा या भारत के नक्शे
  621. 27:18में और भी कुछ बदलाव हो सकता है।
  622. 27:19नहीं काफी बदलाव हो सकता है। वही मैं बोल
  623. 27:21रही हूं। मैंने पिछली बार आपको शायद बताया
  624. 27:22था कि हम रीजंस देखते हैं। हम डायरेक्शंस
  625. 27:24देखते हैं। हमारे लिए पाकिस्तान, भूटान,
  626. 27:27नेपाल या चाइना ये नहीं है। हमारे लिए तो
  627. 27:30ये डायरेक्शंस हैं। तो जो भूमि खंड जुड़ते
  628. 27:33हुए मुझे देखते हैं, दिखते हैं इस समय।
  629. 27:35सबसे पहले पाकिस्तान की साइड से आते हुए
  630. 27:37दिखते हैं। फिर कहीं ना कहीं बांग्लादेश
  631. 27:39भी मुझे दिखता है कि शायद वो ऐड होगा आगे
  632. 27:42जाके। लेकिन एक चीज मैं जरूर बोलना
  633. 27:45चाहूंगी क्योंकि थोड़ी देर पहले हम अन्ना
  634. 27:47मलाई जी की बात कर रहे थे तो वहां ये बात
  635. 27:49अधूरी रह गई। यह जो भी कुछ होगा इसके बीच
  636. 27:52में एक बहुत गलत चीज होगी जो एक्सटर्नल
  637. 27:55फोर्सेस डालेंगे जो साउथ ऑफ इंडिया है और
  638. 27:59नॉर्थ ऑफ इंडिया है मतलब दक्षिण भारत और
  639. 28:01उत्तर भारत के बीच में डिस्क्रिपेंसी लाने
  640. 28:03की कोशिश की जाएगी कि दक्षिण भारत और
  641. 28:05उत्तर भारत एक दूसरे से दूरी बनाएं और
  642. 28:08वहां के लोग एक दूसरे से नफरत करें। इस
  643. 28:10तरीके की चीजें इस तरीके की चिंगारियां
  644. 28:12छोड़ने की कोशिश की जाएगी और वह काफी हद
  645. 28:15तक कामयाब भी होंगे। लेकिन फिर भी एट द
  646. 28:17एंड जीत तो इन टोटिटी भारत की है। ओके।
  647. 28:22देखिए जब बात ज्योतिष और ज्योतिषों की
  648. 28:26भविष्यवाणी की आती है तो इस समय लोगों
  649. 28:28द्वारा एक सवाल उठाया जा रहा है कि अगर
  650. 28:30ज्योतिषियों को सब कुछ पता होता है कि
  651. 28:32भविष्य में क्या होने वाला है? जिस तरह की
  652. 28:34संभावना जताते हैं तो फिर राम मंदिर में
  653. 28:36जो इस वक्त सबसे बड़ा बड़ा कथित चंदा
  654. 28:39घोटाला जो हुआ है, इसके बारे में पहले
  655. 28:41क्यों नहीं बताया गया? क्या इन्हें अंदाजा
  656. 28:43नहीं था कि ऐसा कुछ हो सकता है?
  657. 28:45यह बड़ा ही जो सवाल है यह बहुत सारे लोगों
  658. 28:49के मन में है कि अब लोग निकल के आ रहे
  659. 28:52हैं। उनके चेहरे सामने आ रहे हैं। वह
  660. 28:53रिजाइन कर रहे हैं। क्या यह पहले नहीं पता
  661. 28:56था ऐसा क्यों हुआ? देखिए अभी मैंने आपको
  662. 28:59बोला कविता जी कि प्यूरिफिकेशन का समय है।
  663. 29:01प्यूरिफिकेशन का मतलब होता है जब हम सोने
  664. 29:05को भी गलाते हैं तो उसमें से गंदगी निकाल
  665. 29:07के बाहर फेंकते हैं।
  666. 29:08यस। तो इसी प्रकार अभी जब बृहस्पति एक
  667. 29:11मोक्ष त्रिकोण को एक्टिव कर रहे हैं। शनि
  668. 29:13मोक्ष त्रिकोण को एक्टिव कर रहे हैं। जलीय
  669. 29:16राशि में बैठे हैं। पब्लिक सेंटीमेंट्स,
  670. 29:19रिलीजन, स्पिरिचुअलिटी, धर्म, अ नामी
  671. 29:23मंदिर ये सब पिक्चर में आएंगे। ये सब जो
  672. 29:27है इस समय न्यूज़ चैनल्स पे दिखाए जा रहे
  673. 29:29हैं। और जब हम [गला साफ़ करने की आवाज़]
  674. 29:31राम मंदिर की बात कर रहे हैं तो जो रामलला
  675. 29:34की प्राण प्रतिष्ठा हुई थी उस समय की
  676. 29:36कुंडली की बात मैं करूंगी यहां।
  677. 29:3822 जनवरी
  678. 29:402024 दिन के 12:30 बजे अयोध्या प्लेस लेके
  679. 29:44कुंडली बनाई जाती है। वो कुंडली बनती है।
  680. 29:47मुहूर्त बड़ा अच्छा है। सब कुछ बड़ा अच्छा
  681. 29:49है। लेकिन फिर भी हर कुंडली में कोई ना
  682. 29:52कोई त्रिकुट कोई ना कोई त्रुटि होती है।
  683. 29:54कोई ना कोई डिस्क्रिपेंसी रह जाती है। तो
  684. 29:56उसके लग्न में जो लग्न है उसका उसका जो
  685. 29:58नक्षत्र है उसमें भी पद होते हैं चार पद।
  686. 30:01तो जिस पद में मुहूर्त हुआ उस समय की कुछ
  687. 30:05त्रुटियां उस कुंडली में भी रह गई। एक तो
  688. 30:08त्रुटि एक पार्ट है। दूसरा जो मोक्ष
  689. 30:11त्रिकोण एक्टिव हुआ। आपने देखा शनि मीन
  690. 30:14राशि में गए उसके बाद ही यह सब एसोसिएशन
  691. 30:16बनी, ट्रस्ट बनी और चीजें जो हैं राम
  692. 30:19मंदिर की जो है बहुत ज्यादा प्रचलित होने
  693. 30:21लगी सोशल मीडिया पे भी। पर जैसे ही
  694. 30:24बृहस्पति कर्क में आए और जैसे ही उच्च की
  695. 30:28राशि के पास जो उनका उच्च उच्च की डिग्री
  696. 30:30है 5 डिग्री जो कि अराउंड 26 27 को हुई थी
  697. 30:35उस समय सडनली ये सब चीजें निकल के बाहर
  698. 30:39आने लगी क्योंकि सफाई होनी शुरू हो गई। जो
  699. 30:42भी गलत लोग हैं, जो भी ऐसे चेहरे हैं
  700. 30:45जिन्होंने कोई भी अधर्म करा है या
  701. 30:50धर्म के नाम पे झूठ बोला है, धर्म के नाम
  702. 30:52पे चोरी की है, उन सबके हटने का समय है।
  703. 30:56सो ये पूरा का पूरा जो साल है जून 2026 टू
  704. 30:59जून 2027 जब बृहस्पति अपनी उच्च की राशि
  705. 31:03में हैं और ट्र ट्राइनल कनेक्शन बना रहे
  706. 31:06हैं शनि के साथ। आप देखेंगे और भी नाम
  707. 31:09सामने आएंगे और बड़े-बड़े नाम सामने आएंगे
  708. 31:12और फिर यह एसोसिएशन ये ट्रस्ट को डिॉल्व
  709. 31:16किया जाएगा और अगस्त 2028 तक यह सब कुछ
  710. 31:20चलेगा और उसके बाद एक नए ट्रस्ट के साथ एक
  711. 31:24नई दिशा के साथ और एक नई एनर्जी के साथ
  712. 31:26दोबारा से जो राम मंदिर है उसकी एसोसिएशन
  713. 31:29बनी बनाई जाएगी और वो एक बहुत लंबे अरसे
  714. 31:33तक अच्छे रूप से काम करेगी और जैसे कि आप
  715. 31:36बार-बार बता रही हैं कि मंदिर ये सारी
  716. 31:38चीजें हाईलाइट होंगी। भारत की जो जो सनातन
  717. 31:42की जो धरोहर हैं तो मैं जानना चाहती हूं
  718. 31:44देखिए आप देखिए 27 का चुनाव है यूपी का और
  719. 31:48अब कहा जाता है कि अयोध्या का राम मंदिर
  720. 31:50तो चलिए 24 के लोकसभा चुनाव में जीता आधार
  721. 31:52बनाया उसे तो योगी जी के लिए यूपी दोबारा
  722. 31:55से जीतना तो उसके लिए एक मुद्दा नया ढूंढा
  723. 31:57जा रहा है मथुरा या काशी
  724. 31:59क्या लगता है आपको क्या ये समय है अब
  725. 32:02मथुरा काशी का यही वो पीरियड आ गया है
  726. 32:04क्या
  727. 32:04देखिए जो राम मंदिर में जो कुछ हो रहा है
  728. 32:07ये भी अगर हम हमने तो अभी थोड़ी देर पहले
  729. 32:09ज्योतिष संदर्भ में बात करी। मगर अगर आप
  730. 32:11प्रैक्टिकल संदर्भ में बात करें तो यह सब
  731. 32:13कुछ क्यों इस समय उभर के आ रहा है? क्यों?
  732. 32:15गुरु अतिचारी स्पीड में चल रहे हैं।
  733. 32:17गुरु तो अतिचारी है ही बट साथ में अश्लेषा
  734. 32:19नक्षत्र में भी आ रहे हैं। है ना? वो सब
  735. 32:21हो रहा है और साथ में वहां इलेक्शन होने
  736. 32:24वाला है। प्रैक्टिकली अगर हम देखें जब हम
  737. 32:26देश काल पात्र को देखते हैं तो काल क्या
  738. 32:28चल रहा है? इलेक्शंस होने वाले हैं। सो जो
  739. 32:30भी अपोजिशन है, अपोजिशन पार्टीज हैं वो
  740. 32:33एक्टिव हो रही हैं और अपोजिशन को ही
  741. 32:36दिखाता है अश्लीषा नक्षत्र। तभी मैंने
  742. 32:38आपको तब बोला था एक्सटर्नल पार्टीज एक्टिव
  743. 32:40होंगी और इंटरनल कॉन्फ्लिक्ट्स को खड़ा
  744. 32:42करेंगी। यहां भी एक्सटर्नल पार्टीज का रोल
  745. 32:45है जो कि यूपी के इलेक्शन में बहुत ज्यादा
  746. 32:48वायलेंस जैसे वेस्ट बंगाल में हम
  747. 32:49एंटीिसिपेट कर रहे थे। सिमिलरली आप यूपी
  748. 32:52में इस बार इलेक्शंस आसान नहीं होने वाले
  749. 32:54हैं।
  750. 32:54तो आप ये कह रही है कि जो वायलेंस हमने
  751. 32:56अभी बंगाल में देखे हैं तो वो हमें यहां
  752. 32:58पे यूपी में देखने को मिल सकती है। योगी
  753. 33:01जी की हां बिल्कुल देख सकती हैं क्योंकि
  754. 33:03योगी जी का नाम ही धूमिल करने के लिए ये
  755. 33:05सब कुछ अब सामने आ रहा है क्योंकि लोग
  756. 33:08नहीं चाहते अपोजिशन नहीं चाहती कि योगी जी
  757. 33:11आए। लेकिन ऐसा होगा नहीं। योगी जी की
  758. 33:13कुंडली बहुत स्ट्रांग है। अह और जैसा अभी
  759. 33:16थोड़ी देर पहले हमने बात की बड़े ही
  760. 33:17निश्चल रूप से वह काम करते हैं। सो अगले
  761. 33:20सीएम भी योगी जी ही बनते नजर आ रहे हैं
  762. 33:22मुझे। हां वो बात दूसरी है कि नीतीश जी की
  763. 33:24तरह वो कुछ महीनों बाद कुछ समय बाद
  764. 33:26सेंट्रल गवर्नमेंट को जॉइ कर लें और वहां
  765. 33:29का सीएम किसी और को बना दिया जाए। लेकिन
  766. 33:32अखिलेश जी की कुंडली पहले से बेहतर हुई
  767. 33:35है। लेकिन उन्हें सीएम बनता हुआ मैं नहीं
  768. 33:37देख रही हूं। बट एट द सेम टाइम जैसे ममता
  769. 33:40बनर्जी का सब कुछ अंत हुआ। सब तहसनहस हुआ।
  770. 33:42टीएमसी डिॉल्व हुई। ऐसा मैं उनके साथ नहीं
  771. 33:44देखती हूं। ऑोजिशन में वो एक अच्छे रंग से
  772. 33:48ढंग से खड़े रहेंगे। तो क्या मैं ये समझूं
  773. 33:51कि आप इस तरफ इशारा कर रही हैं कि योगी जी
  774. 33:55के प्रधानमंत्री बनने के बाद ही मथुरा
  775. 33:57काशी में हमें उत्सव देखने को
  776. 34:00एक्सक्ट्ली एक्सक्टली। ये अभी 20 26 27
  777. 34:02में कुछ नहीं हो रहा है। लेकिन हां जो भी
  778. 34:04रमर्स फैल रहे हैं जो ग्रेप वाइन फैल रही
  779. 34:07है अ उसके पीछे बेस तो है। बेस तो
  780. 34:11डेफिनेटली है और आगेआगे आप देखेंगी बहुत
  781. 34:14सारी चीजें होने वाली हैं और धर्म को बहुत
  782. 34:18ज्यादा एक पॉइंट बनाया जाएगा और धर्म से
  783. 34:22मुझे याद आया कि इवन ताजमहल के ऊपर भी अब
  784. 34:25आप देखेंगी आगे काफी
  785. 34:28कंट्रोवर्सी आने वाली है। ओके। चलिए, अह
  786. 34:33कुछ बात ज्योतिष के पहलू पर मैं आपसे करना
  787. 34:35चाहूंगी और मैं जानना चाहती हूं कि जब
  788. 34:36जब-जब अमावस आती है, पूर्णिमा आती है, तो
  789. 34:39इसका क्या इंपैक्ट पड़ता है ज्योतिष इसका
  790. 34:42ज्योतिष पहलू क्या कहता है अमावस और
  791. 34:44पूर्णिमा को लेकर?
  792. 34:46देखिए जब हम ज्योतिष पढ़ना शुरू करते हैं
  793. 34:49तब हमें यह बताया जाता है कि चंद्रमा और
  794. 34:52उसकी 16 कलाएं मतलब चंद्रमा के फेसेस
  795. 34:55बदलते हैं। हर रोज चंद्रमा बढ़ता घटता है।
  796. 34:57जब वो घटता है तब हम उसे कृष्ण पक्ष कहते
  797. 35:00हैं। जब बढ़ता है तो शुक्ल पक्ष कहते हैं।
  798. 35:02और चंद्रमा की कलाओं में इतनी ताकत होती
  799. 35:05है कि जो टाइडल वेव्स हैं जो ज्वार भाटा
  800. 35:08है उसको भी वो कंट्रोल करता है।
  801. 35:10जी। जब वो उसको कंट्रोल कर सकता है, इतने
  802. 35:13बड़े समुद्र को, इतने बड़े ओशन को कंट्रोल
  803. 35:15कर सकता है, तो हमारा मन तो बहुत ही छोटी
  804. 35:17चीज है उसके लिए। सो चंद्रमा हमारे मन से
  805. 35:20चंद्रमा को मन से कनेक्ट किया जाता है और
  806. 35:24जबजब अमावस्या आती है और सपोज किसी का
  807. 35:28जन्म अमावस्या वाले दिन हुआ है या
  808. 35:30अमावस्या के आसपास हुआ है तो वो इंसान
  809. 35:33थोड़ा सा मूड स्विंग्स होंगे उसको थोड़ा
  810. 35:35डिप्रेशन होगा थोड़ी घबराहट होगी और जिनका
  811. 35:38पूर्णिमा के आसपास हुआ होगा उनको
  812. 35:40ओवरथिंकिंग होगी वो ज्यादा सोचेंगे ज्यादा
  813. 35:43सिंथेसिस करेंगे एनालाइज करेंगे और परेशान
  814. 35:45रहेंगे सो [गला साफ़ करने की आवाज़] दोनों
  815. 35:46ही अमावस्या और पूर्णिमा दोनों ही तिथियां
  816. 35:49ऐसी हैं जब चंद्रमा और चंद्रमा की कलाएं
  817. 35:52बहुत एक्टिव होती हैं और समुद्र में जो
  818. 35:54टाइडल वेव्स हैं वह भी बहुत एक्टिव होती
  819. 35:56हैं। तो यह मन से कनेक्ट किया जाता है और
  820. 35:59ज्योतिषीय संदर्भ इसका यह है कि जबजब ऐसा
  821. 36:02होता है तो हमारे डिप्रेशन जैसा या घबराहट
  822. 36:06जैसा और ओवरथिंकिंग जैसा हम महसूस कर सकते
  823. 36:09हैं। मूड स्विंग्स हो सकते हैं।
  824. 36:11और इस बार तो आपकी जो अमावस्या है 14
  825. 36:14जुलाई को ही पड़ रही है। बहुमती अमावस्या
  826. 36:16कहा जा रहा है। मंगल से इसे जोड़ा जा रहा
  827. 36:18है। तो मैं इसे समझना चाहूंगी आपसे यह है
  828. 36:21क्या? सो भमवती अमावस्या का जो नाम निकल
  829. 36:24के आया है वो इसलिए है जब भी अमावस्या
  830. 36:28मंगलवार वाले दिन पड़ती है। ट्यूसडे वाले
  831. 36:31दिन है तो हम उसे भौमवती अमावस्या कहते
  832. 36:33हैं। क्योंकि भौम मतलब मंगल और ये
  833. 36:37अमावस्या जो होती है ये अक्सर श्रावण मास
  834. 36:40के आसपास पड़ती है। श्रावण मास में भी
  835. 36:42पड़ती है कभी-कभी। अ तो इस बार जब शुभमवती
  836. 36:46अमावस्या है या हर बार जब होती है तो उससे
  837. 36:4815 दिन पहले और 15 दिन बाद जो अभी हमने
  838. 36:52थोड़ी देर पहले बात की चंद्रमा की 16
  839. 36:54कलाओं के बारे में और मूड स्विंग्स के
  840. 36:57बारे में या बदलाव के बारे में या बहुत
  841. 36:59उथल-पुथल ऊपर नीचे उतार-चढ़ाव के बारे में
  842. 37:03वो सब कुछ होता हुआ दिखता है। अब ये
  843. 37:05भोमवती अमावस्या स्पेशल क्यों है? क्योंकि
  844. 37:08इस समय भौम यानी मंगल की ही महादशा भारत
  845. 37:12की चल रही है
  846. 37:13और मोदी जी की भी मंगल की महादशा चल रही
  847. 37:15है। भारत की कुंडली में मंगल कौन? भारत की
  848. 37:18कुंडली में मंगल 12th लॉर्ड हैं और सेवंथ
  849. 37:21लॉर्ड हैं और बैठे हुए हैं आर्द्रा
  850. 37:24नक्षत्र के सेकंड हाउस में यानी कि
  851. 37:26द्वितीय भाव भाव में जो कि कुटुंब स्थान
  852. 37:28कहलाया जाता है। और मोदी जी की कुंडली में
  853. 37:31लग्नेश है खुद मंगल। सिक्स्थ लॉर्ड है
  854. 37:34मंगल और खुद लग्न में विराजमान है। सो
  855. 37:37इसका मतलब क्या हुआ कि अब आप इस भोमवती
  856. 37:41अमावस्या से 15 दिन पहले और 15 दिन बाद
  857. 37:44वाले पीरियड में मतलब ऑलमोस्ट एक महीने का
  858. 37:46जो पीरियड है इसमें आप देखेंगी कि जो कुछ
  859. 37:50भी मंगल से रिलेटेड चीजें हैं उसमें बहुत
  860. 37:53उतार-चढ़ाव आएंगे। फॉर एग्जांपल क्योंकि
  861. 37:56मोदी जी की कुंडली में छठा भाव है जो कि
  862. 37:58न्याय से लीगल चीजों से या रोग रिपु ऋण से
  863. 38:03कनेक्ट किया जाता है तो बहुत सारे हमारे
  864. 38:06जो जुडिशरी है हमारा जो लॉ एंड ऑर्डर है
  865. 38:11उसमें कड़े फैसले लेते हुए देखेंगे आप
  866. 38:14मोदी जी को साथ ही क्योंकि लग्नेश भी है
  867. 38:17और जो कुछ हमारे देश दुनिया में हमारे
  868. 38:21भारत में एजुकेशन स्पेशली भारत में
  869. 38:24एजुकेशन से रिलेटेड चीजें हो रही हैं।
  870. 38:26उससे रिलेटेड भी बहुत सारी पॉलिसीज बहुत
  871. 38:29सारे जो
  872. 38:32रूल्स हैं वो बनते हुए आप देखेंगे। बहुत
  873. 38:34सारी आई एम नॉट गेटिंग दैट वर्ड जो हम
  874. 38:38कॉन्स्टिट्यूशन में यूज़ करते हैं जो
  875. 38:40पॉलिसीज के लिए यूज़ किया जाता है। तो वो
  876. 38:43आप देखेंगे बनते हुए और साथ ही रियलस्टेट
  877. 38:48वगैरह में लैंड रिफॉर्म्स बनते हुए
  878. 38:51देखेंगे। बहुत सारे लैंड रिफॉर्म्स बनेंगे
  879. 38:53और क्योंकि मंगल आग के भी कारक हैं, युद्ध
  880. 38:56के भी कारक हैं। सो कोई सीज फायर नहीं हो
  881. 38:59रहा है ईरान और यूएस के बीच में।
  882. 39:02इनफैक्ट और युद्ध प्रज्वलित होता हुआ
  883. 39:05देखेंगे। एिएशन इंडस्ट्री में, एयरप्लेंस
  884. 39:08में, फायर इंसिडेंट्स में, इलेक्ट्रिकल
  885. 39:11इक्विपमेंट्स में, मिलिट्री इक्विपमेंट्स
  886. 39:14में बहुत बड़ी-बड़ी खराबियों की खबरें
  887. 39:17आएंगी और सुनाई देंगी अभी न्यूज़ चैनल्स
  888. 39:19पे। सो सब कुछ जो मंगल से रिलेटेड है
  889. 39:22क्योंकि मंगल अचानक होने वाली चीजें भी
  890. 39:25है। आग भी है। सो यह अग्रेशन रोड रेज ये
  891. 39:28सब चीजें बहुत बढ़ती हुई दिखेंगी। मतलब
  892. 39:30मैं ये मान लूं कि ये जो 2026 है ये पूरा
  893. 39:33साल जाएगा मिडिल ईस्ट इस पूरे साल में
  894. 39:35जलता हुआ दिखेगा हमें।
  895. 39:36एकदम एकदम और 2026 नहीं बल्कि ये तो जो
  896. 39:40वॉर है ये 2032 तक चलेगा।
  897. 39:43बट फेस में है तो हां बीच-बीच में ऐसा
  898. 39:45लगेगा कि शांति हो गई। उनके रिसोर्सेज
  899. 39:48खत्म हो जाएंगे तो वो थोड़ा सा शांत बैठ
  900. 39:50जाएंगे। सीज फायर का नाम दे दिया जाएगा।
  901. 39:52बट वो सीज फायर टेंपरेरी सीज फायर है। अब
  902. 39:55मैंने आपको पिछली बार बोला था जैसे
  903. 39:56महाभारत रूल्स एंड रेगुलेशंस पे चलता था
  904. 39:59कि ये प्रिंसिपल है और ये आईडियोलॉजी है
  905. 40:01उस पे चलेगा। अब कोई प्रिंसिपल कोई
  906. 40:04आईडियोलॉजी कोई रूल फॉलो नहीं हो रहा है।
  907. 40:06हम
  908. 40:07मैं देखिए जब ऐसी बात होती है ना कि ये
  909. 40:09चीजें नहीं रुकेंगी। युद्ध नहीं रुकेगा।
  910. 40:11तो एक संकट के बादल हम लोगों पे भी
  911. 40:14मंडराने लगते हैं। क्योंकि नो डाउट कि
  912. 40:15भारत पर भी इसका इंपैक्ट पड़ेगा। हमें याद
  913. 40:17है कि जब ये चीजें जस्ट शुरू ही हुई थी तो
  914. 40:19मोदी जी खुद सामने आए तो उन्होंने कहा था
  915. 40:21कि आपको यह प्रिकॉशंस लेने हैं। गोल्ड
  916. 40:23नहीं खरीदना है। बाहर आप ज्यादा ट्रैवल मत
  917. 40:25कीजिए। इंटरनेशनल ज्यादा फ्लाइट्स मत
  918. 40:27लीजिए और पेट्रोल के दाम भी देखिए बढ़ ही
  919. 40:30चुके हैं। तो क्या ये एक लॉकडाउन वाली
  920. 40:33स्थिति पैदा हो सकती है? कोरोना वाली बीच
  921. 40:36में भी कई बार ये सवाल उठे थे। नहीं
  922. 40:37लॉकडाउन जैसा होता हुआ मैं नहीं अब देखती
  923. 40:40हूं। लॉकडाउन तब इसलिए हुआ था क्योंकि हम
  924. 40:43लोग किसी भी स्थिति के लिए किसी भी चीज के
  925. 40:44लिए प्रिपयर्ड नहीं थे। इट केम ऑल ऑफ अ
  926. 40:47सडन और हमें पता ही नहीं था हमें करना
  927. 40:48क्या है। लेकिन जब वायरस बार-बार आए तो हम
  928. 40:51अकस्टम हो जाते हैं। तो हमें आदत पड़ चुकी
  929. 40:54है और कि इस तरीके की सिचुएशंस आनी है। तो
  930. 40:57मुझे नहीं लगता है कि कोई भी लॉकडाउन जैसी
  931. 41:00सिचुएशन आएगी। पर हां, हम सिचुएशन को
  932. 41:02प्रोएक्टिवली पहले से हैंडल करने के लिए
  933. 41:05कुछ स्ट्रेटजीस जरूर बनाएंगे। और उन
  934. 41:08स्ट्रेटजीस को अगर फॉलो किया जाएगा तो
  935. 41:10इकोनॉमिकली, फाइनेंशियली, सोशली हम एज़
  936. 41:13कंपेयर टू अदर कंट्रीज डेफिनेटली एक बेटर
  937. 41:15स्टेट में रहेंगे और दिखेंगे फ्यूचर में।
  938. 41:18इसी कड़ी में अब जाते-जाते आपसे बात करनी
  939. 41:20है अमरनाथ यात्रा पे जिसकी शुरुआत हो चुकी
  940. 41:23है और रक्षाबंधन के आसपास समापन भी हो
  941. 41:25जाता है।
  942. 41:26पहला जत्था तो रवाना हो चुका है
  943. 41:28श्रद्धालुओं का। तो समझना चाहती हूं कि
  944. 41:30अमरनाथ की यात्रा क्या महत्व रखती है
  945. 41:33ज्योतिष पहलू से।
  946. 41:34जी। सो अभी थोड़ी देर पहले हम चंद्रमा की
  947. 41:3716 कलाओं की बात कर रहे थे। अगर अमरनाथ
  948. 41:40यात्रा की बात हो रही है तो एक छोटा सा
  949. 41:42मैं उसका वृतांत बताऊंगी कि अमरनाथ यात्रा
  950. 41:46क्यों शुरू हुई थी? आई थिंक बहुत सारे
  951. 41:47लोगों को पता भी होगा। अ पार्वती जी ने
  952. 41:50शिव जी से एक बार पूछा कि अमर कैसे होते
  953. 41:52हैं?
  954. 41:53जी। तो शिव जी ने कहा कि मैं तुम्हें अमर
  955. 41:55कथा सुनाऊंगा लेकिन एक गुप्त जगह पर जाकर
  956. 41:57सुनाऊंगा क्योंकि मैं नहीं चाहता कि और
  957. 41:59कोई इसको सुने और इसका कुछ यू नो कुछ लोग
  958. 42:03फायदा उठाते हैं कुछ नुकसान पहुंचाते हैं
  959. 42:05तो इस तरीके से कुछ नेगेटिव हो तो मैं
  960. 42:07तुम्हें एक गुप्त जगह पे ले जाना चाहता
  961. 42:09हूं तो तब वो पार्वती जी को मां पार्वती
  962. 42:12को अपने साथ लेके जिस मार्ग से गए जिस
  963. 42:14रास्ते से गए वो पूरा अमरनाथ अह का जो
  964. 42:18यात्रा का जो पथ है वह एक रूट बन गया। अब
  965. 42:22जाते समय उन्होंने कहा कि मैं गुप्त जगह
  966. 42:24पर जाकर तुम्हें अमर कथा सुनाऊंगा। तो कोई
  967. 42:26भी नहीं सुने। इसके लिए उन्होंने अपने जो
  968. 42:28उनके सांसारिक जो चीजें थी जैसे नंदी को
  969. 42:32उन्होंने नंदी बैल को उन्होंने पहलगांव पे
  970. 42:34छोड़ दिया। फिर वो और आगे गए तो उन्होंने
  971. 42:36चंद्रमा जो शीश पे धारण करते हैं उसको
  972. 42:39उन्होंने एक बड़ी ही फेमस वहां पे जगह है
  973. 42:41रास्ते में पड़ती है। वहां छोड़ दिया और
  974. 42:44फिर वो वहां जाके गुप्त गुफा में बैठ के
  975. 42:48उन्होंने उन्हें वृतांत पूरा का पूरा
  976. 42:50सुनाया। तो इसलिए अमरनाथ की यात्रा होती
  977. 42:52है। अब जब चंद्रमा को उन्होंने रास्ते में
  978. 42:55छोड़ा चंद्रमा की 16 कलाएं चंद्रमा इतने
  979. 42:59ल्यूमिनरी हैं इतनी रोशनी फैलाते हैं तो
  980. 43:01पूरा का पूरा मार्ग जो था वो चंद्र की
  981. 43:04एनर्जी या चंद्र की ऊर्जा से भर गया।
  982. 43:07ओके। सो जो लोग मानसिक रूप से थोड़ा
  983. 43:11परेशान होते हैं, डिप्रेशन में होते हैं,
  984. 43:14उन्हें मूड स्विंग्स बहुत होते हैं या
  985. 43:16जीवन में इनडसेसिव होते हैं, जल्दी घबरा
  986. 43:20जाते हैं सिचुएशन में। जिनका चंद्रमा
  987. 43:22बेसिकली कुंडली में पीड़ित होता है। अब
  988. 43:24पीड़ित होने का मतलब है चाहे वह राहु केतु
  989. 43:26एक्सिस में आ जाए। चाहे कोई मेलिफिक ग्रह
  990. 43:29जैसे मंगल शनि उसको देख रहा हो या उसके
  991. 43:31साथ कंजक्ट हो जो हमने बात की कि एडजेसेंट
  992. 43:34हाउसेस में बैठा है या ट्राइनल कनेक्शन से
  993. 43:36कनेक्टेड है किसी भी रूप में कनेक्टेड हो
  994. 43:38तो उसका चंद्रमा हम कहते हैं वीक हो गया
  995. 43:40या केमद्रूम योग में आ गया तब भी वीक हो
  996. 43:42गया तो जिन-जिन का चंद्रमा कमजोर होता है
  997. 43:45उनको अमरनाथ की यात्रा एक रेमेडी के तौर
  998. 43:47पर बताई जाती है कि आप जब उस मार्ग से
  999. 43:50जाएंगे तो चंद्रमा की ऊर्जा आप अपने अंदर
  1000. 43:53अब्सॉर्ब करेंगे और आपका चंद्रमा कुंडली
  1001. 43:55का स्ट्रांग हो जाएगा। ऐसा कहा जाता है।
  1002. 43:59लेकिन मैं साथ में यह भी बोलूंगी कि सिर्फ
  1003. 44:03मन से रिलेटेड आपके मानसिक जो चीजें हैं
  1004. 44:05उससे रिलेटेड वहां पे इलाज या रेमेडी एक
  1005. 44:08जैसा जिसमें बड़ी शांति मिलती है लोगों को
  1006. 44:11जाके मैं उसको बोलूंगी वो होता है। लेकिन
  1007. 44:14जो न्यूरो प्रॉब्लम्स हैं वो उसमें बुध का
  1008. 44:17भी एक योग है। चंद्रमा के साथ जब बुध भी
  1009. 44:19अफ्लिक्ट होते हैं तब न्यूरो प्रॉब्लम्स
  1010. 44:21होती हैं। तो बहुत सारे लोगों को यह
  1011. 44:23कंफ्यूजन रहता है कि मानसिक रूप से जो रोग
  1012. 44:26हैं वो क्या? एक हो गया कि आपको
  1013. 44:28साइकेट्रिस्ट के पास जाना है और एक होता
  1014. 44:30है आपको सिर्फ थेरेपी या काउंसलिंग से चल
  1015. 44:32जाएगा। सो मैं यहां उन लोगों की बात कर
  1016. 44:34रही हूं जिनको सिर्फ थेरेपी या काउंसलिंग
  1017. 44:36से चलेगा। मतलब उनका चंद्रमा सिर्फ कमजोर
  1018. 44:38है। जहां बुध आ जाता है वहां न्यूरो
  1019. 44:41प्रॉब्लम है। तो वहां अमरनाथ की यात्रा
  1020. 44:43उतना उनको फायदा नहीं देगी। पर हां
  1021. 44:45अदरवाइज आपको मोक्ष की प्राप्ति करनी है।
  1022. 44:48आपको मन की शांति चाहिए तो कोई भी यात्रा
  1023. 44:51इस प्रकार की हो और महादेव की हो तो और
  1024. 44:54अच्छा तो वो बहुत शुभ्र मानी जाती है।
  1025. 44:58आपको क्या लगता है? बस जाते-जाते एक यही
  1026. 45:00सवाल है कि राहुल गांधी की लीडरशिप में
  1027. 45:03कांग्रेस को आगे कोई फायदा अब मिलने वाला
  1028. 45:06है? राहुल गांधी जी का जो सबसे अच्छा समय
  1029. 45:09था वह खत्म हो चुका है। अब कई लोग तो कहते
  1030. 45:12हैं अभी तक आया ही नहीं है।
  1031. 45:13नहीं नहीं वो खत्म हो चुका है। अब तो वो
  1032. 45:16भारत में भी नजर आएंगे कि नहीं ये कहना
  1033. 45:18मुश्किल है।
  1034. 45:18देख लेकिन मैं मानती हूं देखिए ठीक है
  1035. 45:20सत्ता में भाजपा है मोदी जी हैं लेकिन एक
  1036. 45:23स्ट्रांग अपोजिशन होना भी तो बहुत
  1037. 45:24इंपॉर्टेंट है।
  1038. 45:25वो चेहरा कहीं आपको नजर आता है। वो
  1039. 45:27स्ट्रंग अपोजिशन क्योंकि जिस तरह से बंगाल
  1040. 45:29में दीदी की हार हुई है। तो वो चैनल नजर
  1041. 45:32नहीं आता अब तक क्योंकि मुझे लगता था शायद
  1042. 45:33ममता बनर्जी होंगी। चंद पहले चंद्रबाबू
  1043. 45:37नायडू लगते थे वो भी कोलीजन में आ गए।
  1044. 45:39नीतीश कुमार लगते थे वो भी बीजेपी नहीं
  1045. 45:42बहुत स्ट्रांग अपोजिशन जैसा चेहरा तो मुझे
  1046. 45:44नहीं दिखता है। लेकिन हां एक अपोजिशन
  1047. 45:46हमेशा रहेगा और राहुल गांधी नहीं मैं
  1048. 45:49प्रियंका गांधी को उस जगह देखती हूं कुछ
  1049. 45:51समय बाद तीन से चार साल बाद। लेकिन
  1050. 45:54स्ट्रांग नहीं कहूंगी क्योंकि तब तक
  1051. 45:56बीजेपी काफी मेजॉरिटी में ऑलरेडी 3/4 जो
  1052. 45:59स्टेट्स हैं भारत के वो कैप्चर कर चुका
  1053. 46:03होगा। तो कांग्रेस आपको लगता है कि पूरी
  1054. 46:05तरह से हर हर जगह से खत्म हो जाएगी। एव्री
  1055. 46:08स्टेट से ऑलमोस्ट ऑलमोस्ट कुछ स्टेट्स में
  1056. 46:11रह जाएगा और सिर्फ कांग्रेस ही नहीं और भी
  1057. 46:13बहुत सारी छोटी-छोटी पार्टीज हैं। तो कुछ
  1058. 46:15ना कुछ तो रहेगा। मैंने 3/4 कहा इसीलिए
  1059. 46:18क्योंकि 1/4 जो स्टेट्स हैं वो और बाकी
  1060. 46:20दूसरी पार्टीज जो अपोजिशन में हैं इसीलिए
  1061. 46:23मैंने कहा बहुत स्ट्रांग मुझे कोई नहीं
  1062. 46:25दिखता है।
  1063. 46:25हम
  1064. 46:27मैं तो आपसे यही जानना चाह रही थी कि जब
  1065. 46:29योगी जी सत्ता में आएंगे तब हमें उस वक्त
  1066. 46:32का अपोजिशन कौन देखने को मिल सकता है या
  1067. 46:35होगा ही नहीं योगी जी के हाथ
  1068. 46:36नहीं योगी जी के सामने इस समय अखिलेश जी
  1069. 46:38खड़े हैं। वो बिल्कुल रहेंगे और वो
  1070. 46:40बिल्कुल भी डिॉल्व नहीं हो रहे हैं। कि
  1071. 46:42पार्टी अभी डिॉल्व नहीं हो रही है और वो
  1072. 46:45उनकी जो दशाएं हैं, उनका जो जो चार्ट है
  1073. 46:48वो काफी स्ट्रांग है और इस समय तो काफी
  1074. 46:50अच्छी दशाएं भी हैं तो ही विल बी देयर
  1075. 46:53अपोजिशन में रहेंगे। क्या आप देखते हैं कि
  1076. 46:56जैसे हम हमारा देश एक लोकतांत्रिक देश है।
  1077. 46:59जी
  1078. 46:59तो आपको लगता है कि भविष्य में अगर योगी
  1079. 47:02जी एज अ प्राइम मिनिस्टर की हमें उनकी
  1080. 47:04सरकार देखने को मिलती है तो हमें एक
  1081. 47:05डिक्टेटरशिप भी देखने को मिल सकती है। सम
  1082. 47:08कुछ ऐसी परिस्थितियां? देखिए मैं
  1083. 47:11डिक्टेटरशिप जैसा शब्द नहीं यूज करूंगी।
  1084. 47:14लेकिन मुझे ऐसा पर्सनली लगता है। आपने भी
  1085. 47:17सुना होगा कि दुबई में इस तरीके के
  1086. 47:20स्ट्रिक्ट रूल्स हैं कि थोड़ा सा भी किसी
  1087. 47:22ने किसी के साथ कुछ गलत कर दिया। मैं
  1088. 47:25वुमेन सिक्योरिटी की ही अगर बात करूं तो
  1089. 47:28वहां पे बहुत स्ट्रिक्ट रूल्स हैं और बहुत
  1090. 47:30उनको जबरदस्त पनिशमेंट मिलता है। वेयर एस
  1091. 47:33हमारे देश में रेप केसेस हैं। इतना कुछ
  1092. 47:37होता है वुमेन के साथ। लेकिन अभी तक ऐसे
  1093. 47:40स्ट्रिक्ट रूल्स नहीं बने जिसमें सीधा आप
  1094. 47:43उनको जो है पेनल डेथ पेनल्टी दें।
  1095. 47:47सो मुझे ऐसा लगता है अगर वो डिक्टेटरशिप
  1096. 47:49आप उसे डिक्टेटरशिप कहें या स्ट्रिक्ट
  1097. 47:52रूल्स और नॉर्म्स को बनना कहें मैं तो
  1098. 47:54बोलूंगी शायद करप्शन उससे कम होगा। देश और
  1099. 47:56सुचारू रूप से चलेगा और हमारे देश को कहीं
  1100. 47:59ना कहीं थोड़े स्ट्रिक्ट रूल्स और
  1101. 48:01रेगुलेशंस लॉ एंड ऑर्डर की जरूरत तो है।
  1102. 48:04चलिए आज आपसे बातचीत इतनी की और इतने
  1103. 48:07विषयों पर आपसे जानने का मौका मिला और आप
  1104. 48:10आई अपना कीमती समय आपने धर्म के लिए
  1105. 48:13निकाला उसका आपका बहुत-बहुत आभार और
  1106. 48:14जाते-जाते मैं चाहती हूं कि आप दर्शकों के
  1107. 48:17लिए एक सुंदर सा संदेश जरूर दीजिए।
  1108. 48:20थैंक यू सो मच।
  1109. 48:22दर्शकों से मैं क्या कहूं? मैं पिछली बार
  1110. 48:25भी मैंने कहा था कि कलेक्टिव प्रेयर्स
  1111. 48:26करें। समय को तो हम नहीं बदल सकते। बिकॉज़
  1112. 48:29कोई भी ज्योतिषी हो जो यह बोले कि यह उपाय
  1113. 48:32कर लो और आपकी किस्मत रातोंरात बदल जाएगी।
  1114. 48:35ऐसा कुछ होता नहीं है। यह सबसे बड़ा भ्रम,
  1115. 48:38सबसे बड़ी भ्रांति है। बिकॉज़ मैं हमेशा यह
  1116. 48:41कहती हूं, आई एम जस्ट अ रीडर एंड नॉट अ
  1117. 48:42राइटर ऑफ योर डेस्टिनी। आई कैन नॉट राइट
  1118. 48:45इवन माय ओन डेस्टिनी। तो, मैं आपकी कैसे
  1119. 48:48लिख सकती हूं? सिर्फ इतना है ज्योतिष को
  1120. 48:50अगर आपको यूज करना है तो सिर्फ इसलिए यूज
  1121. 48:53करें कि आपके पथ में आगे क्या-क्या
  1122. 48:55ऑब्सकल्स हैं, क्या-क्या अड़चनें हैं
  1123. 48:57उन्हें जाने। जैसा कि अभी हम देश दुनिया
  1124. 48:59की बात कर रहे हैं। आपको दिख रहा है कि
  1125. 49:01क्या-क्या होने वाला है। तो अपने आप को
  1126. 49:02उसके लिए मेंटली फिजिकली फाइनशियली
  1127. 49:05प्रिपेयर करें और कलेक्टिव
  1128. 49:08प्रेयर करें। कलेक्टिव तरीके से पूजा
  1129. 49:11करें, प्रार्थना करें। सबके लिए सर्वे
  1130. 49:14सुखिन भवंतु। बस यही मैं कहना चाहूंगी।
  1131. 49:17चलिए इसी के साथ मुझे और आचार्य रीना
  1132. 49:20शर्मा जी को दोनों को अनुमति दीजिए। पुनः
  1133. 49:22मिलेंगे नए विषयों पर एक नया पडकास्ट फिर
  1134. 49:24से ले आएंगे। तब तक के लिए नमस्कार।
  1135. 49:27नमस्कार।
  1136. 49:42[संगीत]

About this transcript

This page contains the full transcript of 2026 के अंतिम 6 महीनों से जुड़ी कभी न भुलाने वाली Shocking Predictions ! Acharya Reena Sharma by Dharm Gyan, generated from the public captions YouTube serves with the video. The transcript has 8,929 words across 1,136 segments, with the original timestamps preserved so you can click any line to jump to that moment in the embedded player.

What you can do with it

Use the transcript to take notes, quote the speaker, build a study guide, generate a summary with ChatGPT or Claude via the YouTube Summary tool, or export it as a timed subtitle file with YouTube to SRT. You can also re-open it in the transcriber to choose a caption track available on the video.

Free YouTube transcript tool

YouTube2Text is a free YouTube transcript generator — no signup, no daily limit. Paste any YouTube link and get the full transcript instantly, with timestamps, click-to-jump, caption language selection, AI prompts for ChatGPT, Claude, and Gemini, and exports to TXT, SRT, VTT, or Markdown.